samacharsecretary.com

भोपाल मेट्रो सीमित सुविधाओं के साथ होगी लॉन्च, कई स्टेशन पर निर्माण जारी रहेगा

भोपाल
लंबे इंतजार के बाद भोपाल मेट्रो का 21 दिसंबर को लोकार्पण किया जाएगा, लेकिन मेट्रो यात्रियों को दी जाने वाली सुविधाएं आज भी नदादर है। जबकि मेट्रो प्रोजेक्ट की डीपीआर में यात्री सुविधाओं को शामिल किया गया। इनमें सबसे खास मल्टी मॉडल कनेक्टिविटी और नेशनल कामन मोबिलिटी कार्ड जैसी महत्वपूर्ण सुविधाएं आज भी कागजों में कैद है।

चौकाने वाली बात यह है कि जमीनी स्तर पर इन सुविधाओं को शुरू करने के लिए अब तक प्रक्रिया शुरू नहीं हुई। मेट्रो स्टेशन के नीचे एंट्री-एग्जिट स्टेशन पर सिर्फ साइकिल डेक, ड्रॉप ऑफ, पिक पाइंट जैसी बेसिक सुविधाओं के साथ भोपाल मेट्रो को पटरियों पर दौड़ाया जाएगा। यह देखकर कहना गलत नहीं होगा कि एमपी मेट्रो प्रबंधन ने लोकार्पण को मजाक बना दिया है। जबकि यात्रियों सुविधाओं को इसलिए ध्यान दिया जाता है, ताकि शहर के नागरिक अधिक से अधिक मेट्रो का उपयोग कर सकें, लेकिन जब मेट्रो तक पहुंचने के लिए कनेक्टिविटी ही नहीं होगी तो यात्री मेट्रो स्टेशन तक पहुंचेंगे कैसे। इसका खामियाजा आने वाले दिनों में मेट्रो प्रबंधन को भुगतना पड़ेगा।

मेट्रो चलेगी, लेकिन यात्रियों को नहीं मिलेंगी ये सुविधाएं
लोकार्पण के साथ मेट्रो तो चलेगी, लेकिन मेट्रो यात्रियों को यह सुविधाएं पहले दिन से नहीं मिलेंगी। इनमें सबसे खास स्टेशन पर मल्टी मॉडल कनेक्टिविटी के तहत आने वाली सुविधाएं हैं। जिनमें एलिवेटेड मेट्रो, आईटीपी, फीडर-बे, पार्किंग, बस-बे शामिल हैं। इन सुविधाओं के लिए मेट्रो यात्रियों को कम से कम दो से तीन महीने का इंतजार करना पड़ेगा। यह वह सुविधाएं हैं, मेट्रो स्टेशन से यात्रियों की कनेक्टिविटी को जोड़ती हैं । मेट्रो प्रबंधन का कहना है कि एम्स मेट्रो स्टेशन पर पार्किंग के लिए जगह मिल गई है। जबकि आरकेएमपी मेट्रो स्टेशन पर रेलवे स्टेशन की पार्किंग का उपयोग करने के लिए प्रक्रिया चल रही है। इसी तरह एमपी नगर में भी विकल्प देखे जा रहे हैं।

बस इन्हीं सुविधाओं के साथ शुरू होगी मेट्रो
लोकार्पण के बाद भोपाल मेट्रो बस इन्हीं सुविधाओं के साथ शुरू होगी। इनमें लिफ्ट, एस्केलेटर, सीढ़ी, एआइ सीसीटीवी, अत्याधुनिक प्रणाली, कोच में स्मार्ट लाइटिंग सिस्टम, मैनुअल टिकट, दिव्यांग व्यक्तियों के लिए निर्धारित स्थान पर स्वचालित दरवाजे, कोच में आपातकालीन संपर्क और आपातकालीन द्वार, पुरुष, महिला, दिव्यांग और ट्रांसजेंडरों के लिए शौचालय, यात्री सूचना प्रदर्शन प्रणाली, साइनेज, आडियो अनाउंसमेंट, कस्टममेर केयर सेंटर, साइकिल डेक, ड्राप आफ और पिक पाइंट की सुविधाओं के साथ मेट्रो शुरू होगी।

बाहरी निर्माण कार्य दो माह तक चलते रहेंगे
मेट्रो स्टेशनों के नीचे व आसपास चल रहे काम आगामी दो माह तक चलते रहेंगे। मेट्रो प्रबंधन का कहना है कि इन कामों के चलते मेट्रो के परिचालन में कोई दिक्कत नहीं आएगी। सभी स्टेशनों की गत दिवस धुलाई और सफाई का काम करवाया गया है।
 
एक बार में 750 यात्री कर सकेंगे यात्रा
एम्स से सुभाष नगर मेट्रो स्टेशन तक एक बार में 750 यात्री मेट्रो में यात्रा कर सकेंगे। तीन कोच की इस ट्रेन के प्रत्येक कोच की क्षमता 250 यात्रियों की है। फिलहाल तीन कोच की एक मेट्रो ही अप-डाउन करेगी। यात्रियों की संख्या बढ़ने पर दो से तीन मेट्रो चलाई जा सकती हैं। इसके लिए मेट्रो प्रशासन तैयार है।

Leave a Comment

हम भारत के लोग
"हम भारत के लोग" यह वाक्यांश भारत के संविधान की प्रस्तावना का पहला वाक्य है, जो यह दर्शाता है कि संविधान भारत के लोगों द्वारा बनाया गया है और उनकी शक्ति का स्रोत है. यह वाक्यांश भारत की संप्रभुता, लोकतंत्र और लोगों की भूमिका को उजागर करता है.
Click Here
जिम्मेदार कौन
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here
Slide 3 Heading
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here