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ट्रंप टैरिफ विवाद के बीच PM मोदी और जिनपिंग आमने-सामने, बड़ी बैठक तय

नई दिल्ली 
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग के बीच रविवार को द्विपक्षीय बैठक होने जा रही। यह बैठक शंघाई सहयोग संगठन (एससीओ) के सम्मेलन के इतर होगी। प्रधानमंत्री मोदी चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग के निमंत्रण पर 31 अगस्त से 1 सितंबर तक चीन के तियानजिन में होने वाले एससीओ शिखर सम्मेलन में भाग लेंगे। यह बीते सात वर्षों में प्रधानमंत्री की पहली चीन यात्रा है।

यह बैठक ऐसे समय में हो रही है जब भारत और चीन के बीच सीमा विवाद पर तनाव कम हुआ है। दोनों देशों ने देपसांग मैदानी क्षेत्र और डेमचोक क्षेत्र में गश्त के अधिकार को लेकर सहमति जताई है। वहीं, अमेरिका के साथ टैरिफ को लेकर रिश्ते काफी बिगड़ चुके हैं। दोनों नेताओं की आखिरी मुलाकात 23 अक्टूबर, 2024 को रूस के कजान में ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के दौरान हुई थी। प्रधानमंत्री मोदी ने आखिरी बार 2018 में चीन की यात्रा की थी।

पूर्वी लद्दाख में वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) पर मई 2020 में चीनी घुसपैठ के बाद शुरू हुए सैन्य गतिरोध के बाद भारत और चीन के राजनयिक संबंधों में खटास आ गई थी। तब से, दोनों देशों ने संबंधों को सुधारने की कोशिश की है। मानसरोवर यात्रा को फिर से शुरू किया है। चीनी पर्यटकों के लिए वीजा जारी किए हैं और सीधी उड़ानें फिर से शुरू करने पर विचार कर रहे हैं। मई में इन प्रयासों को फिर से झटका लगा जब भारत को ऑपरेशन सिंदूर के बाद हुई शत्रुता के दौरान पाकिस्तानी सेना को चीन की सक्रिय सहायता के सबूत मिले।

 

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