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क्रिस गेल का 175 रन तोड़ना है…’, वैभव सूर्यवंशी ने बताया आईपीएल में अपने बड़े लक्ष्य के बारे में

मुंबई  भारतीय क्रिकेट नियंत्रण बोर्ड (BCCI) का वार्षिक नमन अवॉर्ड्स समारोह 15 मार्च (रविवार) को नई दिल्ली में हुआ. इस समारोह में युवा क्रिकेट सनसनी वैभव सूर्यवंशी भी शरीक हुए. वैभव को इस दौरान संजू सैमसन, हार्दिक पंड्या और अभिषेक शर्मा के साथ स्टेज पर आमंत्रित किया गया, जहां कमेंटेटर हर्षा भोगले ने इन खिलाड़ियों से खास बातचीत की. बातचीत के दौरान भोगले ने वैभव से एक ऐसा सवाल पूछा, जिसने क्रिकेट फैन्स का ध्यान खींच लिया।  हर्षा भोगले ने वैभव सूर्यवंशी से पूछा कि इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) में कौन सा रिकॉर्ड वो तोड़ना चाहेंगे? बिहार से आने वाले इस युवा बल्लेबाज ने बेहद आत्मविश्वास के साथ अपना बड़ा सपना जाहिर किया और कहा कि वह आईपीएल में क्रिस गेल के 175 रनों के ऐतिहासिक रिकॉर्ड को धराशायी करना चाहते हैं।     बता दें कि कैरेबियाई दिग्गज क्रिस गेल ने आईपीएल 2013 के दौरान रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) की ओर खेलते हुए पुणे वॉरियर्स इंडिया के खिलाफ एम. चिन्नास्वामी स्टेडियम में सिर्फ 66 गेंदों पर नाबाद 175 रन बना दिए थे, जो टी20 क्रिकेट के इतिहास का सर्वोच्च व्यक्तिगत स्कोर है।  अंडर-19 विश्व कप में मचाया था धमाल वैभव सूर्यवंशी ने कम उम्र में ही अपनी विस्फोटक बल्लेबाजी से क्रिकेट जगत को चौंका दिया है. साल 2026 के आईसीसी अंडर-19 वर्ल्ड कप फाइनल में उन्होंने इंग्लैंड के खिलाफ सिर्फ 80 गेंदों में 175 रन ठोककर इतिहास रच दिया था. उनकी इस पारी में 15 चौके और 15 छक्के शामिल रहे. सूर्यवंशी की इस धमाकेदार इनिंग्स ने भारत को उस मुकाबले में शानदार जीत दिलाई थी।  वैभव सूर्यवंशी का नाम पहले ही कई रिकॉर्ड्स से जुड़ चुका है. वह आईपीएल में सबसे कम उम्र में शतक लगाने वाले बल्लेबाज बन चुके हैं. 2025 के आईपीएल सीजन में उन्होंने सिर्फ 35 गेंदों में सेंचुरी जड़कर सबको चौंका दिया था. उनकी बल्लेबाजी की सबसे बड़ी खासियत है निडर अंदाज, आक्रामक शॉट्स और लगातार बाउंड्री लगाने की क्षमता।  इसी वजह से क्रिकेट एक्सपर्ट्स उन्हें भविष्य का बड़ा स्टार मानते हैं. करियर की शुरुआत में ही इतने बड़े लक्ष्य तय करना वैभव सूर्यवंशी के आत्मविश्वास को दिखाता है. अगर उनका बल्ला इसी तरह चलता रहा तो आने वाले समय भारतीय टीम को एक और विस्फोटक मैच-विनर बल्लेबाज मिल सकता है।   

