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हुंडई की बंपर डील: इन 3 कारों पर मिल रहा 80,000 रुपए से ज्यादा का डिस्काउंट, मौका सिर्फ जुलाई तक!

नई दिल्ली हुंडई जुलाई महीने के दौरान अपने अलग-अलग मॉडल पर बंपर डिस्काउंट दे रही है। अगर आप भी अगले कुछ दिनों में नहीं हुंडई कार खरीदने की प्लानिंग कर रहे हैं तो आपके लिए खुशखबरी है। बता दें कि इस दौरान हुंडई के तीन कारों पर 80,000 रुपये से ज्यादा की छूट मिल रही है। इनमें हुंडई टक्सन, हुंडई वेन्यू और हुंडई ग्रैंड i10 Nios शामिल हैं। बता दें कि यह ऑफर जुलाई, 2025 के अंत तक ही वैलिड है। डिस्काउंट की अधिक जानकारी के लिए ग्राहक अपने नजदीकी डीलरशिप संपर्क कर सकते हैं। यहां जानिए डिस्काउंट की डिटेल हुंडई टक्सन के डीजल वैरिएंट पर ग्राहक जुलाई महीने के दौरान अधिकतम 1 लाख रुपये तक की बचत कर सकते हैं। जबकि कंपनी की दूसरी सबसे ज्यादा बिकने वाली एसयूवी हुंडई वेन्यू पर 85,000 रुपये की छूट मिल रही है। इसके अलावा, हुंडई वेन्यू N-लाइन पर भी इस दौरान 85,000 रुपये का डिस्काउंट मिल रहा है। जबकि कंपनी इसी दौरान हुंडई ग्रैंड i10 एनआईओएस के सीएनजी वैरिएंट पर 85,000 रुपये तक की छूट दे रही है। कार में है 6-एयरबैग की सेफ्टी अगर सबसे ज्यादा डिस्काउंट वाले कार हुंडई टक्सन की बात करें तो इसके केबिन में ग्राहकों को 10.25-इंच का टचस्क्रीन इन्फोटेनमेंट सिस्टम, 10.25-इंच का ड्राइवर डिस्प्ले, कनेक्टेड कार टेक्नोलॉजी, एक पैनोरमिक सनरूफ, डुअल जोन क्लाइमेट कंट्रोल, हीटेड और वेंटीलेटेड फ्रंट सीट्स और वायरलेस फोन चार्जिंग जैसे फीचर्स मिलते हैं। इसके अलावा, सेफ्टी के लिए कार में 6-एयरबैग और 360-डिग्री कैमरा जैसे फीचर्स दिए गए हैं। हुंडई टक्सन की शुरुआती एक्स-शोरूम कीमत 29.27 लाख रुपये से लेकर टॉप मॉडल में 36.04 लाख रुपये तक जाती है।

राजस्थान में फिर गूंजेगी क्रिकेट की गूंज, घरेलू सत्र 2025-26 का कार्यक्रम घोषित

जयपुर आरसीए की एडहॉक कमेटी ने घरेलू क्रिकेट सत्र 2025-26 का कैलेंडर जारी कर दिया है। इसके अनुसार विभिन्न आयु वर्ग की पुरुष और महिला क्रिकेट प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जाएगा। कैलेंडर की घोषणा आरसीए एडहॉक कमेटी के संयोजक डी. डी. कुमावत, सदस्य पिंकेश पोरवाल और आशीष तिवारी ने सीनियर चयन समिति की उपस्थिति में की। संयोजक डी.डी. कुमावत ने बताया कि यह कैलेंडर बीसीसीआई द्वारा आयोजित राष्ट्रीय क्रिकेट प्रतियोगिताओं की तैयारी के मद्देनजर बनाया गया है। इसके लिए पूर्व पुरुष और महिला खिलाड़ियों की 14 सदस्यीय समिति के सुझावों के आधार पर योजना तैयार की गई है। कैलेंडर के अनुसार आयोजित होने वाली प्रमुख प्रतियोगिताओं में राज्य स्तरीय सीनियर चैलेंजर ट्रॉफी, राज्य स्तरीय सीनियर वीमेन टी-20 प्रतियोगिता, अंडर-19 ट्रॉफी (पुरुष वर्ग), अंडर-23 ट्रॉफी (पुरुष वर्ग), अंडर-16 ट्रॉफी (पुरुष वर्ग), अंडर-19 और अंडर-15 महिला चयन ट्रायल्स शामिल हैं। राजस्थान सीनियर चयन समिति की बैठक में यह निर्णय भी लिया गया कि सीनियर चैलेंजर ट्रॉफी से पूर्व संभावित खिलाड़ियों के लिए 1 से 6 अगस्त के बीच जयपुर में फिटनेस और स्किल्स सेशन आयोजित किया जाएगा, जिससे खिलाड़ी प्रतियोगिता से पहले खुद को पूरी तरह से तैयार कर सकें। संयोजक कुमावत ने कहा कि आरसीए का प्रयास है कि सभी खिलाड़ियों को अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने का उचित अवसर मिले और वे राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं के लिए तैयार रह सकें।

