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विदिशा, बुरहानपुर और अनूपपुर पुलिस की बड़ी सफलता —पिछले दो दिनों में 1 करोड़ 68 लाख रुपये से अधिक मूल्‍य के 698 मोबाइल लौटाये

भोपाल  मध्यप्रदेश पुलिस द्वारा गुम एवं चोरी हुए मोबाइल फोन की बरामदगी के लिए किये जा रहे तकनीकी प्रयासों के सकारात्मक परिणाम सामने आ रहे हैं। प्रदेश के तीन जिलों विदिशा, बुरहानपुर और अनूपपुर में की गई प्रभावी कार्यवाही के तहत जिलों की पुलिस टीमों ने कुल 698 गुम मोबाइल फोन बरामद किए, जिनकी अनुमानित कीमत लगभग 1 करोड़ 68 लाख रुपये से अधिक है। इन मोबाइलों को तकनीकी माध्यमों और CEIR पोर्टल की सहायता से ट्रेस करउनके वास्तविक मालिकों को वापस किया गया है। विदिशा जिले में संचालित “मिशन मोबाइल रिकवरी” के अंतर्गत जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों से कुल 603 मोबाइल फोन बरामद किए गए, जिनकी अनुमानित कीमत लगभग 1 करोड़ 50 लाख 75 हजार रुपये है। इन मोबाइलों को आधुनिक तकनीकी माध्यमों से ट्रैक करते हुए बरामद किया गया और उनके वास्तविक मालिकों को वापस किया जा रहा है। मोबाइल बरामदगी की यह कार्रवाई केवल जिले तक सीमित नहीं रही, बल्कि प्रदेश के विभिन्न जिलों के साथ-साथ उत्तर प्रदेश, पश्चिम बंगाल, राजस्थान और बिहार जैसे अन्य राज्यों से भी मोबाइल ट्रेस कर बरामद किए गए है। बुरहानपुर जिले में साइबर सेल तथा थानों में स्थापित साइबर हेल्प डेस्क ने कुल 70 गुम मोबाइल फोन ट्रेस कर बरामद किए, जिनकी अनुमानित कीमत लगभग 13 लाखरुपये है। इन मोबाइलों में विभिन्न कंपनियों के एंड्रॉयड स्मार्टफोन शामिल हैं, जिनकी कीमत 10 हजार से लेकर 40 हजार रुपये तक है। मोबाइलों को स्थानीय क्षेत्र के साथ-साथ सीमावर्ती जिलों तथा पड़ोसी राज्य महाराष्ट्र से भी ट्रेस कर बरामद किया गया है। मोबाइल फोन बरामद होने के बाद उन्हें उनके वास्तविक मालिकों को वापस किया गया, जिनमें कई विद्यार्थी भी शामिल थे जिनके लिए मोबाइल पढ़ाई और ऑनलाइन गतिविधियों के लिए महत्वपूर्ण साधन था। अपने खोए हुए मोबाइल वापस मिलने पर नागरिकों ने पुलिस की इस कार्यवाही के प्रति आभार व्यक्त करते हुए इसे जनहित में किया गया सराहनीय प्रयास बताया है। अनूपपुर थाना रामनगर एवं थाना बिजुरी क्षेत्र में प्राप्त शिकायतों के आधार पर तकनीकी माध्यमों से मोबाइल फोन ट्रैक कर कार्रवाई की गई। पुलिस टीमों द्वारा गुम हुए कुल 25 मोबाइल फोन बरामद किए गए, जिनकी अनुमानित कीमत लगभग 4 लाख 32 हजार रुपये है। बरामद मोबाइलों को उनके वास्तविक मालिकों को वापस किया गया, जिससे फरियादियों के चेहरों पर खुशी लौट आई है। मोबाइल वापस मिलने पर नागरिकों ने पुलिस की तत्परता