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मुख्यमंत्री ने आवास एवं पर्यावरण विभाग की ली समीक्षा बैठक

रायपुर,   मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय नवा रायपुर स्थित मंत्रालय महानदी भवन में आवास एवं पर्यावरण विभाग के विभागीय काम-काज की समीक्षा बैठक ली। इस दौरान मुख्यमंत्री ने नवा रायपुर विकास प्राधिकरण के अतंर्गत संचालित कार्यो की जानकारी लेते हुए अधिकरियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। बैठक में वित्त एवं आवास पर्यावरण मंत्री श्री ओ.पी. चौधरी, मुख्य सचिव श्री अमिताभ जैन, मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव श्री सुबोध कुमार सिंह, मुख्यमंत्री के सचिव श्री राहुल भगत, सचिव आवास एवं पर्यावरण श्री अंकित आंनद, एन आर डी ए के सी.ई.ओ श्री चंदन कुमार, छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मंडल के आयुक्त श्री अवनीश शरण, रायपुर विकास प्राधिकरण के सी.ई.ओ. श्री आकाश छिकारा सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे। मुख्यमंत्री ने कहा कि नवा रायपुर का सुव्यवस्थित विकास सरकार की पहली प्राथमिकता है। नवा रायपुर क्षेत्र में भविष्य की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए सुनियोजित विकास किया जायेगा। नवा रायपुर देश की सबसे आधुनिक व खुबसूरत राजधानी है। देश के आई.आई.एम., ट्रिपल आई.टी., नेशनल लॉ विश्वविद्यालय जैसे शीर्ष शिक्षण संस्थान यहां स्थापित किए गए हैं। भविष्य में नवा रायपुर में बसाहट और बढ़ेगी इसलिए यह आवश्यक है कि आगमाी जरूरतों के हिसाब से यहां नागरिक सुविधाओं का भी विस्तार किया जाए। मुख्यमंत्री ने नवा रायपुर क्षेत्र में रेल कनेक्टिविटी के विस्तार के संबंध में चर्चा कर अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए। भारत सरकार द्वारा परमालकसा – खरसिया नई रेलवे लाईन का निर्माण बलौदाबाजार जिले से होकर किया जायेगा। मुख्यमंत्री ने इस रेल लाईन को नवा रायपुर से जोड़ने की मंशा जाहिर करते हुए कहा कि इससे नवा रायपुर में रेल सुविधाओं का विस्तार होगा और आम नागरिको को इसका लाभ मिलेगा। मुख्यमंत्री श्री साय ने भारत माला परियोजना के अंतर्गत विशाखापट्टनम को जोड़ने वाले एक्सप्रेस-वे का निर्माण विकास के साथ आयात और निर्यात को प्रोत्साहित करने हेतु नवा रायपुर अटल नगर में एक लॉजिस्टीक हब की निर्माण आवश्यकता पर बल दिया। अधिकाारियों ने बाताया कि छत्तीसगढ़ से गुजरने वाले एक्सप्रेस-वे का निर्माण लगभग 95 प्रतिशत पूर्ण हो चुका है। इसके बनने से रायपुर से विशाखापट्टनम की दूरी 100 कि.मी. कम हो जायेगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश कि नई औद्योगिक नीति से बड़ी संख्या में निवेशक आकर्षित हो रहे है। इससे यहां के युवाओं को रोजगार मिलेगा। मुख्यमंत्री ने नवा रायपुर क्षेत्र में ऑक्सीजोन निर्माण के अंतर्गत पीपल, बरगद, करंज, नीम, अशोक, अमलतास, गुलमोहर आदि पौधों के रोपण एवं ग्रोथ कि जानकारी ली। बैठक मे अधिकरियों ने बताया कि नवा रायपुर क्षेत्र में भविष्य में राज्य सरकार के विभिन्न आयोग-बोर्ड-निगम आदि के लिए आयोग बिडिंग कॉम्पलेक्स तैयार करने की योजना है। इसके अलावा काम-काजी महिलाओं के लिए वर्किंग वुमन हॉस्टल, 100 बिस्तर अस्पताल, नवा रायपुर में एक और नवीन थाना की स्थापना का प्रस्ताव है। मुख्यमंत्री ने कहा कि नवा रायपुर क्षेत्र में नवीन भवनों के निर्माण के लिए आबंटित भू-खण्डों का समूचित उपयोग किया जाए। मुख्यमंत्री ने आवास एवं पर्यावरण विभाग के अंतर्गत शामिल – छत्तीसगढ़ पर्यावरण संरक्षण बोर्ड, छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मंडल, नगर तथा ग्राम निवेश, छत्तीसगढ़ भू-सम्पदा नियामक प्राधिकरण (रेरा), रायपुर विकास प्राधिकरण के काम-काज की समीक्षा की और अधिकारियों को आवश्यक दिशा निर्देश दिए।

