samacharsecretary.com

राज्योत्सव में खास पहल, अब मुफ्त में करा सकेंगे बोरवेल और कुओं के पानी की जांच

छत्तीसगढ़ राज्योत्सव 2026

लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग की अनूठी पहल, मेले में ही मिलेगा निजी बोरवेल और कुओं के पानी की जांच का निःशुल्क अवसर

रायपुर
छत्तीसगढ़ राज्य के स्थापना दिवस के पावन अवसर पर आयोजित राज्योत्सव 2026 (01 से 03 नवंबर 2026) में इस बार आम नागरिकों के स्वास्थ्य और शुद्ध पेयजल को लेकर एक विशेष सुविधा शुरू की गई है। मेले में आने वाले नागरिकों को अपनी निजी जल स्रोतों की शुद्धता परखने का सीधा मौका मिल रहा है। लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग द्वारा राज्योत्सव के इस तीन दिवसीय भव्य आयोजन के दौरान विभागीय प्रदर्शनी स्थल पर पेयजल का प्रत्यक्ष रासायनिक जल परीक्षण किया जा रहा है। नागरिक अपने पीने और सिंचाई के पानी की गुणवत्ता (जैसे फ्लोराइड, आर्सेनिक, भारी धातुएं और बैक्टीरिया) की जांच बिना किसी शुल्क के सरकारी प्रयोगशालाओं में करवा सकते हैं।

निःशुल्क जल परीक्षण का लाभ उठाएं

        लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग द्वारा दी जा रही इस सुविधा के तहत यदि कोई भी हितग्राही अपने घर के निजी ट्यूबवेल (बोरवेल) या कुएं के पानी की गुणवत्ता की जांच कराना चाहता है, तो वह बेहद आसानी से इसका लाभ उठा सकता है। लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के मुख्य प्रदर्शनी स्थल, राज्योत्सव परिसर में संपर्क किया जा सकता है। यह पूरी तरह से निःशुल्क है। जल नमूनों की जांच के तुरंत बाद विभागीय काउंटर से ही परीक्षण रिपोर्ट भी प्रदान की जा रही है, जिससे नागरिकों को पानी में मौजूद तत्वों और उसकी पीने योग्य स्थिति की सटीक जानकारी मिल सके।

शुद्ध पेयजल के प्रति जागरूकता पर जोर

        लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के इस स्टॉल पर विशेषज्ञों द्वारा आगंतुकों को पानी की गुणवत्ता, भू-जल संरक्षण और सुरक्षित पेयजल के उपायों के बारे में भी जागरूक किया जा रहा है। राज्योत्सव में शामिल होने वाले आमजन इस विशेष सेवा का लाभ उठाकर अपने परिवार के स्वास्थ्य को सुरक्षित रखने की दिशा में कदम उठा सकते हैं। प्रशासन ने अपील की है कि अधिक से अधिक नागरिक इस सुविधा का लाभ उठाएं और अपने जल स्रोतों की गुणवत्ता की जांच करवाएं।

Leave a Comment

हम भारत के लोग
"हम भारत के लोग" यह वाक्यांश भारत के संविधान की प्रस्तावना का पहला वाक्य है, जो यह दर्शाता है कि संविधान भारत के लोगों द्वारा बनाया गया है और उनकी शक्ति का स्रोत है. यह वाक्यांश भारत की संप्रभुता, लोकतंत्र और लोगों की भूमिका को उजागर करता है.
Click Here
जिम्मेदार कौन
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here
Slide 3 Heading
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here