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कड़ाके की ठंड से जनजीवन बेहाल, बर्फीली हवाओं व कोहरे ने बढ़ाई परेशानी

मुजफ्फरपुर मुजफ्फरपुर जिले में ठंड के ट्रिपल अटैक से आम जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। पछुआ हवाओं के साथ बढ़ी कनकनी ने लोगों की मुश्किलें और बढ़ा दी हैं। पारा लुढ़कते ही हालात और गंभीर हो गए हैं। जिले में न्यूनतम तापमान 7.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है, जिसके बाद आम लोगों की परेशानियां लगातार बढ़ती जा रही हैं। जिले में हाड़ कंपाने वाली ठंड से फिलहाल कोई राहत नहीं मिलती दिख रही है। इसे देखते हुए राज्य मौसम विभाग ने शीतलहर को लेकर अलर्ट जारी किया है। लगातार बढ़ती ठंड के कारण जिला प्रशासन ने भी लोगों से सतर्क रहने और ठंड से बचाव के उपाय अपनाने की अपील की है, ताकि इसका असर बच्चों और बुजुर्गों पर न पड़े। ठंडी पछुआ हवाओं के कारण लोग मॉर्निंग वॉक से भी परहेज कर रहे हैं, जिससे स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव न पड़े। सुबह के समय हल्का कोहरा छाया रहता है, इसके बाद दिनभर पछुआ और बर्फीली हवाएं चलने से पूरे जिले में शीतलहर जैसी स्थिति बनी हुई है। ग्रामीण इलाकों से लेकर शहर तक ठंड का असर साफ तौर पर देखा जा रहा है। इस भीषण ठंड का सबसे ज्यादा असर आम लोगों की रोजमर्रा की गतिविधियों पर पड़ रहा है, खासकर शहर में फुटपाथ पर दुकान लगाने वाले लोग इससे सबसे अधिक प्रभावित हैं। मौसम विभाग के अनुसार मुजफ्फरपुर में लगातार तापमान में गिरावट दर्ज की जा रही है। फिलहाल जिले का न्यूनतम तापमान 7.8 डिग्री सेल्सियस और अधिकतम तापमान 14 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है। ठंड के कारण सुबह से करीब 10 बजे तक और शाम 4 बजे के बाद से सुबह तक बर्फीली हवाओं के चलते लोगों की परेशानी बनी हुई है। अधिकांश लोग घरों में दुबके हुए हैं और अलाव का सहारा ले रहे हैं। ठंड से बचाव के लिए जिला प्रशासन की ओर से शहर के विभिन्न स्थानों पर अलाव की व्यवस्था की गई है, ताकि कोई भी ठंड का शिकार न हो। मौसम विभाग ने बताया है कि शीतलहर, बर्फीली हवाओं और कोहरे के कारण जिले में लोगों को एक साथ तीन तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। विभाग ने चेतावनी जारी करते हुए कहा है कि अगले दो से तीन दिनों तक ठंड से राहत मिलने की संभावना नहीं है।    

शीतलहर का कहर जारी, घने कोहरे को लेकर 7 जनवरी तक अलर्ट

पंजाब पंजाब और चंडीगढ़ में सर्द मौसम ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी है। कड़ाके की ठंड और घने कोहरे के चलते मौसम विभाग ने 7 जनवरी तक अलर्ट जारी करते हुए लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। राज्य के कई इलाकों में सुबह और रात के समय कोहरा छाए रहने की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग के अनुसार आज पंजाब के लगभग सभी जिलों में घना कोहरा देखने को मिल सकता है। वहीं, करीब 10 जिलों में शीतलहर की स्थिति बनी हुई है। कोहरे की वजह से विजिबिलिटी काफी कम हो गई है, जिससे सड़क यातायात भी प्रभावित हो रहा है। अमृतसर में विजिबिलिटी बेहद कम दर्ज की गई, जबकि फरीदकोट जैसे इलाकों में भी हालात सामान्य नहीं रहे। तापमान की बात करें तो फरीदकोट राज्य का सबसे ठंडा जिला रहा, जहां न्यूनतम तापमान करीब पांच डिग्री सेल्सियस के आसपास दर्ज किया गया। पंजाब में अधिकतर स्थानों पर न्यूनतम तापमान 6 से 10 डिग्री के बीच बना हुआ है, जबकि दिन का तापमान भी कई जगह सामान्य से नीचे चल रहा है। आने वाले दिनों में जालंधर, लुधियाना, अमृतसर, गुरदासपुर, मोहाली, पटियाला सहित पठानकोट अधिकांश जिलों में कोहरे का असर बना रह सकता है। जालंधर, कपूरथला, फरीदकोट, मुक्तसर, तरनतारन, अमृतसर, मोगा, बठिंडा, फाजिल्का और फिरोजपुर जिले में ठंडी हवाओं के चलते शीतलहर की स्थिति जारी रहने का अनुमान है। मौसम विभाग का कहना है कि अगले दो दिनों में रात के तापमान में और गिरावट आ सकती है।   विशेषज्ञों के अनुसार, पहाड़ी इलाकों से आ रही ठंडी हवाओं के कारण पंजाब में ठंड बढ़ रही है। फिलहाल प्रदेश में बारिश की संभावना नहीं है और मौसम 9 जनवरी तक शुष्क बना रह सकता है। मौसम विभाग ने वाहन चालकों को कोहरे के दौरान सावधानी से वाहन चलाने की सलाह दी है।