14 साल के वैभव सूर्यवंशी को नीतिश कुमार करेंगे सम्मानित

पटना. बिहार के समस्तीपुर जिले के ताजपुर गांव से निकलकर क्रिकेट जगत में अपनी पहचान बनाने वाले युवा खिलाड़ी वैभव सूर्यवंशी के लिए आज का दिन बेहद खास है. उनके शानदार और ऐतिहासिक प्रदर्शन को देखते हुए मुख्यमंत्री नीतिश कुमार ने उन्हें मुख्यमंत्री आवास, एक अणे मार्ग में आयोजित विशेष समारोह में सम्मानित करेंगे. अंडर-19 क्रिकेट विश्व कप के महानायक वैभव सूर्यवंशी आज पटना की धरती पर कदम रख चुके हैं. उनकी ऐतिहासिक 175 रनों की पारी ने न केवल भारत को छठी बार विश्व विजेता बनाया, बल्कि क्रिकेट के गलियारों में बिहार के नाम का डंका बजा दिया है. सीएम आवास पर होगा सम्मान समारोह बिहार के क्रिकेट प्रेमियों के लिए आज का दिन उत्सव जैसा है. वैभव सूर्यवंशी अपने माता-पिता के साथ पटना पहुंच चुके हैं और शाम 4 बजे मुख्यमंत्री आवास पर एक भव्य समारोह का आयोजन किया गया है. इस खास मौके पर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के साथ दोनों उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और विजय कुमार सिन्हा भी मौजूद रहेंगे. खेल मंत्री श्रेयसी सिंह ने वैभव को बधाई देते हुए कहा कि यह सम्मान केवल एक खिलाड़ी का नहीं, बल्कि बिहार के हर उस युवा के सपनों का सम्मान है जो अभावों के बीच भी कुछ बड़ा करने का जज्बा रखते हैं. अंडर-19 विश्व कप में बनाया रिकॉर्ड सिर्फ 14 साल की उम्र में वैभव सूर्यवंशी ने अंडर-19 विश्व कप में 175 रन की विस्फोटक पारी खेलकर सुर्खियां बटोरीं. हरारे में खेली गई इस पारी में उन्होंने चौकों-छक्कों की झड़ी लगा दी और भारत को 411 रन के विशाल स्कोर तक पहुंचाया. जवाब में इंग्लैंड की टीम लक्ष्य से काफी दूर रह गई और भारत ने मुकाबला जीतकर खिताब अपने नाम किया. पूरे टूर्नामेंट में सबसे ज्यादा छक्के लगाने का रिकॉर्ड भी वैभव के नाम रहा, जिससे वे युवा क्रिकेट जगत के नए सितारे बनकर उभरे. बिहार बनेगा खेलों का नया ग्लोबल हब वैभव की इस सफलता ने बिहार सरकार के इरादों को भी नई उड़ान दी है. खेल मंत्री श्रेयसी सिंह ने स्पष्ट किया कि बिहार अब केवल प्रतिभाएं पैदा नहीं करेगा, बल्कि उन्हें अंतरराष्ट्रीय मंच भी प्रदान करेगा. उन्होंने ऐलान किया कि पटना का मोइनुल हक स्टेडियम और राजगीर का अत्याधुनिक स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स जल्द ही अंतरराष्ट्रीय मैचों की मेजबानी के लिए तैयार हो जाएगा. सरकार का लक्ष्य है कि आने वाले समय में बिहार क्रिकेट के साथ-साथ ओलंपिक खेलों के लिए भी एक बड़े केंद्र के रूप में उभरे. पटना की सड़कों पर दिखा क्रिकेट का क्रेज आज सुबह जब वैभव पटना हवाई अड्डे पर उतरे, तो उनके स्वागत के लिए फैंस की भारी भीड़ उमड़ पड़ी. युवाओं में अपने इस नए हीरो के साथ सेल्फी लेने की होड़ मची रही. वैभव की सादगी और उनकी इस बड़ी उपलब्धि ने उन्हें रातों-रात बिहार का यूथ आइकन बना दिया है.

वैभव सूर्यवंशी के 10वीं बोर्ड एग्जाम की तैयारी, एडमिट कार्ड जारी और विशेष व्यवस्था पर चर्चा

समस्तीपुर Under-19 वर्ल्ड कप में क्रिकेट के पिच पर चौके छक्के की बरसात करने वाले उभरते स्टार क्रिकेटर वैभव सूर्यवंशी असली परीक्षा देने वाले हैं. समस्तीपुर जिले में दसवीं सीबीएसई बोर्ड की यह परीक्षा 17 फरवरी से शुरू होगी. CBSE बोर्ड ने वैभव सूर्यवंशी का एडमिट कार्ड जारी कर दिया है. वैभव के लिए यह किसी अग्नि परीक्षा से काम नहीं होगा. क्रिकेट के व्यस्त शेड्यूल और इंटरनेशनल दौरों के बीच शिक्षा के साथ तालमेल बिठाना वैभव सूर्यवंशी के लिए एक बड़ी चुनौती होगी, क्योंकि 26 मार्च से IPL भी शुरू होने जा रहा है.  अब सबके जेहन में एक ही सवाल है कि क्या वैभव सूर्यवंशी को परीक्षा केंद्र पर वीआईपी ट्रीटमेंट मिलेगा? इस पर पोद्दार इंटरनेशनल स्कूल के प्रिंसिपल नील किशोर सिन्हा ने 'आजतक' से खास बातचीत की और कहा, ''जिस तरह से हमारे लिए सभी परीक्षार्थी एक समान हैं, उसी तरह वैभव सूर्यवंशी भी हैं, इसलिए वह अन्य परीक्षार्थियों के साथ ही परीक्षा देंगे. प्रिंसिपल ने कहा कि वैभव को किसी प्रकार का वीआईपी ट्रीटमेंट नहीं दिया जाएगा. हालांकि, सुरक्षा की दृष्टिकोण से सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं. सीसीटीवी कैमरे को पूरी तरह से जांच परख लिया गया है. परीक्षा केंद्र के अंदर हर क्लास रूम में सीसीटीवी लगाए गए हैं. वैभव सूर्यवंशी एक सेलिब्रिटी हैं तो उनके फैंस भी काफी अधिक हैं, इसलिए बाहरी सुरक्षा को लेकर जिला प्रशासन को प्रिंसिपल ने अलग से एक पत्र भेजा है. प्रिंसिपल ने कहा सीबीएसई बोर्ड के जो नॉर्म्स हैं, उनके तहत ही वैभव सूर्यवंशी परीक्षा देंगे. वैभव सूर्यवंशी का परीक्षा केंद्र पोद्दार इंटरनेशनल में होने पर वहां के शिक्षकों में काफी उत्साह है, वे चाहते हैं कि जिस तरह से वैभव सूर्यवंशी क्रिकेट की पिच पर धमाल मचाए हैं, इस तरह 'परीक्षा की पिच' पर भी धमाल मचाएं.