जिला से लेकर प्रदेश स्तर तक BJP दफ्तरों में नई व्यवस्था लागू, प्रदेशाध्यक्ष की तय हुई मिलने की तिथियां

भोपाल  मध्यप्रदेश में भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने संगठन और सरकार के बीच समन्वय को मजबूत करने के उद्देश्य से एक अहम फैसला लिया है। अब भोपाल स्थित पार्टी के प्रदेश कार्यालय में हर दिन एक मंत्री की ड्यूटी अनिवार्य रूप से लगाई जाएगी। इस दौरान संबंधित मंत्री प्रदेश कार्यालय में उपस्थित रहकर जनता और कार्यकर्ताओं से सीधे संवाद करेंगे, उनकी समस्याएं सुनेंगे और सरकार का पक्ष भी प्रमुख मुद्दों पर स्पष्ट करेंगे। इसलिए उठाया ये कदम पार्टी के इस फैसले से न केवल कार्यालय में मंत्रियों की नियमित मौजूदगी सुनिश्चित होगी, बल्कि संगठन की जमीन पर सक्रियता भी बढ़ेगी।भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल इस व्यवस्था में सक्रिय भूमिका निभाएंगे। उन्होंने खुद सप्ताह में दो दिन सोमवार और मंगलवार प्रदेश कार्यालय में बैठने का शेड्यूल तय किया है। जिसमें वे कार्यकर्ताओं से मिलेंगे, संगठनात्मक गतिविधियों की समीक्षा करेंगे और जनता की शिकायतों पर सीधे फीडबैक लेंगे। बुधवार से लेकर रविवार तक प्रदेश अध्यक्ष खंडेलवाल जिलों के प्रवास, बैठकें और पार्टी के कार्यक्रमों में शामिल होंगे। प्रदेश अध्यक्ष से भेंट-मुलाकात का दिन तय होने से प्रदेश कार्यालय में रोजाना नेताओं, कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों की लगने वाली भीड़ कम होगी। जिला कार्यालयों में भी व्यवस्था बदलेगी बीजेपी के नव नियुक्त प्रदेश अध्यक्ष ने सभी जिला अध्यक्षों से कहा है कि वे कार्यालय में सातों दिन न बैठें। दो दिन जिला कार्यालय पर रहने के लिए तय करें और बाकी दिनों में जिले में आने वाले मंडलों और विधानसभा क्षेत्रों में प्रवास के कार्यक्रम बनाएं। जिला कार्यालयों पर मिलेंगे विधायक, सांसद भाजपा प्रदेशाध्यक्ष ने जिला अध्यक्षों को ये सलाह दी है कि वे विधायकों, सांसदों से चर्चा करके उनके साथ जिला कार्यालय पर बैठें। इससे कार्यकर्ताओं और आम जनता में अच्छा संदेश जाएगा। शनिवार-रविवार के दिन विधायकों, सांसदों को अपने जिले के भाजपा कार्यालय पर बैठकर कार्यकर्ताओं और आम जनता से मेल मुलाकात करने की सलाह है। प्रदेश कार्यालय में बैठेंगे मंत्री भोपाल में भाजपा के प्रदेश कार्यालय में राज्य सरकार के एक मंत्री को रोज बैठने की व्यवस्था पर मंथन चल रहा है। राज्य सरकार के मंत्री पार्टी के प्रदेश कार्यालय में बैठकर कार्यकर्ताओं की समस्याएं सुनेंगे।शिकायती आवेदनों को संबंधित विभागों में भेजकर निराकरण कराएंगे। इससे कार्यकर्ताओं की मंत्रियों से सहज मुलाकात भी हो सकेगी और समस्याएं भी आसानी से सुलझ जाएंगी। भोपाल ऑफिस के चक्कर लगाने वालों को दी नसीहत हेमंत खंडेलवाल ने पार्टी के जिला अध्यक्षों और प्रदेश पदाधिकारियों की बैठक में कहा था कई कार्यकर्ता ऐसे हैं, जो मुझे सातों दिन यहीं (प्रदेश भाजपा कार्यालय) में दिखते हैं। जिसको जहां दायित्व मिला है उन्हें वहां समय देना चाहिए। प्रदेश अध्यक्ष की इस टिप्पणी के बाद प्रदेश कार्यालय में रोजाना चक्कर लगाने वाले नेताओं का आना कम हो गया है। कार्यकर्ता और जनता के लिए बनेगा संवाद का मंच इस नई व्यवस्था से प्रदेश कार्यालय कार्यकर्ताओं और आम नागरिकों के लिए अधिक सुलभ मंच बन जाएगा। जो कार्यकर्ता या आमजन अपनी बात सरकार तक सीधे पहुंचाना चाहते हैं, उन्हें अब मंत्रियों से मिलने के लिए इधर-उधर भटकने की ज़रूरत नहीं होगी। तय दिन पर वे सीधे कार्यालय पहुंचकर संवाद कर सकेंगे। संगठन-सरकार का तालमेल प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल पहले ही कार्यकर्ताओं को सलाह दे चुके हैं कि वे भोपाल में अनावश्यक समय न बिताएं और अपने क्षेत्रों में सक्रिय रहें। अब जब मंत्री खुद राजधानी के प्रदेश कार्यालय में नियमित रूप से बैठेंगे, तो कार्यकर्ताओं को भी स्पष्ट मार्गदर्शन मिलेगा और निर्णय प्रक्रिया अधिक प्रभावी बन सकेगी। जल्द लागू होगी व्यवस्था यह नई प्रणाली जल्द ही अमल में लाई जाएगी, जिससे प्रदेश कार्यालय में नेताओं की उपस्थिति, जनता से सीधा संवाद और संगठन के स्तर पर स्पष्टता तीनों ही पहलुओं को एक नई धार मिलेगी। भाजपा इसे संगठन को मजबूत करने की दिशा में बड़ा और सकारात्मक कदम मान रही है। मुख्य बिंदु     प्रदेश भाजपा कार्यालय भोपाल में हर दिन एक मंत्री की ड्यूटी अनिवार्य।     मंत्री जनता से संवाद करेंगे और सरकार का पक्ष रखेंगे।     प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल सोमवार और मंगलवार को स्वयं बैठेंगे।     जन-संगठन संवाद को मजबूत करने की दिशा में यह एक नई पहल।     जल्द ही नई व्यवस्था लागू होने की संभावना।

