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15 वर्षीय वैभव सूर्यवंशी पर क्लाइव लॉयड का बड़ा बयान, बताया लंबे समय तक चमकने वाला सितारा

नई दिल्ली वेस्टइंडीज क्रिकेट के सबसे महान कप्तानों में से एक और दो बार के वर्ल्ड कप विजेता क्लाइव लॉयड जब क्रिकेट या किसी खिलाड़ी पर अपनी राय देते हैं, तो पूरी दुनिया उसे बेहद ध्यान से सुनती है। 81 वर्षीय दिग्गज क्लाइव लॉयड ने भारतीय क्रिकेट के नए स्टार, 15 साल के वैभव सूर्यवंशी की जमकर तारीफ की है। उन्होंने वैभव को एक ऐसा खिलाड़ी बताया है जिसे दुनिया लंबे समय तक खेलते हुए देखेगी। हालांकि, लॉयड ने भारतीय क्रिकेट बोर्ड (BCCI) और कोचों को एक सख्त चेतावनी भी जारी की है। क्लाइव लॉयड ने क्या कहा? क्लाइव लॉयड से पूछा गया कि अगर वैभव सूर्यवंशी का सामना उनके दौर के खूंखार गेंदबाजों (माइकल होल्डिंग, जोएल गार्नर, एंडी रॉबर्ट्स और कॉलिन क्रॉफ्ट) से होता, तो क्या होता? लॉयड ने हंसते हुए जवाब दिया. 'वेल, उनके सामने इस युवा खिलाड़ी का बहुत कड़ा इम्तिहान होता। हम उसके कैरेक्टर, उसकी स्किल्स और उसकी काबिलियत की परीक्षा लेते। लेकिन हां, मैं इस बात से पूरी तरह सहमत हूं कि वह एक बेहद शानदार खिलाड़ी है। उसकी आंखें बहुत तेज हैं और वह गेंद को बहुत खूबसूरती और ताकत से स्ट्राइक करता है।' लॉयड ने अपने दौर के गेंदबाजों की ताकत बताते हुए कहा, 'हमारे पास जो गेंदबाज थे, उनके खिलाफ रन बनाना इसलिए मुश्किल था क्योंकि वे सब अलग-अलग तरह की गेंदबाजी करते थे, कोई भी एक जैसा नहीं था। इसलिए, वैभव और हमारे गेंदबाजों के बीच वह मुकाबला देखना वाकई एक बेहतरीन टेस्ट होता।' लॉयड की बड़ी चेतावनी टेस्ट क्रिकेट में 19 शतक ठोकने वाले क्लाइव लॉयड ने भारतीय थिंक-टैंक को आगाह करते हुए कहा कि वैभव के खेलने के स्वाभाविक तरीके के साथ कोई छेड़छाड़ नहीं की जानी चाहिए। लॉयड ने कहा, 'इस लड़के के भीतर गजब की प्रतिभा है। मुझे पूरा भरोसा है कि अगर वह इसी अंदाज में खेलना जारी रखता है और लोग उसके स्टाइल ऑफ प्ले को बदलने की कोशिश नहीं करते हैं, तो हमारे पास एक ऐसा युवा खिलाड़ी है जिसे हम आने वाले बहुत लंबे समय तक खेलते हुए देखेंगे।' दांबुला में मचाई तबाही, अब आयरलैंड में सीनियर टीम के लिए करेंगे डेब्यू! क्लाइव लॉयड का यह बयान ऐसे समय पर आया है जब रविवार को ही वैभव सूर्यवंशी ने श्रीलंका ए के खिलाफ ट्राई-सीरीज के फाइनल में महज 11 गेंदों पर लिस्ट-ए इतिहास का सबसे तेज अर्धशतक ठोककर विश्व रिकॉर्ड बनाया है। इस मैच में उन्होंने सिर्फ 29 गेंदों पर 94 रनों की आतिशी पारी खेली और बदकिस्मत रहे कि छक्का मारने के प्रयास में शतक से चूक गए। अपनी इस ऐतिहासिक फॉर्म के बाद वैभव अब सीनियर भारतीय टीम के साथ जुड़ने के लिए आयरलैंड रवाना होंगे, जहां इस महीने के अंत में भारत को दो टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच खेलने हैं। हाल के महीनों में उनके इस जादुई प्रदर्शन को देखते हुए यह तय माना जा रहा है कि वह आयरलैंड दौरे पर अपना इंटरनेशनल डेब्यू करेंगे। ऐसे में महान क्लाइव लॉयड की यह तारीफ वैभव के आत्मविश्वास को सातवें आसमान पर ले जाएगी।