U19 वर्ल्ड कप: ‘टीम ऑफ द टूर्नामेंट’ में आयुष को झटका, वैभव सूर्यवंशी सहित 3 भारतीयों का चयन

नई दिल्ली इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल यानी ICC ने हाल ही में खत्म हुए अंडर-19 मेन्स क्रिकेट वर्ल्ड कप 2026 की टीम ऑफ द टूर्नामेंट का ऐलान कर दिया है। ICC ने भारत की U19 वर्ल्ड कप विजेता टीम के तीन खिलाड़ी – वैभव सूर्यवंशी, कनिष्क चौहान और हेनिल पटेल – को चुना गया है। वहीं कप्तान आयुष म्हात्रे आईसीसी की इस टीम में नहीं है। रनर-अप रही इंग्लैंड की टीम के तीन खिलाड़ी भी 12 सदस्यीय ICC U19 WC टीम ऑफ द टूर्नामेंट में शामिल हैं। आईसीसी ने कप्तान के रूप में इंग्लैंड के थॉमस रियू को चुना है।   वैभव सूर्यवंशी ने इंग्लैंड के खिलाफ फाइनल में 80 गेंदों पर शानदार 175 रन बनाए और टूर्नामेंट में 439 रनों के साथ दूसरे सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज रहे। वैभव सूर्यवंशी फाइनल में प्लेयर ऑफ द मैच के साथ प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट का अवॉर्ड भी ले गए। सूर्यवंशी ने फाइनल में 175 रन बनाते हुए कई रिकॉर्ड तोड़े, और वह अंडर-19 वर्ल्ड कप की एक ही पारी में सबसे ज्यादा छक्के लगाने वाले बल्लेबाज भी बन गए। उन्होंने 15 छक्के लगाए, जिससे ऑस्ट्रेलिया के माइकल हिल का 12 छक्कों का पिछला रिकॉर्ड टूट गया। 218.75 के ज़बरदस्त स्ट्राइक रेट से बल्लेबाजी करते हुए, उनकी पारी में 15 चौके और 15 छक्के शामिल थे। खास बात यह है कि उनके 150 रन सिर्फ बाउंड्री से ही आए। दूसरी ओर, कनिष्क चौहान ने बल्ले और गेंद दोनों से लगातार अहम योगदान दिया, जबकि हेनिल पटेल के 11 विकेट में USA के खिलाफ 5/16 का शानदार स्पेल शामिल था। रनर-अप इंग्लैंड की टीम में तीन खिलाड़ी हैं, जिसमें थॉमस रेव को कप्तान और विकेटकीपर बनाया गया है। रेव ने 66 की औसत से 330 रन बनाए, जिसमें ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ सेमीफाइनल में मैच जिताने वाला शतक भी शामिल है। उनके साथ मैनी लम्सडेन हैं, जो टूर्नामेंट में 16 विकेट लेकर सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले खिलाड़ी हैं, और बेन मेयस हैं, जो 444 रन बनाकर प्रतियोगिता के सबसे ज़्यादा रन बनाने वाले खिलाड़ी हैं, जिसमें स्कॉटलैंड के खिलाफ 191 रन की पारी शामिल है। चामुदिथा ने जापान के खिलाफ 192 रनों की शानदार पारी खेली, जिसमें 26 चौके और एक छक्का शामिल था। अफगानिस्तान का प्रतिनिधित्व फैसल खान शिनोज़ादा और नूरिस्तानी उमरज़ई कर रहे हैं, दोनों ने अपनी टीम को सेमी-फ़ाइनल तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई है। ICC अंडर-19 वर्ल्ड कप टीम ऑफ द टूर्नामेंट- वैभव सूर्यवंशी (भारत), वीरन चामुदिथा (श्रीलंका), फैसल खान शिनोजादा (अफगानिस्तान), थॉमस रीव (विकेटकीपर, कप्तान) (इंग्लैंड), ओलिवर पीक (ऑस्ट्रेलिया), बेन मेयस (इंग्लैंड), कनिष्क चौहान (भारत), नूरिस्तानी उमरजई (अफगानिस्तान), विटेल लॉज़ (वेस्टइंडीज), अली रजा (पाकिस्तान), मैनी लम्सडेन (इंग्लैंड), हेनिल पटेल (भारत)  

ICC के नियमों के चलते सूर्यवंशी को नहीं मिल सकता टीम इंडिया में मौका, BCCI ने दी सफाई