लव जिहाद मामले में फरार कांग्रेस नेता पर इनाम हुआ दोगुना, सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट

इंदौर  इंदौर पुलिस ने एक कांग्रेस पार्षद की गिरफ्तारी के लिए इनाम की राशि दोगुनी कर दी है. वह 'लव जिहाद' के लिए पैसे मुहैया कराने के मामले में एक महीने से फरार है.   एसीपी राजेश दंडोतिया ने बताया कि आरोपी अनवर कादरी उर्फ डकैत की गिरफ्तारी के लिए इनाम की राशि 10 हजार रुपये से बढ़ाकर 20 हजार रुपये कर दी गई है. अगर पार्षद को आने वाले दिनों में गिरफ्तार नहीं किया जाता है, तो उसकी संपत्ति कुर्क करने की कार्रवाई शुरू की जाएगी. दरअसल, शहर के दो युवकों साहिल शेख और अल्ताफ शाह ने बीते जून में पुलिस के सामने कबूल किया था कि कांग्रेस पार्षद कादरी ने उन्हें लड़कियों को प्रेम संबंधों में लाने और उनका धर्म परिवर्तन कराने के लिए 3 लाख रुपये दिए थे. यह पैसा लड़कियों पर खर्च किया गया था. पुलिस अधिकारी ने बताया कि शेख और शाह दोनों को दो लड़कियों द्वारा लगाए गए रेप और अन्य आरोपों से जुड़े अलग-अलग मामलों में गिरफ्तार किया गया था. उन्होंने बताया कि उनके बयानों के आधार पर पुलिस ने कादरी पर पैसे के बल पर लोगों का धर्म परिवर्तन कराने की साजिश रचने का मामला दर्ज किया है. कादरी, जिसके खिलाफ शहर के विभिन्न पुलिस थानों में 18 आपराधिक मामले दर्ज हैं, तब से फरार है. उसके भूमिगत होने के बाद, जिला प्रशासन ने कड़े राष्ट्रीय सुरक्षा कानून के तहत कादरी की गिरफ्तारी का आदेश दिया.