मैदान पर भारी पड़ी गलती! वैभव सूर्यवंशी की आधी मैच फीस कटी, अन्य खिलाड़ी भी हुए दंडित

नई दिल्ली भारत-ए और श्रीलंका-ए के बीच दांबुला में 15 जून को खेले गए त्रिकोणीय सीरीज के मुकाबले के बाद हुए विवाद में श्रीलंका-ए के खिलाड़ी विशेन हलम्बगे और वैभव सूर्यवंशी पर कार्रवाई की गई है।  रिपोर्ट्स के मुताबिक, मैच रेफरी प्रदीप जेयप्रकाश ने हलम्बगे को वैभव सूर्यवंशी को उकसाने और मैदान पर तनाव बढ़ाने का दोषी माना है. विशेन हलम्बगे और वैभव सूर्यवंशी की 50 प्रतिशत मैच फीस काटी गई है।  वहीं भारत-ए के कप्तान तिलक वर्मा की मैच फीस का 30 प्रतिशत जुर्माना लगा है. श्रीलंका-ए के विकेटकीपर निरोशन डिकवेला पर मैच फीस का 20 प्रतिशत जुर्माना लगा है।  यह विवाद उस समय हुआ जब सुपर ओवर में रोमांचक जीत के बाद श्रीलंका-ए के खिलाड़ियों और भारत-ए के 15 साल के बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी के बीच तीखी बहस हो गई थी।  वैभव सूर्यवंशी श्रीलंका में मौजूदा त्रिकोणीय सीरीज में अपने बल्ले से उम्मीद के मुताबिक प्रदर्शन नहीं कर पाए हैं. वैभव ने 4 मैचों में महज 117 रन ही बनाए हैं।  मामला इतना बढ़ गया कि दोनों खिलाड़ियों के बीच धक्का-मुक्की भी देखने को मिली थी. ओर बात हाथापाई तक पहुंच गई थी. इंडिया-ए यह मुकाबला सुपर ओवर में हार गया था. यह घटना सुपर ओवर में बेहद तनावपूर्ण मुकाबले के बाद हुई थी।  भारत-ए के स्पिन गेंदबाजी कोच साईराज बहुतुले ने सूर्यवंशी का बचाव करते हुए कहा कि युवा खिलाड़ी इस घटना से सीखेंगे, लेकिन साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि श्रीलंकाई खिलाड़ियों को भी मैदान पर व्यवहार को लेकर शिक्षित किया जाना चाहिए।  वैभव सूर्यवंशी श्रीलंका में इस त्रिकोणीय सीरीज में अपने बल्ले से उम्मीद के मुताबिक प्रदर्शन नहीं कर पाए हैं. वैभव ने 4 मैचों में महज 117 रन ही बनाए हैं। 

दांबुला में हाई-वोल्टेज ड्रामा: सुपर ओवर में भारत-ए की हार, फिर मैदान पर हुआ विवाद

