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दशहरे पर MP में भव्य आयोजन, भोपाल के 18 मैदानों में रावण दहन; बारिश का अलर्ट

भोपाल/इंदौर 
 मध्यप्रदेश में आज दशहरे का पर्व धूमधाम से मनाया जाएगा। प्रदेश के प्रमुख शहरों में रावण दहन की तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। इंदौर में 121 फीट, भोपाल में 105 फीट और उज्जैन में 101 फीट ऊंचे रावण के पुतले का दहन होगा। वहीं, प्रदेश के कई जिलों में बारिश की संभावना को देखते हुए दशहरा उत्सव समितियों ने पुतलों को सुरक्षित रखने के लिए विशेष इंतजाम किए हैं। उज्जैन में विजयादशमी पर बाबा महाकाल की सवारी चांदी की पालकी में दशहरा मैदान पहुंचेगी, जहां शमी वृक्ष का पूजन किया जाएगा। राजधानी भोपाल में 18 मैदानों पर रावण दहन होगा, जबकि कई शहरों में आतिशबाजी और रामलीला के विशेष आयोजन भी होंगे।

इंदौर में 121, भोपाल में 105 और उज्जैन में 101 फीट ऊंचे रावण का दहन होगा। प्रदेश के कई शहरों में बारिश का अलर्ट है। इसे देखते हुए दशहरा उत्सव समितियों ने पुतलों को बचाने के लिए खास इंतजाम किए हैं।

वहीं उज्जैन में बाबा महाकाल की सवारी चांदी की पालकी में दशहरा मैदान पहुंचेगी, जहां शमी वृक्ष का पूजन होगा। सवारी मार्ग पर 1 लाख वर्गफीट में रंगोली बनाई जाएगी और ड्रोन से पालकी पर 500 किलो फूल बरसाए जाएंगे।

उधर अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (AICC) आज दशहरे के मौके पर एमपी के सभी जिलों में रावण की जगह मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का पुतला जलाएगी।

भोपाल में 18 मैदानों पर होगा रावण दहन
राजधानी भोपाल में दशहरे को लेकर खास तैयारियां की गई हैं। कोलार हिंदू उत्सव समिति की ओर से 105 फीट ऊंचे रावण के पुतले का दहन किया जाएगा। इस पुतले को जयपुर के कलाकारों ने तैयार किया है। इसके अलावा जंबूरी मैदान में 101 फीट और कलियासोत ग्राउंड में 90 फीट ऊंचे रावण का दहन होगा। टीटी नगर दशहरा मैदान में 55 फीट और बिट्टन मार्केट में 53 फीट ऊंचा रावण जलाया जाएगा।कोलार और छोला में आयोजित होने वाले रावण दहन कार्यक्रमों में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव भी शामिल होंगे। 

बांके बिहारी मंदिर से निकलेगा पारंपरिक चल समारोह

भोपाल में छोला दशहरा मैदान पर रावण दहन से पहले मारवाड़ी रोड स्थित बांके बिहारी मंदिर से पारंपरिक चल समारोह निकलेगा। हिंदू उत्सव समिति के अध्यक्ष चंद्रशेखर तिवारी के मुताबिक, चल समारोह विभिन्न मार्गों से होते हुए घोड़ा नक्कास के रास्ते छोला दशहरा मैदान पहुंचेगा।

इसमें करीब 10 झांकियां, बैंड, शहनाई, पुलिस बैंड, दुल-दुल घोड़ी और आदिवासी टोली आकर्षण का केंद्र रहेंगी। मैदान में रात करीब 9 बजे रावण दहन होगा। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री के भी शामिल होने की संभावना है।

भोपाल के इन 18 मैदानों में होगा रावण दहन

बैरागढ़

गांधी नगर

कोहेफिजा

छोला

हाउसिंग बोर्ड

अशोका गार्डन

जंबूरी मैदान

अयोध्या नगर

भेल

एमवीएम कॉलेज

बिट्टन मार्केट

लहारपुरा

5 नंबर बस स्टॉप

ओल्ड कैंपियन

टीटी नगर

कोलार

शाहपुरा

इंदौर में 121 फीट ऊंचे रावण का होगा दहन

इंदौर में इस बार दशहरे का मुख्य आकर्षण 121 फीट ऊंचा रावण का पुतला रहेगा। उषागंज छावनी में इस विशाल पुतले का निर्माण किया गया है। आयोजकों की ओर से करीब डेढ़ घंटे तक आतिशबाजी की तैयारी की गई है।

उज्जैन में 101 फीट का रावण जलेगा, बाबा महाकाल की निकलेगी सवारी

उज्जैन में दशहरे का मुख्य समारोह दशहरा मैदान में आयोजित होगा। यहां 101 फीट ऊंचे रावण के पुतले का दहन किया जाएगा। पुतला तैयार करने के लिए देवास और ग्वालियर के कलाकारों को बुलाया गया है। कार्यक्रम के दौरान करीब 45 मिनट तक आतिशबाजी की जाएगी।इसके अलावा कार्तिक मैदान, उन्हेल चौराहा और हीरा मिल मैदान में भी रावण दहन होगा।

