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चंडीगढ़ हाईकोर्ट में बंदरों का बढ़ता खतरा, वकील ने पार्किंग से लेकर कोर्ट रूम तक सुरक्षा बढ़ाने की अपील की

चंडीगढ़ 
पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट परिसर में बंदरों का आतंक बढ़ गया है। इसको लेकर एक एडवोकेट ने प्रशासन का ध्यान खींचा है। एडवोकेट नितिन सचदेवा ने हाई कोर्ट प्रशासन को ईमेल भेजकर सुरक्षा बढ़ाने और तुरंत कार्रवाई करने की मांग की है।

एडवोकेट नितिन सचदेवा ने अपने पत्र में कहा कि हाल के दिनों में हाई कोर्ट परिसर में बंदरों का आतंक काफी बढ़ गया है, जिससे वकीलों, कोर्ट स्टाफ, वादियों और आम लोगों की सुरक्षा को गंभीर खतरा पैदा हो गया है।

पार्किंग से लेकर कोर्ट रूम तक बढ़ा खतरा
पत्र में बताया गया है कि बंदर खासतौर पर पार्किंग एरिया में खड़े वाहनों को नुकसान पहुंचा रहे हैं और बैग व फाइल लेकर आने-जाने वाले लोगों पर हमला कर रहे हैं। वहीं कोर्ट रूम की ओर जाने वाले गलियारों में भी बंदरों की मौजूदगी के कारण फाइलों के आवागमन में बाधा और लोगों में दहशत का माहौल बन रहा है।

हाईकोर्ट की कैंटीन और खुले स्थान भी अब असुरक्षित हो गए हैं, जहां बंदर लोगों के हाथों से खाने-पीने का सामान छीन रहे हैं और कई बार हमला भी कर रहे हैं।

पत्र में ये सुझाव बताए गए
एडवोकेट ने समस्या के समाधान के लिए कुछ आसान सुझाव दिए हैं। उन्होंने कहा कि बंदरों को पकड़कर दूसरी जगह छोड़ा जाए। साथ ही लंगूर की आवाज निकालने वाले या बंदरों को संभालने वाले लोगों को तैनात किया जाए।

इसके अलावा पार्किंग, एंट्री-एग्जिट, कैंटीन और गलियारों में बंदरों को रोकने के लिए जरूरी इंतजाम करने की भी मांग की गई है।

पत्र में यह भी कहा गया है कि हाई कोर्ट आने वाले लोगों को बंदरों को खाना न देने के लिए जागरूक किया जाए, ताकि इस समस्या को कम किया जा सके।

 

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