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सोनिया रमन ने WNBA में पहली भारतीय हेड कोच के रूप में इतिहास रचा, सिएटल स्टॉर्म की कमान संभाली

न्यूयॉर्क
 भारतीय मूल की सोनिया रमन ने सिएटल स्टॉर्म का मुख्य कोच बनकर डब्ल्यूएनबीए (महिला नेशनल बास्केटबॉल लीग) में नया इतिहास रच दिया है. वह इस प्रतियोगिता में किसी टीम की मुख्य कोच बनने वाली भारतीय मूल की पहली व्यक्ति हैं.

इस घटनाक्रम से अवगत एक व्यक्ति ने गोपनीयता की शर्त पर एसोसिएटेड प्रेस को यह जानकारी दी। इसकी अभी तक कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है.

रमन पिछले सत्र में न्यूयॉर्क लिबर्टी में सहायक कोच बनने से पहले चार साल तक एनबीए के मेम्फिस ग्रिजलीज में सहायक कोच थीं। वह डब्ल्यूएनबीए में मुख्य कोच बनने वाली भारतीय मूल की पहली कोच होगी.

सिएटल ने पिछले महीने कोच नोएल क्विन को बर्खास्त कर दिया था. ईएसपीएन ने सबसे पहले इस नियुक्ति की सूचना दी. इस नियुक्ति के साथ न्यूयॉर्क एकमात्र ऐसी टीम है जिसके पास अभी भी कोई मुख्य कोच नहीं है.

रमन का कोचिंग करियर एमआईटी से शुरू हुआ, जहां वह 2008 से 2020 तक मुख्य कोच रहीं. उन्होंने इस स्कूल को दो बार डिवीजन तीन एनसीएए टूर्नामेंट में पहुंचाया और प्रतियोगिता के इतिहास में सबसे सफल कोच बनी.

सोनिया रमन ने पिछले साल न्यूयॉर्क लिबर्टी में असिस्टेंट कोच के रूप में जॉइन किया था। इससे पहले वह एनबीए की मेम्फिस ग्रिजलीज में चार वर्षों तक असिस्टेंट कोच रहीं। 2020 में जब उन्होंने यह भूमिका संभाली थी तब वे NBA में भारतीय मूल की पहली कोच बनीं थीं।

मेम्फिस से पहले सोनिया ने एमआईटी में महिला बास्केटबॉल टीम की हेड कोच के रूप में 2008 से 2020 तक काम किया था। वहां उन्होंने एक दशक से भी अधिक समय तक अपने नेतृत्व से कई रिकॉर्ड कायम किए।

रमन की नियुक्ति 2017 के बाद सीएटल स्टॉर्म की पहली फुल कोचिंग सर्च का नतीजा है। उस समय टीम ने डैन ह्यूजेस को नियुक्त किया था और आने वाले वर्षों में 2018 और 2020 में दो WNBA खिताब जीते थे। सोनिया का कॉन्ट्रैक्ट क्लच स्पोर्ट्स के एजेंट एंडी लैटैक और स्टीव नेफ ने नेगोशिएट किया। टीम ने अब तक यह नहीं बताया है कि रमन को औपचारिक रूप से कब पेश किया जाएगा।

सोनिया की यह नियुक्ति न केवल भारतीय समुदाय के लिए गर्व का क्षण है बल्कि अमेरिकी बास्केटबॉल में विविधता और प्रतिनिधित्व की दिशा में एक और ऐतिहासिक कदम भी है।

 

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