samacharsecretary.com

गरियाबंद जिले को मानव-हाथी द्वंद्व रोकथाम में मिला मुख्यमंत्री उत्कृष्ट पुरस्कार

गरियाबंद.

मानव-हाथी द्वंद्व की प्रभावी रोकथाम एवं जनहानि में उल्लेखनीय कमी लाने के लिए गरियाबंद जिले को मुख्यमंत्री उत्कृष्ट पुरस्कार 2025 से सम्मानित किया गया है। यह सम्मान जिले में लागू की गई एलिफेंट ट्रैकिंग अलर्ट एप एवं एआई आधारित ट्रैकिंग प्रणाली के सफल क्रियान्वयन के लिए प्रदान किया गया।

कलेक्टर बीएस उईके ने पत्रकारों को संबोधित करते हुए कहा कि गरियाबंद जिला उड़ीसा सीमा से लगते हुए धमतरी एवं महाराष्ट्र के गढ़चिरौली सीमा तक फैले हाथियों के विचरण क्षेत्र का महत्वपूर्ण हिस्सा है। जिले में स्थित सीतानदी टाइगर रिजर्व, जिसमें गरियाबंद एवं धमतरी जिलों के वन क्षेत्र शामिल हैं, लगभग 125 ग्रामों से घिरा हुआ है। इस क्षेत्र में मानव-हाथी द्वंद्व एवं जनहानि की संभावनाएं अधिक रहती हैं। इन चुनौतियों को ध्यान में रखते हुए वन विभाग द्वारा हाथी मित्र दल के माध्यम से एआई आधारित ट्रैकिंग कर हाथियों की लोकेशन का पता लगाया जाता है। एलिफेंट ट्रैकिंग अलर्ट एप के माध्यम से संबंधित क्षेत्रों में डिजिटल अलर्ट एवं ग्राम स्तर पर पूर्व सूचना जारी की जाती है। जिससे ग्रामीणों को समय रहते सतर्क किया जा सके। इस पहल के परिणामस्वरूप वर्ष 2023 के बाद से जनहानि एवं मुआवजा वितरण में उल्लेखनीय कमी आई है।

सीतानदी टाइगर रिजर्व के उपनिदेशक श्री वरुण जैन ने बताया कि वर्ष 2022 में मानव-हाथी द्वंद्व के कारण लगभग 78 लाख रुपये का मुआवजा तथा 6 जनों की मृत्यु हुई थी। वहीं वर्ष 2023 में यह आंकड़ा घटकर 22 लाख रुपये एवं 3 मृत्यु, वर्ष 2024 में 15 लाख रुपये एवं शून्य मृत्यु, तथा वर्ष 2025 में 10 लाख रुपये मुआवजा एवं 1 मृत्यु तक सीमित हो गया है। यह आंकड़े इस नवाचार की प्रभावशीलता को स्पष्ट रूप से दर्शाते हैं।

उन्होंने बताया कि गरियाबंद जिला राजधानी से समीप होने के कारण टाइगर रिजर्व को कॉरिडोर के रूप में विकसित करने की योजना पर कार्य किया जा रहा है, जिससे पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा एवं स्थानीय लोगों को रोजगार के अवसर प्राप्त होंगे। उल्लेखनीय है कि गरियाबंद जिले में सफल संचालन के बाद इस ट्रैकिंग प्रणाली का उपयोग मध्यप्रदेश, कर्नाटक, ओडिशा एवं झारखंड जैसे अन्य राज्यों में भी किया जा रहा है।

इस उपलब्धि के संबंध में कलेक्टर बी.एस. उईके ने पत्रकार वार्ता आयोजित कर जानकारी दी। पत्रकार वार्ता में पुलिस अधीक्षक वेदव्रत सिरमौर तथा जिला पंचायत सीईओ प्रखर चंद्राकर उपस्थित रहे। उल्लेखनीय है कि गरियाबंद जिले को विगत वर्ष कुल तीन महत्वपूर्ण क्षेत्रों में राज्य स्तरीय, राष्ट्रिय पुरस्कार प्राप्त हुए हैं। इनमें जल संचयन जनभागीदारी 1.0 के अंतर्गत तृतीय रैंक, दिव्यांगजनों के लिए उत्कृष्ट कार्य के लिए राज्य स्तर पर प्रथम पुरस्कार तथा मानव-हाथी द्वंद्व रोकथाम के क्षेत्र में एलिफेंट ट्रैकिंग अलर्ट एप के लिए मुख्यमंत्री उत्कृष्ट पुरस्कार शामिल हैं।

Leave a Comment

हम भारत के लोग
"हम भारत के लोग" यह वाक्यांश भारत के संविधान की प्रस्तावना का पहला वाक्य है, जो यह दर्शाता है कि संविधान भारत के लोगों द्वारा बनाया गया है और उनकी शक्ति का स्रोत है. यह वाक्यांश भारत की संप्रभुता, लोकतंत्र और लोगों की भूमिका को उजागर करता है.
Click Here
जिम्मेदार कौन
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here
Slide 3 Heading
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here