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उन्नाव रेप पीड़िता की याचिका पर दिल्ली हाईकोर्ट की सुनवाई स्थगित, 28 मार्च तय हुई नई तारीख

नई दिल्ली दिल्ली हाईकोर्ट ने उन्नाव दुष्कर्म पीड़िता की ओर से दायर उस याचिका पर सुनवाई टाल दी है, जिसमें उसने अपने पिता की हिरासत में हुई मौत के मामले में दोषियों की सजा बढ़ाने की मांग की है। इस याचिका में मुख्य आरोपी और पूर्व विधायक कुलदीप सिंह सेंगर समेत अन्य आरोपियों की सजा बढ़ाने की अपील की गई है। मामले की सुनवाई के दौरान अदालत ने संबंधित पक्ष को जवाब दाखिल करने के लिए अतिरिक्त समय देने की अनुमति दे दी। कोर्ट ने कहा कि संबंधित पक्षों को अपना जवाब दाखिल करने के लिए और समय दिया जाता है। अदालत ने मामले की अगली सुनवाई 28 मार्च के लिए तय कर दी है। उन्नाव रेप पीड़िता ने कोर्ट में याचिका दाखिल कर अपने पिता की कथित हिरासत में मौत के मामले में दोषियों के खिलाफ सजा बढ़ाने की मांग की है। पीड़िता के मुताबिक कहा गया है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए दोषियों को कड़ी सजा दी जानी चाहिए। उन्नाव दुष्कर्म मामले में पीड़िता के परिवारवालों ने अब दिल्ली हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया है।  पीड़िता ने अपने पिता की कथित पुलिस हिरासत में मौत के मामले में दोषी करार दिए गए पूर्व विधायक कुलदीप सिंह सेंगर की सजा बढ़ाने की मांग की है। निचली अदालत ने पीड़िता के पिता की मौत मामले में सेंगर को गैर इरादतन हत्या का दोषी ठहराते हुए 10 वर्ष की सजा सुनाई थी और उस पर 10 लाख रुपए का जुर्माना भी लगाया गया था। निचली अदालत ने अपने फैसले में कहा था कि परिवार के इकलौते कमाने वाले सदस्य की मौत के मामले में किसी भी प्रकार की नरमी नहीं बरती जा सकती। हालांकि, पीड़िता का पक्ष है कि यह सजा अपराध की गंभीरता के अनुरूप नहीं है और इसे बढ़ाया जाना चाहिए।