नदी में तेज बहाव के बीच नदी में पलटा ट्रक, चालक, परिचालक सहित बाल-बाल बचे 5 लोग

बलरामपुर छत्तीसगढ़ में मानसून अपने पूरे शबाब पर है. बलरामपुर जिले में जोरदार बारिश हो रही है, जिसके चलते गागर नदी उफान है. नदी में तेज बहाव के बीच पुल से सटकर पानी बहने रहा है. तेज बहाव के दौरान आयशर ट्रक पुल पार करते समय अनियंत्रित होकर नदी में पलट गया. ट्रक में चालक, परिचालक सहित कुल तीन लोग सवार थे, हालांकि राहत की बात रही कि वह सभी बाल-बाल बच गए. घटना राजपुर थाना क्षेत्र की है. जानकारी के अनुसार, आयशर ट्रक नदी के ऊपर से पुल को पार कर रहा था. इस दौरान नदी में तेज बहाव होने से पानी पुल से सटकर बह रहा था. ट्रक अनियंत्रित हो गई और नदी में पलट गई. ट्रक में चालक-परिचालक समेत 5 लोग सवार थे. इस घटना में राहत की बात यह रही कि सभी बाल-बाल बच गए. स्थानीय लोगों का कहना है कि मौके पर प्रशासन की ओर से कोई सुरक्षा व्यवस्था नहीं की गई थी. ट्रैफिक रोकने या वैकल्पिक व्यवस्था के लिए कोई प्रयास नहीं किए गए. पुल पर भी कई गड्ढे हो गए हैं.

स्कूल शिक्षिका को हटाने की मांग को लेकर नेशनल हाइवे जाम, विधायक कुंवर सिंह भी हुए शामिल

बालोद स्कूल शिक्षिका को हटाने की मांग को लेकर ग्रामीण रविवार को बारिश के बीच गुंडरदेही से राजनांदगांव मुख्य मार्ग पर चक्काजाम किया. चक्काजाम में कांग्रेसी विधायक कुंवर सिंह निषाद भी शामिल हुए. मामला गुंडरदेही ब्लॉक के बीजाभाठा गांव का है. चक्काजाम कर रहे ग्रामीणों की मांग है कि प्राथमिक स्कूल बीजाभाठा में पदस्थ शिक्षिका उषा बोरकर को हटाया जाए. इसके लिए शिक्षा विभाग और जिला प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी कर रहे हैं.