और जनहितैषी कार्यवाही की सराहना करते हुए आभार व्यक्त किया। मध्यप्रदेश पुलिस द्वारा गुम मोबाइल फोन की ट्रेसिंग के लिए तकनीकी संसाधनों का प्रभावी उपयोग किया जा रहा है। नागरिकों से भी अपील की गई है कि मोबाइल गुम होने की स्थिति में तुरंत संबंधित थाने में सूचना दें तथा CEIR पोर्टल पर शिकायत दर्ज करें, जिससे मोबाइल के दुरुपयोग को रोका जा सके और उसे ट्रेस कर वापस दिलाने की प्रक्रिया शीघ्र प्रारंभ की जा सके। इन सतत प्रयासों के परिणामस्वरूप प्रदेश में बड़ी संख्या में गुम मोबाइल फोन बरामद कर नागरिकों को राहत प्रदान की जा रही है तथा पुलिस के प्रति जनविश्वास लगातार मजबूत हो रहा है।  

विगत तीन सप्ताह में विभिन्न जिलों से 3 करोड़ 73 लाख से अधिक के 1835 गुम/चोरी हुए मोबाइल बरामद

भोपाल रंगों के पावन पर्व होली के अवसर पर आमजन की खुशियों को सुरक्षित एवं सुदृढ़ करने के उद्देश्य से मध्यप्रदेश पुलिस द्वारा प्रदेश के विभिन्न जिलों में गुम एवं चोरी हुए मोबाइल फोन की शीघ्र बरामदगी हेतु विशेष प्राथमिकता के साथ प्रभावी कार्यवाही की गई है। आमजन की संपत्ति की सुरक्षा के प्रति प्रतिबद्ध मध्यप्रदेश पुलिस द्वारा आधुनिक तकनीकी संसाधनों, सायबर विश्लेषण, CEIR एवं NCRP पोर्टल के समन्वित उपयोग तथा थाना स्तर पर गठित विशेष टीमों के माध्यम से उल्लेखनीय परिणाम प्राप्त किए गए हैं। विगत तीन सप्ताह में विभिन्न जिलों में कुल 1835 गुम/चोरी हुए मोबाइल फोन बरामद कर उनके वैध स्वामियों को सुपुर्द किए गए हैं, जिनकी अनुमानित कुल कीमत 3 करोड़ रुपए से अधिक है। कई जिलों में स्थानीय स्तर पर विशेष अभियान संचालित कर होली के अवसर पर मोबाइल वितरण कार्यक्रम आयोजित किए गए, जिससे नागरिकों के चेहरे पर मुस्कान लौटी और पुलिस के प्रति विश्वास और अधिक सुदृढ़ हुआ। प्रमुख कार्यवाहियां ग्‍वा‍लियर होली के पावन पर्व पर आमजन को विशेष उपहार स्वरूप ग्वालियर पुलिस द्वारा गुम हुए मोबाइलों की बड़ी रिकवरी कर उल्लेखनीय सफलता अर्जित की गई है। सायबर सेल ने CEIR पोर्टल के माध्यम से विभिन्न कंपनियों के कुल 551 गुम मोबाइल फोन देश के अलग-अलग राज्यों एवं शहरों से ट्रेस कर बरामद किए हैं, जिनकी अनुमानित कीमत लगभग 1 करोड़ 33 लाख रुपए है। बरामद मोबाइलों में दृष्टिबाधित कर्मचारी, चिकित्सक, मजदूर दंपत्ति, फूलमाला विक्रेता, किस्तों पर मोबाइल लेने वाली श्रमिक महिला, सेना में भर्ती की तैयारी कर रहा छात्र के मोबाइल शामिल थे, जिनके लिए यह उपकरण उनके जीवनयापन, शिक्षा अथवा दैनिक कार्य का प्रमुख साधन था। छतरपुर सायबर सेल एवं विभिन्न थानों की संयुक्त टीमों ने “ऑपरेशन विश्वास” के अंतर्गत 90 गुम मोबाइल फोन को ट्रेस कर उनके वास्तविक मालिकों को वापस किए। इन मोबाइल फोन की अनुमानित कीमत लगभग 14 लाख रुपए है। एक अन्य कार्यवाही में पुलिस ने 110 गुम मोबाइल फोन बरामद किए, जिनकी अनुमानित कीमत लगभग 15 लाख रुपए है। ये सभी मोबाइल केवल जिले से ही नहीं, बल्कि आंध्रप्रदेश, दिल्ली, महोबा, झांसी (उ.