शक्ति संवाद कार्यक्रम में हुआ मेंटल हेल्थ और सायको सोशल वेलबीइंग पर एमओयू

भोपाल  वो शक्ति हैं, सशक्त हैं, वो भारत की नारी हैं… न कम हैं, न ज़्यादा हैं, वो सब में बराबरी की अधिकारी हैं।” प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के इस विचार को उद्धृत करते हुए राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष  विजया रहाटकर ने कहा कि आज का भारत महिलाओं की शक्ति, क्षमता और नेतृत्व से नई दिशा प्राप्त कर रहा है।  रहाटकर भोपाल में आज रवीन्द्र भवन में “शक्ति संवाद” कार्यक्रम को सम्बोधित कर रहीं थी। कार्यक्रम में महिला सशक्तिकरण, सरकारी नीतियों, सामाजिक पहलों और महिलाओं के मानसिक स्वास्थ्य व समग्र कल्याण से जुड़े विभिन्न विषयों पर विस्तृत चर्चा हुई।  विजया रहाटकर ने कहा कि राष्ट्रीय महिला आयोग महिलाओं की समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए देशभर में “आयोग आपके द्वार” के तहत जनसुनवाई कार्यक्रम आयोजित कर रहा है, ताकि किसी भी महिला को न्याय मिलने में देरी न हो। उन्होंने बताया कि इस पहल की पहली जनसुनवाई भोपाल से प्रारंभ हुई थी और आज सौवीं जनसुनवाई भी भोपाल में आयोजित होना इस शहर के लिए विशेष महत्व रखता है। उन्होंने कहा कि भारत की बदलती तस्वीर में महिलाओं की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है और यह परिवर्तन केवल व्यक्तिगत नहीं बल्कि नीतिगत और योजनाओं के समन्वित प्रयासों का परिणाम है। उन्होंने महिलाओं के अधिकारों को सशक्त करने के लिए किए गए कानूनी सुधारों का भी उल्लेख किया।  रहाटकर ने बताया कि हाल के वर्षों में 4 नए श्रम कानून लागू किए गए हैं, जिनमें महिलाओं के हितों का विशेष ध्यान रखा गया है। इसमें महिलाएँ सुरक्षा के साथ नाइट शिफ्ट कार्य भी कर सकती हैं। साथ ही समान वेतन की भी हकदार होंगी। साथ ही लोकसभा और विधानसभा में महिलाओं के प्रतिनिधित्व को बढ़ाने के लिए “शक्ति वंदन” अधिनियम के माध्यम से लगभग 33 प्रतिशत आरक्षण का प्रावधान किया गया है।  रहाटकर ने तकनीक और नवाचार की भूमिका पर भी जोर देते हुए कहा कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का सकारात्मक उपयोग महिलाओं के कौशल विकास, स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता और उद्यमशीलता को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है। महिलाओं के लिए विशेष एआई आधारित प्रशिक्षण कार्यक्रम तैयार किए जा रहे हैं, ताकि वे अपने व्यवसाय और लक्ष्यों को नई ऊँचाइयों तक ले जा सकें। राष्ट्रीय महिला आयोग विभिन्न क्षेत्रों में कार्य कर रही महिलाओं को एआई प्रशिक्षण देकर सशक्त किया जा रहा है। आयुक्त महिला एवं बाल विकास विभाग  निधि निवेदिता ने कहा कि भारत का संविधान महिलाओं को समान अधिकार और सम्मान प्रदान करता है। उन्होंने मध्यप्रदेश में महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा संचालित लाड़ली लक्ष्मी योजना, लाड़ली बहना योजना, महिला सुरक्षा के लिए वन स्टॉप सेंटर और महिला हेल्पलाइन के संबंध में विस्तृत जानकारी दी कि इन योजनाओं से महिलाओं और बालिकाओं के सशक्तिकरण, सुरक्षा और आत्मनिर्भरता की दिशा में निरंतर कार्य किया जा रहा है। महिला सुरक्षा शाखा के स्पेशल डीजी  अनिल कुमार ने कहा कि परिवार समाज की मूल इकाई है और जब परिवार में मनमुटाव या असंतुलन उत्पन्न होता है तो परिस्थितियाँ गंभीर हो जाती हैं। उन्होंने कहा कि समाज में कई बार लोग गलत को गलत कहना बंद कर देते हैं, जिससे समस्याएँ बढ़ती हैं। शिकायत यदि सही समय पर और सही स्थान पर की जाए तो सत्य स्वयं सामने आ जाता है और न्याय त्वरित मिलता है। कार्यक्रम में सैनिक परिवारों के कल्याण से जुड़े विषयों पर भी विशेष चर्चा हुई। मध्यप्रदेश राज्य महिला आयोग ने आर्मी वाइव्स वेलफेयर एसोसिएशन के साथ मिलकर आर्मी पर्सनल की पत्नियों और वीर नारियों के लिए आर्थिक और सामाजिक सहयोग की योजनाएँ संचालित करने की पहल की है। इसके अंतर्गत आर्मी कैंट क्षेत्र में “तेरे मेरे सपने” केंद्र स्थापित करने का प्रस्ताव रखा गया है, जहाँ सैनिक परिवारों की महिलाओं के लिए कौशल विकास, सामाजिक सहयोग और वित्तीय समन्वय से जुड़े कार्यक्रम संचालित किए जाएंगे। राज्य महिला आयोग के सचिव  सुरेश तोमर ने बताया कि जल्द ही झाबुआ में सायबर वेलबीइंग सेन्टर खोला जाएगा। उन्होंने बताया कि समाज में फैली कुप्रथाओं को चिन्हांकित कर इसके समाधान और कानून के लिए लॉ यूनिवर्सिटी के साथ कार्य किया जा रहा है। कार्यक्रम में समाज के विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय योगदान देने वाली महिलाओं का सम्मान भी किया गया। इस अवसर पर महिलाओं और बालिकाओं के मानसिक स्वास्थ्य तथा साइको-सोशल वेलबीइंग को सुदृढ़ करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल करते हुए मध्यप्रदेश राज्य महिला आयोग और स्काई सोशल संस्था के बीच एक एमओयू पर हस्ताक्षर किए गए। इसके माध्यम से राज्य में मानसिक स्वास्थ्य जागरूकता, परामर्श और सहायता से जुड़े कार्यक्रम संचालित किए जाएंगे।  

दिल्ली सरकार के कामकाज पर सीएम रेखा गुप्ता बोलीं – तरनजीत सिंह संधू के नेतृत्व में आगे बढ़ेंगे