प्रमुख सचिव बोरा ने की विभागीय काम- काज की गई समीक्षा

जनजातीय गौरव दिवस के उपलक्ष्य में 01 से 15 नवंबर तक व्यापक कार्ययोजना बनाने के दिए निर्देश रायपुर, आदिम जाति एवं अनुसूचित जाति विकास विभाग के प्रमुख सचिव सोनमणि बोरा ने विभागीय अधिकारियों की बैठक लेकर काम काज की प्रगति की समीक्षा की । बैठक नवा रायपुर टीआरटीआई स्थित सभाकक्ष में  सम्पन्न हुई।  प्रमुख सचिव श्री बोरा ने आगामी विधानसभा सत्र के मददे्नजर समीक्षा बैठक लेकर अधिकारियों को आवश्यक दिशा निर्देश दिए। बैठक में उन्होंने निर्देशित किया कि विधानसभा सचिवालय से प्राप्त सभी प्रश्नों का समय – सीमा में जबाव दिया जाए। प्रश्नों का जवाब सारगर्भित एवं स्पष्ट होना चाहिए। जिले से संबंधित प्रश्नों पर तत्काल संबंधित जिले के सहायक आयुक्त से संपर्क कर निर्धारित समयसीमा में जानकारी प्राप्त कर इसे सर्वाेच्च प्राथमिकता के साथ विधानसभा सचिवालय भेजना सुनिश्चित किया जाए। श्री बोरा ने कहा कि विधानसभा सचिवालय से प्राप्त सभी प्रश्नों के जवाब 07 जुलाई तक अनिवार्य रूप से तैयार किए जाने के निर्देश दिए। बैठक में आयुक्त डॉ. सारांश मित्तर, संचालक, टीआरटीआई श्री जगदीश कुमार सोनकर, उपसचिव श्री बी.के.राजपूत एवं अन्य विभागीय अधिकारी उपस्थित थे। प्रमुख सचिव  बोरा द्वारा प्रयास एवं एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालयों के निर्माण कार्यों की भी समीक्षा की गई। साथ ही नवीन शि़क्षण सत्र 2025-26 में प्रवेश की स्थिति एवं अन्य आवश्क व्यवस्थाओं की जानकारी ली गई। उन्होंने प्रयास, एकलव्य के साथ-साथ अन्य सभी विभागीय छात्रावास-आश्रमों में अच्छी कम्प्यूटर लैब की आवश्यकता पर बल दिया। साथ ही संवेदनशील छात्रावास-आश्रमों में तत्काल सीसीटीवी कैमरा लगाए जाने के निर्देश दिए। उन्होंने नवंबर माह में राज्य स्थापना के 25 वर्ष पूर्ण होने एवं जनजातीय गौरव दिवस के उपलक्ष्य में 01 नवंबर से 15 नवंबर तक के लिए एक व्यापक कार्ययोजना बनाए जाने के निर्देश दिए। इनमें आदिवासी साहित्य उत्सव, जनजातीय बुक फेयर, जनजातीय सांस्कृतिक उत्सव, जनजातीय चित्रकला, जनजातीय फिल्म फेस्टिवल, जनजातीय रामायण इत्यादि कार्यक्रम कराए जाने हेतु निर्देशित किया गया।            प्रमुख सचिव बोरा ने टीआरटीआई परिसर में निर्माणाधीन शहीद वीर नारायण सिंह आदिवासी स्वतंत्रता संग्राम सेनानी संग्रहालय की भी डिजिटली समीक्षा करने के पश्चात मौके पर जाकर सभी 14 गैलरियों का निरीक्षण किया एवं मौके पर उपस्थित अधिकारियों, इंजीनियर्स, क्यूरेटर एवं निर्माण एजेंसी के अधिकारियों को आवश्यक निर्देश देते हुए 30 सितंबर तक सभी निर्माण कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए । उन्होंने संग्रहालय में निर्माणाधीन गिफ्ट शॉप एवं ऑडियो-विजुअल के संबंध में भी आवश्यक व्यवस्था करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अब उनके द्वारा प्रत्येक  गुरूवार को संग्रहालय का निरीक्षण किया जाएगा।     

मुख्यमंत्री साय ने अपने निवास कार्यालय में डॉ. मुखर्जी के छायाचित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर दी श्रद्धांजलि