कांप उठी राजधानी! दिल्ली में 6 साल बाद सबसे ठंडा दिसंबर, पारा गिरने से बढ़ी ठिठुरन

नई दिल्ली  दिल्ली बुधवार को घने कोहरे की चादर में लिपटी रही जिससे दृश्यता का स्तर 50 मीटर से भी नीचे चला गया। दिल्ली हवाई अड्डे पर करीब 150 उड़ानें रद्द कर दी गईं और 100 से अधिक ट्रेनें देरी से चलीं। धूप नहीं निकलने से तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई। दिल्ली में कई जगहों पर कोल्ड डे और कुछ जगहों पर सीवियर कोल्ड डे की स्थिति देखी गई। 6 साल में बुधवार का दिन दिसंबर का सबसे ठंडा दिन के रूप में दर्ज हुआ। यह मौसम का भी सबसे ठंडा दिन रहा। मौसम विभाग ने अगले 3 दिनों के लिए येलो अलर्ट जारी किया है और गुरुवार को हल्की बारिश या बूंदाबांदी की संभावना जताई है।   ठंड ने तोड़ा 6 साल का रिकॉर्ड मौसम विभाग की ओर से साझा किए गए आंकड़े के मुताबिक, दिल्ली में बुधवार का दिन दिसंबर महीने के लिए 6 वर्षों में सबसे ठंडे दिन के रूप में रिकॉर्ड किया गया। दिल्ली की मानक वेधशाला सफदरजंग में दिन का अधिकतम तापमान 14.2 डिग्री रिकार्ड किया गया जो सामान्य से 6.2 डिग्री सेल्सियस कम है। इससे पहले 2019 में 29 दिसंबर को अधिकतम तापमान 13.3 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया था। किन जगहों पर कोल्ड डे की स्थिति? बुधवार का दिन दिल्ली में मौसम का सबसे ज्यादा ठंडा दिन रहा। बता दें कि न्यूनतम तापमान 10 डिग्री से कम होने और अधिकतम तापमान सामान्य से 4.5 से 6.5 डिग्री कम होने पर उसे कोल्ड डे की स्थिति मानी जाती है। अधिकतम तापमान सामान्य से 6.5 डिग्री सेल्सियस से कम हम होने पर सीवियर कोल्ड डे यानी गंभीर शीत दिवस की स्थिति मानी जाती है। बुधवार को सफदरजंग, रिज और आयानगर में शीत दिवस और पालम व लोधी रोड में गंभीर शीत दिवस की स्थिति रही। कल हल्की बारिश, 3 दिन येलो अलर्ट मौसम विभाग ने गुरुवार को दिल्ली-NCR के अलग-अलग हिस्सों में पश्चिमी विक्षोभ से हल्की बारिश या बूंदाबांदी की संभावना जताई है। दिल्ली के अधिकांश हिस्सों में सुबह के समय मध्यम और कुछ इलाकों में घना कोहरा छाया रह सकता है। दिन में कहीं-कहीं शीत दिवस की स्थिति भी बन सकती है। इसको लेकर येलो अलर्ट जारी किया गया है। IMD ने एक से लेकर 3 तारीख तक के लिए येलो अलर्ट जारी किया है। पहाड़ों पर हिमपात के बाद गलन भरी सर्दी का पूर्वानुमान है। 150 उड़ानें रद्द, 100 से ज्यादा ट्रेनें प्रभावित दिल्ली में छाए घने कोहरे का खासा असर विमान सेवाओं पर देखने को मिला है। घने कोहरे के चलते दिल्ली हवाई अड्डे पर लगभग 150 उड़ानों को रद्द कर दिया। दो उड़ानों का मार्ग परिवर्तन भी किया गया। यात्रियों को विमान सेवाओं के संपर्क में रहने और उसी अनुसार यात्रा की योजना बनाने की सलाह दी गई है। रेल सेवा भी बुरी तरह प्रभावित रही। दिल्ली के अलग-अलग स्टेशनों पर लगभग 100 रेलगाड़ियां देरी से पहुंचीं।  