 नई दिल्ली हरारे स्पोर्ट्स क्लब में अंडर-19 वर्ल्ड कप फाइनल खत्म हुए भले ही वक्त गुजर गया हो, लेकिन वैभव सूर्यवंशी की तूफानी पारी की गूंज अब भी पूरी क्रिकेट दुनिया में सुनाई दे रही है. इंग्लैंड के खिलाफ फाइनल में वैभव ने 80 गेंदों पर 175 रन बनाए.यह सिर्फ एक पारी नहीं थी, बल्कि रिकॉर्ड बुक पर सीधा कब्जा था. 15 छक्के, जबरदस्त स्ट्राइक रेट और ऐसा खेल जिसने फाइनल जैसे बड़े मुकाबले को भी एकतरफा बना दिया. बिहार के 14 साल के इस बल्लेबाज को देखकर हर फैन के मन में एक ही सवाल है अगर वैभव इंग्लैंड के बेस्ट युवा गेंदबाजों को तहस-नहस कर सकता है और IPL में भी शतक ठोक सकता है, तो वह सीनियर भारतीय टीम में क्यों नहीं है? इस सवाल का जवाब है- आईसीसी का नियम. क्यों नहीं खेल सकते सीनियर टीम में? वैभव सूर्यवंशी के सामने सबसे बड़ी रुकावट है ICC का न्यूनतम उम्र नियम. 2020 में लागू किए गए इस नियम के तहत किसी भी खिलाड़ी को अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट खेलने के लिए कम से कम 15 साल का होना जरूरी है. यह नियम खिलाड़ियों की शारीरिक और मानसिक सुरक्षा को ध्यान में रखकर बनाया गया है. वैभव का जन्म 27 मार्च 2011 को हुआ था. फरवरी 2026 में अंडर-19 वर्ल्ड कप जीतते समय वह अभी भी तकनीकी रूप से 14 साल के ही थे. इसका मतलब साफ है  कि चाहे वह बिहार के लिए 36 गेंदों में शतक लगाए, चाहे IPL में राजस्थान रॉयल्स के लिए गेंदबाजों की धज्जियां उड़ा दे, लेकिन सीनियर टीम में चयन 27 मार्च 2026 से पहले मुमकिन नहीं है. यहां एक दिलचस्प बात है. वैभव सीनियर टीम के लिए अभी छोटे हैं, लेकिन अंडर-19 टीम के लिए भी अब वह दोबारा नहीं खेल सकते. BCCI का एक सख्त नियम है कि एक खिलाड़ी सिर्फ एक बार अंडर-19 वर्ल्ड कप खेल सकता है. इस नियम का मकसद है कि हर टूर्नामेंट में नए खिलाड़ियों को मौका मिले और कोई भी खिलाड़ी उम्र-ग्रुप का “स्पेशलिस्ट” न बन जाए. 2026 अंडर-19 वर्ल्ड कप में प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट बनने के बाद, वैभव अब 2028 या 2030 का U19 वर्ल्ड कप नहीं खेल सकते जबकि उम्र के हिसाब से वह तब भी अंडर-19 ही होते. पिछले 12 महीनों में वैभव सूर्यवंशी ने जो रिकॉर्ड बनाए हैं, वही उनकी चर्चा की असली वजह हैं: * अंडर-19 वर्ल्ड कप फाइनल में 80 गेंदों पर 175 रन. * 2026 वर्ल्ड कप में 30 छक्के- टूर्नामेंट का नया रिकॉर्ड * 14 साल 272 दिन की उम्र में लिस्ट-A शतक- दुनिया के सबसे युवा खिलाड़ी * विजय हजारे ट्रॉफी में 59 गेंदों में 150 रन- एबी डिविलियर्स का रिकॉर्ड टूटा * IPL में 35 गेंदों का शतक- सबसे कम उम्र के IPL शतकवीर * भारत-A के लिए T20 शतक लगाने वाले पहले खिलाड़ी * इंग्लैंड U19 के खिलाफ 52 गेंदों में शतक- सबसे तेज यूथ ODI शतक * यूथ टेस्ट में 58 गेंदों में शतक- भारत के लिए सबसे तेज * सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी में नाबाद 108- सबसे युवा शतक

175 रनों की ऐतिहासिक पारी खेलकर पवेलियन लौटे वैभव सूर्यवंशी, फाइनल में अंग्रेजों की धज्जियां उड़ाईं