रायपुर, मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने महान शिक्षाविद्, ओजस्वी राष्ट्रवादी और भारतीय जनमानस में राष्ट्रीय चेतना का संचार करने वाले डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की जयंती पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। मुख्यमंत्री साय ने अपने निवास कार्यालय में डॉ. मुखर्जी के छायाचित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर उनके अमूल्य योगदान का स्मरण किया और उनके योगदान पर अपने विचार व्यक्त किये। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी का जीवन देशभक्ति, निःस्वार्थ सेवा और अखंड भारत के प्रति अदम्य प्रतिबद्धता का प्रतीक है। वे दूरदर्शी राजनीतिज्ञ, प्रखर विचारक और शिक्षा, सामाजिक न्याय तथा राष्ट्रीय एकता के प्रबल समर्थक थे। उनके सिद्धांत और कार्य आज भी हम सभी को राष्ट्रसेवा की प्रेरणा देते हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत की एकता और संप्रभुता के लिए डॉ. मुखर्जी का संघर्ष भारतीय इतिहास में स्वर्णिम अध्याय के रूप में अंकित है। उनका बलिदान आने वाली पीढ़ियों को सशक्त भारत के निर्माण का संकल्प लेने की प्रेरणा देता रहेगा। उन्होंने कहा कि डॉ. मुखर्जी का स्वप्न एक आत्मनिर्भर, सशक्त और गौरवशाली भारत का था, जिसे साकार करने के लिए हमें उनके आदर्शों का सतत अनुसरण करना होगा। साय ने कहा कि डॉ. मुखर्जी ने वैचारिक स्पष्टता और सैद्धांतिक राजनीति की नींव रखकर भारतीय लोकतंत्र को नई दिशा दी। उनके विचार आज भी प्रासंगिक हैं और राष्ट्र के विकास में मार्गदर्शक की भूमिका निभा रहे हैं। डॉ. मुखर्जी के विचारों और मूल्यों को अपने आचरण में उतारना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी। मुख्यमंत्री ने सभी नागरिकों से आह्वान किया कि हम उनके आदर्शों से प्रेरणा लेकर एक समृद्ध, स्वाभिमानी और समर्थ भारत के निर्माण के लिए संयुक्त प्रयास करें। इस अवसर पर मुख्यमंत्री के सचिव पी दयानंद भी उपस्थित थे।

सहकारी समितियों के माध्यम से किसानों को उपलब्ध कराया जा रहा बीज और उर्वरक

रायपुर, किसानों को समय पर खाद और बीज उपलब्ध कराने के लिए सहकारी समितियों के माध्यम से भण्डारण और वितरण किया जा रहा है। बलौदाबाजार जिले में संचालित 129 सहकारी समितियों से किसान तेजी से खाद और उर्वरक का उठाव कर रहे हैं। अब तक समितियों से 33,926 मेट्रिक टन उर्वरक एवं  29,493.50 क्विंटल बीज का वितरण किसानों को किया गया है। किसानों नें अब तक 87 प्रतिशत उर्वरक एवं 97 प्रतिशत बीज का उठाव कर लिया है। उप संचालक कृषि ने बताया जिले में खरीफ सीजन 2025 के लिए सहकारी समितियों में रासायनिक उर्वरकों का लक्ष्य 58,136 मेट्रिक टन है जिसके विरूद्ध अब तक  38,760 मेट्रिक टन  भण्डारण एवं 33,926 मेट्रिक टन खाद का वितरण किया गया है। इसी प्रकार सहकारी समितियों में बीज का भण्डारण 30,704.60 क्विंटल एवं 29,493.50 क्विंटल बीज वितरण किया गया है। उन्होंने बताया कि कलेक्टर दीपक सोनी के निर्देशानुसार खरीफ सीजन में खाद एवं बीज का भण्डारण सहकारी समितियों में किया जा रहा है ताकि किसानों को खाद बीज लेने में कोई दिक्कत न हो। किसानो को आवश्यकता अनुसार खाद बीज के शीघ्र उठाव हेतु प्रेरित किया जा रहा है।