बड़े शहरों में कितने फीट ऊंचे रावण का होगा दहन?
इंदौर

इंदौर (Ravan Dahan in Indore) के उषागंज छावनी में 121 फीट ऊंचे रावण का पुतला तैयार किया गया है। यहां 250 फीट लंबी लंका भी बनाई गई है। शोभायात्रा के मैदान तक पहुंचने के बाद रावण दहन किया जाएगा।  इस दौरान करीब डेढ़ घंटे तक आतिशबाजी होने की तैयारी है।

उज्जैन 
उज्जैन (ujjainDussehra Celebration in Madhya Pradesh) के दशहरा मैदान में मुख्य समारोह आयोजित होगा, जहां 101 फीट ऊंचे रावण के पुतले का दहन किया जाएगा। इसके लिए देवास और ग्वालियर के कलाकारों को बुलाया गया है, जो करीब 45 मिनट तक आतिशबाजी करेंगे। इसके अलावा कार्तिक मैदान, उन्हेल चौराहा और हीरा मिल मैदान में भी रावण दहन के कार्यक्रम होंगे।  

ग्वालियर
ग्वालियर के फूलबाग मैदान में 65 फीट ऊंचे रावण के पुतले का दहन किया जाएगा। इस अवसर पर राम जुलूस निकलेगा और रामलीला का समापन होगा। 

जबलपुर 
जबलपुर के ग्वारीघाट में 75 फीट ऊंचे रावण का पुतला तैयार किया गया है। यहां शिवकाशी से आए कलाकार आतिशबाजी करेंगे। दशहरे के अवसर पर होने वाले इस आयोजन को लेकर तैयारियां पूरी की गई हैं।

 अन्य जिलों में कहां-कहां होगा रावण दहन?

1. मंदसौर के दशहरा मैदान में 80 फीट ऊंचे रावण के पुतले का दहन किया जाएगा।  

2. रायसेन में 35 फीट ऊंचे रावण के पुतले का दहन किया जाएगा।

3. छिंदवाड़ा में 51 फीट ऊंचे रावण के पुतले का दहन किया जाएगा। 

4. सागर के पीटीसी ग्राउंड में 51 फीट ऊंचे रावण के पुतले का दहन किया जाएगा। वहीं, गुना के दशहरा मैदान में 31 फीट ऊंचे रावण का पुतला जलाया जाएगा। गुना में यह आयोजन पिछले 67 वर्षों से किया जा रहा है।

5. देवास में पुलिस ग्राउंड पर 51 फीट और कृषि विज्ञान केंद्र में 55 फीट ऊंचे रावण के पुतलों का दहन किया जाएगा।

6. आगर-मालवा में 51 फीट ऊंचे रावण के पुतले का दहन किया जाएगा। यहां मेघनाद और कुंभकर्ण के पुतले 25-25 फीट ऊंचे होंगे। 

7. दमोह के तहसील ग्राउंड में 51 फीट ऊंचे रावण के पुतले का दहन किया जाएगा। 

8. सेंधवा में इस बार पहली बार रावण के साथ कुंभकर्ण और मेघनाद के पुतलों का भी दहन किया जाएगा। यहां रावण का पुतला 71 फीट ऊंचा होगा। 

9. शाजापुर के स्टेडियम ग्राउंड में 71 फीट ऊंचे रावण और 25-25 फीट ऊंचे कुंभकर्ण व मेघनाद के पुतलों का दहन किया जाएगा।

10. श्योपुर के मेला ग्राउंड में 52 फीट ऊंचे रावण के पुतले का दहन होगा। वहीं, आलीराजपुर में 41 फीट ऊंचे रावण का पुतला जलाया जाएगा। 

चांदी की पालकी में दशहरा मैदान पहुंचेंगे बाबा महाकाल

उज्जैन में विजयादशमी पर बाबा महाकाल की सवारी विशेष आकर्षण रहेगी। बाबा महाकाल चांदी की पालकी में दशहरा मैदान पहुंचेंगे, जहां शमी वृक्ष का पूजन किया जाएगा।सवारी मार्ग पर करीब 1 लाख वर्गफीट क्षेत्र में रंगोली बनाई जाएगी। आयोजन के दौरान ड्रोन के जरिए पालकी पर 500 किलोग्राम फूल बरसाने की भी तैयारी है। धार्मिक परंपराओं और भव्य सजावट के कारण उज्जैन का दशहरा समारोह खास रहने वाला है।

ग्वालियर में 65 फीट और जबलपुर में 75 फीट का रावण जलेगा

ग्वालियर में फूलबाग मैदान पर 65 फीट ऊंचे रावण के पुतले का दहन किया जाएगा।  केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया भी समारोह में शामिल होंगे। आयोजन के दौरान करीब 30 मिनट तक आतिशबाजी की जाएगी।वहीं, जबलपुर के ग्वारीघाट में 75 फीट ऊंचा रावण का पुतला तैयार किया गया है।

बारिश के अलर्ट के बीच पुतलों को बचाने के इंतजाम

मध्य प्रदेश के कई शहरों में बारिश की संभावना के चलते दशहरा उत्सव समितियां सतर्क हैं। बारिश से पुतलों को नुकसान न पहुंचे, इसके लिए उन्हें सुरक्षित रखने के विशेष इंतजाम किए गए हैं।

 

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