हाड़ कंपा देने वाली ठंड: सर्द हवाओं से कांपा राजस्थान, सीकर और अलवर में दिखी बर्फ की परत

जयपुर उत्तर भारत से वेस्टर्न डिस्टर्बेंस का असर समाप्त होते ही उत्तरी हवाएं एक बार फिर मैदानी इलाकों में सक्रिय हो गई हैं। इसके चलते राजस्थान में सर्दी ने तेज रफ्तार पकड़ ली है। सीकर में गुरुवार को न्यूनतम तापमान 1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो इस सीजन में दूसरी बार 1 डिग्री तक पहुंचा है। सीकर और अलवर में सुबह खेतों में फसलों पर बर्फ और ओस की परत जमी नजर आई। अलवर में सूखी घास और लकड़ियों पर भी ओस जम गई। वहीं माउंट आबू में न्यूनतम तापमान 2 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जहां गाड़ियों की छतों पर बर्फ की परत दिखाई दी। चार जिलों में कोल्ड वेव की चेतावनी मौसम केंद्र जयपुर ने अगले दो दिनों के लिए चूरू, झुंझुनूं, सीकर और नागौर जिलों में कोल्ड वेव की चेतावनी जारी की है। मौसम विभाग के अनुसार राज्य में आगामी एक सप्ताह तक मौसम शुष्क रहेगा और सर्द हवाओं के कारण ठंड का असर बना रहेगा। कई शहरों में न्यूनतम तापमान 5 डिग्री से नीचे बीते 24 घंटों में फतेहपुर (सीकर) में न्यूनतम तापमान 2.6 डिग्री और नागौर में 3.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इसके अलावा लूणकरणसर में 5.4, चूरू में 5.8, झुंझुनूं और पाली में 6.8, करौली में 6.9, पिलानी में 7.2, दौसा में 8.1, अलवर में 8.6, बीकानेर और जैसलमेर में 8.8 तथा सिरोही में 9.3 डिग्री सेल्सियस न्यूनतम तापमान रहा। सीकर, फतेहपुर, चूरू और बीकानेर क्षेत्रों में सुबह-शाम सर्द हवाओं के कारण ठिठुरन बनी रही। सर्द हवा के प्रभाव से दिन के अधिकतम तापमान में भी गिरावट दर्ज की गई। 16 शहरों में दिन का तापमान 25 डिग्री से नीचे बुधवार को प्रदेश के सभी शहरों में अधिकतम तापमान 30 डिग्री सेल्सियस से कम रहा। सबसे ठंडा दिन सिरोही में दर्ज हुआ, जहां अधिकतम तापमान 19.5 डिग्री सेल्सियस रहा। जयपुर में 22.3, अलवर में 22, बारां में 22.6, करौली में 22.7, झुंझुनूं में 22.8, श्रीगंगानगर में 23.5, चूरू में 23.6, बीकानेर और दौसा में 23.8, कोटा में 23.3, अजमेर में 24.3, भीलवाड़ा में 24.4, नागौर में 24.4 और पाली में 24.9 डिग्री सेल्सियस अधिकतम तापमान दर्ज हुआ। अगले एक सप्ताह रहेगा मौसम शुष्क मौसम केंद्र जयपुर के निदेशक राधेश्याम शर्मा ने बताया कि अगले दो दिनों तक सर्द हवाओं का प्रभाव अधिक रहेगा, जिससे तापमान में 2 से 4 डिग्री सेल्सियस तक गिरावट हो सकती है। इसके बाद भी अगले एक सप्ताह तक मौसम शुष्क बना रहेगा।

इंदौर में न्यूनतम 8°C, भोपाल 9.8°C, MP में घना कोहरा और पचमढ़ी में पारा 4°C से नीचे