12 घंटे लगातार मूसलाधार बारिश, कई इलाकों में भरा पानी, जनजीवन अस्त-व्यस्त

अंबिकापुर  मौसम विभाग के उत्तरी छत्तीसगढ़ में आरेंज अलर्ट का अनुमान सही साबित हुआ। संभाग मुख्यालय में अंबिकापुर में शनिवार रात साढ़े आठ बजे रविवार सुबह 7 बजे तक रिकॉर्ड 172 मिमी बारिश हुई है। जिससे जनजीवन प्रभावित हो गया है। शहर के अधिकांश इलाकों में जल भराव की स्थिति निर्मित ही गई है। हालात को देखते हुए निगम अमला पानी निकासी की व्यवस्था बनाने में जुटा है। उत्तरी छत्तीसगढ़ में मानसून की सक्रियता बढ़ने के साथ सरगुजा संभाग के अधिकांश इलाकों में शनिवार रात से भारी बारिश हो रही है। लगातार बारिश से नदी-नालों का जलस्तर बढ़ गया है। भारी बारिश के कारण सरगुजा जिले के ग्रामीण इलाकों में कुछ स्थानों पर आवागमन भी बाधित है। इधर मौसम विभाग ने सरगुजा संभाग में दो दिनों तक बारिश और वज्रपात की चेतावनी दी है। ऐसे में लोगों को खराब मौसम से राहत मिलने की संभावना नहीं है। इस बार दक्षिण पश्चिम मानसून उत्तरी छत्तीसगढ़ में ज्यादा ही मेहरबान है। सरगुजा संभाग में मानसून ने 17 जून के आसपास दस्तक दी। इसका प्रभाव व्यापक रहा और पूरे संभाग में लगभग तीन सप्ताह से भारी बारिश का क्रम जारी है। पूरे मानसून अवधि की 25 प्रतिशत बारिश जून माह में ही हो चुकी हूं। लोगों से सावधानी की अपील मौसम विज्ञानियों के अनुसार, मानसून को प्रभावी बनाने वाले सिस्टम के लगातार सक्रिय होते रहने से सरगुजा संभाग में बारिश से राहत नहीं मिल रही है। सरगुजा संभाग में ऑरेंज अलर्ट जारी होने के बाद प्रशासन ने नागरिकों से सावधानी बरतने की अपील की है। सिस्टम प्रभावी, बारिश से अभी राहत नहीं मौसम विज्ञानी एएम भट्ट के अनुसार वर्तमान में मानसून टूफ सामान्य स्थिति में है। एक चक्रवातीय परिसंचरण पूर्वी मध्यप्रदेश एवं निकटवर्ती क्षेत्रों में सक्रिय है। अगले 24 घंटों के भीतर गांगेय पश्चिम बंगाल एवं निकटवर्ती क्षेत्रों में एक निम्न दबाव का क्षेत्र बनने की संभावना है। एक ट्रफ उत्तर-पूर्वी अरब सागर से, उत्तर गुजरात, उत्तर मध्यप्रदेश, दक्षिण-पूर्वी उत्तर प्रदेश, झारखंड से होकर गंगीय पश्चिम बंगाल के उत्तरी भागों एवं निकटवर्ती क्षेत्रों में सक्रिय है। एक साथ बन रहे कई सिस्टम मानसून की गति को औऱ ऊर्जा देंगे। ऐसे में अगले दो तीन दिन तक बारिश से राहत की संभावना कम है। सड़कें, मोहल्ले, कालोनी में जल भराव से परेशानी शनिवार रात से हो रही बारिश के कारण शहर की सड़कों और राष्ट्रीय राजमार्ग की स्थिति और दयनीय हो गई है। गड्ढों से पटी इन सड़कों में बारिश का पानी भर गया है। ऐसे में आवागमन जोखिम भरा हो गया है। शहर की निचली बस्ती खासकर नमनाकला के फोकट पारा, झंझट पारा, बौरीपारा, महादेव गली, दर्रीपारा की कुछ बस्ती सहित खरसिया रोड स्थित कुंडला सिटी कालोनी में जल भराव से लोग परेशान हैं। इधर वार्ड क्रमांक 20 चोरका कछार में जल भराव से मोहल्लेवासी परेशान हैं। यहां नाले का पानी निचली बस्ती तक पहुंच गया है। निकासी की समस्या के कारण कई घरों में बारिश का पानी घुस गया है। रातभर लोग घरों से पानी निकालने में जुटे रहे। पानी निकासी के लिए निगम अमला और पार्षद सुबह से सक्रिय हैं। लगातार मूसलाधार बारिश से अम्बिकापुर शहर को जलापूर्ति करने वाली बांकी नदी में वर्षों बाद बाढ़ आई है। नदी का पानी खैरबार सहित आसपास गांव की खेतों तक फैल गया है। इससे खेतों में लगाए गए धान के बीज और पौधे बह गए। अच्छी बारिश के कारण कई किसानों ने धान की रोपाई के लिए थरहा (नर्सरी) लगाया है, जो भारी बारिश और नदी की बाढ़ से बर्बाद हो गया है।