नई दिल्ली दिल्ली के नए उपराज्यपाल के तौर पर बुधवार को तरनजीत सिंह संधू ने पदभार ग्रहण किया। इस दौरान दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि भाजपा सरकार उपराज्यपाल के नेतृत्व में काम करेगी। सीएम रेखा गुप्ता ने कहा कि मैं दिल्ली के विकास को तेज करने में मदद करने के लिए आपका दिल्ली में स्वागत करती हूं। हमें पूरा भरोसा है कि आपकी मौजूदगी से दिल्ली की तरक्की और तेज़ होगी, शहर की समस्याओं का बेहतर समाधान मिलेगा और दिल्ली सरकार आपके मार्गदर्शन और दिशा में काम करेगी। हम आपका आशीर्वाद चाहते हैं। सीएम रेखा गुप्ता ने एक्स पोस्ट में लिखा कि दिल्ली के नवनियुक्त उपराज्यपाल तरनजीत सिंह संधू को पदभार ग्रहण करने पर हार्दिक बधाई। उनके शपथ ग्रहण समारोह में सम्मिलित हुई। दिल्ली हम सबकी साझा विरासत है। इसकी प्रगति और समावेशी समृद्धि के लिए हम सभी मिलकर कार्य करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। मुझे पूर्ण विश्वास है कि आपके व्यापक और दीर्घ प्रशासनिक अनुभव से दिल्ली में चल रहे विकास कार्यों को नई गति और ऊंचाइयां प्राप्त होंगी। आपके सफल और यशस्वी कार्यकाल के लिए हार्दिक मंगलकामनाएं। दिल्ली सरकार में मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने एक्स पोस्ट में लिखा कि सीएम रेखा गुप्ता की उपस्थिति में दिल्ली हाई कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश देवेंद्र कुमार उपाध्याय ने सरदार तरनजीत सिंह संधू को दिल्ली के उपराज्यपाल के रूप में शपथ दिलाई। इसी के साथ उपराज्यपाल के रूप में तरनजीत सिंह संधू ने पदभार ग्रहण किया। मुझे पूरा विश्वास है कि उनके अनुभव, दूरदृष्टि और कुशल मार्गदर्शन में दिल्ली के विकास और सुशासन को नई दिशा और गति मिलेगी। मैं पुन उन्हें उनके आगामी कार्यकाल के लिए बहुत-बहुत बधाईयां देता हूं। मंत्री प्रवेश वर्मा ने एक्स पोस्ट में लिखा कि दिल्ली के नवनियुक्त उपराज्यपाल तरनजीत सिंह संधू को पदभार ग्रहण करने पर हार्दिक बधाई। मुझे विश्वास है कि आपके समृद्ध प्रशासनिक अनुभव और दूरदर्शी नेतृत्व में दिल्ली के विकास कार्यों को नई गति मिलेगी तथा राजधानी प्रगति नए आयाम स्थापित करेगी। आपके सफल एवं जनसेवा से परिपूर्ण कार्यकाल के लिए हार्दिक शुभकामनाएं।

वन्य-जीव तस्कर वारंटी आरोपी मिश्रीलाल गिरफ्तार ग्वालियर से सीबीआई ने एसटीएसएफ के सहयोग से आरोपी को पकड़ा

भोपाल स्टेट टाइगर स्ट्राइक फोर्स मध्यप्रदेश की शिवपुरी इकाई एवं केन्द्रीय अन्वेषण ब्यूरो द्वारा 9 वर्षों से फरार एवं स्थाई वारंटी वन्य-जीव तस्कर आरोपी मिश्रीलाल माहौर पिता ख्याली राम माहौर निवासी गोहद जिला भिण्ड को मुखबिर से प्राप्त सूचना के आधार पर ग्वालियर की परमासीस ईस्ट कॉलोनी के पास से घेराबंदी कर संयुक्त कार्रवाई करते हुए गिरफ्तार किया गया। आरोपी को बुधवार 11 मार्च को सीबीआई द्वारा भोपाल न्यायालय में प्रस्तुत किया जायेगा। स्टेट टाइगर फोर्स मध्यप्रदेश द्वारा चंबल नदी में पाये जाने वाले अत्यंत दुर्लभ प्रजाति के वन्य-प्राणी टर्टल्स, रेड क्राउन रूफ टर्टल की विदेशों में बड़े पैमाने पर तस्करी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश कर 5 मई, 2017 को वन अपराध प्रकरण दर्ज किया गया था। इस प्रकरण में कुल 16 आरोपियों को देश के 4 राज्यों से गिरफ्तार किया गया था। इसमें 11 विदेशी नागरिकों को आरोपी बनाया गया था। इस प्रकरण को सीबीआई को हस्तांतरित किया गया। सीबीआई द्वारा उक्त प्रकरण में कार्रवाई करते हुए 3 अन्य आरोपियों को भी गिरफ्तार किया जा चुका है।

संसद में राहुल गांधी पर अनुराग ठाकुर का हमला, बोले– ‘प्रोपेगेंडा के लीडर, नियमों की नहीं परवाह’

