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‘वोकल फॉर लोकल’ का दिया संदेश, पंडरी बाजार में स्थानीय विक्रेताओं से खरीदे मिट्टी के दीये

रायपुर

दीपावली का पर्व घरों को रोशन करने के साथ दूसरों के जीवन में खुशियां लाने का भी अवसर है। इसी भावना को साकार करते हुए प्रदेश के राजस्व एवं उच्च शिक्षा मंत्री  टंक राम वर्मा ने आज राजधानी रायपुर के पंडरी बाजार में स्थानीय विक्रेताओं से मिट्टी के दीये खरीदकर ‘वोकल फॉर लोकल’ का संदेश दिया। उन्होंने प्रदेशवासियों से अपील की कि दीपावली पर स्थानीय कारीगरों, कुम्हारों और छोटे व्यापारियों के उत्पादों को प्राथमिकता देकर उनकी आजीविका को मजबूत बनाने में सहभागी बनें।
         मंत्री  वर्मा ने कहा कि प्रधानमंत्री  नरेंद्र मोदी के ‘वोकल फॉर लोकल’ और आत्मनिर्भर भारत के संकल्प को साकार करने में प्रत्येक नागरिक की महत्वपूर्ण भूमिका है। जब हम स्थानीय उत्पाद खरीदते हैं, तो केवल वस्तु नहीं, बल्कि उसके पीछे जुड़ी मेहनत, हुनर और परिवार की उम्मीदों को भी सम्मान देते हैं। हमारी छोटी-सी खरीदारी किसी जरूरतमंद परिवार के लिए त्योहार की बड़ी खुशी बन सकती है।

मंत्री  वर्मा ने कहा कि मिट्टी के दीये भारतीय संस्कृति, परंपरा और प्रकृति से जुड़ाव के प्रतीक हैं। दीपावली पर इनका उपयोग हमारी सांस्कृतिक विरासत को जीवंत बनाए रखने के साथ पारंपरिक कुम्हार व्यवसाय को प्रोत्साहित करता है। स्थानीय शिल्पकारों के हाथों से तैयार वस्तुओं में छत्तीसगढ़ की लोककला और मिट्टी की खुशबू समाहित है।

 राजस्व मंत्री  वर्मा ने कहा कि मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार पारंपरिक कला, हस्तशिल्प और ग्रामीण आजीविका को प्रोत्साहित करने के लिए निरंतर प्रयासरत है। स्थानीय वस्तुओं की मांग बढ़ने से छोटे व्यवसायियों को आर्थिक संबल मिलेगा और आत्मनिर्भर छत्तीसगढ़ के निर्माण को गति मिलेगी। कुम्हार और छोटे दुकानदार त्योहारों के दौरान अच्छी बिक्री की उम्मीद रखते हैं। ऐसे में समाज के प्रत्येक वर्ग को उनकी मेहनत का सम्मान करते हुए स्थानीय बाजारों से खरीदारी करनी चाहिए। उन्होंने विशेष रूप से युवाओं और परिवारों से मिट्टी के दीये, पूजा सामग्री, सजावटी वस्तुएं तथा हस्तशिल्प उत्पाद खरीदने का आग्रह किया।

प्रदेशवासियों को दीपावली की हार्दिक शुभकामनाएं देते हुए मंत्री  वर्मा ने कहा कि इस पर्व पर हम सभी संकल्प लें कि अपने घर के साथ मेहनतकश परिवारों के जीवन में भी खुशियों का उजाला फैलाएंगे। उन्होंने कहा कि इस दीपावली जलने वाला हर मिट्टी का दीया केवल हमारे घर को रोशन न करे, बल्कि उसे बनाने वाले कुम्हार के घर में भी समृद्धि और खुशहाली लेकर आए। यही ‘वोकल फॉर लोकल’ की सच्ची भावना और दीपावली का सार्थक संदेश है।

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