samacharsecretary.com

ऑपरेशन FAST 2.0 के तहत फर्जी सिम नेटवर्क पर मध्यप्रदेश पुलिस की प्रभावी कार्रवाई

भोपाल मध्यप्रदेश पुलिस द्वारा साइबर अपराधों की रोकथाम एवं साइबर फ्रॉड में प्रयुक्त होने वाले फर्जी सिम कार्ड की सप्लाई चेन पर प्रभावी कार्रवाई के लिए ऑपरेशन FAST 2.0 (Forged–Activated–SIM–Termination) चलाया जा रहा है। ऑपरेशन के तहत तकनीकी विश्लेषण एवं साइबर अपराधों से जुड़े डेटा के आधार पर संदिग्ध सिम और उनके पीछे सक्रिय नेटवर्क तक पहुंच बनाई जा रही है। माह में अब तक ऑपरेशन FAST 2.0 के तहत फर्जी दस्तावेजों, आधार कार्ड, फोटो एवं बायोमेट्रिक का दुरुपयोग कर सिम कार्ड जारी/एक्टिवेट कराने वाले व्यक्तियों, POS एजेंटों एवं ऐसे सिम उपलब्ध कराने वाले नेटवर्क की पहचान कर उनके विरुद्ध वैधानिक कार्रवाई की गई है। ग्वालियर ऑपरेशन FAST 2.0 के तहत ग्वालियर पुलिस ने फर्जी सिम जारी करने वाले विक्रेताओं के विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई करते हुए 09 प्रकरण दर्ज किए हैं। जांच में सामने आया कि आधार, फोटो एवं फिंगरप्रिंट का दुरुपयोग कर फर्जी सिम जारी किए गए, जिनका उपयोग विभिन्न राज्यों में साइबर फ्रॉड से जुड़े मामलों में किया गया। संबंधित मामलों में करीब ₹12.20 करोड़ के साइबर फ्रॉड से संबंध सामने आया है। इंदौर इंदौर पुलिस ने फर्जी सिम के माध्यम से साइबर ठगी करने वाले नेटवर्क का खुलासा करते हुए 151 संदिग्ध सिम की पहचान की, जिनका उपयोग 212 साइबर धोखाधड़ी की शिकायतों में पाया गया। जांच में जींस-पैंट की थोक बिक्री/फ्रेंचाइजी का झांसा देकर ठगी तथा पैसों के लालच में सिम आगे उपलब्ध कराने की कड़ी सामने आई। मामले में 01 आरोपी गिरफ्तार किया गया। राज्य साइबर सेल इंदौर राज्य साइबर सेल, जोन इंदौर ने ऑपरेशन FAST 2.0 के तहत एक आरोपी को गिरफ्तार किया, जिसने अन्य व्यक्तियों के आधार कार्ड पर स्वयं के फोटो का उपयोग कर 101 सिम कार्ड फर्जी तरीके से एक्टिवेट किए थे। जांच में सामने आया कि आरोपी POS एजेंट के रूप में सिम एक्टिवेशन का कार्य करता था और ग्राहकों के KYC दस्तावेजों का दुरुपयोग कर लाइव फोटो के स्थान पर स्वयं तथा अन्य व्यक्तियों के फोटो अपलोड कर सिम जारी करता था। आरोपी के विरुद्ध धोखाधड़ी एवं आईटी एक्ट की संबंधित धाराओं में प्रकरण दर्ज किया गया है। छतरपुर छतरपुर के थाना गढ़ीमलहरा पुलिस ने ग्राहकों के दस्तावेजों का दुरुपयोग कर फर्जी सिम एक्टिवेट कर साइबर अपराधों में उपयोग हेतु उपलब्ध कराने वाले आरोपियों के विरुद्ध कार्रवाई करते हुए 03 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों द्वारा फर्जी तरीके से सिम एक्टिवेट कर अन्य व्यक्तियों को उपलब्ध कराने का खुलासा हुआ। सतना सतना पुलिस ने ऑपरेशन FAST 2.0 के तहत अवैध SIM पोर्टिंग एवं साइबर फ्रॉड गिरोह का पर्दाफाश करते हुए 02 आरोपियों को गिरफ्तार किया। जांच में 20 से अधिक अवैध सिम की सप्लाई का खुलासा हुआ। दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश किए जाने के बाद जेल भेजा गया। टीकमगढ़ टीकमगढ़ पुलिस ने ऑनलाइन फ्रॉड एवं साइबर अपराधों के