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वापसी की हुंकार: विनेश फोगाट दोबारा लड़ेंगी दंगल, लक्ष्य—ओलंपिक 2028

नई दिल्ली 
दमदार रेस्लर विनेश फोगाट ओलंपिक गेम्स 2024 में मेडल जीतने से चूक गई थीं। इसके बाद उन्होंने राजनीति में कदम रखा और विधायक बनीं, लेकिन अब एक बार फिर से उन्होंने रेस्लिंग मैट पर लौटने का फैसला किया है। उन्होंने रेस्लिंग की दुनिया में वापसी का ऐलान भी कर दिया है। ओलंपिक गेम्स 2028 के लिए उन्होंने हुंकार भरी है। विनेश ने बताया है कि वह मैट से दूर गई थीं, लेकिन उसे कभी उन्होंने छोड़ा नहीं है। दिग्गज पहलवान आगे बताती हैं कि इस बार उनके लिए मोटिवेशन उनका बेटा भी है।
 
विनेश फोगाट ने अपने एक्स अकाउंट पर लिखा, “लोग पूछते रहे कि क्या पेरिस अंत था। बहुत समय तक, मेरे पास इसका जवाब नहीं था। मुझे मैट से, प्रेशर से, उम्मीदों से, यहां तक कि अपने सपनों से भी दूर जाने की जरूरत थी। सालों में पहली बार, मैंने खुद को सांस लेने दिया। मैंने अपने सफर के बोझ को समझने के लिए समय लिया – उतार-चढ़ाव, दिल टूटना, त्याग, मेरे वो रूप जिन्हें दुनिया ने कभी नहीं देखा और कहीं उस सोच में, मुझे सच मिला, मुझे अब भी यह खेल पसंद है। मैं अब भी मुकाबला करना चाहती हूं।”

तमाम मेडल जीत चुकीं विनेश आगे लिखती हैं, "उस खामोशी में, मुझे कुछ ऐसा मिला जिसे मैं भूल गई थी 'आग कभी खत्म नहीं होती'। यह सिर्फ थकान और शोर के नीचे दब गई थी। डिसिप्लिन, रूटीन, फाइट… यह सब मेरे सिस्टम में है। मैं कितना भी दूर चली जाऊं, मेरा एक हिस्सा मैट पर बना रहा। तो हां, मैं यहां हूं, LA28 की ओर एक ऐसे दिल के साथ जो निडर है और एक ऐसी भावना जो झुकने से मना करती है और इस बार, मैं अकेली नहीं चल रही हूं, मेरा बेटा मेरी टीम में शामिल हो रहा है, मेरा सबसे बड़ा मोटिवेशन, LA ओलंपिक्स के इस रास्ते पर मेरा छोटा चीयरलीडर।"

क्या हुआ था ओलंपिक गेम्स 2024 में उनके साथ?
पेरिस में हुए ओलंपिक गेम्स 2024 में विनेश फोगाट ने एक ही दिन में तीन कुश्ती जीती थीं और वह फाइनल में पहुंच गई थीं। अगले दिन फाइनल होना था, लेकिन इससे पहले खबर आती है कि विनेश फोगाट का वजन थोड़ा सा ज्यादा है। ओवरवेट होने की वजह से वह फाइनल में नहीं खेलेंगी और उनको कोई भी मेडल भी नहीं मिलेगा। भारत ने और विनेश फोगाट ने खूब कोशिश की, खेल पंचाट तक मामला गया, लेकिन ओवरवेट की वजह से वह खाली हाथ लौटीं। 

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