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ओडिशा के कोरापुट में विवाद के बाद फैसला पलटा, 26 जनवरी पर मांसाहार बिक्री पर अब नहीं रहेगी पाबंदी

भुवनेश्वर
ओडिशा के कोरापुट जिले में 26 जनवरी को 77वें गणतंत्र दिवस समारोह के अवसर पर मांसाहारी खाद्य पदार्थों की बिक्री पर एक दिन के प्रतिबंध से जुड़ा आदेश वापस ले लिया गया है। जिले के कलेक्टर मनोज सत्यवान महाजन ने रविवार को अपने पहले के आदेश को निरस्त करते हुए सभी तहसीलदारों, ब्लॉक विकास अधिकारियों (बीडीओ) और अन्य कार्यकारी अधिकारियों को इस संबंध में नया पत्र जारी किया। कलेक्टर मनोज महाजन ने पत्र में स्पष्ट किया कि मांस, चिकन, मछली, अंडे और अन्य मांसाहारी खाद्य पदार्थों की बिक्री पर रोक लगाने का निर्णय जिला स्तरीय गणतंत्र दिवस तैयारी समिति के सुझाव के आधार पर लिया गया था। हालांकि, इस फैसले को लेकर विभिन्न स्तरों पर आई प्रतिक्रियाओं और गहन विचार-विमर्श के बाद 23 जनवरी को जारी आदेश को वापस लेने का निर्णय किया गया है।
रविवार को जारी आदेश में कहा गया है कि कोरापुट जिले में 77वें गणतंत्र दिवस समारोह के अवसर पर मांसाहारी खाद्य पदार्थों की बिक्री पर प्रतिबंध लगाने संबंधी 23 जनवरी का आदेश तत्काल प्रभाव से निरस्त किया जाता है। आदेश में यह भी उल्लेख किया गया है कि यह निर्देश समिति के सुझाव पर जारी किया गया था, इसलिए व्यापक विचार के बाद इसे वापस लिया जा रहा है।
इससे पहले 23 जनवरी को कलेक्टर ने सभी तहसीलदारों, बीडीओ और अन्य कार्यकारी अधिकारियों को निर्देश दिया था कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में आधिकारिक अधिसूचना जारी कर 26 जनवरी को मांस, चिकन, मछली, अंडे और अन्य मांसाहारी वस्तुओं की बिक्री पर रोक सुनिश्चित करें। उस आदेश में अधिकारियों से त्वरित कार्रवाई करने को भी कहा गया था।
कलेक्टर के इस आदेश के सामने आने के बाद जिले ही नहीं, बल्कि राज्य स्तर पर भी व्यापक और मिश्रित प्रतिक्रियाएं देखने को मिली थीं। कई लोगों ने फैसले पर सवाल उठाते हुए कहा था कि गणतंत्र दिवस एक राष्ट्रीय पर्व है, न कि कोई धार्मिक अवसर, ऐसे में खाद्य पदार्थों की बिक्री पर पूर्ण प्रतिबंध उचित नहीं है। सोशल मीडिया और सार्वजनिक मंचों पर भी इस निर्णय को लेकर बहस छिड़ गई थी।
अब आदेश वापस लिए जाने के बाद प्रशासन ने स्थिति स्पष्ट कर दी है। माना जा रहा है कि प्रशासन ने जनभावनाओं और व्यावहारिक पहलुओं को ध्यान में रखते हुए यह कदम उठाया है। फिलहाल कोरापुट जिले में 26 जनवरी को मांसाहारी खाद्य पदार्थों की बिक्री पर कोई प्रतिबंध लागू नहीं रहेगा।

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