लिए सिम उपलब्ध कराने वाले नेटवर्क के विरुद्ध कार्रवाई करते हुए 05 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। कार्रवाई ऑपरेशन FAST 2.0 के तहत की गई। कटनी कटनी पुलिस ने ऑपरेशन FAST 2.0 के तहत फर्जी तरीके से सिम जारी कर साइबर अपराधों में उपयोग कराने वाले POS एजेंट के विरुद्ध कार्रवाई करते हुए 01 आरोपी को गिरफ्तार किया। आरोपी द्वारा दो व्यक्तियों के नाम पर फर्जी तरीके से सिम जारी कर उन्हें अन्य व्यक्तियों को बेचने का खुलासा हुआ। आरोपी के कब्जे से 98 मोबाइल सिम, बायोमेट्रिक फिंगरप्रिंट मशीन एवं 03 मोबाइल फोन सहित अन्य सामग्री जब्त की गई। मामले में एक अन्य आरोपी की तलाश जारी है। वहीं थाना कुठला पुलिस ने भी आधार कार्ड एवं फिंगरप्रिंट का दुरुपयोग कर फर्जी सिम जारी कर बेचने वाले गिरोह का पर्दाफाश करते हुए 03 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। झाबुआ झाबुआ पुलिस ने फर्जी दस्तावेज एवं बायोमेट्रिक का दुरुपयोग कर सिम एक्टिवेट करने वाले 03 POS संचालकों/एजेंटों के विरुद्ध प्रकरण दर्ज किए हैं। कार्रवाई में 01 आरोपी गिरफ्तार किया गया तथा मोबाइल, Airtel LAPU SIM एवं फर्जी दस्तावेज जब्त किए गए। KYC एवं बायोमेट्रिक के दुरुपयोग पर पुलिस की सख्त नजर ऑपरेशन FAST 2.0 के माध्यम से मध्यप्रदेश पुलिस द्वारा ऐसे नेटवर्क पर कार्रवाई की जा रही है, जो आम नागरिकों के पहचान दस्तावेजों एवं बायोमेट्रिक जानकारी का दुरुपयोग कर फर्जी सिम तैयार कराते हैं और उन्हें साइबर अपराधों के लिए उपलब्ध कराते हैं। तकनीकी विश्लेषण के माध्यम से फर्जी सिम के उपयोग एवं उनसे जुड़े साइबर अपराधों की कड़ियों की जांच की जा रही है। मध्यप्रदेश पुलिस आम नागरिकों से अपील करती है कि सिम जारी कराते समय e-KYC एवं बायोमेट्रिक प्रक्रिया में सावधानी बरतें, OTP/वेरिफिकेशन की पुष्टि स्वयं करें, अपने नाम पर जारी मोबाइल नंबरों की समय-समय पर जांच करें तथा अपनी पहचान संबंधी जानकारी अथवा दस्तावेज अनधिकृत व्यक्ति को न दें। अपनी पहचान पर किसी अन्य व्यक्ति को सिम जारी न कराएं। मध्यप्रदेश पुलिस द्वारा ऑपरेशन FAST 2.0 के अंतर्गत फर्जी सिम की पहचान, उनके स्रोत तक पहुंच और साइबर अपराधों में इनके उपयोग से जुड़े नेटवर्क के विरुद्ध कार्रवाई लगातार जारी है।  

मध्यप्रदेश पुलिस की मादक पदार्थ तस्करों के विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई

भोपाल  मध्यप्रदेश पुलिस द्वारा मादक पदार्थों के अवैध कारोबार एवं तस्करी के विरुद्ध लगातार प्रभावी कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में विगत तीन दिनों में प्रदेश के विभिन्न जिलों में पुलिस ने मादक पदार्थ तस्करों के विरुद्ध कार्रवाई करते हुए 96 लाख 41 हजार रुपये से अधिक कीमत का अवैध मादक पदार्थ, तस्करी में प्रयुक्त वाहन एवं अन्य सामग्री भी जब्त की है। मंदसौर थाना भानपुरा की चौकी भैसोदामंडी पुलिस ने दो अंतरराज्यीय तस्करों को गिरफ्तार कर 160 ग्राम एमडी, 6 किलो 800 ग्राम डोडाचूरा एवं मोटरसाइकिल सहित लगभग  16 लाख 83 हजार रुपए की संपत्ति जब्त की है। वहीं थाना शामगढ़ पुलिस ने