भोपाल  उत्तर भारत में हो रही बर्फबारी का असर मध्यप्रदेश में दिखने लगा है। प्रदेश में ठंड लगातार बढ़ रही है और बुधवार रात से सर्दी और तीखी होने की संभावना है। मौसम विभाग के अनुसार, न्यूनतम तापमान में अगले 24 घंटे में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस तक और गिरावट दर्ज की जा सकती है। फिलहाल पचमढ़ी और शहडोल का कल्याणपुर ऐसे इलाके हैं, जहां रात का तापमान 5 डिग्री सेल्सियस से नीचे बना हुआ है। इधर, प्रदेश के उत्तरी हिस्से घने कोहरे की चपेट में हैं। ग्वालियर, रीवा और सतना में दृश्यता 50 से 200 मीटर तक सिमट गई है, जिससे हालात जीरो विजन जैसे हो गए हैं। दमोह, खजुराहो, नौगांव, मुरैना, सीधी, दतिया, इंदौर, भोपाल, राजगढ़, उज्जैन, शाजापुर, सीहोर और देवास में भी सुबह 6 से 8 बजे के बीच घना कोहरा छाया रहा। बुधवार सुबह भी कई जिलों में यही स्थिति देखने को मिली। कम विजिबिलिटी के कारण कई जगह सड़कों पर वाहन चलाना चुनौतीपूर्ण हो गया है। जानिए आपके शहर में मौसम की स्थिति क्या है और आने वाले तीन दिनों में ठंड-कुहासे का क्या असर रहेगा।  आज का मौसम कैसा रहा? बुधवार सुबह ग्वालियर, मुरैना, भिंड, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना, रीवा, मैहर, मऊगंज, सीधी, सिंगरौली और शहडोल में घना कोहरा छाया रहा। वहीं भोपाल, इंदौर, उज्जैन, शाजापुर, देवास, राजगढ़, रायसेन और विदिशा में मध्यम स्तर का कोहरा देखा गया।मौसम वैज्ञानिक अरुण शर्मा के मुताबिक, अगले दो दिनों में कोहरे का असर थोड़ा कम हो सकता है, लेकिन ठंड और तेज होगी। न्यूनतम तापमान में 2 से 3 डिग्री तक की और गिरावट संभव है। अगले पांच दिनों तक प्रदेश में मौसम शुष्क बना रहेगा और बारिश की कोई संभावना नहीं है। न्यूनतम तापमान के मामले में नौगांव (छतरपुर) प्रदेश का दूसरा सबसे ठंडा शहर रहा, जहां रात का तापमान 7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इसके अलावा राजगढ़ में 7.4, मलाजखंड में 7.6, रीवा में 8.2 और उमरिया में 8.3 डिग्री तापमान रिकॉर्ड किया गया। कई शहरों में कोहरे का असर बुधवार सुबह कुछ शहरों में कोहरे से राहत जरूर मिली, लेकिन इंदौर, खजुराहो, रीवा, सतना, दतिया, गुना, ग्वालियर, रतलाम, उज्जैन, मंडला, नरसिंहपुर और नौगांव में घने कोहरे का असर साफ दिखाई दिया। कई जगह विजिबिलिटी 2 से 4 किलोमीटर तक सीमित रही। मौसम विभाग का कहना है कि उत्तर भारत से आ रही ठंडी हवाओं और साफ आसमान के कारण रात के तापमान में और गिरावट आ सकती है। ऐसे में लोगों को ठंड से बचाव के लिए सतर्क रहने की सलाह दी गई है।   पचमढ़ी में इस सीजन की सबसे ठंडी रात प्रदेश के एकमात्र हिल स्टेशन पचमढ़ी में इस सीजन पहली बार न्यूनतम तापमान 4 डिग्री से नीचे पहुंच गया। मंगलवार रात यहां तापमान 3.