सीएम बोले- पत्रकारों की मेहनत से जनता जानती है अपने प्रतिनिधियों की आवाज, डॉ सुधांशु त्रिवेदी ने सिखाई संसदीय रिपोर्ट

रायपुर आप लोग आज के दौर में नारद जी की तरह हैं। ये बात छत्तीसगढ़ के विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष चरणदास महंत ने कही। मौका था विधानसभा में संसदीय रिपोर्टिंग पर आयोजित वर्कशॉप का। मुख्यमंत्री साय ने बताया कि हाल ही में विधायकों के लिए भी कार्यशालाओं का आयोजन किया गया था, जिसका लाभ हमारे सदस्यों को मिला है। उन्होंने कहा कि विधानसभा में अनेक नवनिर्वाचित विधायक भी हैं, जिनकी यह जिम्मेदारी है कि वे अपने क्षेत्र की समस्याओं को सदन में उठाएं। CM ने कहा- इसी तरह पत्रकारों की भी अहम भूमिका है, जो विधानसभा की गतिविधियों को जनता तक पहुंचाते हैं। उन्होंने कहा कि आप सभी पत्रकार बंधु बड़ी मेहनत से विधानसभा की कार्यवाही को कवर करते हैं, जिससे आमजन यह जान पाते हैं कि विधायकों द्वारा उनके मुद्दों को गंभीरता से उठाया जा रहा है। मुख्यमंत्री साय ने छत्तीसगढ़ विधानसभा द्वारा उत्कृष्ट पत्रकारों को सम्मानित करने की परंपरा को भी सराहा और कहा कि इससे पत्रकारों का मनोबल बढ़ता है और संसदीय रिपोर्टिंग को प्रोत्साहन मिलता है। उन्होंने विश्वास जताया कि यह कार्यशाला पत्रकारों के लिए अत्यंत उपयोगी सिद्ध होगी और इसके माध्यम से विधानसभा की गतिविधियां और अधिक प्रभावी रूप से जनता तक पहुंचेंगी। कार्यक्रम में खासतौर पर भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता सुधांशु त्रिवेदी पहुंचे थे। उन्होंने कहा- कार्यशाला के प्रथम सत्र में डॉ. संजय द्विवेदी, पूर्व निदेशक, भारतीय जन संचार संस्थान एवं प्रोफेसर माखन लाल चतुर्वेदी, राष्ट्रीय पत्रकारिता विश्व विद्यालय, भोपाल ने सभा में तारांकित, अतारांकित प्रश्न, व्यवस्था और औचित्य के प्रश्न, बजट की कव्हरेज, शून्यकाल, कटौती प्रस्ताव, अध्यक्ष की व्यवस्था, कार्यवाही का विलोपन इत्यादि विषय पर व्याख्यान प्रस्तुत किया । पत्रकारों का काम पहले से ज्यादा चुनौतीपूर्ण: डॉ. सुधांशु त्रिवेदी समापन सत्र में राज्यसभा सांसद डॉ. सुधांशु त्रिवेदी ने व्यवहारिक पहलुओं पर केंद्रित करते हुए कहा, आज सदन की कार्यवाही का सीधा प्रसारण होने के कारण पत्रकारों का काम अत्यंत जटिल हो गया है। चूंकि जनता को सदन की कार्यवाही के सीधे प्रसारण से सूचना और जानकारी तो मिल जाती है, लेकिन आम जनता उस चर्चा और घटनाक्रम का विश्लेषण भी चाहती है। उस चर्चा का इतिहास और पृष्ठभूमि भी चाहती है। उन्होंने कहा कि संसद का कानून मानना हर विधान मंडल की बाध्यता है। लेकिन कुछ राज्यों की विधानसभा अपनी कार्यवाही स्वयं के तरीके से करती हैं। ऐसी स्थिति में संसदीय पत्रकारों के लिए रिपोर्टिंग का काम थोड़ा जटिल हो जाता है। विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने अपने संबोधन में संसदीय पत्रकारिता की महत्ता बताते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ की 25 वर्षों की स्वर्णिम यात्रा में पत्रकारों का योगदान अतुलनीय रहा है। उन्होंने कहा कि संसदीय पत्रकारिता अत्यंत संवेदनशील दायित्व है, जो सदन की गोपनीयता, अनुशासन और गरिमा को बनाए रखते हुए जनता तक सटीक और निष्पक्ष जानकारी पहुंचाने का कार्य करती है। निष्पक्ष पत्रकारिता लोकतंत्र की असली ताकत: डॉ. रमन सिंह डॉ. सिंह ने कहा कि पत्रकार जब पक्ष–विपक्ष से परे रहकर निष्पक्ष रूप से विधानसभा की कार्यवाही का अवलोकन करते हैं और उसे प्रस्तुत करते हैं, तब लोकतंत्र मजबूत होता है। उन्होंने कहा कि संसदीय प्रणाली की गहरी समझ से ही पत्रकार बेहतर ढंग से जनता को विधानसभा की गतिविधियों से अवगत करा सकते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि संसदीय पत्रकारिता में विशेष रूप से विधानसभा की प्रक्रिया से जुड़े समाचारों को सरल भाषा में प्रस्तुत करना आवश्यक है, ताकि आमजन तक वे प्रभावी ढंग से पहुंच सकें। पत्रकार हैं लोकतंत्र के सच्चे संवाहक: डॉ. चरणदास महंत कार्यशाला में नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत ने पत्रकारों की भूमिका को नारद मुनि की परंपरा से जोड़ते हुए कहा कि पत्रकार समयबद्धता और सजगता के साथ लोकतंत्र के संवाहक होते हैं। डॉ. महंत ने कहा कि इस कार्यशाला के माध्यम से सभी को कुछ नया सीखने का अवसर मिलेगा और संसदीय पत्रकारिता को समझने का दायरा और व्यापक होगा। उन्होंने उम्मीद जताई कि यह आयोजन उपयोगी सिद्ध होगा और पत्रकारों के कार्य को नई दिशा देगा। उन्होंने अपनी लंबी संसदीय यात्रा का स्मरण करते हुए कहा कि इस दौरान पत्रकारों के साथ बिताए गए समय और अनुभव अत्यंत मूल्यवान रहे हैं। उन्होंने पत्रकारों की सजगता, सटीकता और संवेदनशीलता की सराहना की, जो वर्षों से संसदीय गतिविधियों को जनता तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभा रहे हैं। कार्यक्रम में संसदीय कार्य मंत्री केदार कश्यप, विधानसभा के सचिव दिनेश शर्मा, आईआईएमसी के पूर्व महानिदेशक संजय द्विवेदी सहित बड़ी संख्या में पत्रकार मौजूद थे।  

