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‘समृद्धि यात्रा’ में बालू से बनी अपनी तस्वीर देख मुस्कुराए CM नीतीश कुमार

छपरा.

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार  समृद्धि यात्रा के दौरान बुधवार को छपरा पहुंचे। जहां सदर प्रखंड परिसर में विकास की एक जीवंत झलक देखने को मिली। हेलीकॉप्टर से सुबह 10:56 बजे छपरा हवाई अड्डा पर उतरने के बाद मुख्यमंत्री सड़क मार्ग से सदर प्रखंड पहुंचे।

उनके साथ उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी भी मौजूद थे। पूरे कार्यक्रम के दौरान विकास, रोजगार और महिला सशक्तिकरण की झलक हर कदम पर दिखाई दी। सदर प्रखंड परिसर में पहुंचते ही मुख्यमंत्री ने विभिन्न विभागों द्वारा लगाए गए विकासात्मक स्टॉलों का निरीक्षण किया। जीविका, शिक्षा, स्वास्थ्य, ऊर्जा, ग्रामीण सड़क, सामाजिक सुरक्षा, जिला निबंधन एवं परामर्श केंद्र, सामाजिक सुरक्षा कोषांग सहित कई विभागों ने अपने-अपने कार्यों और उपलब्धियों को प्रदर्शित किया था। निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री ने आम लोगों की ओर हाथ जोड़कर अभिवादन किया, जिससे वातावरण आत्मीय हो उठा।

दीदी का सिलाई घर का उद्घाटन, मुंह से निकला-वाह, बहुत सुंदर
निरीक्षण के क्रम में मुख्यमंत्री ने राधे कृष्ण जीविका महिला संकुल संघ द्वारा संचालित दीदी का सिलाई घर प्रशिक्षण सह उत्पादन केंद्र का फीता काटकर उद्घाटन किया। जैसे ही वे प्रशिक्षण केंद्र के भीतर पहुंचे, सुव्यवस्थित व्यवस्था और महिलाओं के कामकाज को देखकर उनके मुंह से सहज ही निकल पड़ा-वाह, बहुत सुंदर! मुख्यमंत्री की यह प्रतिक्रिया वहां मौजूद जीविका दीदियों के लिए उत्साह और गर्व का क्षण बन गई।

भोजपुरी संवाद और महिलाओं का आत्मविश्वास
उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने प्रशिक्षण केंद्र में लगे बैनर को पढ़कर मुख्यमंत्री को योजनाओं की जानकारी दी। इस दौरान मुख्यमंत्री ने जीविका दीदी पम्मी देवी से कहा, अच्छी तरह से काम कीजिए। वहीं चंपा देवी ने भोजपुरी में मुख्यमंत्री से संवाद करते हुए कहा, बहुत अच्छा लगता बा, हमनी के रोजगार मिलल बा। यह संवाद केवल शब्द नहीं था, बल्कि ग्रामीण महिलाओं के आत्मविश्वास और बदली जिंदगी की कहानी कह रहा था।

57 मशीनें, रोजगार की मजबूत नींव
इस सिलाई घर सह उत्पादन केंद्र में कुल 57 मशीनें लगाई गई हैं, जिन पर महिलाएं नियमित रूप से काम कर रही हैं। खास बात यह है कि यहां काम करने वाली सभी महिलाओं को हाल ही में मुख्यमंत्री रोजगार योजना के तहत 10-10 हजार रुपये की सहायता राशि भी मिली है। जीविका के संचार प्रबंधक दीपक कुमार ने बताया कि 57 मशीनों में दो स्टिच मशीन और दो बटन लगाने की विशेष मशीनें शामिल हैं।

आंगनबाड़ी बच्चों के लिए लाखों पोशाकें तैयार होंगी
दीपक कुमार ने जानकारी दी कि जीविका और आईसीडीएस के बीच एमओयू पर हस्ताक्षर हो चुके हैं। इसके तहत सारण जिले के आंगनबाड़ी केंद्रों के बच्चों के लिए मार्च तक 1 लाख 95 हजार पोशाकें सिलकर तैयार की जाएंगी। कपड़ा मफतलाल कंपनी द्वारा उपलब्ध कराया है और उसी कंपनी के अनुभवी कारीगर जीविका दीदियों को कपड़ा काटने व सिलाई की प्रशिक्षण देंगे।

महिलाओं के बच्चों और भोजन की भी व्यवस्था
छपरा सदर सिलाई घर की कोऑर्डिनेटर सोनिया ने बताया कि यहां काम करने आने वाली महिलाओं के छोटे बच्चों की देखभाल के लिए पालना घर की व्यवस्था की गई है। इसके साथ ही महिलाओं के भोजन के लिए जीविका दीदी की रसोई भी संचालित की जा रही है, ताकि कार्य के दौरान उन्हें किसी प्रकार की असुविधा न हो।

हर प्रखंड में खुलेंगे दो-दो सिलाई घर
जिला कोऑर्डिनेटर अभिषेक श्रीवास्तव ने बताया कि जिले के हर प्रखंड में दो-दो सिलाई घर खोले जाएंगे। साथ ही सरकारी विद्यालयों में पढ़ने वाले बच्चों के लिए पोशाक सिलाई को लेकर भी एमओयू पर हस्ताक्षर की प्रक्रिया की जाएगी।

बालू से बनी मुख्यमंत्री की आकृति बनी आकर्षण का केंद्र
परिसर में सैंड आर्टिस्ट अशोक कुमार द्वारा बालू से बनाई गई मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की आकृति भी लोगों के आकर्षण का केंद्र रही। मुख्यमंत्री ने आकृति को देखकर सराहना की और स्वयं कलाकार से मुलाकात की। उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने भी मुख्यमंत्री का ध्यान आकृति की ओर आकृष्ट किया, जिसे देखकर मुख्यमंत्री मुस्कुरा उठे।

करोड़ों की योजनाओं की सौगात
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने जिले के लिए 450.30 करोड़ रुपये की 45 योजनाओं का शिलान्यास और 86.50 करोड़ रुपये की 24 योजनाओं का उद्घाटन किया। प्रधान सचिव प्रत्यय अमृत ने मुख्यमंत्री को प्रगति से समृद्धि तक और सात निश्चय से संबंधित लगाए गए पोस्टरों की जानकारी भी दी।

आयुक्त, डीएम व एसएसपी थे मौजूद
इस दौरान कार्यक्रम के दौरान जिलाधिकारी, वरीय पुलिस अधीक्षक विनीत कुमार सहित जिला प्रशासन के कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

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