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एमपी कर्मचारियों का वेतन बढ़ेगा, 3 हजार से लेकर 5 हजार तक बढ़ोतरी का प्रस्ताव कैबिनेट में भेजा

भोपाल 

एमपी के कर्मचारियों, अधिकारियों को जल्द ही बड़ी सौगात मिलेगी। उनके वेतन में 5 हजार तक की बढ़ोत्तरी होगी। प्रदेश के शिक्षा विभाग के अमले को यह लाभ मिलेगा। विभाग के टीचर्स के साथ सहायक संचालक स्तर के अधिकारियों तक के वेतन में इजाफा होगा। चतुर्थ समयमान-क्रमोन्नत वेतनमान (Fourth time-scale-based promotional pay scale) मिलने से उन्हें यह लाभ प्राप्त होगा। स्कूल शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने बताया चौथे समयमान वेतनमान संबंधी प्रस्ताव अंतिम रूप से तैयार कर कैबिनेट की मंजूरी के लिए भेज दिया है।

शिक्षा विभाग में 35 वर्ष की सेवा पूरी कर चुके टीचर्स व अन्य संवर्गों को इसका लाभ मिलेगा। अनुमान के मुताबिक विभाग के करीब सवा लाख कर्मचारियों को चौथे समय मान वेतनमान का लाभ मिलेगा। ये सभी टीचर्स, कर्मचारी, अधिकारी पिछले 3 साल से इसका इंतजार कर रहे हैं।
कैबिनेट में मंजूरी के लिए भेज दिया

स्कूल शिक्षा विभाग के उपसचिव कमल सिंह सोलंकी के अनुसार पात्र टीचर्स, हेड मास्टर, प्रिंसीपल व अन्य अधिकारियों को चौथा समयमान-क्रमोन्नत वेतनमान देने का प्रस्ताव है। इसे कैबिनेट में मंजूरी के लिए भेज दिया गया है।

शिक्षा विभाग के प्राइमरी, मिडिल व अन्य टीचर्स, लेक्चरर्स, प्रिंसीपल्स और सहायक संचालक स्तर के ऐसे अधिकारियों को चौथा समयमान वेतनमान मिलेगा जिनके विभाग में 35 साल पूरे हो चुके हैं। बता दें कि स्कूल शिक्षा विभाग में सीधी भर्ती के लेक्चरर्स और प्रिंसीपल्स को यह लाभ मिल चुका है लेकिन पदोन्नत होकर आए टीचर्स और अन्य अधिकारी इससे वंचित हैं।
कम से कम 3 हजार रुपए और अधिकतम 5 हजार रुपए का लाभ

मध्यप्रदेश शिक्षक संघ के प्रदेश अध्यक्ष क्षत्रवीर सिंह राठौर बताते हैं कि चतुर्थ समयमान लागू होने से टीचर्स को हर महीने कम से कम 3 हजार रुपए और अधिकतम 5 हजार रुपए का लाभ होगा। शिक्षा विभाग के उपसचिव कमल सिंह सोलंकी के अनुसार चौथे समयमान वेतनमान से विभाग पर करीब 312 करोड़ रुपए का आर्थिक भार आएगा। कैबिनेट की अनुमति मिलते ही इसके आदेश जारी कर दिए जाएंगे। पात्र टीचर्स व अधिकारियों के वेतन में बढ़ोतरी शुरू हो जाएगी।

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