महतारी अलंकरण सम्मान कार्यक्रम में वर्चुअली शामिल होंगे मुख्यमंत्री साय, खराब मौसम के कारण दौरा रद्द

कवर्धा मुख्यमंत्री विष्णु देव साय का बहुप्रतीक्षित पंडरिया दौरा आज मौसम की खराबी के चलते रद्द कर दिया गया है. खराब मौसम के कारण हेलिकॉप्टर उड़ान नहीं भर सका. अब वे वर्चुअली कार्यक्रम में शामिल होंगे. बता दें कि सीएम साय को यहां महतारी अलंकरण सम्मान कार्यक्रम में शामिल होना था, साथ ही क्षेत्रवासियों को 72 करोड़ 70 लाख रुपये से अधिक की विकास सौगात देनी थी. दौरे के दौरान 61 विकास कार्यों के भूमिपूजन, लोकार्पण और कॉलेज छात्राओं के लिए 5 नि:शुल्क बसों के संचालन की शुरुआत प्रस्तावित थी. इस कार्यक्रम में विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह, सांसद संतोष पांडेय, विधायक भावना बोहरा और बड़ी संख्या में स्थानीय जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति भी तय थी. कार्यक्रम स्वामी आत्मानंद अंग्रेजी माध्यम स्कूल मैदान, पंडरिया में होना था, जिसकी तैयारी पूरी कर ली गई थी. हालांकि मौसम के कारण मुख्यमंत्री का दौरा रद्द करना पड़ा, अब वे इन कार्यक्रमों में वर्चुअली शामिल होंगे.

