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अनीश दयाल सिंह को मिली अहम जिम्मेदारी, अब बने अजित डोभाल की टीम का हिस्सा

नई दिल्ली
सीआरपीएफ और आईटीबीपी के पूर्व महानिदेशक अनीश दयाल सिंह को डिप्टी राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार नियुक्त किया गया है। इन्हें आंतरिक मामलों की जिम्मेदारी सौंपी गई है। मणिपुर कैडर के 1988 बैच के भारतीय पुलिस सेवा (आईपीएस) अधिकारी सिंह 31 दिसंबर 2024 को केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) के महानिदेशक (DG) के पद से सेवानिवृत्त हुए थे। इस नियुक्ति को राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (NSA) अजित डोभाल की टीम को और मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

यूपी के प्रयागराज के रहने वाले हैं अनीश दयाल सिंह
उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में 1964 में जन्मे अनीश दयाल सिंह ने अपने करियर में कई महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां निभाई हैं और राष्ट्रीय सुरक्षा के क्षेत्र में उनका योगदान उल्लेखनीय रहा है। इससे पहले वे इंडो-तिब्बत बॉर्डर पुलिस (ITBP) और सशस्त्र सीमा बल (SSB) के महानिदेशक के रूप में भी अपनी सेवाएं दे चुके हैं। CRPF के DG के रूप में उनके कार्यकाल में उन्होंने जम्मू-कश्मीर में आतंकवाद विरोधी अभियानों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई और देश की आंतरिक सुरक्षा को मजबूत करने में योगदान दिया। इसके अलावा अगस्त 2024 में उन्हें राष्ट्रीय सुरक्षा गार्ड (NSG) और केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (CISF) का अतिरिक्त प्रभार भी सौंपा गया था।

मणिपुर कैडर के आईपीएस अधिकारी
अनीश दयाल सिंह ने अपने करियर की शुरुआत मणिपुर कैडर के IPS अधिकारी के रूप में की थी। उन्होंने कई वर्षों तक केंद्रीय खुफिया ब्यूरो (IB) में विशेष निदेशक के रूप में काम किया, जहां उन्होंने कई संवेदनशील और महत्वपूर्ण ऑपरेशनों का नेतृत्व किया। उनकी विशेषज्ञता और अनुभव को देखते हुए उनकी डिप्टी NSA के रूप में नियुक्ति राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े मामलों में भारत की रणनीति को और प्रभावी बनाने में सहायक होगी। राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजित डोभाल के नेतृत्व में डिप्टी NSA के रूप में अनीश दयाल सिंह आतंकवाद, साइबर सुरक्षा और आंतरिक खतरों जैसे मुद्दों पर महत्वपूर्ण सलाह देंगे। उनकी नियुक्ति से राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद को और मजबूती मिलने की उम्मीद है। यह नियुक्ति ऐसे समय में हुई है जब भारत क्षेत्रीय और वैश्विक स्तर पर सुरक्षा चुनौतियों का सामना कर रहा है।

 

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