samacharsecretary.com

स्कूल चलें हम अभियान के तहत आयोजित हुए सांस्कृतिक, खेल एवं हार के आगे जीत कार्यक्रम

शहडोल 
जिले के विभिन्न शासकीय विद्यालयों में आज "स्कूल चलें हम" अभियान के अंतर्गत सांस्कृतिक, खेल-कूद एवं शैक्षणिक गतिविधियों के साथ-साथ "हार के आगे जीत" कार्यक्रम का भी आयोजन किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में पालकों की सहभागिता रही, जिससे विद्यालय और अभिभावकों के बीच बेहतर समन्वय देखने को मिला।

इस अवसर पर विद्यार्थियों द्वारा रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ दी गईं तथा विभिन्न खेल प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया, जिनमें बच्चों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। शैक्षणिक स्टॉफ द्वारा उपस्थित पालकों को राज्य सरकार की स्कूल शिक्षा से जुड़ी योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी गई और बच्चों की शिक्षा में उनकी भूमिका को महत्वपूर्ण बताया गया।

कार्यक्रम के दौरान पिछले शैक्षणिक सत्र में 85 प्रतिशत से अधिक उपस्थिति वाले विद्यार्थियों के पालकों को सम्मानित किया गया। शिक्षकों ने पालकों के सहयोग को बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए आवश्यक बताया।

इसी क्रम में "हार के आगे जीत" कार्यक्रम के तहत ऐसे विद्यार्थियों को चिन्हित किया गया, जो किसी कारणवश कक्षोन्नति प्राप्त नहीं कर सके। पालकों को बच्चों की पढ़ाई जारी रखने के लिए प्रेरित किया गया और समझाया गया कि असफलता के बाद भी निरंतर प्रयास से सफलता प्राप्त की जा सकती है।

साथ ही, शाला प्रबंधन एवं विकास समिति की बैठक आयोजित कर नए शैक्षणिक सत्र में शत-प्रतिशत नामांकन सुनिश्चित करने और वार्षिक कार्ययोजना पर चर्चा की गई। समिति के सदस्यों ने सभी बच्चों के विद्यालय में नामांकन हेतु विशेष प्रयास करने का संकल्प लिया।

Leave a Comment

हम भारत के लोग
"हम भारत के लोग" यह वाक्यांश भारत के संविधान की प्रस्तावना का पहला वाक्य है, जो यह दर्शाता है कि संविधान भारत के लोगों द्वारा बनाया गया है और उनकी शक्ति का स्रोत है. यह वाक्यांश भारत की संप्रभुता, लोकतंत्र और लोगों की भूमिका को उजागर करता है.
Click Here
जिम्मेदार कौन
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here
Slide 3 Heading
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here