नई दिल्ली भाजपा सांसद अनुराग ठाकुर ने बुधवार को लोकसभा में विपक्ष (एलओपी) के नेता राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए उन्हें 'लीडर ऑफ प्रोपेगेंडा' बताया।अनुराग ठाकुर ने आरोप लगाया कि राहुल गांधी विदेशों में भारत और भारतीय लोकतंत्र की छवि को नुकसान पहुंचाने की कोशिश करते हैं और सदन के नियमों का भी पालन नहीं करते। सदन में बोलते हुए अनुराग ठाकुर ने कहा, "कुछ लोग इस सदन में माइनस ट्रिपल सी के साथ आते हैं- न सिविक सेंस, न कॉमन सेंस और न ही कॉन्स्टिट्यूशनल सेंस। जब हम लोकसभा के सदस्य बने थे, तब हमें बताया गया था कि सदन के अंदर कैसे व्यवहार करना चाहिए। लेकिन एक व्यक्ति है जो इन सभी नियमों को तोड़ता है, और वह है प्रोपेगेंडा का लीडर।" उन्होंने राहुल गांधी पर तंज कसते हुए उन्हें 'फोमो गांधी' भी कहा। अनुराग ठाकुर ने कहा, "यह फोमो गांधी हैं। इन्हें डर रहता है कि कहीं वे सुर्खियों से बाहर न हो जाएं।" अनुराग ठाकुर ने यह बयान उस दौरान दिया जब वे लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला को हटाने के प्रस्ताव के खिलाफ बोल रहे थे। उन्होंने कहा कि सदन के लगभग सभी दलों के सांसदों ने ओम बिरला के कार्यों की सराहना की है। उन्होंने कहा, "ओम बिरला इस सदन के प्रधान हैं और वे बने रहेंगे। हर पार्टी के सदस्य ने उनके पक्ष में बात कही है।" भाजपा सांसद ने आगे कहा कि लोकसभा अध्यक्ष के रूप में ओम बिरला ने सभी दलों को बराबर बोलने का अवसर दिया है। उन्होंने कहा, "चाहे कांग्रेस हो या समाजवादी पार्टी, ओम बिरला ने सभी को बोलने का मौका दिया। यहां तक कि जिन सांसदों को अपनी ही पार्टी से कम अवसर मिला, उन्हें भी ओम बिरला ने बोलने का मौका दिया। इसलिए प्रत्येक सदस्य उनकी प्रशंसा कर रहा है और उनके समर्थन में बोल रहा है।" इसके अलावा अनुराग ठाकुर ने रक्षा और सुरक्षा के मुद्दे पर भी बयान दिया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सशस्त्र बलों को पूरी छूट दी थी। प्रधानमंत्री मोदी ने सेना से कहा था, 'जो उचित है, वह करो।'