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। मौसम विभाग के अनुसार, आने वाले दिनों में ठंड और बढ़ सकती है, जिससे न्यू ईयर सेलिब्रेशन पर भी असर पड़ सकता है। एमपी में सबसे ठंडा पचमढ़ी शहर रात का तापमान पचमढ़ी (नर्मदापुरम) 3.8 राजगढ़ 7.4 नौगांव (छतरपुर) 7.0 मलाजखंड (बालाघाट) 7.6 रीवा 8.2 उमरिया 8.3 रायसेन 9.0 छिंदवाड़ा 9.0 मंडला 9.0 खजुराहो (छतरपुर) 9.2 टीकमगढ़ 9.8 बैतूल 10.0 खंडवा 10.0 खरगोन 10.2 सतना 10.2 नरसिंहपुर 10.4 रतलाम 10.5 दमोह 10.6 धार 10.9 दतिया 11.1 गुना 11.4 सिवनी 11.4 सीधी 11.4 श्योपुर 12.0 सागर 12.4 नर्मदापुरम 13.5 कई शहरों में घना कोहरा बुधवार सुबह कुछ जगहों पर कोहरे से हल्की राहत मिली, लेकिन इंदौर, खजुराहो, रीवा, सतना, दतिया, गुना, ग्वालियर, रतलाम, उज्जैन, मंडला, नरसिंहपुर और नौगांव में घना कोहरा छाया रहा। कई इलाकों में विजिबिलिटी 2 से 4 किलोमीटर तक सीमित रही। आज कैसा है मौसम? घना कोहरा: ग्वालियर, मुरैना, भिंड, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना, रीवा, मैहर, मऊगंज, सीधी, सिंगरौली, शहडोल मध्यम कोहरा: भोपाल, इंदौर, उज्जैन, शाजापुर, देवास, राजगढ़, रायसेन, विदिशा अगले कुछ दिनों का मौसम अपडेट मौसम वैज्ञानिक अरुण शर्मा के अनुसार, अगले 2 दिन कोहरे का असर कुछ कम रहेगा, लेकिन ठंड और तेज होगी। न्यूनतम तापमान में 2 से 3 डिग्री तक गिरावट आ सकती है। अगले 5 दिनों तक मौसम साफ रहेगा और बारिश की कोई संभावना नहीं है। नवंबर-दिसंबर में टूटा ठंड का रिकॉर्ड इस बार नवंबर और दिसंबर में ठंड ने कई रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। भोपाल में नवंबर महीने में 15 दिन तक शीतलहर चली, जो 1931 के बाद सबसे ज्यादा है। 17 नवंबर की रात भोपाल में तापमान 5.2 डिग्री तक पहुंच गया, जो अब तक का रिकॉर्ड है। इंदौर में भी 25 साल का रिकॉर्ड टूटा इंदौर में भी इस बार ठंड ने रिकॉर्ड बनाया। यहां तापमान 6.4 डिग्री तक गिर गया, जो पिछले 25 सालों में सबसे कम है। दिसंबर में भोपाल और इंदौर दोनों जगह पारा 5 डिग्री से नीचे जा चुका है। दिसंबर-जनवरी क्यों होते हैं सबसे ठंडे? मौसम विभाग के अनुसार, जिस तरह जुलाई-अगस्त में सबसे ज्यादा बारिश होती है, उसी तरह दिसंबर और जनवरी में सबसे ज्यादा ठंड पड़ती है। इन महीनों में उत्तर भारत से ठंडी हवाएं आती हैं और वेस्टर्न डिस्टरबेंस सक्रिय रहते हैं, जिससे ठंड और बढ़ जाती है। इन जिलों में सबसे ज्यादा सर्दी ग्वालियर, चंबल और उज्जैन संभाग: बर्फीली हवाओं और घने कोहरे का असर सागर और रीवा संभाग: तेज ठंड और शीतलहर भोपाल संभाग: सीहोर, रायसेन, राजगढ़, विदिशा में ठंड का जोर सागर संभाग: निवाड़ी, छतरपुर, टीकमगढ़, पन्ना रीवा संभाग: मऊगंज, सीधी, सिंगरौली जबलपुर संभाग: मंडला, डिंडौरी इंदौर संभाग: इंदौर, धार, झाबुआ एक दर्जन से अधिक ट्रेनें 5 से 8 घंटे तक लेट घने कोहरे के कारण दिल्ली से भोपाल, इंदौर और उज्जैन आने वाली एक दर्जन से अधिक ट्रेनें 5 से 8 घंटे तक देरी से चल रही हैं। मालवा एक्सप्रेस रोजाना 4 से 5 घंटे लेट हो रही है, जबकि शताब्दी और सचखंड एक्सप्रेस भी प्रभावित हैं। तापमान की बात करें तो प्रदेश के बड़े शहरों में भोपाल का न्यूनतम तापमान 7.4 डिग्री, इंदौर का 6.4 डिग्री, ग्वालियर का 8.5 डिग्री, उज्जैन का 9.8 डिग्री और जबलपुर का 8.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। प्रदेश का एकमात्र हिल स्टेशन पचमढ़ी सबसे ठंडा रहा, जहां रात का पारा 4.2 डिग्री पर पहुंच गया। शहडोल के कल्याणपुर में 4.6 डिग्री, मंदसौर में 5.7 डिग्री, … Read more

