samacharsecretary.com

हिसार में पकड़ा गया 5 लाख का इनामी बदमाश, पंजाब के शोरूम मालिक हत्याकांड में था शामिल

हिसार हरियाणा पुलिस की स्पेशल टास्क फोर्स (STF) ने पंजाब के 5 लाख रुपए के इनामी मोस्ट वांटेड अपराधी और लॉरेंस बिश्नोई ग्रुप सक्रिय सदस्य को गिरफ्तार किया है। हिसार STF की टीम ने आरोपी को राजगढ़ रोड स्थित बाईपास फ्लाईओवर के पास से दबोच लिया।पकड़े गए आरोपी की पहचान पंजाब के अबोहर स्थित राजीव नगर निवासी शक्ति कुमार के रूप में हुई है। पुलिस पूछताछ में खुलासा हुआ है कि आरोपी कुख्यात लॉरेंस बिश्नोई ग्रुप से जुड़ा हुआ है। STF ने आरोपी के कब्जे से एक अवैध 32 बोर पिस्तौल और तीन जिंदा कारतूस बरामद किए हैं। आरोपी अबोहर के कारोबारी संजय वर्मा के मर्डर में शामिल रहा है। एनकाउंटर में मारे गए रामरतन ने दिया था हथियार..     आरजू के कहने पर शामिल हुआ: शक्ति कुमार ने बताया कि अबोहर के राजावाली निवासी आरजू बिश्नोई उसका गहरा दोस्त है। आरजू के कहने पर ही वह लॉरेंस बिश्नोई ग्रुप में शामिल हुआ था।     शोरूम मालिक की रेकी: 7 जुलाई 2025 को अबोहर में 'न्यू वेयरवेल शोरूम' के मालिक संजय वर्मा की हत्या से पहले आरोपी ने आरजू बिश्नोई और अक्षय डेलू के कहने पर पूरे शोरूम और संजय वर्मा की रेकी की थी। इसके बाद साथियों के साथ मिलकर वारदात को अंजाम दिया।     हत्या के बाद मिला था पिस्टल: वारदात के बाद जब आरोपी फरार हो रहे थे, तब पटियाला निवासी रामरतन ने अबोहर बाईपास फ्लाईओवर के नीचे अपनी गाड़ी में शक्ति कुमार को यह अवैध पिस्तौल और कारतूस दिए थे। बता दें कि रामरतन बाद में पुलिस एनकाउंटर में मारा जा चुका है। 5 लाख का इनाम और 2 राज्यों में मुकदमे पंजाब के अबोहर में हुई इस हत्या के मामले में थाना सिटी-1 (फाजिल्का) में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 103(3)(5) और आर्म्स एक्ट के तहत केस दर्ज था। वारदात के बाद से फरार चल रहे शक्ति कुमार पर पंजाब पुलिस ने 5 लाख रुपये का इनाम घोषित किया था। वहीं, हिसार में अवैध हथियार और लॉरेंस गैंग का सक्रिय सदस्य होने के नाते आरोपी के खिलाफ थाना आजाद नगर (हिसार) में 2 अक्टूबर 2026 को आर्म्स एक्ट की धारा 25(1-B)a, 25(6), 54 और 59 के तहत FIR नंबर 520 दर्ज की गई है। हिसार STF आरोपी से आगे की पूछताछ कर रही है, जिसके बाद उसे पंजाब पुलिस के हवाले किया जाएगा।

जानलेवा हमला: बदमाशों ने पुलिस पर बोला धावा, दो सिपाही घायल

कोटा राजस्थान के कोटा जिले में बदमाशों को पकड़ने गई पुलिस टीम पर बदमाशों ने चाकू से ताबड़तोड़ हमला कर दिया। हमले में दो कांस्टेबल घायल हो गए, जिनको निजी अस्पताल में भर्ती करवाया गया है। यह मामला शहर के आर के पुरम थाना क्षेत्र में सामने आया है। वहीं हमले के बाद बदमाशों की तलाशी के लिए टीमों का गठन कर दिया गया है। पुलिस का कहना है कि जल्द ही बदमाशों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। घायल पुष्पेंद्र ने बताया कि 21 अक्तूबर को आरके पुरम थाना क्षेत्र में चाकूबाजी की घटना हुई थी। हमले में राम चोपड़ा, कुणाल और अन्य बदमाश शामिल थे। मुखबिर से सूचना मिली थी कि यह बदमाश इलाके में ही छुपे हुए हैं। उसके बाद बदमाशों को पकड़ने के लिए टीम मौके पर पहुंची और तीनों बदमाशों को घेर भी लिया। इतने में ही तीनों बदमाशों ने चाकू निकालकर हमला शुरू कर दिया। इसमें पुष्पेंद्र हाडा और गोविंद चौधरी के चाकू के वार लगे हैं। एक कांस्टेबल के हाथ और पेट पर चाकू के घाव लगे हैं, जबकि दूसरे कांस्टेबल के कंधे पर चोट आई है। सामने आया है कि जब पुलिस बदमाशों को पकड़ने के लिए गई तो तीनों बदमाश मौके से फरार हो गए थे। उनका पीछा भी किया गया तो वह गलियों में जाकर छुपे रहे और मौका पाकर बदमाशों ने चाकू से हमला कर दिया। इस घटना से पूरे इलाके में दहशत का माहौल हो गया। स्थानीय लोग कहने लगे कि बदमाशों में अब पुलिस का डर नहीं रहा है। वहीं पुलिस से वरिष्ठ अधिकारी इस पूरे मामले में कुछ भी कहने से बच रहे हैं।  

झारखंड: लातेहार में संगठित गिरोह के 5 सदस्य गिरफ्तार, भारी हथियार बरामद

लातेहार झारखंड के लातेहार जिले में एक संगठित आपराधिक गिरोह के 5 सदस्यों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि उनके पास से दो पिस्तौल, पांच कारतूस और पांच मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं। लातेहार के पुलिस अधीक्षक कुमार गौरव ने संवाददाताओं को बताया, ‘‘मंगलवार रात हमें सूचना मिली कि राहुल सिंह गिरोह के कुछ सदस्य चंदवा थाना क्षेत्र के परसाही दगदगी पुल पर आपराधिक गतिविधि को अंजाम देने के लिए इकट्ठा हुए हैं। सूचना के आधार पर, पुलिस अनुमंडल अधिकारी लातेहार के नेतृत्व में एक पुलिस दल ने इलाके में छापेमारी की और पांच लोगों को गिरफ्तार किया।'' उन्होंने बताया कि गिरोह एक कोयला लदान क्षेत्र से जबरन वसूली करने के लिए इकट्ठा हुआ था। पुलिस अधीक्षक ने कहा, ‘‘गिरफ्तार किए गए पांचों व्यक्ति राहुल सिंह गिरोह के हैं। इनमें से चार रांची के और एक गुमला का रहने वाला है।'' आरोपियों की पहचान विश्वनाथ उरांव (33), संदीप यादव (24), फूलचंद खलको (24), तुलसी मुंडा (19) और तनवीर अंसारी (22) के रूप में हुई।