 हरारे आईसीसी मेन्स अंडर-19 विश्व कप 2026 के फाइनल में आज (6 फरवरी) भारतीय टीम का सामना इंग्लैंड से है. दोनों टीमों के बीच यह खिताबी मुकाबला हरारे के हरारे स्पोर्ट्स क्लब में है. मुकाबले में टॉस भारतीय टीम ने जीता और पहले बैटिंग का फैसला किया. अभिज्ञान कुंडू और आरएस अम्बरीष क्रीज पर हैं. भारतीय टीम लगातार छठा और कुल 10वां फाइनल खेल रही है, जो एक रिकॉर्ड है. पांच बार खिताब जीत चुकी भारतीय टीम की निगाहें खिताबी जीत का सिक्सर लगाने पर हैं. भारतीय टीम 2000, 2008, 2012, 2018 और 2022 में खिताब जीता था. दूसरी ओर इंग्लैंड ने सिर्फ 1 बार अंडर-19 वर्ल्ड कप जीता है. साल 1998 के फाइनल में उसने न्यूजीलैंड को पराजित किया था. ताजा स्कोर 40 ओवर 320 रन 5 विकेट  हरारे में  ICC अंडर-19 वर्ल्ड कप के फाइनल मैच में इंग्लैंड के ख‍िलाफ आयुष म्हात्रे ने टॉस जीता और पहले पहले बल्लेबाजी चुनी.भारत की तरफ से ओपन‍िंग करने वैभव सूर्यवंशी और आरोन जॉर्ज आए. वैभव और जॉर्ज की जोड़ी ज्यादा कुछ नहीं कर पाई. 20 के स्कोर पर जॉर्ज का विकेट गिरा. वह 9 रन बनाकर लौटे. प्वाइंट पर उनका कैच लपका गया. इसके बाद आयुष म्हात्रे ने वैभव के साथ टिककर बल्लेबाजी शुरू की. भाररतीय टीम ने 8 ओवर में 50 रनों का आंकड़ा पार किया. इसके बाद नौवें ओवर में वैभव ने 18 रन बनाए, जिससे भारतीय टीम का स्कोर 9 ओवर में 71 रन हो गया.  इसी बीच भारतीय टीम के 100 रन 14वें ओवर में पूरे हुए. वैभव ने 17वें ओवर में ग्रेज गेंदबाज फरहान अहमद की जमकर खबर ली और उनके ओवर में 22 रन जड़ द‍िए. दूसरी ओर आयुष म्हात्रे 19वें ओवर में 50 गेंदों पर 53 रन बनाकर एलेक्स ग्रीन की गेंद पर आउट हुए.  आयुष के आउट होने के बाद वैभव ने 55 गेंदों पर 8 छक्के और 8 चौकों की मदद से अपना शतक पूरा किया. इसके बाद वैभव की आंधी जारी रही. 71 गेंदों में 150 (13 छक्के, 13 चौके) रन पूरे किए.  हालांकि इसके बाद वैभव की पारी का अंत 175 रनों पर हो गया.  वैभव ने अपनी पारी में 80 गेंदों का सामना किया और कुल 15 चौके और 15 छक्के जड़े, उनको थॉमस रेव ने मैनी लम्सडेन की गेंद पर कैच पकड़ा.  व‍िहान मल्होत्रा (30) के रूप में टीम का चौथा विकेट गिरा. उन्हें जेम्स मिंटो ने बेन डॉकिन्स के हाथों कैच कराया. 302 के स्कोर पर यह विकेट गिरा. इसके बाद ही 308 के स्कोर पर 5वां विकेट गिरा. वेदांत त्रिवेदी (32) को बेन मेस ने जेम्स मिंटो की गेंद पर कैच कर लिया. 

वैभव सूर्यवंशी का बाउंसर टेस्ट फेल, U-19 वर्ल्ड कप में लगातार एक ही पैटर्न में 4 बार हुए आउट