कड़ाके की ठंड में झारखंड परेशान, लोग तापमान और स्वास्थ्य को लेकर चिंतित

रांची झारखंड इन दिनों हाड़ कंपाने वाली ठंड की चपेट में है। राज्य के अधिकांश जिलों में शीतलहर और घने कोहरे ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। ठिठुरन से लोग बेहाल हैं। वहीं अस्पतालों में ठंड से प्रभावित मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है। ऊपर से कोहरे के कारण सड़कों पर वाहनों की रफ्तार थम सी गई है, जिससे आवागमन में भी परेशानी हो रही है। आज राजधानी रांची का न्यूनतम तापमान 5.4 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जो इस सीजन के सबसे कम तापमान में से एक है। राज्य के कुल नौ जिलों में न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस से नीचे चला गया है। रांची के अलावा डाल्टनगंज में 6.5 डिग्री, लोहरदगा में 7.1 डिग्री, गुमला में 7.3 डिग्री, खूंटी में 7.3 डिग्री, हजारीबाग में 7.6 डिग्री, कोडरमा में 8.1 डिग्री, बोकारो और चाईबासा में 9.2 डिग्री तथा लातेहार में 9.5 डिग्री न्यूनतम तापमान दर्ज किया गया। ठंड की वजह से इन जिलों में सामान्य जनजीवन प्रभावित हुआ है। सबसे ज्यादा चिंता की बात अधिकतम तापमान में आई भारी गिरावट को लेकर है। हजारीबाग में अधिकतम तापमान महज 15.8 डिग्री सेल्सियस तक सिमट गया है, जबकि न्यूनतम तापमान 7.6 डिग्री रहा। इसके चलते दिन के समय भी ठंड का एहसास हो रहा है। खासकर स्कूली बच्चों और बुजुर्गों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। हजारीबाग के अलावा कोडरमा में अधिकतम तापमान 17 डिग्री, डाल्टनगंज में 18.5 डिग्री, लोहरदगा में 19.4 डिग्री और लातेहार में 19.8 डिग्री रिकॉडर् किया गया है। राज्य के कुल पांच ऐसे जिले हैं, जहां अधिकतम तापमान 20 डिग्री से नीचे चला गया है, जबकि 19 जिलों में अधिकतम तापमान 20 से 25 डिग्री के बीच बना हुआ है। मौसम केंद्र, रांची के अनुसार 22 दिसंबर को राज्य के 16 जिलों में घना कोहरा छाया रहा। चतरा, कोडरमा, हजारीबाग, गिरिडीह, रामगढ़ और बोकारो में कोहरे का सबसे ज्यादा असर देखा गया। इसके अलावा गढ़वा, पलामू, लातेहार, लोहरदगा, गुमला, रांची, खूंटी, धनबाद, देवघर और जामताड़ा में भी कोहरे ने जनजीवन को प्रभावित किया। देवघर में द्दश्यता घटकर 200 मीटर और जमशेदपुर में 300 मीटर तक पहुंच गई, जिससे यातायात पर खासा असर पड़ा है। मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में ठंड और कोहरे के बने रहने की संभावना जताई है। ऐसे में लोगों को सतर्क रहने और आवश्यक सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।  

प्रदेश में शीतलहर और कोहरे का कहर, ग्वालियर, रीवा में 50 मीटर दृश्यता, भोपाल में शीतलहर जारी

