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106 नक्सलियों ने किया आत्मसमर्पण, छत्तीसगढ़ में सुरक्षा बलों को बड़ी सफलता

रायपुर 
भारत में नक्सलवाद को खत्म करने की कोशिश में सुरक्षाबलों को बड़ी कामयाबी मिली है। छत्तीसगढ़ के अलग-अलग जिलों में कुल 106 नक्सलियों ने सरेंडर किया है। इन सभी पर कुल 3.95 करोड़ रुपए का इनाम था।

इन सभी नक्सलियों ने छत्तीसगढ़ के अलग-अलग जिलों में सक्रिय थे। बीजापुर के 37, नारायणपुर के 4, बस्तर के 16, कांकेर से 3 और सुकमा से 18, दंतेवाड़ा से 30 नक्सलियों ने सरेंडर किया है। इन सभी के सिर पर कुल लगभग 4 करोड़ रुपए का इनाम था और ये नक्सली अलग-अलग रैंक पर तैनात थे।

 छत्तीसगढ़ में 3.95 करोड़ रुपये के इनामी 106 नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया है। इनमें बीजापुर और दंतेवाड़ा के 67 नक्सली भी शामिल हैं। रैंक की बात करें तो बीजापुर में डीवीसीएम रैंक के तहत दो नक्सली, पीपीसीएम रैंक में 4, एसीएम में 9 और पीएम रैंक वाले 22 नक्सलियो ने सरेंडर किया है। कुल 37 नक्सलियों पर 106 लाख रुपये का इनाम रखा गया था। नारायणपुर में डीवीसीएम रैंक के तहत एक नक्सली, सीवाईपीसीएम का एक, पीपीसीएम का एक और पीएम रैंक वाले दो नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया है। इन पर 22 लाख रुपये का इनाम रखा गया था। 

बस्तर में डीवीसीएम रैंक का 1, पीपीसीएम के पांच, एसीएम के तीन और पीएम रैंक वाले सात नक्सलियों ने सरेंडर किया है। कुल 16 नक्सलियों पर 99 लाख रुपये का इनाम है। कांकेर में डीवीसीएम रैंक का एक, एसीएम और पीएम रैंक में एक एक नक्सली ने सरेंडर किया है। कुल तीन नक्सलियों पर 14 लाख रुपये का इनाम रखा गया था। 

सुकमा में सीवाईपीसीएम रैंक वाले दो, पीपीसीएम रैंक में छह, एसीएम में पांच पीएम रैंक में 18 नक्सलियों ने सरेंडर किया है। इन सभी पर 85 लाख रुपये का इनाम रखा गया है। दंतेवाड़ा में डीवीसीएम का एक, पीपीसीएम में दो, एसीएम में पांच और पीएम रैंक में 22 नक्सलियों का सरेंडर हुआ है। इन पर 69 लाख रुपये का इनाम था। 

क्या है सरकार का लक्ष्य
बता दें कि भारत सरकार ने साल 2026 में देश से नक्सलवाद को खत्म करने का लक्ष्य रखा है। इस दौरान पिछले कुछ महीनों सैकड़ों नक्सलियों को एनकाउंटर में ढेर कर दिया गया और इस दौरान हजारों नक्सलियों ने सरेंडर भी किया है। सरेंडर करने की इसी कड़ी में बुधवार को 106 नक्सलियों ने सुरक्षाबलों के सामने सरेंडर कर दिया।

 

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