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CM योगी आदित्यनाथ और RSS के 3 दर्जन से ज्यादा पदाधिकारियों के बीच बंद कमरे में हुई गहरी बातचीत

लखनऊ 

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने  राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के पदाधिकारियों के साथ बैठक की। बताया जा रहा है कि ढाई घंटे तक चली इस बैठक में सरकार और संघ के बीच समंवय व आगामी विधानसभा चुनाव की तैयारियों को लेकर चर्चा हुई। सीएम ने संघ के अधिकारियों से सरकार का फीडबैक लिया। साथ ही संघ पदाधिकारियों के सुझाव भी जाने।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का स्टेट प्लेन गुरुवार सुबह करीब सवा 11 बजे हिंडन एयरबेस पर उतारा। सीएम का काफिला सड़क मार्ग से दोपहर पौने 12 बजे नेहरू नगर स्थित सरस्वती विद्या मंदिर पहुंचा। जहां मुख्यमंत्री ने आरएसएस की दृष्टि से मेरठ प्रांत (मेरठ, मुरादाबाद व सहारनपुर मंडल) के तीन दर्जन से अधिक अधिकारियों के साथ बंद कमरे में करीब ढाई घंटे तक चर्चा की। मुख्यमंत्री ने बैठक के बाद संघ पदाधिकारियों के साथ भोजन भी किया।

क्या-क्या सुझाव दिए गए
बताया जा रहा है कि मुख्यमंत्री ने इस दौरान संघ के पदाधिकारियों से सरकार का फीडबैक लिया। संघ के अधिकारियों ने अपने फीडबैक के अलावा सरकार के कामकाज को लेकर कुछ सुझाव भी दिए। प्रमुख सुझावों में सरकारी अस्पतालों व स्कूलों में आधारभूत ढांचे को और मजबूत करना व मानव संसाधन बढ़ाना रहा। कुछ पदाधिकारियों ने थानों में भष्ट्राचार को रोकने के लिए और प्रभावी अंकुश लगाने का सुझाव भी दिया। लोनी को लेकर भी चर्चा हुई। कहा गया कि लोनी में सड़कों की हालात सुधारने की आवश्यकता है।

सड़कों का भी उठा मुद्दा
संघ अधिकारियों ने कहा हर घर जल योजना के तहत खुदाई से गांवों की सड़कें खराब हो गई हैं। इन सड़कों को तुरंत ठीक किया जाए। मेरठ में सेंट्रल मार्केट का मुद्दा भी बैठक में उठा। मुख्यमंत्री दोपहर करीब ढाई बजे वायु मार्ग से नोएडा के लिए रवाना हुए। मुख्यमंत्री ने पिछले साल अप्रैल में सरस्वती विद्या मंदिर में भी संघ पदाधिकारियों के साथ बैठक की थी।

40 पदाधिकारी रहे मौजूद
सूत्रों का कहना है कि मुख्यमंत्री सरकार का फीडबैक व सुझाव लेने के लिए भविष्य में भी संघ के अधिकारियों के साथ समंवय बैठक करते रहेंगे। मुख्यमंत्री के साथ समंवय बैठक में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी, प्रदेश संगठन मंत्री धर्मपाल सिंह, क्षेत्र संघचालक सूर्यप्रकाश टोंक, क्षेत्र प्रचारक महेंद्र और प्रांत प्रचारक अनिल समेत करीब 40 पदाधिकारी मौजूद रहे।

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