भोपाल  मध्य प्रदेश में जारी शीतलहर के बीच लगभग आधे राज्य में घने कोहरे ने अपनी चपेट में ले लिया है। शीतलहर के साथ कोहरा इतना घना है कि, मौसम विभाग ने सूबे के 22 जिलों में अलर्ट जारी कर दिया है। हालात ये हैं कि, कई जिलों में यातायात बुरी तरह से प्रभावित हो गए हैं। इनमें सड़क परिवहन के साथ साथ रेल सेवा भी शामिल है। प्रदेश के 25 से अधिक जिलों में न्यूनतम तापमान 10 डिग्री से नीचे दर्ज किया जा रहा है। इनमें मुख्य रूप से रीवा में 5.5 डिग्री, राजधानी भोपाल में 5.8 डिग्री, इंदौर में 6.6 डिग्री, बैतूल में भी 5.8 डिग्री। उमरिया में 7 डिग्री, रायसेन में 7.6, मलाजखंड-नौगांव में 7.8, खजुराहो में 8.1, नरसिंहपुर में 8.2, दमोह-मंडला में 8.5, छिंदवाड़ा में 8.6, टीकमगढ़ में 8.9, ग्वालियर में 9.1, उज्जैन में 9.3, जबलपुर में 9.4, सतना में 9.6 और गुना में 9.9 डिग्री तापमान रहा। मंगलवार सुबह के लिए ग्वालियर, मुरैना, भिंड, दतिया, निवाड़ी, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना, रीवा, मऊगंज और सीधी में घने कोहरे का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। यानी, इन जिलों में 50 मीटर दूर देखना भी मुश्किल रहेगा। वहीं, भोपाल, विदिशा, सागर, दमोह, जबलपुर, कटनी, मैहर, उमरिया, शहडोल और सिंगरौली में कोहरे का येलो अलर्ट है। यहां 1 से 2 हजार मीटर विजिबिलिटी रहेगी। इससे पहले सोमवार सुबह रीवा, मुरैना-रायसेन में इतना कोहरा था कि 50 मीटर के बाद कुछ नहीं दिखा। भोपाल में 500 से 1 हजार मीटर तक विजिबिलिटी दर्ज की गई। दिनभर कोहरा छाया रहा। दोपहर में भी यह स्थिति थी कि 2-ढाई किलोमीटर बाद कुछ नहीं दिखाई दे रहा है। ठंड के सीजन की यह पहली सुबह रही, जब घना कोहरा छाया हो। कोहरे का सबसे ज्यादा असर रीवा में रहा। छतरपुर के खजुराहो में 50 से 200 मीटर, भोपाल, ग्वालियर, दतिया और सीधी में 500 से 1 हजार मीटर, इंदौर, नर्मदापुरम, सागर, रतलाम, दमोह और मंडला में 1-2 हजार मीटर दृश्यता रही। अशोकनगर, पचमढ़ी, टीकमगढ़, विदिशा, शाजापुर, सीहोर, देवास में भी कोहरे वाली सुबह रही। दूसरी ओर, तापमान में भी खासी गिरावट देखी गई। प्रदेश के 5 बड़े शहरों की बात करें तो सोमवार की रात में भोपाल में सबसे कम 5.8 डिग्री, इंदौर में 6.6 डिग्री, ग्वालियर में 9.1 डिग्री, उज्जैन में 9.3 डिग्री और जबलपुर में पारा 9.4 डिग्री रहा। प्रदेश में सबसे ठंडे पचमढ़ी और राजगढ़ रहे। यहां तापमान 5.4 डिग्री दर्ज किया गया। बैतूल में 5.8 डिग्री, उमरिया में 7 डिग्री, रीवा में 7.5 डिग्री, रायसेन में 7.6 डिग्री, मलाजखंड-नौगांव में 7.8 डिग्री, खजुराहो में 8.1 डिग्री, नरसिंहपुर में 8.2 डिग्री, दमोह-मंडला में 8.5 डिग्री, छिंदवाड़ा में 8.6 डिग्री, टीकमगढ़ में 8.9 डिग्री, सतना में 9.6 डिग्री और गुना में तापमान 9.9 डिग्री रहा। कड़ाके की ठंड बढ़ने की संभावना मौसम विशेषज्ञ अजय शुक्ला ने बताया कि उत्तर भारत के पहाड़ों में कड़ाके की ठंड पड़ रही है। वहां से आ रही सर्द हवाओं के साथ ही इस बार राजस्थान की तरफ से भी शुष्क एवं सर्द हवाएं लगातार चल रही हैं। इस वजह से प्रदेश में ठंड के तीखे तेवर बरकरार हैं। वर्तमान में सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ कमजोर प्रकृति के हैं। इस वजह से मौसम का इस तरह का मिजाज अभी बना रहने की संभावना है।

ठिठुरेगा मध्यप्रदेश: 48 घंटे में पारा लुढ़कने के आसार, गलन वाली शीतलहर की चेतावनी

भोपाल  इन दिनों मध्य प्रदेश कड़ाके की ठंड की चपेट में है। 13 दिसंबर शनिवार से तापमान में और गिरावट दर्ज होने की संभावना है। उत्तर भारत की पहाड़ियों पर जारी भारी बर्फबारी का असर आज से राज्य के अधिकतर इलाकों में दिखाई दे सकता है। 25 से अधिक शहरों में न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस से नीचे जा सकता है। मौसम विभाग की भविष्यवाणी के अनुसार, शनिवार से ठंड में और बढ़ोतरी होगी। ऐसे में कई क्षेत्रों में गलन वाली शीतलहर का प्रभाव देखने को मिलेगा। उत्तर भारत से आने वाली बर्फीली हवाओं और वेस्टर्न डिस्टर्बेंस के चलते प्रदेश के 25 से ज़्यादा शहरों का न्यूनतम तापमान 10 डिग्री से नीचे द्रज किया जाएगा। जबकि, मौजूदा समय में ही सूबे के शहडोल, उमरिया, राजगढ़ और नौगांव समेत कई जिलों का तापमान 3 डिग्री से 7 डिग्री के बीच पहुंच गया है। शीतलहर का अलर्ट भोपाल, इंदौर, उज्जैन और जबलपुर में तापमान गिरकर 6 से 9 डिग्री के बीच दर्ज किया जा रहा है। मौसम विभाग ने इन क्षेत्रों में शीतलहर और गंभीर शीतलहर का अलर्ट जारी किया है। साथ ही रात और सुबह के समय लगातार कोहरे, कम विजिबिलिटी और कड़ाके की ठंड की चेतावनी भी दी गई है।   विजिबिलिटी घटेगी कई इलाकों में सुबह और रात में घने कोहरे और कम विजिबिलिटी के कारण ट्रैफिक में दिक्कत हो सकती है। लोगों को इस दौरान सावधान रहने की सलाह दी गई है।  