राज्यमंत्री बागरी ने स्वयंसेवकों से सोशल मीडिया के प्रभाव पर किया संवाद

भोपाल उच्च शिक्षा विभाग तथा अवधेश प्रताप सिंह विश्वविद्यालय, रीवा के राष्ट्रीय सेवा योजना (NSS) प्रकोष्ठ के संयुक्त तत्वावधान में पंडित दीनदयाल शोध संस्थान, चित्रकूट परिसर में आयोजित 7 दिवसीय राज्य स्तरीय नेतृत्व प्रशिक्षण शिविर के चतुर्थ दिवस की शुरुआत प्रातःकालीन गतिविधियों से हुई। स्वयंसेवकों ने प्रभात फेरी निकालकर समाज में जागरूकता का संदेश दिया तथा गुरुओं के मार्गदर्शन में योगाभ्यास किया। इसके बाद सरयू धारा सरोवर परिसर, चित्रकूट में श्रमदान एवं वृहद स्वच्छता अभियान चलाया गया जिसमें राज्य राष्ट्रीय सेवा योजना अधिकारी  मनोज अग्निहोत्री, शिविर प्रशिक्षक  राहुल सिंह परिहार, शिविर संगठक  अभिमन्यु प्रसाद सहित विभिन्न विश्वविद्यालयों के कार्यक्रम अधिकारियों ने भी स्वयंसेवकों के साथ मिलकर श्रमदान किया। बौद्धिक सत्र के प्रारंभ में राज्य एनएसएस अधिकारी  मनोज अग्निहोत्री ने अतिथियों का शॉल एवं तिलक लगाकर स्वागत किया। नगरीय विकास एवं आवास राज्यमंत्री प्रतिमा बागरी ने युवाओं द्वारा सोशल मीडिया के उपयोग एवं उसकी सकारात्मक एवं नकारात्मक परिणाम, सायबर ठगी, सायबर फिशिंग और सोशल मीडिया पर चर्चा कि एवं भ्रामक विज्ञापन से सतर्क रहने की बात कही और साथ ही स्वयंसेवकों से उनके सोशल मीडिया के अनुभव सुने और उन्हें मार्गदर्शित किया। अपर कलेक्टर, सतना  शैलेन्द्र कुमार सिंह () ने राष्ट्रीय सेवा योजना से जुड़े अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि राज्य स्तरीय शिविरों में सहभागिता युवाओं के व्यक्तित्व विकास, नेतृत्व क्षमता और सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना को मजबूत करती है। उन्होंने सभी कार्यक्रम समन्वयकों एवं अधिकारियों को मिलमैहर माता मंदिर की चुनरी एवं तस्वीर भेंट की तथा लगभग 600 स्वयंसेवकों को डॉक्यूमेंट फाइल और कैप वितरित किए। आगाज निदेशक  प्रशांत दुबे ने बौद्धिक सत्र की मुख्य थीम बाल संरक्षण पर विस्तृत विचार रखे। उन्होंने बाल अपराध की कानूनी परिभाषा स्पष्ट करते हुए कहा कि बच्चों को सभी प्रकार के अधिकार प्राप्त हैं और समाज की जिम्मेदारी है कि उन्हें सही मार्गदर्शन और सुरक्षित वातावरण प्रदान किया जाए। बाल सुरक्षा अधिकारी, यूनिसेफ  गोविंद बेनीवाल ने बाल विवाह, बाल श्रम एवं बाल यौन हिंसा जैसे गंभीर विषयों पर संवादात्मक चर्चा की। उन्होंने बाल श्रम की रोकथाम के लिए पेंसिल पोर्टल तथा आपात स्थिति में सहायता के लिये 1098 हेल्पलाइन की जानकारी दी। साथ ही उपस्थित स्वयंसेवकों को बाल विवाह जैसी सामाजिक कुरीतियों के विरुद्ध जागरूकता फैलाने का संकल्प भी दिलाया। वित्त नियंत्रक, एपीएस विश्वविद्यालय आर.डी. चौधरी ने अपने उद्बोधन में कहा कि नेतृत्व प्रशिक्षण शिविर युवा स्वयंसेवकों के व्यक्तित्व विकास और सामाजिक संवेदनशीलता को बढ़ाने में अत्यंत महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। बौद्धिक सत्र में मुख्य अतिथि की भूमिका स्वयंसेवक  मीत सिंह चंदेल (देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर) ने निभाई तथा स्वयंसेविका सु संजना (देवी अहिल्या विश्वविद्यालय, इंदौर) ने सत्र की अध्यक्षता की। सत्र का संचालन स्वयंसेविका सु श्वेता गौतम एवं स्वयंसेवक  ओम ने किया तथा अंत में डॉ. अशोक बिश्नोई द्वारा आभार व्यक्त किया गया। सायंकालीन सत्र में प्रतिभागी विश्वविद्यालयों के स्वयं सेवकों ने सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के माध्यम से भारत की समृद्ध सांस्कृतिक विविधता को प्रस्तुत किया।  

पाकिस्तान में सियासी हलचल: अलीमा खान ने कहा- ईद पर भी नहीं छोड़ेंगे इमरान, सरकार पर साधा निशाना

इस्लामाबाद पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान की बहनें अडियाला जेल के बाहर फिर से धरने पर बैठ गई हैं। तीनों को चेक पोस्ट पर रोका गया जिसके विरोध में उन्होंने धरना दिया। स्थानीय मीडिया ने बुधवार को बताया कि पुलिस ने पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) के कार्यकर्ताओं को भी पीछे धकेल दिया, जो जेल की ओर बढ़ने की कोशिश कर रहे थे। मंगलवार को जेल के बाहर पत्रकारों से बात करते हुए, इमरान खान की अलीमा खान ने इसे बेहद निराशाजनक रवैया करार दिया। उन्होंने कहा कि कोर्ट के ऑर्डर के बावजूद परिवार के लोगों को पीटीआई संस्थापक से मिलने नहीं दिया गया। पीटीआई के आधिकारिक एक्स हैंडल पर अलीमा खान की एक वीडियो क्लिप अपलोड की गई है, जिसमें वह गुस्से और हताशा में कह रही हैं कि उन्हें यकीन है कि भाई को ईद में भी रिहा नहीं किया जाएगा। एक सवाल के जवाब में, अलीमा खान ने उन खबरों को खारिज कर दिया जिनमें कहा गया था कि उनके भाई को ईद से पहले रिहा कर दिया जाएगा। पाकिस्तान के अनुसार, अलीमा ने उन खबरों को लेकर पूछे गए सवाल पर जवाब दिया जिसमें इमरान खान को ईद में रिहा किए जाने का दावा किया गया था। उन्होंने कहा, "वे उसे रिहा नहीं करना चाहते। आजकल जो दुनिया में हो रहा है उस पर ध्यान देंगे तो, और आपको पता चल जाएगा कि इमरान खान जेल में क्यों हैं? उनके साथ जो हो रहा है उसे तारीख (इतिहास) याद रखेगी।" इससे पहले फरवरी में, जेल में बंद पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) के नेताओं ने पाकिस्तान के चीफ जस्टिस को एक पत्र लिखा था, जिसमें इमरान खान को कानूनी और मेडिकल मदद देने में कथित रुकावटों पर गंभीर चिंता जताई गई थी। नेताओं ने चीफ जस्टिस याह्या अफरीदी को लिखे अपने खत में उनसे इस मामले में दखल देने की अपील की ताकि इस मामले में इंसाफ हो सके। स्थानीय मीडिया की रिपोर्ट के मुताबिक, उन्होंने अफरीदी से यह भी अनुरोध किया कि वे इस मामले पर ध्यान दें और यह पक्का करें कि इमरान खान को कानून के मुताबिक निजी चिकित्सक, कानूनी सलाहकार और परिवार के लोगों से मिलने की इजाजत मिले। पत्र में, पीटीआई नेताओं ने इमरान खान के इलाज की तुलना पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री नवाज शरीफ के 2019 में हुए मेडिकल ट्रीटमेंट से की। उन्होंने कहा कि तब की सरकार ने यह सुनिश्चित किया कि नवाज शरीफ को लाहौर के सर्विसेज हॉस्पिटल ले जाया जाए और जब उनका प्लेटलेट काउंट कम था तो उन्हें सही मेडिकल केयर दी जाए। उन्होंने आगे कहा कि नवाज शरीफ के पर्सनल डॉक्टर मेडिकल बोर्ड की सभी मीटिंग में शामिल होते थे, उनका परिवार और वकील भी उनसे नियमित तौर पर मिलते थे।  