सेल्फ कॉन्फिडेंस बढ़ाना है? तो आज ही छोड़ दें ये 5 आदतें

हर इंसान में सेल्फ कॉन्फिडेंस का होना जरूरी है। ये एक ऐसी जरूरी चीज है जिसके बल पर वो दुनिया में कुछ भी हासिल कर सकता है। जिस इंसान में सेल्फ कॉन्फिडेंस की कमी होती है वो ज्यादातर सक्सेज नहीं पाते। अगर आपके अंदर भी सेल्फ कॉन्फिडेंस की कमी रहती है तो जरा इन 5 आदतों पर गौर करें। अगर ये आदते आपकी लाइफ का हिस्सा हैं तो फौरन इन्हें दूर कर दें। तभी आत्मविश्वास बढ़ पाएगा। खुद के बारे में निगेटिव सोचना अगर आप खुद के बारे में हमेशा निगेटिव बातें बोलते और सोचते हैं। खुद की कमियां निकालते हैं तो इससे आपकी सेल्फ एस्टीम प्रभावित होती है। और आपके अंदर का आत्मविश्वास कमजोर होने लगता है। आपको खुद पर विश्वास नहीं रहता कि कोई काम आप अकेले कर सकते हैं। इसलिए सेल्फ वैल्यूएशन करने और खुद को क्रिटिसाइज करने के बीच का फर्क समझकर निगेटिव सोचना बंद करें। हमेशा परफेक्ट बनने की चाह किसी भी काम में परफेक्शन अच्छी बात है लेकिन यहीं परफेक्शन की चाह कई बार आत्मविश्वास को कमजोर कर देती है। क्योंकि जरा सी कमी भी बर्दाश्त नहीं कर पाते हैं और कई बार सेल्फ कॉन्फिडेंस पर निगेटिव असर पड़ता है। दूसरों से तुलना दूसरों से तुलना करना अगर आदत बन जाती है तो खुद में केवल कमियां ही कमियां नजर आती हैं। जिसकी वजह से आत्मविश्वास कमजोर होता है। नए चैलेंज एक्सेप्ट ना करना अगर आप लाइफ में आने वाले नए चैलेंज को एक्सेप्ट नहीं करते हैं तो ये आपकी ग्रोथ को रोक सकती है। क्योंकि मन में बात आती है कि मुझसे ये काम नहीं होगा, जो कि पूरी तरह से कमजोर आत्मविश्वास की निशानी है। खुद को जिम्मेदार ठहराना लाइफ में और अपने आसपास आपसे जुड़े लोगों के जीवन में हो रही किसी भी समस्या के लिए अगर आप खुद को जिम्मेदार ठहराते हैं, तो ये सेल्फ कॉन्फिडेंस को कमजोर बना देती है।  