मुंबई  14 साल के वैभव सूर्यवंशी ने अंडर 19 वर्ल्ड कप में अपने बल्ले से चमक बिखेरी है. उन्होंने 6 मैचों  की 6 पार‍ियों में 264 रन 44 के एवरेज से बनाए. इस दौरान  वैभव का स्ट्राइक रेट 147.48 का रहा. वैभव ने पूरे वर्ल्ड कप में 26 चौके और 15 छक्के लगाए.  वैभव ने बुधवार (4 जनवरी) को अफगानिस्तान की अंडर 19 टीम के ख‍िलाफ हुए सेमीफाइनल  मुकाबले में भी शानदार 68 रनों की पारी  महज 33 गेंदों पर खेली. इसमे 9 चौके और 4 छक्के शामिल रहे. एक समय तो ऐसा लग रहा था कि वैभव इस सेमीफाइनल मैच में शतक जड़ेंगे, लेकिन वो एक बार फ‍िर बाउंसर गेंद के सामने असहाय दिखे और आउट हो गए. उनको नूर‍िस्तानी उमरजई ने ओस्मान सादात के हाथों कैच आउट करवाया.  कुल म‍िलाकर वैभव ने इस पारी से यह तो दिखाया कि वह ताबडतोड़ अंदाज में ही खेलने में व‍िश्वास करते हैं, लेकिन उनकी कमजोर कड़ी भी सामने आ गई है. दरसअल, वैभव बाउसंर गेंदों को ठीक से नहीं खेल पा रहे हैं. आइए आपको बताते हैं कि इस अंडर 19 वर्ल्ड कप में वैभव कैसे कैसे आउट हुए हैं.  1– अमेरिका के खलाफ वैभव बोल्ड 2 रन बनाकर ऋत्विक अप्पिडी की गेंद पर बोल्ड हो गए थे.  2- बांग्लादेश के ख‍िलाफ वैभव ने 72 रन बनाए. गेंद बहुत ज्यादा छोटी (बाउंसर) नहीं थी, लेकिन सूर्यवंशी पीछे हटे, नीचे झुके और डीप मिडविकेट के ऊपर से बड़ा शॉट लगाने की कोशिश की. गेंद हवा में तो गई, लेकिन दूरी नहीं मिली. लेकिन वह कैच आउट हो गए. हालांकि गेंद नो-बॉल की लाइन के बहुत करीब थी, लेकिन अंपायर ने उसे सही गेंद माना.  3-न्यूजीलैंड के ख‍िलाफ वैभव ने 40 रन बनाए, लेकिन उनको जसकरन संधू ने ऑफ स्टंप के बाहर छोटी गेंद (बाउसंर) डाली. सूर्यवंशी ने पुल शॉट खेलने की कोशिश की, लेकिन गेंद ऊंची हवा में मिड-ऑफ की तरफ चली गई. मेसन क्लार्क ने पीछे की ओर काफी दौड़ लगाई, गेंद पर नजर बनाए रखी और दौड़ते हुए डाइव लगाकर शानदार कैच लपक लिया.  4-ज‍िम्बाव्बे के ख‍िलाफ 2 रन बनाकर वैभव सीधे मिड-ऑफ फील्डर को कैच थमा बैठे.  5- पाक‍िस्तान के ख‍िलाफ मुकाबले में वैभव की कमजोरी एक बार फ‍िर नजर आई, यहां भी वो बाउंसर गेंद पर 30 रन बनाकर आउट हुए. यह साफ इशारा था है कि आगे के करियर में सूर्यवंशी को छोटी गेंदों का खूब सामना करना पड़ेगा. पाकिस्तान के ख‍िलाफ सूर्यवंशी ने स्क्वायर के सामने पुल शॉट खेलने की कोशिश की. लेकिन बल्ले का निचला किनारा लगा और गेंद कीपर के पास चली गई. वैभव सूर्यवंशी बांग्लादेश, न्यूजीलैंड, पाक‍िस्तान और  अफगान‍िस्तान के ख‍िलाफ सेमीफाइनल में बाउंसर गेंदों पर आउट हुए. कुल म‍िलाकर 6 में 4 बार. यानी साफ है कि वैभव को अब बाउंसर पर खेलने के लिए कुछ सुधार करने हेांगे, क्योंकि व‍िपक्षी टीमों ने उनकी कमजोर कड़ी को भांप लिया है. 

14 साल की उम्र में बड़ा सपना: वैभव सूर्यवंशी को टीम इंडिया में मौका देने की उठी मांग

नई दिल्ली  आईपीएल 2025 में डेब्यू करने के बाद से क्रिकेट जगत की नई सनसनी बने 14 साल के वैभव सूर्यवंशी अब टीम इंडिया में डेब्यू करने के लिए तैयार हैं. उन्हें नेशनल टीम में लाने का समय आ गया है. यह कहना है पूर्व भारतीय क्रिकेटर सबा करीम का. सबा करीम का मानना है कि वैभव सूर्यवंशी को नेशनल टीम में शामिल करने का समय आ गया है. वैभव सूर्यवंशी फिलहाल अंडर-19 वर्ल्ड कप में खेल रहे हैं, जहां उन्होंने दो अर्धशतक जमकर टीम इंडिया की जीत में अहम भूमिका निभाई. वैभव सूर्यवंशी के प्रदर्शन पर सबा करीम ने कहा, ‘वह बहुत प्रतिभाशाली हैं. उन्हें देखकर मुझे बहुत खुशी हुई. मुझे लगता है कि अब उन्हें इंडियन नेशनल टीम में शामिल करने का समय आ गया है.’ उन्होंने आगे कहा, ‘यह अच्छी बात है कि वैभव सूर्यवंशी पर नजर रखी जा रही है. स्टेट एसोसिएशन के लोग काम कर रहे हैं. बीसीसीआई सेंटर ऑफ एक्सीलेंस भी अपना काम कर रहा है. आईपीएल फ्रेंचाइजी राजस्थान रॉयल्स भी उन पर ध्यान दे रही है. बहुत जल्द ऐसा समय आएगा, जब हम उन्हें नेशनल टीम में देखेंगे.’ वैभव सूर्यवंशी को लेकर सबा करीम ने दिया बयान वैभव सूर्यवंशी आईपीएल में शतक लगाने वाले सबसे युवा खिलाड़ी हैं, जिन्होंने 14 साल 32 दिन की उम्र में यह कारनामा किया था. उन्होंने आईपीएल 2025 में राजस्थान रॉयल्स की तरफ से खेलते हुए गुजरात टाइटंस के खिलाफ महज 35 गेंदों में शतक लगाया था. यह आईपीएल इतिहास का दूसरा सबसे तेज शतक भी है. इस मामले में क्रिस गेल टॉप पर हैं, जिन्होंने 23 अप्रैल 2013 को आरसीबी की ओर से खेलते हुए पुणे वॉरियर्स के खिलाफ 30 गेंदों में सेंचुरी लगाई थी. वैभव सूर्यवंशी आईपीएल के बाद से जिस भी टूर्नामेंट में खेले हैं तूफानी बैटिंग से तहलका मचाया है. ऑस्ट्रेलिया और इंग्लैंड की अंडर-19 टीमों के खिलाफ उन्होंने रनों का अंबार लगाया. वैभव ने विजय हजारे ट्रॉफी और रणजी ट्रॉफी में भी शतक बनाकर इतिहास रचा. मौजूदा अंडर-19 वर्ल्ड कप से पहले उन्हें साउथ अफ्रीका दौरे के लिए भारत की अंडर-19 टीम का कप्तान बनाया गया था. उनकी कप्तानी में भारत ने यूथ वनडे सीरीज नाम की. इस सीरीज में वैभव के बल्ले से एक तूफानी शतक भी आया था. अब वैभव अंडर-19 वर्ल्ड कप में बल्ले से धमाल मचा रहे हैं. वैभव जी अंदाज में लगातार रन बना रहे हैं, यह प्रदर्शन जल्द ही उनके लिए टीम इंडिया के दरवाजे खोल सकता है.