दुकानदारों से ऑनलाइन ठगी, फर्जी रसीद दिखाकर हो रहा फ्रॉड

बिलासपुर ऑनलाइन पेमेंट लेने वाले दुकानदारों को अब और अधिक सतर्क रहने की जरूरत है, क्योंकि ठगों ने ऑनआइन ठगी का एक नया तरीका इजात कर लिया है। जिसमें ठग ऑनलाइन पेमेंट की नकली रसीद दिखाकर व्यापारियों को ठग रहे हैं। बिलासपुर में ऐसे कई मामले सामने आए हैं। जिसके बाद व्यापारियों ने थाने में इसकी शिकायत दर्ज करायी है। बिलासपुर में दुकान में खरीदी के बाद फोन पे से फर्जी पेमेंट की रसीद दिखाकर कई व्यापारियों से ठगी का मामला सामने आया है। एक ही व्यापारी के तीन रिश्तेदारों की दुकान से इस तरह की ठगी का मामला सामाने आने के बाद व्यापारियों को इसकी जानकारी हुई। जब व्यापारियों ने अन्य व्यापारियों से बातचीत की तब पता चला कि मेडिकल स्टोर, किराने की दुकान समेत अन्य दुकानों में इस तरह ठगी की जा रही है। व्यापारियों ने ठगी की शिकायत सरकंडा थाने में की है। साथ ही संदेही की तस्वीर पुलिस को सौंप दी है। इसके आधार पर पुलिस मामले की जांच कर रही है। व्यापारियों को बना रहे शिकार सरकंडा क्षेत्र के मोपका स्थित राधा विहार में रहने वाले संतराम साहू व्यवसायी हैं। उनकी बहतराई रोड प्रथम अस्पताल के पास किराने की दुकान है। व्यवसायी ने बताया कि 9 जून की रात करीब 8 बजे उनकी दुकान पर एक व्यक्ति पर आया। उसने घरेलू सामान की खरीदारी की। इसका बिल एक हजार 639 रुपये बना। उसने ऑनलाइन पेमेंट करने की बात कही। साथ ही उसने दुकान में लगे पेटीएम के स्कैनर को अपने मोबाइल से स्कैन किया। स्कैन करते ही उनके संस्थान का नाम आ गया। इसके बाद उसने बिल की रकम डालकर पेमेंट किया। कुछ देर बाद उसने पेमेंट की रसीद दुकान संचालक को दिखाया। उनके साउंड बाक्स में पेमेंट का एनाउंस नहीं हुआ था। दुकान संचालक ने बैंक सर्वर डाउन होने की बात सोचकर उसे जाने दिया। रकम बड़ा होने के कारण उन्होंने रात में स्टेटमेंट चेक किया। दूसरे दिन भी उनके एकाउंट में पेमेंट नहीं आया। तब उन्होंने अपने परिचित से बात की। इसमें पता चला कि कई दुकानों में इस तरह की घटनाएं सामने आई हैं। व्यापारी ने इसकी शिकायत सरकंडा थाने में की है। ऑनलाइन पेमेंट लेते समय रहे सावधान पुलिस ने बताया कि मोबाइल पर किसी दुकान पर फर्जी पेमेंट की स्क्रीनशाट दिखाकर ठगी के मामले सामने आए हैं। ऐसे मामले में सावधानी जरूरी है। इस तरह के मामले में व्यापारियों के पास किसी तरह के ट्रांजेक्शन का कोई रसीद नहीं रहती। इसके कारण ठगी करने वालों तक पहुंचना कठिन होता है। इस तरह की ठगी से बचने के लिए सतर्कता रखना जरूरी है। जब तक उनके मोबाइल पर ट्रांजेक्शन की रसीद नहीं आती, तब तक सामान नहीं देना चाहिए। अगर बैंक की कोई समस्या या अन्य परेशानी हो तो व्यक्ति दूसरे दिन दुकान आकर सामान ले जा सकता है। वहीं, अगर ठगी हो जाए तो व्यापारी उस व्यक्ति तक नहीं पहुंच सकते। व्यापारियों को ऑनलाइन ट्रांजेक्शन के दौरान सावधान रहने की जरूरत है।