बोलेरो पिकअप वाहन से 100 किलोग्राम डोडाचूरा सहित लगभग 10 लाख रुपए की संपत्ति जब्त की है। इसके अतिरिक्त थाना नई आबादी पुलिस ने एमडी ड्रग एवं डोडाचूरा जब्त कर लगभग 10 लाख 90 हजार रुपये की संपत्ति जब्‍त की है। इस प्रकार तीनों कार्यवाही में पुलिस ने लगभग 37 लाख 73 हजार रुपये से अधिक का मादक पदार्थ एवं अन्य संपत्ति जब्‍त की  है। नीमच पुलिस ने थाना रतनगढ़ क्षेत्र में मादक पदार्थ तस्करों के विरुद्ध कार्रवाई करते हुए 1 क्विंटल 41 किलोग्राम अवैध डोडाचूरा, जिसकी कीमत 21 लाख 27 हजार रुपये है, जब्त कर 1 आरोपी को गिरफ्तार किया है।  देवास पुलिस ने थाना खातेगांव क्षेत्र में ऑपरेशन प्रहार के तहत अनाज मंडी स्थित गोदाम पर दबिश देकर 4 आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से 2 लाख 40 हजार रुपये कीमत की 24 ग्राम ब्राउन शुगर जब्त की है। गुना थाना मृगवास क्षेत्र में राजस्थान की ओर से स्मैक की तस्करी कर रहे 2 आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार किया। आरोपियों के कब्जे से 50.86 ग्राम स्मैक तथा तस्करी में प्रयुक्त मोटरसाइकिल सहित लगभग 6 लाख रुपये की संपत्ति जब्‍त की है। सिंगरौली पुलिस में थाना चितरंगी क्षेत्र में कार्रवाई करते हुए घर की बाउंड्री में अवैध रूप से उगाए गए गांजे के 11 हरे पौधे, कुल वजन 8 किलो 200 ग्राम अनुमानित कीमत 1 लाख 20 हजार रुपये, जब्त किए । रीवा पुलिस ने थाना चोरहटा क्षेत्र में ऑपरेशन प्रहार 2.0 के तहत कार्रवाई करते हुए 62.388 किलोग्राम गांजा जब्त कर 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। कार्रवाई में बोलेरो, टाटा बोल्ट कार एवं 7 मोबाइल सहित लगभग  22 लाख 73 हजार रुपये की संपति जब्त की है। जबलपुर क्राइम ब्रांच एवं थाना मदनमहल पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में गांजे के अवैध कारोबार में लिप्त 1 आरोपी को गिरफ्तार किया गया। आरोपी के कब्जे से 10 किलो 168 ग्राम गांजा, एक एंड्रॉयड मोबाइल एवं दो बैग सहित लगभग 5 लाख 8 हजार 400 रुपये की संपत्ति जब्त की है। मध्यप्रदेश पुलिस द्वारा मादक पदार्थों की तस्करी के विरुद्ध “जीरो टॉलरेंस” की नीति के तहत निरंतर कार्रवाई करते हुए तस्करी से जुड़े पूरे नेटवर्क को चिन्हित कर उसके विरुद्ध कठोर वैधानिक कार्रवाई सुनिश्चित की जा रही है।  

बड़वानी में थाना वरला पुलिस ने अवैध गांजा फसल का किया पर्दाफाश

भोपाल  मध्यप्रदेश पुलिस द्वारा प्रदेश में अवैध मादक पदार्थों, अवैध शराब, अवैध आर्म्स एवं जुआ-सट्टा के विरुद्ध लगातार सतत एवं प्रभावी कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में थाना वरला पुलिस ने ग्राम बोरपड़ावा के जंगल क्षेत्र में अवैध रूप से लगाई गई गांजे की फसल पर बड़ी कार्रवाई करते हुए चार अलग-अलग खेतों से कुल 6,185 गांजे के पौधे, जिनका कुल वजन 10 क्विंटल 71 किलोग्राम है, जब्त किए हैं। जब्त फसल की अनुमानित कीमत लगभग 54 लाख रूपए है। यह कार्यवाही पुलिस अधीक्षक बड़वानी  पद्मविलोचन शुक्ल के निर्देशन में, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक  धीरज बब्बर एवं एसडीओपी सेंधवा  