प्र.), सागर, पन्ना एवं निवाड़ी सहित विभिन्न स्थानों से तकनीकी ट्रैकिंग के माध्यम से प्राप्त किए गए। उज्जैन उज्जैन पुलिस ने CEIR पोर्टल एवं साइबर सेल की सहायता से दो अलग-अलग कार्यवाहियों में 409 गुम मोबाइल फोन बरामद कर उनके वास्तविक स्वामियों को लौटाए है।लौटाये गये मोबाइल फोन की अनुमानित कीमत 73 लाख 50 हजार रुपए है। सिंगरौली सिंगरौली में “संचार साथी (CEIR) पोर्टल” के माध्यम से सायबर सेल एवं थाना/चौकी टीमों द्वारा तकनीकी कार्यवाही कर 172 गुम मोबाइल फोन बरामद किए है, जिनकी अनुमानित कीमत लगभग 42 लाख रुपए है। बरामद मोबाइल मध्यप्रदेश के अतिरिक्त उत्तर प्रदेश, छत्तीसगढ़, बिहार, झारखंड, दिल्ली, गुजरात एवं महाराष्ट्र जैसे विभिन्न राज्यों से ट्रैक किए गए है। मंडला पुलिस द्वारा सायबर डेस्क की सक्रियता एवं CEIR/NCRP पोर्टल के प्रभावी उपयोग से कुल 253 गुम मोबाइल फोन बरामद किए गए, जिनकी अनुमानित कीमत लगभग 38 लाख रुपए है। पुलिस द्वारा मोबाइल वितरण की विकेंद्रीकृत व्यवस्था लागू की गई, जिसके अंतर्गत जिला मुख्यालय के अतिरिक्त थाना स्तर पर भी सुपुर्दगी सुनिश्चित की गई। विशेष रूप से कान्हा नेशनल पार्क से लगे दूरस्थ ग्रामीण क्षेत्रों में माइक्रोबीट अधिकारियों द्वारा हितग्राहियों के घर पहुंचकर मोबाइल सुपुर्द किए गए, जिससे नागरिकों को आवागमन की असुविधा से राहत मिली। इस मानवीय पहल ने पुलिस-जन संवाद को और सशक्त किया। कटनी कटनी के थाना कोतवाली पुलिस ने सब्जी मंडी स्थित एक मोबाइल स्टोर में हुई चोरी की घटना का त्वरित खुलासा किया। प्रकरण में सक्रिय अंतर्राज्यीय गिरोह के 03 आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से 20 मोबाइल फोन (अनुमानित कीमत लगभग 3 लाख 50 हजार रुपए) बरामद किए गए । गुना गुना पुलिस द्वारा गुम एवं चोरी हुए मोबाइल फोन की खोज हेतु विशेष अभियान संचालित किया गया है। तकनीकी टीम एवं CEIR पोर्टल के माध्यम से कुल 213 मोबाइल फोन बरामद किए गए, जिनकी अनुमानित कीमत 50 लाख रुपए से अधिक है। बरामद मोबाइल उनके वास्तविक स्वामियों को सुपुर्द किए गए है। जबलपुर (जीआरपी) जबलपुर जीआरपी इकाई के थाना गाडरवारा पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार कर उसके कब्जे से 06 चोरी के मोबाइल फोन (अनुमानित कीमत लगभग 1 लाख 50 हजार रुपए) जप्त किए है। रतलाम जावरा थाना औद्योगिक क्षेत्र