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नालंदा परिसर के निर्माण से बस्तर के छात्रों को मिलेगी बेहतर सुविधाएं : वन मंत्री केदार कश्यप

रायपुर, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री केदार कश्यप ने कहा कि नालंदा परिसर के निर्माण से बस्तर के छात्रों को शिक्षा के क्षेत्र में बेहतर सुविधाएं मिलेंगी। उन्होंने बताया कि छत्तीसगढ़ के 14 नगर निगम क्षेत्रों में ऐसे परिसर बनाए जा रहे हैं, जिससे विद्यार्थियों को आधुनिक अध्ययन सुविधाएं उपलब्ध होंगी। केदार कश्यप ने आज शहीद महेन्द्र कर्मा विश्वविद्यालय परिसर जगदलपुर में प्रस्तावित ‘नालंदा परिसर’ का विधिवत भूमिपूजन किया। इस नालंदा परिसर का निर्माण लगभग 11 करोड़ 59 लाख की लागत से किया जाएगा, जिसमें 500 सीटर बैठक व्यवस्था, 24 घंटे सातों दिन पढ़ने की सुविधा, वाई फाई, पार्किंग और गार्डन की सुविधा रहेगी। इस अवसर पर जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों, विश्वविद्यालय के प्राध्यापकों एवं बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।         कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मंत्री केदार कश्यप ने कहा कि युवाओं से समय का सदुपयोग करते हुए लक्ष्य को प्राप्त करने का आह्वान किया। महेंद्र कर्मा विश्वविद्यालय परिसर में नालंदा परिसर के निर्माण से विश्वविद्यालय में अध्ययनरत छात्रों को भी काफी सुविधा होगी। नालंदा परिसर में स्मार्ट लाइब्रेरी व स्टडी जोन होगा। हजारों किताबों के संग्रह के साथ अंतर्राष्ट्रीय स्तर के ई-बुक एक्सेस करने की भी सुविधा होगी। स्मार्ट लर्निंग पर फोकस होगा। 24X7 वाईफाई और इंटरनेट की सुविधा भी छात्रों को यहां मिलेगी। सिविल सर्विसेज के साथ मेडिकल, इंजीनियरिंग, क्लैट की तैयारी के साथ मैथ्स ओलिंपियाड के लिए भी किताबें यहां होगी। नालंदा परिसर का निर्माण धरमपुरा क्षेत्र में हो आपके विधायक किरण देव लगातार प्रयासरत रहे। नालंदा परिसर के निर्माण से हमारे आने वाली पीढ़ी को शिक्षा क्षेत्र में लाभ होगा। उन्होंने कहा हमारी सरकार की मंशा है कि शिक्षा का स्तर बढ़ाना है।           इस अवसर पर स्थनीय विधायक किरण देव ने कहा कि आज के हमारे युवा साथी भारत वर्ष की नींव है। बस्तर के युवा नालंदा परिसर में पढ़ाई कर अपना भविष्य खुद तय करेंगे। उन्होंने कहा कि प्राचीन नालंदा विश्वविद्यालय विश्व की ख्यातिप्राप्त संस्था रही है और इसी अवधारणा को आगे बढ़ाते हुए नालंदा परिसर का निर्माण किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि यह प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का ड्रीम प्रोजेक्ट है, जिसके तहत प्रदेश के विभिन्न निकायों में निर्माण कार्य जारी है। उन्होंने बताया कि यह परिसर बस्तर के छात्रों की बहुप्रतीक्षित मांग थी, जहां विद्यार्थी 24 घंटे अध्ययन कर सकेंगे और अपने भविष्य को संवार सकेंगे। उन्होंने नालंदा परिसर के निर्माण कार्य को निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण करने पर जोर दिया।          कार्यक्रम में अध्यक्ष जिला सहकारी केन्द्रीय बैंक एवं पूर्व सांसद दिनेश कश्यप, निगम अध्यक्ष खेमसिंह देवांगन, ब्रेवरेज कार्पाेरेशन के अध्यक्ष श्रीनिवास राव मद्दी, उपाध्यक्ष श्रीनिवास मिश्रा, निगम आयुक्त प्रवीण वर्मा सहित जनप्रतिनिधि, पार्षदगण, प्रोफेसर एवं बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।  

वन मंत्री केदार कश्यप ने चित्रकोट महोत्सव के दौरान किया बस्तर हेरिटेज मैराथन के लोगो का अनावरण

