भोपाल.
राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने कहा है कि आत्मीय सद्भावना के साथ जरूरतमंद की मदद सच्ची समाज सेवा है। सेवा का भाव सबकी अंतरात्मा में निहित है। उसे अच्छे संस्कारों और मूल्यों से उभारने की जरूरत है। उन्होंने राष्ट्रीय सेवा योजना के स्वयंसेवकों से कहा कि आपके कार्यों से लोगों को खुशी मिले। किसी को दुख नहीं हो। हर दिन के अंत में चिंतन करें, क्योंकि समाज बदलने के लिए स्वयं को बदलना आवश्यक है। सबके लिए सद्भावना और निस्वार्थ सेवा से ही आत्मिक आनंद की प्राप्ति होती है। धन से क्षणिक सुख तो प्राप्त किया जा सकता है, किन्तु वास्तविक सुख संस्कारित आचरण से ही मिलता है।राज्यपाल पटेल गुरुवार को लोकभवन में आयोजित राष्ट्रीय स्वयंसेवक सम्मान समारोह को संबोधित कर रहे थे।
राज्यपाल पटेल ने कहा कि राष्ट्रीय सेवा योजना का ‘कैंपस टू कम्यूनिटी’ सफर ‘शिक्षा द्वारा समाज सेवा’ और ‘समाज सेवा द्वारा शिक्षा’ के महान लक्ष्य को प्राप्त करने का संकल्प है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय सेवा योजना केवल प्रमाण-पत्र प्राप्त करने का माध्यम नहीं, बल्कि “स्वयं से पहले सेवा” के जीवन-मंत्र को अपनाने की साधना है। राज्यपाल पटेल ने कहा कि राष्ट्रीय सेवा योजना के युवा केवल विद्यार्थी नहीं, बल्कि राष्ट्र सेवा के समर्पित सिपाही हैं। उनका प्रत्येक कदम समाज की प्रगति, जागरूकता और संवेदनशीलता की दिशा में आगे बढ़ता है।
राज्यपाल पटेल ने कहा कि राष्ट्रपति के समक्ष सलामी देना बड़ी उपलब्धि है, लेकिन असली सार्थकता तब है, जब स्वयंसेवक अपनी निस्वार्थ सेवा और अटूट संकल्प से वंचित और जरूरतमंद लोगों के जीवन में वास्तविक सुधार लाएँ। उन्होंने कहा कि समाज सेवा में सद्भाव होगा तभी वंचितों के जीवन में खुशहाली आएगी। उन्होंने कहा कि कर्तव्य पथ पर युवाओं की अनुशासित और प्रभावशाली कदमताल ने प्रदेशवासियों का दिल जीता है। साथ ही यह संदेश दिया कि मध्यप्रदेश का युवा हर क्षेत्र में अग्रणी है। राज्यपाल पटेल ने गणतंत्र दिवस 2026 की राष्ट्रीय परेड में प्रदेश का गौरव बढ़ाने वाले स्वयंसेवकों और पुरस्कार प्राप्त युवाओं का लोकभवन में हार्दिक स्वागत किया। उनको उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएँ दी।
राज्यपाल पटेल का कार्यक्रम में पुष्पगुच्छ और अंगवस्त्रम भेंट कर स्वागत और स्मृति चिन्ह भेंट कर अभिनंदन किया गया। स्वागत उद्बोधन अपर मुख्य सचिव उच्च शिक्षा अनुपम राजन ने दिया और आभार प्रदर्शन आयुक्त उच्च शिक्षा प्रबल सिपाहा ने किया। कार्यक्रम में राज्यपाल के प्रमुख सचिव डॉ. नवनीत मोहन कोठारी, क्षेत्रीय निदेशक राष्ट्रीय सेवा योजना सहित अधिकारी और राष्ट्रीय सेवा योजना के स्वयंसेवक उपस्थित थे।
राज्यपाल पटेल को MY भारत राष्ट्रीय सेवा योजना पुरस्कार प्राप्त करने वाले छात्रा आयुषी सिन्हा और सोमित दुबे ने पुरस्कार का अवलोकन कराया। पुरस्कार के संबंध में जानकारी दी। छात्रा रिमी शर्मा और संजय कुमार रजक ने एक माह के शिविर की गतिविधियों के संबंध में छायाचित्रों के माध्यम से जानकारी प्रस्तुत की। छात्रा प्रज्ञा सक्सेना और छात्र विनोद कुमार सेन ने शिविर की गतिविधियों और अनुभवों को साझा किया।
राज्यपाल पटेल ने नई दिल्ली में गणतंत्र दिवस 2026 की राष्ट्रीय परेड में शामिल राष्ट्रीय सेवा योजना के स्वयंसेवकों को पुरस्कार और मेडल प्रदान किए। पुरस्कार और पदक प्राप्त करने वालों में आयुषी सिन्हा, सोमित दुबे, प्रज्ञा सक्सेना, विनोद कुमार सेन, आशा वरकड़े, रिमी शर्मा, अंतरा चौहान, आदित्य गौर, महेश चौहान और संजय कुमार रजक शामिल थे।
इस अवसर पर राष्ट्रीय सेवा योजना के स्वयंसेवकों ने समवेद स्वर में गीतों की उत्कृष्ट सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से कार्यक्रम को सजाया। उन्होंने ‘स्वयं सजें वसुंधरा, सवार दें’ और ‘गूंजे गगन में, महकें पवन में, हर एक मन में सद्भावना’ जैसे गीतों के माध्यम से सामाजिक चेतना और देशभक्ति का संदेश सभी उपस्थित जनों तक पहुँचाया।