सेल्फ कॉन्फिडेंस बढ़ाना है? तो आज ही छोड़ दें ये 5 आदतें

हर इंसान में सेल्फ कॉन्फिडेंस का होना जरूरी है। ये एक ऐसी जरूरी चीज है जिसके बल पर वो दुनिया में कुछ भी हासिल कर सकता है। जिस इंसान में सेल्फ कॉन्फिडेंस की कमी होती है वो ज्यादातर सक्सेज नहीं पाते। अगर आपके अंदर भी सेल्फ कॉन्फिडेंस की कमी रहती है तो जरा इन 5 आदतों पर गौर करें। अगर ये आदते आपकी लाइफ का हिस्सा हैं तो फौरन इन्हें दूर कर दें। तभी आत्मविश्वास बढ़ पाएगा। खुद के बारे में निगेटिव सोचना अगर आप खुद के बारे में हमेशा निगेटिव बातें बोलते और सोचते हैं। खुद की कमियां निकालते हैं तो इससे आपकी सेल्फ एस्टीम प्रभावित होती है। और आपके अंदर का आत्मविश्वास कमजोर होने लगता है। आपको खुद पर विश्वास नहीं रहता कि कोई काम आप अकेले कर सकते हैं। इसलिए सेल्फ वैल्यूएशन करने और खुद को क्रिटिसाइज करने के बीच का फर्क समझकर निगेटिव सोचना बंद करें। हमेशा परफेक्ट बनने की चाह किसी भी काम में परफेक्शन अच्छी बात है लेकिन यहीं परफेक्शन की चाह कई बार आत्मविश्वास को कमजोर कर देती है। क्योंकि जरा सी कमी भी बर्दाश्त नहीं कर पाते हैं और कई बार सेल्फ कॉन्फिडेंस पर निगेटिव असर पड़ता है। दूसरों से तुलना दूसरों से तुलना करना अगर आदत बन जाती है तो खुद में केवल कमियां ही कमियां नजर आती हैं। जिसकी वजह से आत्मविश्वास कमजोर होता है। नए चैलेंज एक्सेप्ट ना करना अगर आप लाइफ में आने वाले नए चैलेंज को एक्सेप्ट नहीं करते हैं तो ये आपकी ग्रोथ को रोक सकती है। क्योंकि मन में बात आती है कि मुझसे ये काम नहीं होगा, जो कि पूरी तरह से कमजोर आत्मविश्वास की निशानी है। खुद को जिम्मेदार ठहराना लाइफ में और अपने आसपास आपसे जुड़े लोगों के जीवन में हो रही किसी भी समस्या के लिए अगर आप खुद को जिम्मेदार ठहराते हैं, तो ये सेल्फ कॉन्फिडेंस को कमजोर बना देती है।  

विधानसभा में नारेबाजी और विरोध अब बैन, कांग्रेस बोली – लोकतंत्र की आवाज दबाई जा रही

भोपाल  मध्य प्रदेश में आगामी 28 जुलाई से शुरू हो रहे विधानसभा के मानसून सत्र से पहले विधानसभा अध्यक्ष द्वारा एक महत्वपूर्ण आदेश जारी किया गया है जिसका कांग्रेस ने विरोध शुरू कर दिया है. इस आदेश के तहत, विधानसभा परिसर में किसी भी प्रकार की नारेबाजी या प्रदर्शन करने पर पूर्णतः प्रतिबंध लगा दिया गया है. यह रोक विधान सभा अध्यक्ष द्वारा संविधान के अनुच्छेद 94(2) के अंतर्गत लगाई गई है. आदेश में कहा गया है कि विधायकों द्वारा परिसर में प्रदर्शन, नारेबाजी या किसी प्रकार की भीड़भाड़ वाली गतिविधि पर प्रतिबंध रहेगा. यह निर्णय सत्र के दौरान अनुशासन और शांति बनाए रखने की दृष्टि से लिया गया है. हालांकि, इस निर्णय को लेकर विपक्ष खासतौर पर कांग्रेस ने कड़ा ऐतराज जताया है. कांग्रेस ने किया फैसले का विरोध नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने इस आदेश को सरकार के दबाव में उठाया गया कदम बताया है. उन्होंने कहा, 'विधानसभा अध्यक्ष ने सरकार के दबाव में आकर यह आदेश जारी किया है. विपक्ष बार-बार मांग कर रहा है कि विधानसभा की कार्यवाही को लाइव किया जाए ताकि जनता देख सके कि सदन में उनके मुद्दों को किस तरह उठाया जाता है लेकिन सरकार और अध्यक्ष दोनों ही लोकतंत्र की आवाज़ को दबाने में लगे हैं.' कांग्रेस ने बताया संविधान का उल्लंघन सिंघार ने आगे कहा कि, 'यह संविधान की धारा 194 का उल्लंघन है, जो विधायकों को विशेषाधिकार देती है कि वो जनता के मुद्दे सदन में उठा सकें. प्रदर्शन, नारेबाजी और सवाल पूछना लोकतंत्र का हिस्सा है लेकिन सरकार इन सभी माध्यमों को नियंत्रित कर विपक्ष की आवाज़ को दबाना चाहती है.' कांग्रेस ने स्पष्ट किया है कि वह इस आदेश का खुलकर विरोध करेगी और पूर्व की भांति आगामी सत्र में भी जोर-शोर से जनहित के मुद्दे उठाएगी. कांग्रेस ने इस प्रतिबंध को लोकतंत्र का गला घोंटने वाला निर्णय बताया है.