पुलिस द्वारा 11 गुम मोबाइल फोन (अनुमानित कीमत लगभग 2 लाख 50 हजार रुपए) बरामद किए गए। जनविश्वास सुदृढ़ करने की दिशा में निरंतर प्रयास प्रदेश के विभिन्न जिलों में की गई इन कार्रवाइयों से स्पष्ट है कि मध्यप्रदेश पुलिस आधुनिक तकनीकी संसाधनों एवं संवेदनशील पुलिसिंग के माध्यम से आमजन की संपत्ति की सुरक्षा के प्रति पूर्णतः प्रतिबद्ध है। गुम एवं चोरी हुए मोबाइलों की निरंतर रिकवरी से नागरिकों में होली पर्व की खुशियों को दोगुना करने के साथ-साथ पुलिस के प्रति सुरक्षा एवं विश्वास की भावना को और अधिक सुदृढ़ किया।

सुरक्षा के साथ सौगात: दंतेवाड़ा पुलिस ने धनतेरस पर नागरिकों को लौटाए 107 मोबाइल

जगदलपुर धनतेरस के अवसर पर दंतेवाड़ा पुलिस ने लोगों को सौगात देते हुए उनके गुम मोबाइल लौटाए. लगभग 22,00,000 रुपए मूल्य के 107 मोबाइल को पड़ोसी राज्य ओडिशा के अलावा पड़ोसी जिले जगदलपुर, सुकमा, बीजापुर और कोंडागांव से बरामद किया गया था. पुलिस अधीक्षक आईपीएस गौरव राय, एएसपी आईपीएस राम कुमार वर्मन, एएसपी आईपीएस उदित पुष्कर एवं सायबर सेल नोडल अधिकारी डीएसपी ठाकुर गौरव सिंह के मार्गदर्शन में जिले में गुम मोबाइल तलाश अभियान चलाया गया था. गुम मोबाइल को CEIR पोर्टल के माध्यम से तलाश कर ‘‘इया आपलो सामान निया’’ कार्यक्रम के माध्यम से उनके वास्तविक मालिकों को सौंपा गया. दन्तेवाड़ा पुलिस ने आम नागरिकों की सुगमता के लिए सायबर हेल्पलाइन नम्बर 9479151665 जारी किया है. इसके साथ भारत सरकार द्वारा जारी 1930 हेल्पलाइन नम्बर और cybercrime@gov.in में भी शिकायत दर्ज करा सकते हैं. सायबर हेल्पलाइन दन्तेवाड़ा के नाम से व्हाटसप अकाउंट भी बनाया गया है, जिसमें आम नागरिक अपने शिकायत व्हाटसप के माध्यम से दर्ज करा सकते हैं. सायबर अपराध होने की स्थिति में 24X7 सायबर हेल्पलाइन दन्तेवाड़ा 9479151665 एवं क्यूआर कोड को स्केन कर घर बैठे सम्पर्क कर अपने साथ हुए किसी भी तरह के सायबर अपराध की शिकायत दर्ज करने हेतु सम्पर्क कर सकते हैं, ताकि उनकी शिकायत सीधे सायबर पोर्टल में दर्ज कर दी जाए. प्रार्थी को व्हाटसप के माध्यम से ही एकनालेजमेंट नम्बर प्रदाय कर दिया जाएगा. इसके साथ दन्तेवाड़ा जिले के आमजन को सायबर अपराध व इसके रोकथाम के लिए जागरूक करने ‘‘सायबर संगवारी दन्तेवाड़ा’’ नामक व्हाटस्अप चैनल बनाया गया है, जिसमें प्रत्येक दिन सायबर अपराध एवं उसके रोकथाम संबंधी जानकारी प्रेषित की जाएगी, यही नहीं अननोन काल, संदिग्ध व्हाटसप काल, मेसेज, लिंक या आपके बैंक अकाउंट या सोशल मीडिया अकाउंट पर किसी भी तरह की संदिग्ध गतिविधि होने पर साइबर हेल्पलाईन दन्तेवाड़ा 9479151665 से सम्पर्क कर शिकायत कर सकते हैं.