दांबुला इंडिया-ए को ट्राई सीरीज में श्रीलंका-ए के हाथों सुपर ओवर में हार का सामना करना पड़ा. सोमवार (15 जून) को दांबुला के दांबुला इंटरनेशनल स्टेडियम में हुए मुकाबले में श्रीलंका-ए ने सुपर ओवर में 16 रन बनाए थे. जवाब में इंडिया-ए 10 रन ही बना सका. इंडिया-ए की ओर से सुपर ओवर में सूर्यांश शेडगे और वैभव सूर्यवंशी बैटिंग करने उतरे थे, लेकिन दोनों मैच फिनिश नहीं कर पाए. श्रीलंका-ए की इंडिया-ए पर जीत के बाद मैदान पर बखेड़ा हो गया. श्रीलंका के खिलाड़ी जश्न मनाने लगे और यहीं से सब कुछ गड़बड़ होने लगा. वैभव सूर्यवंशी किसी बात से नाराज हो गए और उनका एक श्रीलंकाई फील्डर से झगड़ा हो जाता है. शेडगे अपने साथी 'बेबी बॉस' को वापस खींच लाते हैं, लेकिन 15 साल के वैभव मैदान छोड़ने के मूड में नहीं लगे. दोनों टीमें गर्मजोशी से हाथ मिलाती हैं और यहीं मैच खत्म हो जाता है. बता दें कि कुगाथास मथुलन ने श्रीलंका की ओर से सुपर ओवर में गेंदबाजी की जिम्मेदारी संभाली थी. सुपर ओवर में पहली गेंद पर सूर्यांश शेडगे ने दो रन लिए. जबकि दूसरी बॉल डॉट रही. इसके बाद तीसरी गेंद पर एक रन बना. अब स्ट्राइक पर वैभव सूर्यवंशी थे. वैभव चौथी बॉल पर सिर्फ 2 रन बना सके और प्रेशर पूरी तरह इंडिया-ए पर आ गया. फिर पांचवीं गेंद पर उन्होंने चौका लगाया और आखिरी गेंद पर कोई रन नहीं बना. मुकाबले में इंडिया-ए ने टॉस हारकर पहले बैटिंग करते हुए 49.2 ओवरों में 265 रन बनाए थे. इंडिया-ए के लिए सूर्यांश शेडगे ने 72 और विप्रज निगम ने 51 रनों का योगदान दिया. वैभव सूर्यवंशी कुछ खास नहीं कर पाए और 21 रन बनाकर पवेलियन लौटे. श्रीलंका-ए की ओर से विजयकांत व्यासकांत और मोहम्मद शिराज ने तीन-तीन विकेट झटके. जवाब में श्रीलंका-ए ने निर्धारित 50 ओवरों में 9 विकेट पर 265 रन बनाए और मुकाबला सुपर ओवर में चला गया. श्रीलंका की ओर से सदीरा समरविक्रमा ने शानदार 93 रन बनाए, लेकिन आखिरी ओवर में उनका आउट होना मेजबान टीम को मुश्किल में डाल गया. श्रीलंका की पारी का आखिरी ओवर अरशद खान ने फेंका, जिसमें उन्होंने केवल 4 रन खर्च किए.  

15 साल के वैभव सूर्यवंशी ने IPL में मचाया धमाल, मेहनत और त्याग से बने भारत के नए क्रिकेट सनसनी