रायपुर बस्तर में खेल एवं स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से आयोजित होने वाले बस्तर हेरिटेज मैराथन का आयोजन आगामी 22 मार्च को किया जाएगा। चित्रकोट महोत्सव के समापन अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में वन मंत्री  केदार कश्यप ने बस्तर हेरिटेज मैराथन के आधिकारिक लोगो का अनावरण किया। कलेक्टर बस्तर ने बताया कि बस्तर हेरिटेज मैराथन का आयोजन 22 मार्च को किया जाएगा, जिसमें 5 किमी, 10 किमी, 21 किमी और 42 किमी की दौड़ प्रतियोगिता होगी। प्रतियोगिता चित्रकोट जलप्रपात से प्रारंभ होकर कुरुषपाल तक 21 किमी जाकर वापस चित्रकोट में समाप्त होगी। पाँच किलोमीटर की दौड़ चित्रकोट से मारडूम चौक तक, दस किमी की दौड़ एसटीएफ कैम्प से वापस चित्रकोट तक होगी। वन मंत्री  कश्यप ने अपने संबोधन में कहा कि पहली बार बस्तर हेरिटेज मैराथन का आयोजन किया जा रहा है स यह केवल एक खेल आयोजन नहीं, बल्कि युवाओं में फिटनेस, अनुशासन एवं सकारात्मक जीवनशैली को प्रोत्साहित करने की पहल है। उन्होंने नागरिकों से अधिक से अधिक संख्या में भागीदारी का आह्वान किया।  इस अवसर पर बस्तर सांसद  महेश कश्यप, विधायक  विनायक गोयल, पूर्व विधायक  लच्छूराम कश्यप सहित अन्य जनप्रतिनिधि, पुलिस अधीक्षक सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

नंदनवन-नंदन पक्षी विहार पहुंचे वन मंत्री, संरक्षण कार्यों की समीक्षा की

बायोडायवर्सिटी थीम पार्क के रूप में विकसित करने दिए निर्देश रायपुर, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री श्री केदार कश्यप आज रायपुर स्थित नंदनवन-नंदन पक्षी विहार के निरीक्षण करने पहुंचे। निरीक्षण के दौरान उन्होंने परिसर का अवलोकन करते हुए वहां की व्यवस्थाओं और विकास कार्यों की जानकारी ली। मंत्री श्री कश्यप ने नंदनवन को बायोडायवर्सिटी थीम पार्क के रूप में विकसित करने के लिए चरणबद्ध डीपीआर तैयार कर शीघ्र कार्य प्रारंभ करने निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि नंदनवन को ऐसा केंद्र बनाया जाए, जहां जैव विविधता संरक्षण, पर्यावरण जागरूकता और प्रकृति आधारित पर्यटन को बढ़ावा मिल सके। कई विदेशी पक्षी देखे जा सकते हैं नंदनवन पक्षी विहार में मंत्री कश्यप ने कहा कि नंदनवनपक्षी विहार रायपुर में स्थित एक चिड़ियाघर और पिकनिक स्थल है। यहां विदेशी पक्षियों सहित कई प्रकार के पक्षी रखे गए हैं और यह शहर के लोगों के लिए एक प्रमुख पर्यटन और पिकनिक स्पॉट है। यहां अफ्रीकन ग्रे पेलिकन, ब्लैक श्वान, मकाऊ और शुतुरमुर्ग जैसे कई विदेशी पक्षी देखे जा सकते हैं। पक्षियों को उनकी नस्ल के अनुसार विशिष्ट आहार दें ध्यान अधिकारियों एवं स्थानीय ग्रामीणों के साथ चर्चा कर पर्यावरण संरक्षण, पारिस्थितिक संतुलन बनाए रखने और क्षेत्र को अधिक आकर्षक तथा सुरक्षित बनाने संबंधी सुझाव भी लिए। उन्होंने कहा कि नंदनवन की टीम सभी पक्षियों को उनकी नस्ल के अनुसार विशिष्ट आहार के साथ जरूरत पड़ने पर दवाईयां व खाद्य पदार्थ देते हैं,ताकि पक्षी स्वस्थ रहें। यहां रखे गए विदेशी पक्षी प्रजनन भी कर रहे हैं, उसका सतत मानिटरिंग कराएं। नंदनवन पक्षी विहार के अंदर पर्यटकों को बैठने के लिए पेड़ों के तरह कुर्सियां बनाई गई है। इसके अलावा सेल्फी जोन का भी निर्माण किया गया है।           इस अवसर पर विधायक राजेश मूणत, वन बल प्रमुख एवं पीसीसीएफ  व्ही श्रीनिवास राव, पीसीसीएफ  अरुण कुमार पांडे, रायपुर सीसीएफ मनिवासगन एस., सीसीएफ (वन्यजीव) सतोविषा समाजदार, रायपुर डीएफओ लोकनाथ पटेल, जंगल सफारी संचालक थेझस शेखर सहित विभागीय अधिकारी, कर्मचारी तथा स्थानीय जनप्रतिनिधि और ग्रामीणजन उपस्थित रहे।

