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धनबाद में बाउंड्री वॉल विवाद में वकीलों के बाद अब स्वास्थ्य कर्मी भी धरने पर बैठे

धनबाद.

सदर अस्पताल परिसर स्थित पंचकर्म भवन के समीप बाउंड्री वॉल खड़ी करने के मामले ने शनिवार को वकील और स्वास्थ्यकर्मी आमने-सामने हो गए। तीन दिन धनबाद सिविल कोर्ट ठप है। बाउंड्री वॉल तोड़ने की मांग को लेकर एक ओर वकीलों का अनिश्चित कालीन पेन डाउन हड़ताल जारी है। इसे लेकर वकील बार एसोसिएशन परिसर में तीन दिन से धरना दे रहे हैं।

अब स्वास्थ्य विभाग के डॉक्टर व कर्मचारी भी विरोध में उतर गए। दोनों ओर से भारी जुटान हो गया। स्वास्थ्य विभाग के डॉक्टर कर्मी, सहिया आदि विरोध पर उतर गए। सदर अस्पताल का ओपीडी पूरी तरीके से थक कर दिया गया। बिना इलाज के ही मरीज लौटने लगे। विरोध के कारण अस्पताल की ओपीडी से लेकर अन्य सभी नियमित सेवाएं पूरी तरह ठप हो गई हैं, जिससे इलाज के लिए पहुंचे मरीजों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। सुबह से ही अस्पताल परिसर में कामकाज ठप नजर आया चिकित्सकों और कर्मचारियों ने अपने-अपने विभागों में काम बंद कर दिया और एकजुट होकर पंचकर्म भवन के समीप धरना पर बैठ गए। धरना स्थल पर जिले भर से आए स्वास्थ्यकर्मी भी शामिल हुए, जिससे आंदोलन को व्यापक समर्थन मिला। आंदोलन कारियों का कहना है कि पंचकर्म भवन के पास दीवार निर्माण का विरोध केवल एक निर्माण कार्य का मुद्दा नहीं, बल्कि अस्पताल की सुरक्षा, निजता और कार्यस्थल की गरिमा से जुड़ा मामला है । सिविल सर्जन, अस्पताल के उपाधीक्षक समिति अन्य पदाधिकारी भी थे।

सेवाएं ठप, मरीज परेशान
विरोध के चलते ओपीडी बंद रहने से सैकड़ों मरीज बिना इलाज के लौटने को मजबूर हो गए। जांच, परामर्श और दवाइयों के वितरण पर भी असर पड़ा है। हालांकि आपातकालीन सेवाओं को लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं होने से मरीजों व उनके परिजनों में असमंजस की स्थिति बनी रही। कई मरीज निजी अस्पतालों का रुख करने को विवश हुए। हीरापुर से आए विकास कुमार ने बताया कि उनके पैर में दर्द है। लेकिन ओपीडी में कोई डॉक्टर नहीं मिले।

जहां बाउंड्री वॉल, वहां स्वास्थ्य विभाग बना रहा छज्जा
विवादित स्थल के पास एव स्वास्थ्य विभाग की ओर से सजा का निर्माण कराया जा रहा है। विभाग का कहना है कि यहां पर उनके कई रिकॉर्ड है, इसलिए यहां शेड की जरूरत है। दोनों जगह पर पुलिस बल की तैनाती है।

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