नई दिल्ली आईपीएल के पिछले दो सीजन में अपनी आतिशी और खौफनाक बल्लेबाजी से पूरी दुनिया को हैरान करने वाले 15 साल के वैभव सूर्यवंशी आज किसी परिचय के मोहताज नहीं हैं। आईपीएल 2026 में राजस्थान रॉयल्स के लिए 237 से ज्यादा के स्ट्राइक रेट से 776 रन कूटकर ऑरेंज कैप जीतने वाले वैभव को उनके इसी प्रदर्शन के दम पर भारतीय सीनियर टीम के इंग्लैंड और आयरलैंड दौरे के लिए टी20 टीम में शामिल किया गया है। हर कोई वैभव के इस गगनचुंबी बैट स्विंग और पावर-हिटिंग का कायल है, लेकिन वर्ल्ड क्रिकेट के इस सबसे रोमांचक बल्लेबाज को गढ़ने के पीछे 6 साल की मेहनत छिपी है। रोज़ाना 100 ओवर खेलते थे वैभव, थक जाते थे गेंदबाज वैभव के बचपन के कोच मनीष ओझा ने PTI को दिए एक इंटरव्यू में वैभव के बचपन, उसकी ट्रेनिंग और उसके माता-पिता के संघर्ष को लेकर कई चौंकाने वाले और दिलचस्प खुलासे किए हैं। जब वैभव ने टेनिस क्रिकेट से लेदर बॉल क्रिकेट की तरफ रुख किया, तब वह महज 10 साल के थे। कोच मनीष ओझा ने बताया कि पटना में उनकी एकेडमी में वैभव की ट्रेनिंग सुबह 7:30 बजे शुरू होती थी और दोपहर 4:00 बजे तक लगातार चलती थी। इस दौरान वह बिना थके रोजाना कम से कम 600 गेंदों का सामना करते थे। कोच ने इस कड़े रूटीन का पूरा ब्रेक-अप बताते हुए कहा, 'शुरुआत की 200 से 300 गेंदें मैं खुद अकेले उसे थ्रोडाउन देता था। जब मैं थक जाता था, तो हमारा सपोर्ट स्टाफ यह जिम्मा संभालता था। उनके थकने के बाद एकेडमी के नियमित गेंदबाज वैभव को गेंदबाजी करते थे। जब गेंदबाज भी पूरी तरह थक जाते थे, तो हम बच्चों के 2-3 ग्रुप बनाकर उन्हें टास्क देते थे। इसके अलावा वैभव बॉलिंग मशीन का भी सामना करता था। इसी लगातार रिपिटिटिव ट्रेनिंग ने वैभव के भीतर वो मसल मेमोरी पैदा की है, जिससे आज गेंद सीधे बाउंड्री पार जाती है।" समस्तीपुर से पटना का सफर और मां का वो बड़ा त्याग वैभव सूर्यवंशी का घर समस्तीपुर में था, जहां से पटना स्थित एकेडमी की दूरी एक तरफ से ढाई घंटे की थी। वैभव के पिता संजीव जी और मां आरती जी ने अपने बेटे को चैंपियन बनाने के लिए जो त्याग किए, उसकी कहानी बेहद भावुक करने वाली है। कोच मनीष ओझा ने पुराने दिनों को याद करते हुए बताया, 'वैभव की मां आरती जी रोज तड़के 2:00 या 2:30 बजे उठ जाती थीं। वह सिर्फ वैभव, उसके पिता या ड्राइवर के लिए ही नहीं, बल्कि समस्तीपुर से साथ आने वाले गेंदबाजों और हमारी एकेडमी के नेट बॉलर्स के लिए भी खाना बनाती थीं। वह रोज 10-15 लोगों का लंच तैयार करती थीं। जो बच्चे घर से खाना नहीं ला पाते थे या जो गेंदबाज थक जाते थे, वे सब वैभव का खाना शेयर करते थे। रोज सुबह उठकर इतने लोगों का खाना बनाना एक मां का वो योगदान है जिसे कभी भुलाया नहीं जा सकता।' सुबह 5:00 बजे ही वैभव और उनके पिता समस्तीपुर से गाड़ी चलाकर पटना के लिए निकल जाते थे ताकि सुबह साढ़े सात बजे तक हर हाल में नेट्स पर पहुंच सकें। पूरे देश के माता-पिता के लिए रोल मॉडल बने वैभव वैभव सूर्यवंशी की इस राइज ने देश के खेल जगत में एक नई क्रांति ला दी है। कोच ओझा ने बताया कि वैभव का ग्राफ देखने के बाद अब पेरेंट्स में अपने बच्चों को क्रिकेटर बनाने का एक नया जुनून सवार हो गया है। कोच ने हंसते हुए कहा, 'आप 9-10 साल के बच्चों की बात कर रहे हैं, आज की तारीख में माता-पिता अपने 5-5 साल के बच्चों को उंगली पकड़कर हमारी एकेडमी ला रहे हैं ताकि वे अपने बच्चों को अगला वैभव बना सकें। वैभव आज पूरे भारत के बच्चों के लिए एक प्रेरणा और माता-पिता के लिए रोल मॉडल बन चुका है।'

दंबुला में वैभव सूर्यवंशी का आक्रामक खेल, बिना छक्के 200 के स्ट्राइक रेट से खेली तेज पारी

