samacharsecretary.com

‘प्रगति’–‘विकास’ का अनावरण: Amit Shah बोले– टेक्नोलॉजी से पारदर्शी और तेज होगी जनगणना 2027

नई दिल्ली
केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने गुरुवार को नई दिल्ली में जनगणना-2027 के लिए विकसित डिजिटल टूल्स का सॉफ्ट लॉन्च किया। इस दौरान उन्होंने जनगणना के आधिकारिक शुभंकर “प्रगति” (महिला) और “विकास” (पुरुष) का भी औपचारिक अनावरण किया।
सरकार की ओर से 16 जून 2025 को राजपत्र अधिसूचना जारी किए जाने के साथ ही भारत की जनगणना 2027 की प्रक्रिया औपचारिक रूप से शुरू हो चुकी है। दो चरणों में होने वाली यह जनगणना दुनिया का सबसे बड़ा जनगणना अभियान मानी जा रही है। इस बार पहली बार पूरी जनगणना डिजिटल माध्यम से की जाएगी और नागरिकों को स्व-गणना का विकल्प भी दिया जाएगा। स्व-गणना के लिए एक सुरक्षित वेब-आधारित पोर्टल तैयार किया गया है, जिसके माध्यम से उत्तरदाता घर-घर सर्वेक्षण से पहले अपनी जानकारी 16 भाषाओं में ऑनलाइन दर्ज कर सकेंगे। सफल पंजीकरण के बाद उन्हें एक विशिष्ट स्व-गणना आईडी मिलेगी, जिसे प्रगणक के साथ साझा करने पर दर्ज जानकारी की पुष्टि की जा सकेगी।
इस अवसर पर चार प्रमुख डिजिटल प्लेटफॉर्म भी लॉन्च किए गए, जिन्हें सेंटर फॉर डेवलपमेंट ऑफ एडवांस्ड कंप्यूटिंग (सी-डैक) ने विकसित किया है। इनमें हाउस लिस्टिंग ब्लॉक क्रिएटर (एनएलबीसी) वेब एप्लिकेशन, एचएलओ मोबाइल एप्लिकेशन, स्व-गणना पोर्टल और जनगणना प्रबंधन एवं निगरानी प्रणाली पोर्टल शामिल हैं। ये प्लेटफॉर्म जनगणना कार्यों की योजना, डेटा संग्रह और निगरानी को अधिक सटीक और पारदर्शी बनाएंगे।
जनगणना-2027 के शुभंकर “प्रगति” और “विकास” को मित्रवत और सहज प्रतीक के रूप में प्रस्तुत किया गया है। ये दोनों पात्र वर्ष 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने के लक्ष्य में महिलाओं और पुरुषों की समान भागीदारी का संदेश भी देते हैं। इन शुभंकरों के माध्यम से जनगणना से जुड़ी जानकारी समाज के विभिन्न वर्गों तक सरल तरीके से पहुंचाई जाएगी।
जनगणना-2027 का पहला चरण अप्रैल से सितंबर 2026 के बीच गृह-सूचीकरण और आवास संबंधी जानकारी एकत्र करने के लिए चलाया जाएगा। दूसरा चरण फरवरी 2027 में देशभर में जनसंख्या गणना के रूप में आयोजित होगा, जिसमें प्रत्येक व्यक्ति के सामाजिक, आर्थिक और जनसांख्यिकीय विवरण दर्ज किए जाएंगे।
पूरे अभियान में देशभर के लगभग 30 लाख प्रगणक, पर्यवेक्षक और अन्य अधिकारी शामिल होंगे, जो सुरक्षित मोबाइल एप्लिकेशन के माध्यम से घर-घर जाकर डेटा एकत्र करेंगे। सरकार का उद्देश्य तकनीक के उपयोग से इस विशाल जनगणना को अधिक सटीक, सुरक्षित और व्यापक बनाना है। इस अवसर पर केन्द्रीय गृह सचिव, भारत के महारजिस्ट्रार एवं जनगणना आयुक्त सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।

Leave a Comment

हम भारत के लोग
"हम भारत के लोग" यह वाक्यांश भारत के संविधान की प्रस्तावना का पहला वाक्य है, जो यह दर्शाता है कि संविधान भारत के लोगों द्वारा बनाया गया है और उनकी शक्ति का स्रोत है. यह वाक्यांश भारत की संप्रभुता, लोकतंत्र और लोगों की भूमिका को उजागर करता है.
Click Here
जिम्मेदार कौन
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here
Slide 3 Heading
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here