वैश्विक कंपनी जेबिल भारत में विनिर्माण क्षेत्र में 2,000 करोड़ रुपये से अधिक का निवेश कर रही है: अश्विनी वैष्णव

नई दिल्ली, वैश्विक विनिर्माण कंपनी जेबिल का गुजरात के साणंद स्थित संयंत्र लगभग पूरा हो चुका है। यह संयंत्र देश में सिलिकॉन फोटोनिक्स और अन्य इलेक्ट्रॉनिक वस्तुओं का निर्माण करेगा।जेबिल के 25 से अधिक देशों में 100 से अधिक स्थानों पर 1,40,000 से अधिक कर्मचारी हैं। वैष्णव ने एक्स सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर एक पोस्ट में कहा, "जेबिल भारत में सिलिकॉन फोटोनिक्स और इलेक्ट्रॉनिक विनिर्माण सेवाओं के निर्माण में 2,000 करोड़ रुपये से अधिक का निवेश कर रही है।" मंत्री ने कहा, "साणंद स्थित संयंत्र लगभग पूरा हो चुका है।"जेबिल के ग्राहकों की सूची में स्वास्थ्य सेवा, पैकेजिंग, स्मार्टफोन और क्लाउड उपकरण से लेकर ऑटोमोटिव और घरेलू उपकरणों तक, हर बाजार में दुनिया के 300 सबसे बड़े ब्रांड शामिल हैं।इस बीच, दूरसंचार विभाग (DoT) द्वारा साझा किए गए आंकड़ों के अनुसार, केंद्र सरकार ने कहा है कि उसने 31 मार्च तक दूरसंचार उत्पादन-संबद्ध प्रोत्साहन (PLI) योजना के तहत 1,162 करोड़ रुपये वितरित किए हैं। 1 अप्रैल, 2021 को शुरू की गई इस योजना का उद्देश्य दूरसंचार क्षेत्र में घरेलू विनिर्माण और आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देना है। यह चालू वित्त वर्ष के अंत में समाप्त होने वाली है।इस योजना के तहत चयनित 42 कंपनियों में से 21 निर्माताओं ने अब तक सफलतापूर्वक प्रोत्साहन प्राप्त कर लिए हैं। सरकार ने इस योजना के लिए 4,115 करोड़ रुपये निर्धारित किए थे, जिसका लक्ष्य अनुमानित 2.45 लाख करोड़ रुपये की अतिरिक्त बिक्री और इसके दौरान 44,000 से अधिक नए रोजगार सृजित करना था। जेबिल शीर्ष लाभार्थी के रूप में उभरा, जिसने दो वित्तीय वर्षों में 235.87 करोड़ रुपये का प्रोत्साहन प्राप्त किया। अन्य प्रमुख प्राप्तकर्ताओं में फ्लेक्सट्रॉनिक्स (165.12 करोड़ रुपये), नोकिया (157.32 करोड़ रुपये), फॉक्सकॉन राइजिंग स्टार्स (80.33 करोड़ रुपये) और सिरमा एसजीएस (53.23 करोड़ रुपये) शामिल हैं।उद्योग विशेषज्ञों का मानना है कि दूरसंचार ऑपरेटरों और सरकार के दृष्टिकोण के बीच मज़बूत तालमेल ज़रूरी है। वे आत्मनिर्भरता और रोज़गार सृजन के लक्ष्यों को सही मायने में साकार करने के लिए उच्च स्थानीय मूल्य संवर्धन वाले दूरसंचार उत्पादों की खरीद को प्रोत्साहित करने के महत्व पर ज़ोर देते हैं।  