अजय वाघमारे के नेतृत्व में थाना वरला पुलिस द्वारा की गई। विश्वसनीय सूचना के आधार पर थाना वरला पुलिस ने टीम गठित कर ग्राम बोरपड़ावा के जंगल क्षेत्र में सघन सर्चिंग की। कार्रवाई के दौरान सूचना की गोपनीयता बनाए रखने के लिए पुलिस टीम द्वारा विशेष रणनीति के साथ क्षेत्र में पहुंचकर ड्रोन के माध्यम से भी सर्चिंग की गई। अभियान में जिला पुलिस लाइन बड़वानी एवं पुलिस अनुभाग सेंधवा से करीब 75 पुलिस अधिकारी-कर्मचारी शामिल रहे। सर्चिंग के दौरान चार अलग-अलग खेतों में गांजे की फसल पाए जाने पर पुलिस टीमों ने मौके पर विधिवत कार्रवाई करते हुए पौधे जब्त किए। वन भूमि से संबंधित क्षेत्र होने के कारण वन विभाग की टीम को भी मौके पर बुलाया गया। वन विभाग द्वारा खेतों की टोपोग्राफी के आधार पर संबंधित स्थानों को चिन्हित किया गया है। आरोपियों की पहचान एवं उनके विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है। यह कार्रवाई मध्यप्रदेश पुलिस की अवैध मादक पदार्थों के विरुद्ध जीरो टॉलरेंस की नीति, सतर्कता एवं प्रभावी पुलिसिंग को दर्शाती है। प्रदेश में नशे के अवैध कारोबार पर अंकुश लगाने के लिए पुलिस द्वारा सूचना तंत्र को मजबूत करते हुए लगातार कार्रवाई की जा रही है।  

विगत 10 दिनों में अंतर्राज्यीय साइबर गिरोहों का पर्दाफाश

भोपाल मध्यप्रदेश पुलिस द्वारा साइबर अपराध एवं ऑनलाइन ठगी करने वाले गिरोहों के विरुद्ध प्रदेश में निरंतर प्रभावी कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में विगत 10 दिनों के दौरान पुलिस की विभिन्न टीमों ने आधुनिक तकनीकी अनुसंधान, त्वरित कार्रवाई, NCRP के MRM/GRM मॉड्यूल तथा अंतर्राज्यीय समन्वय के माध्यम से निवेश एवं शेयर ट्रेडिंग ठगी, ई-कॉमर्स रिफंडफ्रॉड, म्यूल बैंक अकाउंट, वर्क-फ्रॉम-होम ठगी एवं मोबाइल हैकिंग से जुड़े कई मामलों का सफलतापूर्वक खुलासा किया है। कार्रवाई के दौरान अंतर्राज्यीय गिरोहों से जुड़े आरोपियों को गिरफ्तार किया है तथा बड़ी मात्रा में नगदी, मोबाइल फोन, बैंकिंग दस्तावेज, डेबिट/प्रीपेड कार्ड सहित ठगी से संबंधित संपत्ति जब्‍त की है। साथ ही तकनीकी माध्यमों से समय पर कार्रवाई करते हुए साइबर ठगी के शिकार पीड़ितों की लाखों रुपये की राशि होल्ड कराकर वापस भी कराई गई। ग्वालियर सायबर क्राइम विंग ग्वालियर ने निवेश के नाम पर 1 करोड़ 63 लाख रुपये की साइबर ठगी करने वाले अंतर्राज्यीय नेटवर्क के एक मुख्य आरोपी को गिरफ्तार किया। आरोपी व्हाट्स एप एवं टेलीग्राम के माध्यम से साइबर अपराधियों को म्यूल बैंक खाते उपलब्ध कराता था। उसके कब्जे से 26 डेबिट/प्रीपेड कार्ड, बैंकिंग दस्तावेज एवं मोबाइल फोन जब्त किए गए। गुना फर्जी सिम एवं बैंक खातों के माध्यम से महंगे मोबाइल ऑर्डर कर रिफंड लेने तथा मोबाइल हड़पने वाले अंतर्राज्यीय गिरोह का पर्दाफाश करते हुए पुलिस ने 4 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों से ईवी कार एवं 25 मोबाइल सहित लगभग 60 लाख रूपए से अधिक की संपत्ति जब्‍त की है। वहीं साइबर सेल गुना ने NCRP के माध्यम से त्वरित कार्रवाई करते हुए साइबर ठगी के शिकार पीड़ितों की 