samacharsecretary.com

पश्चिम मध्यप्रदेश में PM सूर्यघर योजना का लाभ, 74 हजार उपभोक्ताओं को मिली मदद

पीएम सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना से पश्चिम मप्र में अब तक 74 हजार उपभोक्ता लाभान्वित

केंद्र शासन की ओर से प्रति उपभोक्ता 78 हजार रूपए तक की सब्सिडी
अब तक मालवा निमाड़ में 505 करोड़ रूपए सब्सिडी वितरित

भोपाल 
मध्यप्रदेश पश्चिम क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी प्रधानमंत्री सूर्य़घर मुफ्त बिजली योजना का प्रभावी क्रियान्वयन कर रही है। अब तक 74 हजार से ज्यादा उपभोक्ताओं ने पीएम सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना अंतर्गत सौर ऊर्जा संयंत्र स्थापित किए हैं। पात्र उपभोक्ता को 78 हजार रूपए तक की सब्सिडी दी जा रही है। इन उपभोक्ताओं को प्रतिमाह तीन सौ यूनिट बिजली प्राप्त हो रही है। यह एक मध्यमवर्गीय परिवार के लिए काफी है। पीएम सूर्य़घर मुफ्त बिजली योजना में अब तक करीब 505 करोड़ रूपए की सब्सिडी राशि उपभोक्ताओं के बैंक खातों में केंद्र नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा मंत्रालय के माध्यम से जमा हो चुकी हैं। सब्सिडी आने का क्रम सतत जारी है।

कंपनी के प्रबंध निदेशक श्री अनूप कुमार सिंह ने बताया कि ऊर्जा मंत्री श्री प्रद्युम्न सिंह तोमर के निर्देश पर सौर ऊर्जा प्रकरण तेजी से मंजूर किए जा रहे हैं। इसी वजह से मालवा निमाड़ में पीएम सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना लागू होने के बाद रूफ टॉप सोलर संयंत्रों की संख्या पांच गुना से ज्यादा हो चुकी है। वर्तमान में सौर ऊर्जा अपनाने वालों की कुल संख्या 91 हजार के पार एवं ऊर्जा उत्पादन क्षमता 525 मेगावाट से अधिक हो चुकी हैं, इसमें से 74 हजार से ज्यादा लाभान्वित उपभोक्ता पीएम सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना से जुड़े हैं। मालवा निमाड़ में अपने परिसर में सौर ऊर्जा संयंत्र लगाने वालों की कुल संख्या जल्दी ही एक लाख पहुंचने की उम्मीद है।

पीएम सूर्य़घर मुफ्त बिजली योजना में सबसे ज्यादा 29 हजार उपभोक्ता इंदौर शहर के जुड़े हैं, जबकि इंदौर जिले के कुल 33 हजार उपभोक्ता पीएम सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना से जुड़े चुके हैं। सभी योजनाओं को मिलाकर इंदौर जिले में कुल 41 हजार परिसरों में सौर ऊर्जा उत्पादन हो रहा है। यह मप्र के सभी जिलों की तुलना में काफी ज्य़ादा हैं।

पीएम सूर्य़घर मुफ्त बिजली योजना के अंतर्गत घरों पर सोलर पैनल्स लगाने के लिए एक किलो वाट के संयंत्र पर 30 हजार, दूसरे किलो वाट पर 30 हजार, तीसरे किलो वाट संयंत्र पर 18 हजार , इस तरह तीन किलो वाट के सोलर संयंत्र स्थापित करने पर अधिकतम 78 हजार रूपए की सब्सिडी केंद्र शासन के माध्यम से उपभोक्ता को सीधे डीबीटी से प्राप्त होती हैं।

इंदौर के बाद सौर ऊर्जा के संबंध में कंपनी स्तर पर दूसरा स्थान उज्जैन जिले के 8400 परिसरों का हैं। इसके बाद तीसरा स्थान रतलाम जिले का 7800 व चौथा स्थान मंदसौर जिले का 5500, पांचवां स्थान देवास जिला 5000 स्थानों पर सोलर पैनल्स वाला जिला है।

विशेष प्रकोष्ठ कार्यरत

कंपनी स्तर पर सौर ऊर्जा प्रकरणों के जल्दी से मंजूरी एवं सब्सिडी समय पर दिलाने के लिए प्रकोष्ठ कार्यरत है, इसमें अतिरिक्त मुख्य अभियंता स्तर के प्रभारी कार्यरत हैं। साथ ही प्रत्येक जिले में अधीक्षण यंत्री पीएम सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना समेत सौर ऊर्जा से जुड़ी समस्त य़ोजनाओं के क्रिय़ान्वयन की सतत समीक्षा करते हैं।

 

Leave a Comment

हम भारत के लोग
"हम भारत के लोग" यह वाक्यांश भारत के संविधान की प्रस्तावना का पहला वाक्य है, जो यह दर्शाता है कि संविधान भारत के लोगों द्वारा बनाया गया है और उनकी शक्ति का स्रोत है. यह वाक्यांश भारत की संप्रभुता, लोकतंत्र और लोगों की भूमिका को उजागर करता है.
Click Here
जिम्मेदार कौन
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here
Slide 3 Heading
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here