30 मार्च तक ऑनलाइन करना होगा आवेदन

भोपाल  राज्य शिक्षा केंद्र, स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा संचालित शासकीय छात्रावासों में वर्ष 2026 के लिए प्रवेश प्रक्रिया शुरू हो गई है। इस वर्ष विभाग ने प्रवेश प्रक्रिया को पूरी तरह ऑनलाइन कर दिया है। इसके लिए एजुकेशन पोर्टल 3.0 के माध्यम से विशेष ई-हॉस्टल प्रबंधन प्रणाली विकसित की गई है। संचालक राज्य शिक्षा केंद्र  हरजिंदर सिंह ने बताया कि प्रदेश में संचालित कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों तथा नेताजी सुभाष चंद्र बोस बालिका एवं बालक छात्रावासों में विशेष रूप से वंचित वर्ग के बालक-बालिकाओं को उच्च प्राथमिक स्तर की शिक्षा के अवसर उपलब्ध कराने के उद्देश्य से पारदर्शी ऑनलाइन प्रवेश प्रणाली प्रारंभ की गई है। संचालक  सिंह ने बताया कि ई-हॉस्टल प्रबंधन प्रणाली एक समेकित डिजिटल प्लेटफॉर्म है, जिसे आवासीय विद्यालयों एवं छात्रावासों में प्रवेश प्रक्रिया, सीट आवंटन, अभिलेख संधारण और प्रशासनिक कार्यों को ऑनलाइन एवं पारदर्शी तरीके से संचालित करने के लिए विकसित किया गया है। ई-हॉस्टल प्रबंधन प्रणाली विशेष रूप से कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय (केजीबीवी) टाइप-I एवं टाइप-III तथा नेताजी सुभाष चंद्र बोस (एनएससीबी) बालक/बालिका छात्रावासों के पारदर्शी प्रबंधन और उनमें प्रवेश की सुविधा उपलब्ध कराने के उद्देश्य से विकसित की गई है। https://educationportal3.in पर जाकर करना होगा आवेदन छात्रावासों में कक्षा 6वीं एवं अन्‍य कक्षाओं की रिक्‍त सीटों पर प्रवेश के लि‍ए विद्यार्थी प्रथम चरण में 30 मार्च 2026 तक ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। प्रथम चरण के बाद सीट्स रिक्त रहने की स्थिति में द्व‍ितीय चरण के आवेदन की प्रक्र‍िया शुरू होगी। यह 06 अप्रैल 2026 से 10 जून 2026 तक चलेगी। छात्रावास में प्रवेश के लिए अभिभावकों, विद्यार्थियों को ऑनलाइन आवेदन करना होगा। यह आवेदन एमपी ऑनलाइन कियोस्क सेन्टर के माध्यम से स्कूल शिक्षा विभाग की वेबसाइट https://educationportal3.in पर जाकर करना होगा। इसके साथ ही यदि किसी अभिभावक/पालक/विद्यार्थी को आवेदन फॉर्म भरने में किसी प्रकार की समस्या आती है, तो वे संबंधित वार्डन के सहयोग से भी आवेदन फॉर्म भर सकते हैं। छात्रावासों में लक्ष्य के अनुसार 50, 100, 150, 175, 200, 220 तथा 275 सीटें उपलब्ध हैं। कक्षा 6 से 8 तक की बालिकाओं को कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय (टाइप-I) एवं नेताजी सुभाष चंद्र बोस बालिका छात्रावासों में प्रवेश दिया जाता है। वहीं कक्षा 6 से 12 तक की बालिकाओं को कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय (टाइप-III) में प्रवेश की पात्रता होती है। कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालयों में छात्रावास की मार्गदर्शिका के अनुसार 75 प्रतिशत सीटें अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, अन्य पिछड़ा वर्ग तथा अल्पसंख्यक वर्ग की बालिकाओं के लिए निर्धारित हैं, जबकि 25 प्रतिशत सीटें गरीबी रेखा से नीचे (बीपीएल) जीवन-यापन करने वाले परिवारों की बालिकाओं के लिए आरक्षित हैं। इनमें अस्थि बाधित, अनाथ एवं बेसहारा बालिकाओं को चयन में प्राथमिकता दी जाती है। प्रदेश में संचालित 66 नेताजी सुभाष चंद्र बोस बालक छात्रावासों में कक्षा 3 से 8 तक के पात्र बालकों को प्रवेश दिया जाता है। ये छात्रावास विशेष रूप से शाला अप्रवेशी एवं शाला त्यागी बालकों के लिए संचालित किए जाते हैं। ऐसे बालकों को उनकी आयु के अनुरूप कक्षा में दर्ज कर विशेष प्रशिक्षण के माध्यम से आवश्यक दक्षताएं विकसित कर उन्हें शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ा जाता है। छात्रावासों में विशेष रूप से ऐसे बच्चों को प्रवेश दिया जाता है, जो रेलवे स्टेशन एवं बस स्टैंड के प्लेटफॉर्म पर रहने वाले, पन्नी बीनने वाले, पलायन करने वाले परिवारों के बच्चे, घर से भटके हुए बच्चे, विमुक्त (डिनोटीफाइड ट्राइब्स) एवं प्रिमिटिव ट्राइबल परिवारों के बच्चे और वन ग्राम पट्टाधारी परिवारों के बच्चों को आवासीय सुविधाएं प्रदान कर शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़कर प्रारंभिक शिक्षा पूर्ण कराई जाती है। प्रदेश में 597 छात्रावास हैं संचालित राज्य शिक्षा केंद्र अंतर्गत प्रदेश में कुल 597 छात्रावास संचालित है। इनमें 207 कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय, 324 नेताजी सुभाष चंद्र बोस बालिका छात्रावास तथा 66 नेताजी सुभाष चंद्र बोस बालक छात्रावास शामिल हैं। इन छात्रावासों में ऐसे बालक-बालिकाओं को आवासीय सुविधा प्रदान की जाती है, जो शाला से बाहर हैं या प्रारंभिक शिक्षा से वंचित हैं। साथ ही पारिवारिक कारणों से परिवार के साथ रहते हुए शिक्षा प्राप्त नहीं कर सकते हैं। उन्हें छात्रावास में रखकर प्रारंभिक शिक्षा की सुविधा उपलब्ध कराई जाती है।  

