samacharsecretary.com

मध्य प्रदेश में बदलेगा मौसम, ग्वालियर-जबलपुर समेत 33 जिलों में बारिश की चेतावनी

भोपाल 
मध्य प्रदेश में दो दिन से चक्रवाती तूफान ‘अर्नब’ का असर बना हुआ है। मऊगंज में शुक्रवार सुबह से रिमझिम बरसात हो रही है। मौसम विभाग के मुताबिक, 2 नवंबर तक प्रदेश में बारिश हो सकती है। आज ग्वालियर-जबलपुर समेत 33 जिलों में तेज हवाएं चलने और हल्की बारिश होने के आसार। 

मौसम विभाग ने अगले 24 घंटे के लिए राजगढ़, विदिशा, नीमच, आगर-मालवा, मंदसौर, ग्वालियर, गुना, शिवपुरी, दतिया, अशोकनगर, मुरैना, भिंड, श्योपुर, जबलपुर, कटनी, बालाघाट, मंडला, डिंडौरी, रीवा, सतना, सीधी, सिंगरौली, मैहर, शहडोल, उमरिया, अनूपपुर, सागर, पन्ना, दमोह, छतरपुर, टीकमगढ़ और निवाड़ी में अलर्ट जारी किया है।

वहीं, भोपाल, रायसेन, सीहोर, नरसिंहपुर, सिवनी, छिंदवाड़ा, पांढुर्णा, बैतूल, नर्मदापुरम, हरदा, शाजापुर, देवास, इंदौर, उज्जैन, रतलाम, झाबुआ, आलीराजपुर, धार, बड़वानी, खरगोन, खंडवा और बुरहानपुर में मौसम साफ रहने और धूप निकलने की उम्मीद है।

बारिश से फसलों को नुकसान, मंडी में भीगा मक्का
बेमौसम बारिश से फसलों को नुकसान होने की आशंका है। गुरुवार को पांढुर्णा की मंडी में खुले में रखे मक्के के ढेर भीग गए। इससे हजारों क्विंटल मक्का खराब होने की आशंका है। छिंदवाड़ा समेत कई जिलों में धान की फसल खेतों में खड़ी है। बारिश से धान के दानों की गुणवत्ता प्रभावित हो सकती है।

रायसेन के दशहरा मैदान में करीब 200 ट्रॉलियों में धान लेकर पहुंचे किसानों को भी उपज बचाने के लिए मशक्कत करनी पड़ी। गुरुवार को भोपाल, सागर, सिंगरौली, पांढुर्णा, मैहर, दमोह, सीहोर और नर्मदापुरम समेत कई जिलों में बारिश हुई।

हालांकि, बारिश से तुअर, कपास और संतरे की फसलों को राहत मिलने की उम्मीद है।

पचमढ़ी में रात का तापमान 15.2 डिग्री
आंधी-बारिश के कारण गुरुवार को प्रदेश के कई हिस्सों में दिन के समय ठंडक महसूस हुई। दिन के तापमान में 2 डिग्री तक गिरावट दर्ज की गई।

बीती रात पचमढ़ी में न्यूनतम तापमान 15.2 डिग्री सेल्सियस रहा। नौगांव में 15.6, अमरकंटक में 16.1, खरगोन और दमोह में 17, जबकि धार में 17.1 डिग्री तापमान दर्ज किया गया।

Leave a Comment

हम भारत के लोग
"हम भारत के लोग" यह वाक्यांश भारत के संविधान की प्रस्तावना का पहला वाक्य है, जो यह दर्शाता है कि संविधान भारत के लोगों द्वारा बनाया गया है और उनकी शक्ति का स्रोत है. यह वाक्यांश भारत की संप्रभुता, लोकतंत्र और लोगों की भूमिका को उजागर करता है.
Click Here
जिम्मेदार कौन
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here
Slide 3 Heading
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here