वैभव सूर्यवंशी ने यूथ ODI में किया रिकॉर्ड तोड़ प्रदर्शन, कोहली को पीछे छोड़ा

 बुलावायो वैभव सूर्यवंशी क्रिकेट के मैदान पर लगातार शानदार प्रदर्शन कर रहे हैं. 14 साल के वैभव फिलहाल आईसीसी पुरुष अंडर-19 वर्ल्ड कप 2026 में भारत का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं. वैभव ने 17 जनवरी (शनिवार) को बुलावायो में बांग्लादेश के खिलाफ मुकाबले में जबरदस्त बैटिंग करते हुए 72 रन बनाए. वैभव ने 67 गेंदों की पारी में 6 चौके और तीन छक्के लगाए. वैभव को तेज गेंदबाज इकबाल हुसैन इमोन ने आउट किया. इस इनिग्स के दौरान वैभव सूर्यवंशी ने एक खास कीर्तिमान रचा. वैभव ने यूथ ओडीआई में ना सिर्फ 1000 हजार रन पूरे किए, बल्कि यूथ ओडीआई में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले भारतीय बल्लेबाजों की सूची में अब सातवें नंबर पर आ गए हैं. सूर्यवंशी ने विराट कोहली को भी पछाड़ दिया, जिन्होंने 978 रन बनाए थे. वैभव सूर्यवंशी ने अब तक भारत के लिए यूथ ओडीआई में कुल 20 मैच खेलकर 52.35 की औसत से 1047 रन बनाए हैं, जिसमें 3 शतक और पांच अर्धशतक शामिल रहे. संयुक्त राज्य अमेरिका (USA) के खिलाफ सिर्फ 2 रन पर आउट होने के बाद वैभव ने दमदार वापसी की और बांग्लादेशी टीम के खिलाफ बेहद संयम के साथ तेज अर्धशतक बना सभी को प्रभावित किया. यूथ ओडीआई में भारत के लिए सबसे ज्यादा रन विजय जोल ने बनाए. यशस्वी जायसवाल, तन्मय श्रीवास्तव, उनमुक्त चंद, शुभमन गिल और सरफराज खान ने भी यूथ ओडीआई में भारत के लिए हजार प्लस रन बनाए थे. यूथ ओडीआई में सबसे ज्यादा रन बनाने का विश्व रिकॉर्ड फिलहाल बांग्लादेश के नजमुल हुसैन शांतो (1820 रन) के नाम है. आयुष म्हात्रे ने विपक्षी कप्तान से नहीं मिलाया हाथ आईसीसी पुरुष अंडर-19 वर्ल्ड कप 2026 में भारत और बांग्लादेश के बीच शनिवार (17 जनवरी) को खेला गया मुकाबला काफी सुर्खियों में रहा है. बुलावायो के क्वींस स्पोर्ट्स क्लब में हुए इस मैच में टॉस के दौरान भारतीय कप्तान आयुष म्हात्रे ने बांग्लादेश के स्टैंड-इन कप्तान जवाद अबरार से हाथ मिलाने से परहेज किया. बांग्लादेश के नियमित कप्तान मोहम्मद अजीजुल हकीम तमीम अस्वस्थ होने के कारण टॉस के लिए उपस्थित नहीं थे और उनकी जगह जवाद अबरार आए. हालांकि कैमरों ने साफ दिखाया कि टॉस के बाद दोनों कप्तान एक-दूसरे के बहुत पास से गुजरे, लेकिन ना हाथ मिलाया और ना ही कोई बातचीत की. इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) 2025 में धमाकेदार प्रदर्शन के बाद वैभव सूर्यवंशी सुर्खियों में आए थे. वैभव आईपीएल इतिहास के सबसे युवा सेंचुरियन बने, जिसने पूरे क्रिकेट जगत को हैरान कर दिया. इसके बाद उनका करियर लगातार ऊंचाइयों पर चढ़ता गया. इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया की उछाल भरी पिचों पर वैभव ने शतक जड़े. वहीं इंडिया-ए के लिए कतर में राइजिंग स्टार्स एशिया कप में डेब्यू पर वैभव ने शतक लगाया. कुछ दिनों बाद दुबई में U19 एशिया कप में भी वैभव ने शतकीय पारी खेलकर सुर्खियां बटोरीं. फिर अंडर-19 विश्व कप से पहले साउथ अफ्रीका में उन्होंने शानदार सेंचुरी लगाई. यूथ ओडीआई में भारत के लिए सर्वाधिक रन 1404- विजय जोल         1386- यशस्वी जायसवाल     1316- तन्मय श्रीवास्तव 1149- उन्मुक्त चंद 1149- शुभमन गिल 1080- सरफराज खान 1047- वैभव सूर्यवंशी बिहार के समस्तीपुर में जन्मे वैभव सूर्यवंशी का क्रिकेट सफर बेहद प्रेरणादायक रहा है. जहां भी खेले, उन्होंने रन बरसाए हैं और अपने खेल से हर देश में अपनी पहचान बनाई. उनकी प्रतिभा, तकनीक और मानसिक मजबूती की वजह से वह भारत के सबसे चर्चित युवा प्रतिभाओं में शामिल हो गए हैं.