‘स्प्री’योजना :नियोक्ताओं और कर्मचारियों को मिलेगा पंजीकरण का विशेष अवसर

सतना कर्मचारी राज्य बीमा निगम (ईएसआईसी) ने नियोक्ताओं और कर्मचारियों के पंजीकरण को प्रोत्साहित करने के लिए 'स्प्री' ( एसपीआरईई ) योजना को मंजूरी दे दी है। यह निर्णय हिमाचल प्रदेश के शिमला में आयोजित 196वीं ईएसआईसी बैठक में लिया गया, जिसकी अध्यक्षता डॉ. मनसुख मांडविया, केंद्रीय श्रम एवं रोजगार तथा युवा मामले एवं खेल मंत्री ने की। इस संबंध में निश्चल कुमार नाग, संयुक्त निदेशक (जॉइंट डायरेक्टर) एवं प्रभारी, उप क्षेत्रीय कार्यालय, भोपाल ने जानकारी दी कि यह योजना मध्यप्रदेश सहित देशभर में प्रभावी रूप से लागू की जा रही है। योजना के अंतर्गत नियोक्ता अपने प्रतिष्ठान और कर्मचारियों का पंजीकरण ईएसआईसी पोर्टल, श्रम सुविधा पोर्टल और एमसीए पोर्टल के माध्यम से डिजिटल रूप से कर सकते हैं। पंजीकरण की तिथि वही मानी जाएगी जो नियोक्ता द्वारा घोषित की जाएगी। इस योजना के तहत पंजीकरण से पूर्व की अवधि के लिए न तो किसी योगदान (Contribution) की मांग की जाएगी और न ही कोई निरीक्षण (Inspection) या रिकॉर्ड प्रस्तुत करने की आवश्यकता होगी।  नियोक्ताओं को सुनहरा अवसर यह योजना उन नियोक्ताओं के लिए सुनहरा अवसर है जो अब तक ईएसआईसी के तहत पंजीकृत नहीं हुए हैं या जिन्होंने सभी पात्र कर्मचारियों (ठेका, अस्थायी, अनियमित आदि) को शामिल नहीं किया है। योजना 1 जुलाई से 31 दिसंबर 2025 तक प्रभावी रहेगी, जो पंजीकरण के लिए एक अवसर प्रदान करती है। क्या है 'स्प्री' का उद्देश्य 'स्प्री' योजना का उद्देश्य स्वैच्छिक अनुपालन  को बढ़ावा देना और पिछली देनदारियों के भय को दूर कर पंजीकरण प्रक्रिया को सरल बनाना है। पहले ईएसआईसी में पंजीकरण नहीं कराने पर कानूनी कार्रवाई और बकाया मांग की जा सकती थी। लेकिन 'स्प्री' 2025 योजना उन अड़चनों को दूर कर रही है ताकि अधिक प्रतिष्ठान और श्रमिक ईएसआईसी की सामाजिक सुरक्षा के दायरे में आ सकें।पंजीकरण के पश्चात कर्मचारी और उनके परिवार ईएसआईसी के तहत चिकित्सा सुविधाओं, बीमारी, मातृत्व, दुर्घटना अथवा मृत्यु की स्थिति में नकद लाभ  प्राप्त कर सकेंगे। साथ ही, उन्हें दीर्घकालीन सामाजिक सुरक्षा  भी मिलेगी। श्री नाग ने बताया कि यह योजना न केवल नियोक्ताओं को उनके कार्यबल को नियमित करने के लिए प्रेरित करती है, बल्कि ठेका और अस्थायी श्रमिकों को भी ईएसआईसी एक्ट 1948 के तहत आवश्यक सामाजिक सुरक्षा और स्वास्थ्य लाभ सुनिश्चित करती है। उन्होंने बताया कि यह पहल ईज ऑफ डूइंग बिज़नेस को बढ़ावा देती है और यूनिवर्सल सोसल सेक्योरिटी कवरेज के लक्ष्य की ओर एक ठोस कदम है। उन्होंने सभी प्रतिष्ठानों से अपील की कि वे इस स्वैच्छिक और सरल योजना का अधिक से अधिक लाभ उठाएं और अपने कर्मचारियों को सामाजिक सुरक्षा के अंतर्गत लाएं। जानकारी के लिए यहां संपर्क करें सतना जिले में ईएसआईसी से संबंधित जानकारी के लिए नियोक्ता या कर्मचारी बिरला कॉलोनी कैम्पस पर स्थित ऑफिस में संपर्क सकते हैं या फिर ब्रांच के फोन नम्बर 07672-257196 अथवा मेल आईडी bo-satna.mp@esic.nic.in से भी जानकारी प्राप्त कर सकते हैं। वहीं रीवा जिले में  औषधालय सह शाखा कार्यालय एमआईजी-1/28/508 वार्ड नम्बर 11 इंद्रानगर रीवा तथा फोन नम्बर 07662-299318 या मेल आईडी dcbo-rewa.mp@esic.nic.in में संपर्क कर सकते हैं।

