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अनुभव की विरासत को सलाम, यूपी में शतायु बुजुर्गों और वरिष्ठ अचीवर्स का हुआ सम्मान

अनुभव की विरासत को सम्मान, शतायु बुजुर्गों का बढ़ा मान

अंतरराष्ट्रीय वृद्धजन दिवस पर समाज कल्याण विभाग का विशेष समारोह, 3 शतायु और 4 वरिष्ठ अचीवर्स सम्मानित

योगी सरकार में वरिष्ठजनों के सम्मान और संरक्षण को मिल रही नई मजबूती

स्वास्थ्य, सुरक्षा, सामाजिक संरक्षण और पेंशन जैसी सुविधाओं के साथ बुजुर्गों के सम्मान को प्राथमिकता

लखनऊ
 अंतरराष्ट्रीय वृद्धजन दिवस पर योगी सरकार ने वरिष्ठजनों के सम्मान और सामाजिक संरक्षण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई। समाज कल्याण विभाग, हेल्पेज इंडिया और वरिष्ठ नागरिक महासमिति के संयुक्त तत्वावधान में गोमती नगर स्थित भागीदारी भवन में आयोजित समारोह में 100 वर्ष की आयु पूरी कर चुके तीन वरिष्ठजनों को शतायु सम्मान और समाज में रचनात्मक योगदान दे रहे चार वरिष्ठजनों को ‘सीनियर अचीवर्स सम्मान’ प्रदान किया गया।

100 साल की उम्र पूरी करने वालों को शतायु सम्मान

समारोह के मुख्य अतिथि समाज कल्याण राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) असीम अरुण ने लल्ली देवी, रानी कपूर और सेवानिवृत्त न्यायाधीश कमलेश्वर नाथ को शतायु सम्मान से सम्मानित किया। वहीं विनोद कुमार शुक्ल, ललित सिंह पोखरिया, इतिहासकार एवं लेखक डॉ. रवि भट्ट और डॉ. किशन वीर सिंह शाक्य को सीनियर अचीवर्स सम्मान मिला।

वरिष्ठजनों के अनुभव से समृद्ध होता है समाज

मंत्री असीम अरुण ने कहा कि वरिष्ठजन अनुभव, संस्कार और जीवन मूल्यों की अमूल्य धरोहर हैं। उनके अनुभव और आशीर्वाद से समाज समृद्ध होता है। बुजुर्गों का सम्मान केवल जिम्मेदारी नहीं, बल्कि जीवनशैली का हिस्सा बनना चाहिए। योगी सरकार वरिष्ठजनों के स्वास्थ्य, सुरक्षा, सम्मान और सामाजिक संरक्षण के लिए लगातार कार्य कर रही है।

केयर इकोनॉमी को रोजगार से जोड़ने पर जोर

मंत्री ने बताया कि बुजुर्गों की देखभाल के लिए प्रशिक्षित देखभालकर्ताओं की उपलब्धता बढ़ाने की दिशा में केयर इकोनॉमी को रोजगार और सामाजिक सुरक्षा से जोड़ा जा रहा है। वरिष्ठ नागरिकों के कल्याण के लिए माता-पिता एवं वरिष्ठ नागरिकों का भरण-पोषण तथा कल्याण अधिनियम और राष्ट्रीय वृद्धावस्था पेंशन योजना संचालित हैं। प्रदेश के सभी 75 जनपदों में एसडीएम की अध्यक्षता में भरण-पोषण अधिकरण गठित हैं।

युवाओं ने लिया बुजुर्गों के सम्मान का संकल्प

कार्यक्रम में समाज कल्याण विभाग के वृद्धाश्रमों की सुविधाओं पर डॉक्युमेंट्री दिखाई गई। सीएमएस, आरडीएसओ शाखा के बच्चों ने अपने मां-बाप का तू दिल न दुखा गीत पर सांस्कृतिक प्रस्तुति दी। युवाओं ने वरिष्ठजनों के सम्मान का संकल्प लिया। इस दौरान निदेशक समाज कल्याण संजीव सिंह, हेल्पेज इंडिया के स्टेट हेड अनूप पंत, अनुसूचित जाति/जनजाति आयोग के अध्यक्ष बैजनाथ रावत, संयुक्त निदेशक आरपी सिंह, जिला समाज कल्याण अधिकारी अनामिका सिंह समेत अन्य अधिकारी मौजूद रहे।

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