ट्रंप करेंगे ईरान टीम का स्वागत, फीफा वर्ल्ड कप 2026 को लेकर इन्फेंटिनो ने कही बड़ी बात

नई दिल्ली फीफा चीफ जियानी इन्फेंटिनो ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से मुलाकात की, जिन्होंने उन्हें भरोसा दिलाया है कि ईरान का 2026 वर्ल्ड कप में हिस्सा लेने के लिए 'स्वागत' है। यह विश्व कप 11 जून से 19 जुलाई तक अमेरिका, मैक्सिको और कनाडा में खेला जाएगा। ईरान को अमेरिका में तीन मैच खेलने हैं, लेकिन बढ़ते क्षेत्रीय युद्ध के बीच उनके हिस्सा लेने पर शक है। ईरानी टीम बेल्जियम, मिस्र और न्यूजीलैंड के साथ ग्रुप-जी में है। यह टीम 15 जून को सिएटल में न्यूजीलैंड के खिलाफ टूर्नामेंट की शुरुआत करेगी, और आगे के ग्रुप गेम लॉस एंजिल्स और अटलांटा में होंगे। एक इंस्टाग्राम पोस्ट में इन्फेंटिनो ने कहा कि उन्होंने और ट्रंप ने आने वाले फीफा वर्ल्ड कप की तैयारियों के स्टेटस पर चर्चा की और ईरान के मौजूदा हालात के बारे में भी बात की। इन्फेंटिनो ने लिखा, "मैं आगामी फीफा वर्ल्ड कप की तैयारियों के स्टेटस और सिर्फ 93 दिनों में शुरू होने वाले बढ़ते उत्साह पर चर्चा करने के लिए यूनाइटेड स्टेट्स के राष्ट्रपति डोनाल्ड जे. ट्रंप से मिला। हमने ईरान के मौजूदा हालात और इस बात पर भी बात की कि ईरानी टीम ने फीफा वर्ल्ड कप 2026 में हिस्सा लेने के लिए क्वालीफाई कर लिया है। बातचीत के दौरान, राष्ट्रपति ट्रंप ने दोहराया कि ईरानी टीम का, बेशक, यूनाइटेड स्टेट्स में टूर्नामेंट में हिस्सा लेने के लिए स्वागत है।" ईरान ने पिछले साल एशियन क्वालिफाइंग के तीसरे राउंड में ग्रुप-ए में टॉप करके लगातार चौथे वर्ल्ड कप के लिए क्वालीफाई किया था। पिछले हफ्ते, पोलिटिको के साथ एक इंटरव्यू में ट्रंप ने कहा, "अगर ईरान हिस्सा लेता है, तो मुझे सच में कोई फर्क नहीं पड़ता। मुझे लगता है कि ईरान बहुत बुरी तरह से हारा हुआ देश है। वे बेकार में काम कर रहे हैं।" मिलिट्री एक्शन शुरू होने के बाद, ईरान फुटबॉल फेडरेशन के अध्यक्ष मेहदी ताज ने कथित तौर पर कहा है, "यह तो तय है कि इन हमलों के बाद, वर्ल्ड कप की तरफ उम्मीद से देखना मुश्किल है।"