‘स्प्री’योजना :नियोक्ताओं और कर्मचारियों को मिलेगा पंजीकरण का विशेष अवसर

सतना कर्मचारी राज्य बीमा निगम (ईएसआईसी) ने नियोक्ताओं और कर्मचारियों के पंजीकरण को प्रोत्साहित करने के लिए 'स्प्री' ( एसपीआरईई ) योजना को मंजूरी दे दी है। यह निर्णय हिमाचल प्रदेश के शिमला में आयोजित 196वीं ईएसआईसी बैठक में लिया गया, जिसकी अध्यक्षता डॉ. मनसुख मांडविया, केंद्रीय श्रम एवं रोजगार तथा युवा मामले एवं खेल मंत्री ने की। इस संबंध में निश्चल कुमार नाग, संयुक्त निदेशक (जॉइंट डायरेक्टर) एवं प्रभारी, उप क्षेत्रीय कार्यालय, भोपाल ने जानकारी दी कि यह योजना मध्यप्रदेश सहित देशभर में प्रभावी रूप से लागू की जा रही है। योजना के अंतर्गत नियोक्ता अपने प्रतिष्ठान और कर्मचारियों का पंजीकरण ईएसआईसी पोर्टल, श्रम सुविधा पोर्टल और एमसीए पोर्टल के माध्यम से डिजिटल रूप से कर सकते हैं। पंजीकरण की तिथि वही मानी जाएगी जो नियोक्ता द्वारा घोषित की जाएगी। इस योजना के तहत पंजीकरण से पूर्व की अवधि के लिए न तो किसी योगदान (Contribution) की मांग की जाएगी और न ही कोई निरीक्षण (Inspection) या रिकॉर्ड प्रस्तुत करने की आवश्यकता होगी।  नियोक्ताओं को सुनहरा अवसर यह योजना उन नियोक्ताओं के लिए सुनहरा अवसर है जो अब तक ईएसआईसी के तहत पंजीकृत नहीं हुए हैं या जिन्होंने सभी पात्र कर्मचारियों (ठेका, अस्थायी, अनियमित आदि) को शामिल नहीं किया है। योजना 1 जुलाई से 31 दिसंबर 2025 तक प्रभावी रहेगी, जो पंजीकरण के लिए एक अवसर प्रदान करती है। क्या है 'स्प्री' का उद्देश्य 'स्प्री' योजना का उद्देश्य स्वैच्छिक अनुपालन  को बढ़ावा देना और पिछली देनदारियों के भय को दूर कर पंजीकरण प्रक्रिया को सरल बनाना है। पहले ईएसआईसी में पंजीकरण नहीं कराने पर कानूनी कार्रवाई और बकाया मांग की जा सकती थी। लेकिन 'स्प्री' 2025 योजना उन अड़चनों को दूर कर रही है ताकि अधिक प्रतिष्ठान और श्रमिक ईएसआईसी की सामाजिक सुरक्षा के दायरे में आ सकें।पंजीकरण के पश्चात कर्मचारी और उनके परिवार ईएसआईसी के तहत चिकित्सा सुविधाओं, बीमारी, मातृत्व, दुर्घटना अथवा मृत्यु की स्थिति में नकद लाभ  प्राप्त कर सकेंगे। साथ ही, उन्हें दीर्घकालीन सामाजिक सुरक्षा  भी मिलेगी। श्री नाग ने बताया कि यह योजना न केवल नियोक्ताओं को उनके कार्यबल को नियमित करने के लिए प्रेरित करती है, बल्कि ठेका और अस्थायी श्रमिकों को भी ईएसआईसी एक्ट 1948 के तहत आवश्यक सामाजिक सुरक्षा और स्वास्थ्य लाभ सुनिश्चित करती है। उन्होंने बताया कि यह पहल ईज ऑफ डूइंग बिज़नेस को बढ़ावा देती है और यूनिवर्सल सोसल सेक्योरिटी कवरेज के लक्ष्य की ओर एक ठोस कदम है। उन्होंने सभी प्रतिष्ठानों से अपील की कि वे इस स्वैच्छिक और सरल योजना का अधिक से अधिक लाभ उठाएं और अपने कर्मचारियों को सामाजिक सुरक्षा के अंतर्गत लाएं। जानकारी के लिए यहां संपर्क करें सतना जिले में ईएसआईसी से संबंधित जानकारी के लिए नियोक्ता या कर्मचारी बिरला कॉलोनी कैम्पस पर स्थित ऑफिस में संपर्क सकते हैं या फिर ब्रांच के फोन नम्बर 07672-257196 अथवा मेल आईडी bo-satna.mp@esic.nic.in से भी जानकारी प्राप्त कर सकते हैं। वहीं रीवा जिले में  औषधालय सह शाखा कार्यालय एमआईजी-1/28/508 वार्ड नम्बर 11 इंद्रानगर रीवा तथा फोन नम्बर 07662-299318 या मेल आईडी dcbo-rewa.mp@esic.nic.in में संपर्क कर सकते हैं।