पर्यावरण संरक्षण पर उत्कृष्ट प्रदर्शन, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग की प्रदर्शनी रही तृतीय स्थान पर

पर्यावरण संरक्षण पर उत्कृष्ट प्रदर्शन, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग की प्रदर्शनी रही तृतीय स्थान पर रायपुर में आयोजित प्रदर्शनी में वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग को मिला तृतीय पुरस्कार, बढ़ा गौरव उप राष्ट्रपति  सी. पी. राधाकृष्णन के हाथों वन बल प्रमुख  व्ही. निवास राव ने ग्रहण किया पुरस्कार रायपुर छत्तीसगढ़ राज्य स्थापना दिवस के रजत जयंती वर्ष के अवसर पर 1 से 5 नवम्बर तक नवा रायपुर अटल नगर, तूता स्थित पंडित डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी व्यावसायिक परिसर मेला स्थल में राज्योत्सव का आयोजन किया गया। राज्योत्सव में वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग द्वारा “25 वर्षों की विकास यात्रा” थीम पर आधारित आकर्षक प्रदर्शनी लगाई गई, जिसे जनता द्वारा काफी सराहना मिली। इस पांच दिवसीय राज्योत्सव के दौरान ज्यूरी समिति द्वारा मूल्यांकन उपरांत, वन विभाग की इस प्रदर्शनी को तृतीय पुरस्कार के लिए चयनित किया गया। राज्योत्सव के समापन समारोह में उप राष्ट्रपति  सी. पी. राधाकृष्णन के हाथों वन बल प्रमुख  व्ही. निवास राव ने यह पुरस्कार ग्रहण किया। वन मंत्री  केदार कश्यप ने विभाग की इस उपलब्धि पर अधिकारियों एवं कर्मचारियों को बधाई देते हुए कहा कि यह सफलता टीमवर्क, नवाचार और पर्यावरण संरक्षण के प्रति समर्पण का परिणाम है। पुरस्कार मिलने से विभाग के अधिकारी व कर्मचारी उत्साहित हैं। राज्योत्सव में आने वाले आगंतुकों ने इस स्टॉल को रोचक, आकर्षक और ज्ञानवर्धक बताया। यह प्रदर्शनी छत्तीसगढ़ की हरित सोच, जैव विविधता संरक्षण और सतत विकास की दिशा में किए जा रहे प्रयासों का सशक्त प्रतीक बनी। उल्लेखनीय है कि प्रदर्शनी में 25 वर्षों की उपलब्धियों की जीवंत झलक वन्यजीव संरक्षण, पर्यावरण संवर्धन, एवं हरित विकास से जुड़े मॉडल और योजनाओं की जानकारी आकर्षक रूप में दिखायी गई। राज्य स्थापना वर्ष 2000 से वर्ष 2025 तक लागू की गई विभिन्न महत्वाकांक्षी योजनाओं के प्रभाव को सरल और प्रभावी तरीके से प्रस्तुत किया गया। प्रदर्शनी में ‘एक पेड़ माँ के नाम’ योजना के अंतर्गत छत्तीसगढ़ में अब तक 6.41 करोड़ पौधारोपण का उल्लेख,शहरों में विकसित मियावाकी सूक्ष्म वन,ग्रीन गुफा परियोजना, घोटुल संस्कृति प्रदर्शन,गज संकेत ऐप एवं गजरथ यात्रा द्वारा मानव-हाथी संघर्ष में कमी को प्रदर्शित किया गया। इसके अतिरिक्त प्रदर्शनी में छत्तीसगढ़ हर्बल्स के माध्यम से वन उत्पादों का मूल्यवर्धन,राज्य के प्रमुख प्राकृतिक स्थलों जैसे हांदावाड़ा जलप्रपात, कांगेर घाटी की कुटुमसर गुफा, बारनवापारा अभयारण्य की जानकारी भी दी गई। प्रदर्शनी में विशेष तौर पर यह प्रदर्शित किया गया कि राज्य में वन्य जीव संरक्षण प्रयासों के फलस्वरूप काला हिरण की संख्या 77 से बढ़कर 190 हुई। इसी तरह बाघों की संख्या वर्ष 2021 में 17 से बढ़कर अप्रैल 2025 में 35 पहुँची।