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गाड़ी पार्किंग की समस्या से छुटकारा: भोपाल में 18 माह में तैयार होगी नई हाइड्रोलिक पार्किंग

भोपाल 

एमपी के भोपाल शहर में पहली हाइड्रोलिक पार्किंग बनने जा रही है। शहर के सबसे व्यस्त बाजारों में से एक बिट्टन मार्केट में अब पार्किंग की समस्या से जल्द ही निजात मिलने वाली है। नगर निगम यहां पीपीपी मॉडल पर एक अत्याधुनिक हाइड्रोलिक पार्किंग बनाने की तैयारी में है, जिसका अनुमानित प्रोजेक्ट मूल्य 15-20 करोड़ तक होगा।

15 हजार वर्ग मीटर में बनने वाली यह पार्किंग करीब रोज पहुंचने वाले 1.5 लाख ग्राहकों को परेशानियों से मुक्त करने का काम करेगी। यह पार्किंग सब्जी हाट क्षेत्र में विकसित की जाएगी।

अभी है पार्किंग की समस्या

बिट्टन मार्केट में सब्जी हाट, कपड़े, इलेक्ट्रॉनिक्स और रोजमर्रा के सामान की खरीदारी के लिए भी शहरभर से लोग आते हैं। सामान्य दिनों में भी यह क्षेत्र वाहनों की पार्किंग से अटा रहता है, जिससे यहां अक्सर ट्रैफिक जाम की स्थिति बन जाती है। यहां सप्ताह में तीन दिन सब्जी हाट लगता है, जिसमें भारी भीड़ होती है। लोगों को अक्सर अपने वाहन सड़क किनारे या दूर-दराज की कॉलोनियों में खड़े करने पड़ते हैं, जिससे चोरी और यातायात बाधित होने का खतरा बना रहता है।

प्रोजेक्ट की समय-सीमा और तैयारी

-ईओआई (एक्सप्रेशन ऑफ इंटरेस्ट) जारी: अगले 15 दिन के भीतर। प्रारंभिक तौर पर दो कंपनियों ने इसमें रुचि दिखाई है।

-फाइनल प्रोपोजल: ईओआइ के बाद 50 दिन के भीतर तय होने की संभावना।

-डीपीआर (विस्तृत परियोजना रिपोर्ट): 100 दिन के अंदर बनकर तैयार होगा।

-अनुमति के लिए मंत्रालय को रिपोर्ट: अगले 4 माह में भेजी जाएगी।

-पार्किंग निर्माण: अधिकारियों का अनुमान है कि 18 माह में नई हाइड्रोलिक पार्किंग बनकर तैयार हो जाएगी।

क्या होती है हाइड्रोलिक पार्किंग

हाइड्रोलिक पार्किंग एक आधुनिक तकनीक है, जिसे मल्टी-लेवल कार पार्किंग सिस्टम भी कहा जाता है। इस तकनीक में हाइड्रोलिक लिफ्टों का इस्तेमाल करके वाहनों को एक के ऊपर एक या कम जगह में अधिक ऊंचाई पर पार्क किया जाता है। पारंपरिक पार्किंग की तुलना में कई गुना ज्यादा वाहन खड़ा करने की क्षमता रखती है।

यह परियोजना न केवल वर्तमान बल्कि भविष्य की आवश्यकताओं को भी ध्यान में रखकर बनाई जा रही है। सकती है। संस्कृति जैन, आयुक्त, निगम

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