झारखंड शराब घोटाला: गोवा से धराया मास्टरमाइंड नवीन केडिया, एसीबी की बड़ी कार्रवाई

  रांची, झारखंड के बहुचर्चित शराब घोटाले के मुख्य आरोपियों में से एक छत्तीसगढ़ के दुर्ग का निवासी नवीन केडिया आखिरकार पुलिस के हत्थे चढ़ गया है। उसे रांची से गिरफ्तार किया है। घोटाले की जांच कर रहा एंटी करप्शन ब्यूरो अब केडिया को रिमांड पर लेकर पूछताछ करने की तैयारी में है, ताकि घोटाले की परतों को और गहराई से खंगाला जा सके। नवीन केडिया की गिरफ्तारी की कहानी किसी फिल्मी पटकथा से कम नहीं रही। इससे पहले 7 जनवरी को एसीबी की टीम ने तकनीकी इनपुट के आधार पर उसे गोवा से दबोचा था। वहां की अदालत ने उसे कुछ शर्तों के साथ 12 जनवरी तक रांची में सरेंडर करने के लिए ट्रांजिट बेल दी थी। लेकिन केडिया ने कोर्ट की शर्तों का उल्लंघन किया और सरेंडर करने के बजाय फिर से फरार हो गया। इसके बाद उसने एसीबी कोर्ट में अग्रिम जमानत याचिका भी दाखिल की थी, जिसे कोर्ट ने खारिज कर दिया था। लगातार चकमा दे रहे केडिया को पकड़ने के लिए एसीबी की विशेष टीम लगातार छापेमारी कर रही थी। एसीबी की जांच के अनुसार, इस पूरे घोटाले का सिंडिकेट छत्तीसगढ़ से संचालित हो रहा था। छत्तीसगढ़ एसीबी की जांच के दौरान कारोबारी सिद्धार्थ सिंघानिया के ठिकाने से मिली एक डायरी ने झारखंड के इस संगठित खेल का पर्दाफाश किया था। इस डायरी में झारखंड के शराब बाजार को नियंत्रित करने, विरोधियों को रास्ते से हटाने और सिंडिकेट को मैनेज करने की पूरी रणनीति दर्ज थी। जांच में सामने आया कि शराब दुकानों के संचालन के लिए जिन सात प्लेसमेंट कंपनियों को ठेका दिया गया, उन्होंने न केवल टेंडर की शर्तों का उल्लंघन किया, बल्कि उनकी बैंक गारंटी भी फर्जी पाई गई। झारखंड स्टेट बेवरेजेज कॉरपोरेशन लिमिटेड की ऑडिट रिपोर्ट के मुताबिक, इन कंपनियों ने फर्जीवाड़े के जरिए सरकार को करीब 129.55 करोड़ रुपये के राजस्व का नुकसान पहुंचाया। इस मामले में अब तक पूर्व आईएएस विनय कुमार चौबे, रिटायर्ड आईएएस अमित प्रकाश और कारोबारी सिद्धार्थ सिंघानिया समेत कई रसूखदारों की गिरफ्तारी हो चुकी है। नवीन केडिया की गिरफ्तारी इस केस में एक महत्वपूर्ण मोड़ मानी जा रही है, क्योंकि वह मैनपावर सप्लाई और सिंडिकेट के प्रबंधन में अहम भूमिका निभा रहा था।