samacharsecretary.com

हरियाणा में पेंशन से लाडो लक्ष्मी योजना तक राहत, 50.28 लाख लाभार्थियों के खातों में पहुंचे 1890 करोड़

चंडीगढ़
हरियाणा में बुजुर्गों और दिव्यांगों की सामाजिक सुरक्षा पेंशन तथा दीन दयाल लाडो लक्ष्मी योजना की 11वीं किस्त जारी कर दी गई है।

इसके अलावा गृहिणियों को गैस सब्सिडी, किसानों को भावांतर भरपाई तथा दयालु योजना के लाभार्थियों को आर्थिक सहायता भी जारी की गई है। उद्योग एवं वाणिज्य विभाग की सात योजनाओं के तहत लाभार्थियों को 311 करोड़ रुपये की प्रोत्साहन राशि बैंक खातों में डाली गई है।

मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने वीरवार को विभिन्न योजनाओं के तहत 50 लाख 28 हजार 208 पात्र लाभार्थियों के बैंक खातों में 1890 करोड़ 16 लाख रुपये जारी किए।

दीन दयाल लाडो लक्ष्मी योजना के तहत 10 लाख 10 हजार लाभार्थी महिलाओं के खातों में 212 करोड़ 16 लाख रुपये डाले गए हैं। मुख्यमंत्री ने बताया कि 17 सितंबर से 1.80 लाख रुपये तक वार्षिक आय वाले परिवारों को भी इस योजना का लाभ मिलना शुरू हो जाएगा।

सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री कृष्ण कुमार बेदी के साथ राशि जारी करते हुए मुख्यमंत्री ने बताया कि 15 सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजनाओं के तहत 35 लाख 6 हजार 841 लाभार्थियों के खातों में 1129 करोड़ ट्रांसफर किए। इनमें वृद्धावस्था सम्मान भत्ता, दिव्यांग भत्ता सहित अन्य सामाजिक सुरक्षा पेंशन शामिल हैं।

एक और बजट घोषणा हुई पूरी
मुख्यमंत्री की एक और बजट घोषणा वीरवार को पूरी हो गई। एमएसएमई एवं उद्योग निदेशालय की विभिन्न सात योजनाओं के तहत 670 लाभार्थियों को 311 करोड़ 25 लाख रुपये की प्रोत्साहन राशि जारी की गई है।

इसमें एमएसएमई विभाग की हरियाणा उद्यम एवं रोजगार नीति के तहत 539 लाभार्थियों को 45.44 करोड़ रुपये, लाजिस्टिक्स, वेयरहाउसिंग और रिटेल नीति के तहत चार लाभार्थियों को 9.29 करोड़ रुपये और हरियाणा उद्यम एवं रोजगार नीति के तहत 16 लाभार्थियों को 144.16 करोड़ रुपये शामिल हैं।

इसके अलावा प्लग एंड प्ले योजना के तहत 10 लाभार्थियों को 24.53 करोड़ रुपये, आत्मनिर्भर टेक्सटाइल नीति के तहत 98 लाभार्थियों को 65.18 करोड़ रुपये, पदमा के तहत दो लाभार्थियों को 20.54 करोड़ रुपये और एमएसई क्लस्टर विकास कार्यक्रम के तहत एक क्लस्टर विकास के लिए 2.11 करोड़ रुपये दिए गए हैं।

Leave a Comment

हम भारत के लोग
"हम भारत के लोग" यह वाक्यांश भारत के संविधान की प्रस्तावना का पहला वाक्य है, जो यह दर्शाता है कि संविधान भारत के लोगों द्वारा बनाया गया है और उनकी शक्ति का स्रोत है. यह वाक्यांश भारत की संप्रभुता, लोकतंत्र और लोगों की भूमिका को उजागर करता है.
Click Here
जिम्मेदार कौन
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here
Slide 3 Heading
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here