1लाख 35हजार रुपये की राशिपर समय रहते होल्ड लगवाकर सुरक्षित वापस कराई। इंदौर थाना विजयनगर पुलिस ने उत्तरप्रदेश साइबर सेल के समन्वय से फर्जी “Nokia_Securities” ऐप के जरिए शेयर बाजार में मुनाफे का झांसा देकर ठगी करने वाले गिरोह के 13 आरोपियों को गिरफ्तार किया। थाना एरोड्रम पुलिस ने साइबर ठगी में संलिप्त संगठित सिंडिकेट के 16 आरोपियों को गिरफ्तार कर नेटवर्क का खुलासा किया। थाना तिलक नगर पुलिस ने ऑनलाइन ठगी की शिकायत पर त्वरित कार्रवाई करते हुए आवेदक की ठगी गई 1लाख 39हजार 860 रुपये की संपूर्ण राशि वापस कराई। पन्ना पुलिस ने वर्क-फ्रॉम-होम के माध्यम से नौकरी एवं कमाई का लालच देकर लगभग 5लाख 87हजार रुपये से अधिक की ठगी करने वाले अंतर्राज्यीय गिरोह के 1 विधि-विरुद्ध बालक को अभिरक्षा में लेकर 5 सदस्यों को राजस्थान के दौसा जिले से गिरफ्तार किया। आरोपियों के कब्जे से 5लाख 82हजार रुपये नगद जब्‍त किए। इसी प्रकार फर्जी विज्ञापन के माध्यम से टाटा पावर सोलर की डिस्ट्रीब्यूटरशिप/फ्रेंचाइजी दिलाने के नाम पर 1लाख 60हजार रुपये की ठगी करने वाले 3 आरोपियों को पुलिस ने बिहार से गिरफ्तार किया। आरोपियों से 47हजार रुपये नगद एवं 5 मोबाइल फोन जब्‍त किए है। एक अन्‍य कार्यवाही में पुलिस ने मोबाइल हैक कर बैंक खाते से 1लाख रूपए निकालने वाले 4  आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके कब्‍जे से 11हजार रुपये नगद जब्‍त किए। देवास पुलिस ने गृह मंत्रालय के MRM (Money Restoration Module) का प्रभावी उपयोग करते हुए दो प्रकरणों में कुल 87हजार 910रुपये की धनराशि संबंधित पीड़ितों के बैंक खातों में वापस कराई। अशोकनगर “ सेफ क्लिक” अभियान के तहत साइबर जागरूकता एवं पुलिस की तकनीकी तत्परता के परिणाम स्वरूप ऑनलाइन ठगी के शिकार पीड़ितों की 1लाख 43हजार रुपये की धनराशि को समय रहते होल्ड कराकर सुरक्षित वापस कराया। साइबर सुरक्षा के प्रति मध्यप्रदेश पुलिस की अपील मध्यप्रदेश पुलिस आमजन से अपील करती है कि किसी भी अनजान लिंक, APK फाइल अथवा लुभावने ऑनलाइन विज्ञापनों पर भरोसा न करें। वर्क-फ्रॉम-होम, शेयर बाजार में दोगुना मुनाफा, फ्रेंचाइजी/डिस्ट्रीब्यूटरशिप ऑफर अथवा रिफंड के नाम पर प्राप्त होने वाले संदेशों की सत्यता जांचे बिना कोई राशि ट्रांसफर न करें। अपने बैंक खाते से संबंधित जानकारी, OTP, UPI PIN एवं व्यक्तिगत पहचान संबंधी दस्तावेज किसी अनजान व्यक्ति के साथ साझा न करें। साइबर वित्तीय धोखाधड़ी होने पर तत्काल राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें अथवा cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज करें। समय पर की गई शिकायत ठगी की राशि को होल्ड कराने एवं पीड़ित को राशि वापस दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।  

ऑपरेशन MATRIX के तहत इंदौर क्राइम ने म्यूल बैंक खाते और फर्जी सिम के जरिए देशभर में साइबर ठगी करने वाले दो आरोपियों को किया गिरफ्तार

