रायपुर
शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव ने आज बुधवार को बस्तर कलेक्टोरेट के प्रेरणा सभाकक्ष में शिक्षा विभाग की संभाग स्तरीय समीक्षा बैठक लेकर विभागीय योजनाओं एवं शैक्षणिक गतिविधियों की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को योजनाओं के बेहतर एवं प्रभावी क्रियान्वयन के निर्देश देते हुए कहा कि बस्तर के समग्र विकास में शिक्षा की महत्वपूर्ण भूमिका है। उन्होंने अंदरूनी क्षेत्रों के स्कूलों को पुनर्जीवित करने, विद्यार्थियों एवं शिक्षकों की शत-प्रतिशत उपस्थिति सुनिश्चित करने, शिक्षा की गुणवत्ता सुधारने तथा विद्यालयों में बेहतर शैक्षणिक वातावरण विकसित करने पर विशेष जोर दिया।
उन्होंने प्राथमिक स्तर पर गणित, हिंदी और अंग्रेजी की मजबूत आधारशिला तैयार करने के लिए कैलेंडरवार, शालावार एवं विषयवार समय-सारणी के अनुसार पढ़ाई कराने तथा नियमित रिवीजन टेस्ट आयोजित करने के निर्देश दिए।
बैठक में शिक्षा विभाग के सचिव डॉ. कमलप्रीत सिंह, संचालक ऋतुराज रघुवंशी, कलेक्टर आकाश छिकारा, जिला पंचायत सीईओ प्रतीक जैन, संभागीय संयुक्त संचालक एच.आर. सोम सहित सभी जिलों के जिला शिक्षा अधिकारी, डीएमसी, बीईओ एवं अन्य अधिकारी उपस्थित थे। समीक्षा के दौरान आधार बेस ऐप के माध्यम से कार्यालयीन अधिकारियों-कर्मचारियों की उपस्थिति तथा वीएसके ऐप में शिक्षकों की ऑनलाइन उपस्थिति की जानकारी ली गई। ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज नहीं करने वाले अधिकारियों एवं कर्मचारियों पर नियमानुसार कार्रवाई करने तथा नेटवर्क विहीन स्कूलों की सूची कलेक्टर के माध्यम से उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए। शिक्षा मंत्री ने अन्य विभागों में पदस्थ शिक्षा विभाग के अधिकारियों-कर्मचारियों को मूल पदस्थापना पर वापस भेजने संबंधी निर्देशों के पालन की भी समीक्षा की।
यादव ने बसाहटवार प्राथमिक विद्यालयों की स्थिति, नए विद्यालयों की आवश्यकता, बंद स्कूलों को पुनः प्रारंभ करने की कार्ययोजना, बोर्ड एवं वार्षिक परीक्षा परिणामों की समीक्षा करते हुए पोटा केबिनों में अंतरजिला विद्यार्थियों को प्रवेश देने के निर्देश दिए। उन्होंने वार्षिक परीक्षा में बेहतर परिणाम के लिए पिछले वर्षों के प्रश्नपत्रों के आधार पर विषयवार यूनिट टेस्ट एवं तिमाही परीक्षाएं आयोजित करने तथा कमजोर विद्यालयों के प्राचार्यों की बैठक लेकर आवश्यक सुधारात्मक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश जिला एवं विकासखंड शिक्षा अधिकारियों को दिए।
बैठक में विद्यार्थियों के नामांकन, उपस्थिति, ड्रॉपआउट की स्थिति, शिक्षकों की उपलब्धता, रिक्त एवं युक्तियुक्तकरण किए गए पदों, स्वामी विवेकानंद उत्कृष्ट विद्यालयों की कार्ययोजना एवं गैप एनालिसिस की प्रगति की भी समीक्षा की गई। छात्रवृत्ति, गणवेश, पाठ्यपुस्तक वितरण, सरस्वती सायकल योजना, मध्यान्ह एवं न्यौता भोजन, निर्माण कार्यों तथा शासन की विभिन्न योजनाओं के क्रियान्वयन की जानकारी लेते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
शिक्षा मंत्री यादव ने स्वामी विवेकानंद उत्कृष्ट विद्यालयों को पीएम स्कूलों की तर्ज पर विकसित करने, जर्जर विद्यालय भवनों को नियमानुसार ध्वस्त कराने, विद्यालयों की आवश्यक मरम्मत एवं छोटे कार्यों में उपलब्ध बजट का उपयोग करने तथा पाठ्यपुस्तकों का शत-प्रतिशत वितरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने अवितरित पुस्तकों का संकुल एवं विद्यालय स्तर पर व्यवस्थित रिकॉर्ड संधारित करने पर भी जोर दिया। अधिकारियों ने बैठक में संभाग में संचालित शैक्षणिक गतिविधियों एवं योजनाओं की प्रगति से मंत्री को विस्तारपूर्वक अवगत कराया।
बैठक से पूर्व शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव ने कलेक्टोरेट परिसर में सरस्वती सायकल योजना के अंतर्गत पात्र छात्राओं को निःशुल्क सायकल एवं उपहार वितरित किए तथा उन्हें मेहनत, लगन और नियमित अध्ययन के साथ आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया।