भारतीय युवा स्टार वैभव सूर्यवंशी की अंडर-19 वर्ल्ड कप में रिकॉर्ड ब्रेकिंग तैयारी

नई दिल्ली साउथ अफ्रीका के खिलाफ यूथ वनडे सीरीज़ में तूफानी प्रदर्शन कर चर्चा में आए वैभव सूर्यवंशी अब अंडर-19 वर्ल्ड कप में इतिहास रचने को तैयार हैं। 15 जनवरी से शुरू हो रहे इस मेगा टूर्नामेंट में भारत की युवा टीम यूएसए के खिलाफ अपने अभियान की शुरुआत करेगी। वैभव की बल्लेबाज़ी का अंदाज़ आक्रामक है और उनके आंकड़े बताते हैं कि वह जहां भी खेले हैं, बड़े स्कोर किए हैं। ऐसे में अंडर-19 वर्ल्ड कप में उनसे कई बड़े रिकॉर्ड टूटने की उम्मीद की जा रही है। छक्कों का सबसे बड़ा रिकॉर्ड खतरे में वैभव सूर्यवंशी की बल्लेबाज़ी की सबसे बड़ी पहचान उनकी बाउंड्री हिटिंग है। उनके कुल रनों का बड़ा हिस्सा चौकों और छक्कों से आता है। अंडर-19 वर्ल्ड कप के एक सीज़न में सबसे ज्यादा छक्कों का रिकॉर्ड फिलहाल साउथ अफ्रीका के डेवाल्ड ब्रेविस के नाम है, जिन्होंने 2022 में 18 छक्के लगाए थे। वैभव की आक्रामक शैली को देखते हुए माना जा रहा है कि यह रिकॉर्ड इस बार टूट सकता है। स्ट्राइक रेट में नया कीर्तिमान संभव अंडर-19 वर्ल्ड कप इतिहास में सर्वश्रेष्ठ स्ट्राइक रेट का रिकॉर्ड भारत के शिखर धवन के नाम है, जिन्होंने 2004 में 93.51 की स्ट्राइक रेट से बल्लेबाज़ी की थी। वैभव सूर्यवंशी आमतौर पर 150 से ऊपर की स्ट्राइक रेट से रन बनाते हैं। ऐसे में उनका यह आंकड़ा टूर्नामेंट में नया बेंचमार्क सेट कर सकता है और यह रिकॉर्ड भी इतिहास बन सकता है। सबसे ज्यादा रन बनाने का भारतीय रिकॉर्ड अंडर-19 वर्ल्ड कप में भारत की ओर से सबसे ज्यादा रन बनाने का रिकॉर्ड सरफराज खान के नाम दर्ज है, जिन्होंने 2014 से 2016 के बीच 566 रन बनाए थे। वैभव सूर्यवंशी की निरंतरता और बड़ी पारियां खेलने की आदत को देखते हुए यह रिकॉर्ड भी उनके निशाने पर है, खासकर अगर भारत टूर्नामेंट में आगे तक जाता है। शतकों की संख्या में भी बदलाव संभव इस टूर्नामेंट में सबसे ज्यादा शतक लगाने का रिकॉर्ड फिलहाल जैक बर्नहैम और शिखर धवन के नाम है, दोनों ने तीन-तीन शतक लगाए हैं। वैभव सूर्यवंशी का शतक लगाने का ट्रैक रिकॉर्ड बेहद मजबूत रहा है। अगर वह अपने फॉर्म को बरकरार रखते हैं, तो शतकों की यह सूची भी बदल सकती है। सबसे बड़े व्यक्तिगत स्कोर पर नजर अंडर-19 वर्ल्ड कप में अब तक का सबसे बड़ा व्यक्तिगत स्कोर 191 रन का है, जो 2018 में हशिता बोयागोडा ने बनाया था। अब तक कोई भी बल्लेबाज़ इस टूर्नामेंट में दोहरा शतक नहीं लगा पाया है। वैभव सूर्यवंशी के पास न सिर्फ इस रिकॉर्ड को तोड़ने बल्कि इतिहास में पहला दोहरा शतक लगाने का भी सुनहरा मौका है।