भोपाल  मध्यप्रदेश पुलिस साइबर अपराधियों के विरुद्ध “जीरो टॉलरेंस” की नीति पर लगातार प्रभावी कार्रवाई कर रही है। इसी दिशा में पुलिस मुख्यालय द्वारा उपलब्ध कराई जा रही तकनीकी सूचनाओं, साइबर अपराध संबंधी राष्ट्रीय डेटाबेस और संदिग्ध म्यूल बैंक खातों की निगरानी के आधार पर चलाए जा रहे ऑपरेशन MATRIX के तहत इंदौर क्राइम ब्रांच ने संगठित अंतर्राज्यीय साइबर धोखाधड़ी नेटवर्क के विरुद्ध बड़ी कार्रवाई की है। क्राइम ब्रांच ने म्यूल बैंक खाते और बैंकिंग OTP से जुड़े सिम कार्ड उपलब्ध कराकर मल्टी-स्टेट साइबर फ्रॉड में सहयोग करने वाले दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। जांच में सामने आया है कि आरोपियों से जुड़े एक यूको बैंक खाते में 5 करोड़ रूपए से अधिक का संदिग्ध लेन-देन पाया गया है तथा यह खाता देश के विभिन्न राज्यों में दर्ज साइबर अपराधों से जुड़ा हुआ है राज्य साइबर पुलिस मुख्यालय से प्राप्त जानकारी तथा I4C (Indian Cyber Crime Coordination Centre), गृह मंत्रालय, भारत सरकार, NCRP एवं Cyber Crime Portal से प्राप्त डेटा के आधार पर संदिग्ध म्यूल खातों की जांच की जा रही थी। इसी क्रम में यूको बैंक, महू शाखा, इंदौर के एक संदिग्ध खाते की जांच में महत्वपूर्ण जानकारी सामने आई। प्रारंभिक जांच में इस म्यूल खाते से 5 करोड़ रूपए से अधिक के संदिग्ध लेन-देन का पता चला है। इस खाते से संबंधित साइबर अपराध की शिकायतें देश के विभिन्न राज्यों से सामने आई हैं, जिनमें तमिलनाडु, पश्चिम बंगाल, गुजरात, उत्तराखंड, दिल्ली, महाराष्ट्र, राजस्थान, हरियाणा, झारखंड, गोवा, ओडिशा, उत्तर प्रदेश, बिहार सहित अन्य राज्य शामिल हैं। जांच में सामने आया कि आरोपी द्वारा अपने बैंक खाते को म्यूल अकाउंट के रूप में उपलब्ध कराया गया था। साथ ही उसके नाम पर पंजीकृत सिम, जिस पर बैंकिंग संबंधी OTP प्राप्त होते थे, अन्‍य आरोपी को उपलब्ध कराई गई थी। दोनों आरोपियों द्वारा इस व्यवस्था का उपयोग संगठित रूप से मल्टी-स्टेट साइबर फ्रॉड एवं आर्थिक धोखाधड़ी में किए जाने की जानकारी सामने आई है। क्राइम ब्रांच द्वारा आरोपियों से पूछताछ कर उनके संपर्क में रहे अन्य व्यक्तियों, बैंक खातों, मोबाइल नंबरों, सिम कार्ड तथा साइबर अपराध सिंडिकेट से जुड़े नेटवर्क की विस्तृत जानकारी जुटाई जा रही है। इस मामले में क्राइम ब्रांच इंदौर द्वारा प्रकरण पंजीबद्ध कर दोनों आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से 04 मोबाइल फोन, 08 एक्टिव सिम कार्ड, 10 बैंक अकाउंट पासबुक, 11 एटीएम कार्ड, यूको बैंक का मुख्य म्यूल बैंक खाता, जिसमें 5 करोड़ से अधिक का संदिग्ध लेन-देन पाया गया, जब्त किए गए हैं। प्रकरण की विवेचना में आरोपियों से प्राप्त मोबाइल फोन, सिम कार्ड, बैंक खातों एवं अन्य डिजिटल साक्ष्यों का तकनीकी विश्लेषण किया जा रहा है। जांच के दौरान सामने आने वाले अन्य संदिग्ध व्यक्तियों तथा अंतर्राज्यीय साइबर अपराध सिंडिकेट से जुड़े नेटवर्क के संबंध में पूछताछ एवं वैधानिक कार्रवाई जारी है। मध्यप्रदेश पुलिस आमजन से अपील करती है कि ऑनलाइन वित्तीय लेन-देन में सावधानी बरतें। अपना बैंक खाता, एटीएम कार्ड, पासबुक, सिम कार्ड, OTP अथवा बैंकिंग संबंधी जानकारी किसी अन्य व्यक्ति को उपलब्ध न कराएं। साइबर ठगी होने पर तत्काल 1930 पर संपर्क करें अथवा National Cyber Crime Reporting Portal पर शिकायत दर्ज करें। 

