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कृषि विभाग की पहल: 1.14 लाख हेक्टेयर में धान खेती का लक्ष्य, बीज वितरण शुरू

बांका
 खरीफ मौसम में धान सहित विभिन्न फसलों की खेती के लिए कृषि विभाग ने किसानों को अनुदानित दर पर गुणवत्तापूर्ण बीज उपलब्ध कराने की तैयारी शुरू कर दी है। कृषि विभाग द्वारा उपलब्ध कराए जाने वाले बीजों का वितरण पहले आओ, पहले पाओ के आधार पर किया जाएगा।

इसके लिए किसानों को अपने पंचायत के किसान सलाहकार, कृषि समन्वयक अथवा प्रखंड कृषि पदाधिकारी से संपर्क करना होगा।

जिला कृषि कार्यालय से प्राप्त आंकड़े के अनुसार, इस वर्ष जिले में एक लाख 14 हजार हेक्टेयर क्षेत्र में धान की खेती का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। लक्ष्य की प्राप्ति के लिए किसानों को उन्नत एवं प्रमाणित बीजों के उपयोग के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है।

विभाग का मानना है कि गुणवत्तापूर्ण बीज के प्रयोग से उत्पादन में वृद्धि के साथ किसानों की आय में भी बढ़ोतरी होगी।

संकर धान, डीआरआर धान-53, अरहर, रागी (मंडुआ), ज्वार तथा संकर मक्का के बीज उपलब्ध कराए जाएंगे। वर्तमान में संकर धान का 41.50 क्विंटल, डीआरआर धान-53 का 48 क्विंटल तथा अरहर का 60 क्विंटल बीज उपलब्ध है। वहीं रागी, ज्वार और संकर मक्का के बीज एक सप्ताह के भीतर उपलब्ध होने की संभावना जताई गई है।

शंकर धान एवं शंकर मक्का के बीज पर 100 रुपये प्रति किलोग्राम की दर से अनुदान दिया जाएगा। इसके अलावा अरहर पर 60 रुपये, रागी पर 30 रुपये तथा ज्वार पर 29.95 रुपये प्रति किलोग्राम अनुदान निर्धारित किया गया है।

अनुदान के बाद किसानों को संकर धान के लिए 320 रुपये, अरहर के लिए 80 रुपये तथा संकर मक्का के लिए 74 रुपये प्रति किलोग्राम की दर से राशि का भुगतान करना होगा।

11 हजार हेक्टेयर में नर्सरी
पिछले साल की तुलना में इस साल धान की खेती का रकबा बड़ा है। पिछले साल एक लाख 12 हजार हेक्टेयर में खेती की गई थी, लेकिन इस बार एक लाख 14 हजार 300 हेक्टेयर में खेती का लक्ष्य रखा गया है। इसके लिए करीब 11 हजार हेक्टेयर में नर्सरी तैयार करने का लक्ष्य रखा गया है।

किसानों ने बताया कि नर्सरी डालने के लिए वे लोग पहले से ही खेत को तैयार कर रखें हैं। मौसम का साथ मिलते ही वे लोग खेती किसानी में जुट जाएंगे।

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