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लौह पुरुष सरदार पटेल की मनाई गई 151वीं जयंती, ग्राम भगतपुर में राष्ट्र की एकता और अखंडता का दिया संदेश

रायपुर

 देश की एकता और अखंडता के प्रतीक लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की 151वीं जयंती पर कबीरधाम जिले के पंडरिया विकासखंड के ग्राम भगतपुर में जिला कुर्मी क्षत्रिय समाज द्वारा भव्य समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में प्रदेश के उप मुख्यमंत्री  विजय शर्मा मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। अतिथियों ने सरदार वल्लभभाई पटेल की प्रतिमा पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। इस अवसर पर राजनांदगांव लोकसभा क्षेत्र के सांसद  संतोष पाण्डेय, पंडरिया विधायक भावना बोहरा विशेष रूप से उपस्थित रहे। सभी ने देश की एकता, अखंडता और अखंड भारत के निर्माण में लौह पुरुष सरदार पटेल के ऐतिहासिक योगदान को याद करते हुए उन्हें नमन किया। 

उप मुख्यमंत्री  विजय शर्मा ने सामाजिक भवन निर्माण के लिए 25 लाख रुपए तथा सीसी रोड एवं डोम निर्माण के लिए 20 लाख रुपए देने की घोषणा की। वहीं विधायक भावना बोहरा ने अटल चौक के पास पूर्व प्रधानमंत्री  अटल बिहारी वाजपेयी की प्रतिमा स्थापना एवं सौंदर्यीकरण के लिए 10 लाख रुपए देने की घोषणा की। इस तरह कुल 55 लाख रुपए के विकास कार्यों की सौगात दी गई। कृषक कल्याण परिषद के अध्यक्ष  सुरेश चंद्रवंशी, छत्तीसगढ़ कुर्मी क्षत्रिय समाज के दुर्ग संभाग के मंत्री  नंदलाल चंद्रकार, जिला पंचायत के उपाध्यक्ष  कैलाश चंद्रवंशी, नगरपालिका के अध्यक्ष  चंद्रप्रकाश चंद्रवंशी सहित अन्य जनप्रतिनिधि और समाज के पदाधिकारी उपस्थित रहे। 

सरदार पटेल ने रियासतों को एक सूत्र में पिरोकर बनाया अखंड भारत– उप मुख्यमंत्री  विजय शर्मा

उप मुख्यमंत्री  विजय शर्मा ने अपने संबोधन में कहा कि सरदार वल्लभभाई पटेल ने स्वतंत्रता के समय देश के सामने मौजूद सबसे बड़ी चुनौतियों में से एक चुनौती को स्वीकार किया और साढ़े 500 से अधिक रियासतों को एकजुट कर गौरवशाली एवं वैभवशाली भारत के निर्माण में ऐतिहासिक भूमिका निभाई। हैदराबाद के निजाम सहित अनेक जटिल परिस्थितियों के बावजूद उन्होंने अपनी दृढ़ इच्छाशक्ति और कुशल नेतृत्व से रियासतों का भारत में विलय कराया। गुजरात में प्रधानमंत्री  नरेंद्र मोदी द्वारा स्थापित स्टैच्यू ऑफ यूनिटी आज भी सरदार पटेल के व्यक्तित्व और राष्ट्र के प्रति उनके योगदान की प्रेरणा देता है।

उप मुख्यमंत्री  शर्मा ने छत्रपति शिवाजी महाराज का उल्लेख करते हुए कहा कि इतिहास में जब मुगल शासकों द्वारा देश में हिंदू राजाओं को समाप्त करने और विभिन्न क्षेत्रों पर अपना प्रभुत्व स्थापित करने के प्रयास किए जा रहे थे, तब छत्रपति शिवाजी महाराज ने उनके सामने दृढ़ता से खड़े होकर संघर्ष किया और देश की रक्षा के लिए महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उन्होंने समाज की एकजुटता और कृषि परंपरा पर जोर देते हुए कहा कि जब समाज की गंगा एक साथ जुड़ती है, तो उससे सकारात्मक और रचनात्मक परिणाम सामने आते हैं। उन्होंने कहा कि कुर्मी समाज कृषि प्रधान समाज रहा है। समाज के लोगों को आधुनिकता और विविधता के साथ खेती की दिशा में आगे बढ़ना चाहिए। कम जमीन में भी अलग-अलग प्रकार की फसलों और कृषि उत्पादों के माध्यम से बेहतर उत्पादन एवं आमदनी प्राप्त की जा सकती है। उन्होंने समाज के युवाओं और चिंतकों से समाज की उन्नति, संस्कृति और परंपराओं को अगली पीढ़ी तक पहुंचाने के लिए मिलकर प्रयास करने का आह्वान किया।

सामाजिक एकता ही विकास की सबसे बड़ी ताकत– सांसद  संतोष पाण्डेय

सांसद  संतोष पाण्डेय ने सरदार वल्लभभाई पटेल के व्यक्तित्व और राष्ट्र निर्माण में उनके योगदान को याद करते हुए कहा कि सरदार पटेल स्वतंत्र भारत के ऐसे महान नेतृत्वकर्ता थे, जिन्होंने देश की एकता और अखंडता को सर्वोच्च प्राथमिकता दी। उन्होंने छत्रपति शिवाजी महाराज का भी उल्लेख करते हुए कहा कि देश के इतिहास में ऐसे महान व्यक्तित्वों का योगदान हमेशा प्रेरणा देता रहेगा। उन्होंने समाज की एकजुटता, गौरव और सामाजिक नेतृत्व के महत्व पर अपने विचार रखे।

समाज की एकजुटता से आने वाली पीढ़ी को मिलेगी नई दिशा– विधायक भावना बोहरा

 विधायक भावना बोहरा ने कहा कि सरदार वल्लभभाई पटेल देश की एकता और सामाजिक समरसता के प्रतीक हैं। उन्होंने सैकड़ों रियासतों को एकजुट कर अखंड भारत के निर्माण में ऐतिहासिक योगदान दिया। उन्होंने कहा कि समाज की एकजुटता से विकास को नई दिशा मिलती है। सामाजिक आयोजनों से युवा पीढ़ी को अपनी संस्कृति, परंपराओं और रीति-नीति को समझने का अवसर मिलता है। उन्होंने समाज के सभी लोगों से एकजुट होकर आने वाली पीढ़ी के बेहतर भविष्य और समाज की उन्नति के लिए कार्य करने का आह्वान किया।

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