अगले 48 घंटे ठिठुरन भरे: छत्तीसगढ़ के कई जिलों में कड़ाके की ठंड का अलर्ट

रायपुर बीते दो दिन से माना और नवा रायपुर का इलाका कड़ाके की ठंड के साथ शीतलहर की चपेट में है. यहां रात और दिन के तापमान में 20 डिग्री का अंतर है. माना एयरपोर्ट के आसपास के इलाके में अंबिकापुर जैसी ठंड पड़ रही है. दोनों शहरों का न्यूनतम तापमान सामान्य से 5-6 डिग्री नीचे जा चुका है. दिसंबर के दूसरे सप्ताह में भी मामूली उतार-चढ़ाव के बीच ठंड का प्रभाव बढ़ने की संभावना है. अगले दो दिन यानी सोमवार और मंगलवार को रायपुर जिले के साथ दर्जनभर क्षेत्रों में कड़ाके की ठंड पड़ने की संभावना है. पिछले तीन चार दिनों से राज्य में बढ़ती ठंड का प्रभाव रहा है और राज्य के सीमावर्ती इलाकों में तो ठंड चरम पर है. वहां मैनपाट सहित आसपास के इलाकों में कड़ाके की ठंड पड़ रही है. सुबह के वक्त पेड़ों की पत्तियों में ओस जमने जैसी स्थिति बन रही है. अंबिकापुर का तापमान 5.2 डिग्री तक पहुंचा है, जो सामान्य से 4.6 डिग्री सेल्सियस कम है. इसी तरह की स्थिति राजधानी रायपुर से करीब 10 किमी दूर माना एयरपोर्ट और उससे लगे नवा रायपुर की है. वहां भी पिछले तीन दिनों से शीतलहर जैसे हालात बने हुए हैं. वहां रात का तापमान 8 डिग्री तक पहुंचा है, जो सामान्य से 5.7 डिग्री कम है. वहां दिन और रात के तापमान में 20 डिग्री का अंतर है, जो कड़ाके की ठंड की तरफ इशारा कर रहा है. इन इलाकों में शीतलहर का अलर्ट मौसम विभाग के अनुसार, अगले दो दिनों तक रायपुर के अलावा गौरेला-पेंड्रा-मरवाही, मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर, कोरिया, सरगुजा, जशपुर, सूरजपुर, बलरामपुर, कबीरधाम, मुंगेली, खैरागढ़-छुईखदान-गंडई, राजनांदगांव, बेमेतरा, दुर्ग, मोहला-मानपुर, अंबागढ़ चौकी, बालोद और कोरबा में शीतलहर जैसी स्थिति बन सकती है.

बर्फीली हवाओं ने उड़ा दिए होश, झारखंड के कई जिलों में लोगों को परेशानी

रांची झारखंड में ठंड का कहर इस कदर है कि अलाव और कंबल भी फेल हो गए। दिसंबर के पहले हफ्ते ही ये हाल है तो अभी पूरा दिसंबर पड़ा है तो ऐसे में दिसंबर के आखिर में तो और भी ठंड हो जाती है। दरअसल, हिमालय क्षेत्र में अच्छी खासी बर्फबारी के चलते झारखंड में भीषण ठंड को देखने को मिल रही है। इस वजह से लोगों का हाल बेहाल है। मौमस विभाग ने रांची में कड़ाके की ठंड का अलर्ट जारी कर दिया है। वहीं, सबसे ठंडा गुमला शहर रहा। यहां पिछले 24 घंटे में सबसे कम न्यूनतम तापमान 5 डिग्री दर्ज किया गया। जानकारी के मुताबिक शाम 6 बजे के बाद घर से निकलने में लोग डर रहे हैं। राज्य में ठंड इस कदर है कि अलाव और कंबल भी फेल हो गए। मौमस विभाग के मुताबिक अब लोगों को ठंड से राहत नहीं मिलने वाली है क्योंकि 48 घंटे के बाद न्यूनतम तापमान सीधे 4-5 डिग्री के बीच देखने को मिल सकता है। मौसम विभाग ने प्रदेश के 11 जिलों में शीतलहर की चेतावनी जारी करते हुए येलो अलर्ट दिया है। मौसम विभाग के अनुसार पलामू, गढ़वा, लातेहार, चतरा, गुमला, लोहरदगा, सिमडेगा, रांची, बोकारो, खूंटी और रामगढ़ में शीतलहर का सबसे ज्यादा खतरा है। यहां तेज उत्तर-पश्चिमी हवाएं चल रही हैं, जिसके कारण तापमान में तेज गिरावट दर्ज की जाएगी।