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कलेक्टर बनकर शिक्षक: पार्थ जैसवाल ने बच्चों को दी गणित की क्लास और किया चौंकाने वाला सवाल

छतरपुर

छतरपुर कलेक्टर पार्थ जायसवाल का एक वीडियो सोशल मीडिया में तेजी से वायरल हो गया है. इस वायरल वीडियो में कलेक्टर पार्थ जैसवाल कक्षा सातवीं के छात्र राजाराम लोधी को पढ़ाते हुए नजर आ रहे हैं. इसके अलावा कलेक्टर कक्षा आठवीं के छात्र सरोज रजक से आकाश का पर्यायवाची और छात्र ज्योति आदिवासी से अश्व का पर्यायवाची भी पूछते नजर आते हैं. वीडियो में आप देख सकते हैं कि कलेक्टर पार्थ जायसवाल मैथ्स टीचर बनकर छात्र को गणित का गुणनखंड सिखाते नजर आ रहे हैं. कलेक्टर का ये अंदाज देखकर सोशल मीडिया में लोग अब उनकी प्रशंसा कर रहे हैं.

शिक्षक बनकर बच्चों को पढ़ाया
कलेक्टर के इस अंदाज को देखकर ऐसा लग रहा है कि मानो ये कोई कलेक्टर नहीं एक साधारण शिक्षक हैं, जो बच्चों को बहुत प्यार से समझा कर पढ़ा रहे हैं. बता दें, बीते  छतरपुर कलेक्टर पार्थ जैसवाल बड़ामलहरा अंतर्गत ग्राम वीरों के शासकीय माध्यमिक शाला का औचक निरीक्षण करने पहुंचे थे. इस दौरान जिला पंचायत सीईओ श्री नमः शिवाय अरजरिया, एसडीएम आयुष जैन, जनपद सीईओ ईश्वर सिंह वर्मा सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे. शिक्षकों से की बातचीत इस दौरान कलेक्टर पार्थ जैसवाल ने शाला में शिक्षकों की सार्थक ऐप पर और बच्चों की उपस्थिति रजिस्टर में जांची. शाला में छात्रों की संख्या कम होने पर होने पर नाराजगी भी व्यक्त की और छात्रों की उपस्थिति बढ़ाने के लिए शिक्षकों को छात्रों के अभिभावकों से संपर्क स्थापित करने के निर्देश दिए और उपस्थिति बढ़ाने के निर्देश भी दिए.

कलेक्टर ने छात्रों से किया संवाद
कलेक्टर ने कक्षा 7वीं और 8वीं के छात्रों के साथ संवाद भी स्थापित किया और उनको मिलने वाले दोपहर के भोजन और गणवेश के पैसे प्राप्त हो रहे या नहीं इसके बारे में छात्रों से पूछा. जिसमें छात्रों द्वारा बताया गया कि 600 रुपए खातों में गणवेश के लिए प्राप्त हो रहे है. कलेक्टर ने शिक्षकों से कहा कि छात्र शाला में ड्रेस पहनकर आएं. साथ ही कलेक्टर ने कक्षा 7वीं के छात्र राजाराम लोधी से बात करते हुए उन्हें गुणनखंड करना सिखाया और कक्षा 8वीं को छात्र सरोज रजक से आकाश का पर्यायवाची, छात्र ज्योति आदिवासी से अश्व का पर्यायवाची पूछा गया.

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