मध्यप्रदेश पुलिस की अवैध मादक पदार्थों के विरुद्ध प्रभावी कार्यवाही

विगत 2 दिनों में प्रदेश के विभिन्न जिलों से लगभग 48 लाख रुपये से अधिक के मादक पदार्थ एवं अन्य संपत्ति जब्त भोपाल मध्यप्रदेश पुलिस द्वारा प्रदेशभर में अवैध मादक पदार्थों की तस्करी के विरुद्ध लगातार प्रभावी कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में  विगत दो दिनों में मंदसौर, उमरिया, कटनी, मैहर एवं सागर जिलों की पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए भारी मात्रा में अवैध डोडाचूरा एवं गांजा जप्त किया है। साथ ही तस्करी में प्रयुक्त वाहन भी जप्त किए गए हैं। उमरिया-दुर्घटनाग्रस्त वाहन से 62 किलो से अधिक गांजा जब्त जिले की चौकी अमरपुर पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त वाहन की तलाशी के दौरान 62 किलो 384 ग्राम अवैध गांजा जब्त किया। वाहन चालक एवं अन्य आरोपी मौके से फरार हो गए, जिनकी तलाश जारी है। पुलिस द्वारा गांजा एवं वाहन सहित लगभग 22 लाख 50 हजार रुपये की संपत्ति जब्त की है। मंदसौर- 324 किलो डोडाचूरा जप्त जिले की थाना गरोठ पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर कार्यवाही करते हुए एक पिकअप वाहन से सब्जियों के नीचे विशेष तरीके से छिपाकर रखा गया 324 किलोग्राम अवैध डोडाचूरा जब्त किया। पुलिस ने मादक पदार्थ, परिवहन में प्रयुक्त पिकअप वाहन एवं मोबाइल फोन सहित लगभग 16 लाख 69 हजार  रुपये की संपत्ति जब्त की है।आरोपी के विरुद्ध एनडीपीएस एक्ट के तहत प्रकरण दर्ज कर विवेचना में लिया गया  है। कटनी-15 किलो से अधिक का गांजा जब्त जिले की एनकेजे पुलिस ने कार्रवाई करते हुए साड़ियों की पैकिंग के भीतर छिपाकर परिवहन किया जा रहा 15 किलो 730 ग्राम अवैध गांजा बरामद किया। पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लगभग 1  लाख  59 हजार रुपये से अधिक की संपत्ति जब्त की। मैहर-“ऑपरेशन प्रहार 2.0” के तहत  21 किलो से अधिक का गांजा जब्त जिले में विशेष अभियान “ऑपरेशन प्रहार 2.0” के अंतर्गत कोतवाली पुलिस ने संदिग्ध कार की जांच के दौरान 21 किलो 243 ग्राम अवैध मादक पदार्थ गांजा जब्त  कर दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। जब्त संपत्ति की कीमत लगभग 4  लाख 12 हजार रुपये है। सागर-4 किलो से अधिक गांजा एवं वाहन जब्त थाना राहतगढ़ पुलिस ने अवैध मादक पदार्थों के विरुद्ध कार्रवाई करते हुए 4 किलो 30 ग्राम अवैध गांजा एवं परिवहन में प्रयुक्त ऑटो वाहन सहित लगभग 3 लाख 20 हजार रुपए की संपत्ति जब्त की है। मामले में महिला आरोपी सहित दो आरोपियों को गिरफ्तार कर एनडीपीएस एक्ट के तहत कार्रवाई की गई है। मध्यप्रदेश पुलिस द्वारा स्पष्ट किया गया है कि प्रदेश में मादक पदार्थों की तस्करी एवं अवैध गतिविधियों में संलिप्त अपराधियों के विरुद्ध इसी प्रकार कठोर एवं प्रभावी कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। आमजन से अपील की गई है कि नशे से संबंधित किसी भी गतिविधि की सूचना तत्काल पुलिस को दें।