 दांबुला श्रीलंका के दांबुला स्थित रंगिरी दांबुला इंटरनेशनल स्टेडियम में खेले जा रहे ट्राई नेशन A सीरीज 2026 के मुकाबले में भारत A के युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी ने एक बार फिर अपनी आक्रामक बल्लेबाजी से सुर्खियां बटोरीं. अफगानिस्तान A के खिलाफ गुरुवार (11 जून) को मुकाबले में सलामी बल्लेबाज के तौर पर उतरे वैभव ने सिर्फ 22 गेंदों पर 44 रन की तेजतर्रार पारी खेली. आमतौर पर बड़े शॉट्स और छक्कों के लिए पहचाने जाने वाले वैभव इस बार अलग अंदाज में नजर आए. उन्होंने पूरी पारी में एक भी छक्का नहीं लगाया, लेकिन चौकों की ऐसी बरसात की कि अफगानिस्तान A के गेंदबाज दबाव में आ गए. उनकी पारी में कुल 9 चौके शामिल रहे और स्ट्राइक रेट 200 रहा.   भारत A की ओर से वैभव सूर्यवंशी और प्रभसिमरन सिंह ने पारी की शुरुआत की. अफगानिस्तान A ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी का फैसला किया था, लेकिन वैभव ने शुरुआत से ही आक्रामक रुख अपनाया. उन्होंने नई गेंद का फायदा उठाते हुए मैदान के चारों ओर आकर्षक शॉट खेले और टीम को तेज शुरुआत दिलाई. हालांकि शानदार अर्धशतक की ओर बढ़ रहे वैभव सातवें ओवर में आउट हो गए. पारी के 7.1 ओवर में अब्दुल्ला अहमदजई की शॉर्ट गेंद पर उन्होंने बैकफुट से गाइड करने की कोशिश की, लेकिन गेंद बल्ले का किनारा लेकर विकेटकीपर इशाक रहीमी के दस्तानों में चली गई. इस तरह वैभव 22 गेंदों में 44 रन बनाकर पवेलियन लौटे. हालांकि वैभव, जिस तरह आउट हुए उस तरीके पर सवाल भी उठे. आउट होने के बाद उनके चेहरे पर निराशा साफ दिखाई दी, क्योंकि वह आसानी से अपना अर्धशतक पूरा कर सकते थे. फिर भी उनकी पारी ने यह दिखा दिया कि वह सिर्फ बड़े शॉट्स के भरोसे नहीं, बल्कि क्लासिकल स्ट्रोकप्ले और टाइमिंग के दम पर भी तेजी से रन बना सकते हैं. यही वजह है कि उनकी यह पारी कई क्रिकेट प्रेमियों को विराट कोहली के शुरुआती दिनों की याद दिला गई, जब चौकों के जरिए रन गति बनाए रखना उनकी सबसे बड़ी ताकत हुआ करती थी. खास बात यह है कि व‍िराट कोहली भी छक्के जड़ने से ज्यादा इन‍िंग बिल्ट करने में व‍िश्वास करते हैं, उसी अंदाज में वो वैभव भी खेलने उतरे थे. इससे पहले श्रीलंका ए के ख‍िलाफ मंगलवार को हुए मुकाबले में भी वैभव सूर्यवंशी ने 12 गेंदों पर 14 रन बनाए थे, तब भी उन्होंने 3 चौके जड़े थे. आईपीएल 2026 में 72 छक्के जड़ने वाले वैभव सूर्यवंशी फ‍िलहाल तो अब तक चौकों में ही डील करते नजर आए हैं. भारत A प्लेइंग XI: वैभव सूर्यवंशी, प्रभसिमरन सिंह (विकेटकीपर), प्रियांश आर्य, ऋतुराज गायकवाड़, तिलक वर्मा (कप्तान), आयुष बदोनी, सूर्यांश शेडगे, अरशद खान, विपराज निगम, अनुकूल रॉय, अंशुल कंबोज. अफगानिस्तान A प्लेइंग XI: इमरान मीर (कप्तान) ,हसन ईसाखिल, खालिद तनीवाल, इजाज अहमद अहमदजई, बहिर शाह, मोहम्मद इशाक (विकेटकीपर),फरमानुल्लाह, अब्दुल्ला अहमदजई, खलील गुरबाज, मोहम्मद इब्राहिम, जहीर खान

इंग्लैंड दौरे से पहले वैभव सूर्यवंशी को लेकर हाइप, टिकट बिक्री तक पर असर की चर्चा

नई दिल्ली वैभव सूर्यवंशी भारतीय क्रिकेट का वह नाम बन चुके हैं, जिन्हें इस साल 'must-watch show' कहा जा रहा है. कमेंट्री में साफ कहा गया- इंग्लैंड दौरे से पहले ही उनके इर्द-गिर्द मीडिया फ्रेंजी तय है और इसका असर सीधे स्टेडियम की टिकट बिक्री तक दिख सकता है. इंग्लैंड के क्रिकेट पंडितों से लेकर पूर्व खिलाड़ियों तक… हर कोई मान रहा है कि यह किशोर बल्लेबाज सिर्फ रन नहीं बनाता, बल्कि मैच का पूरा माहौल बदल देता है. IPL प्रदर्शन के बाद उन्हें भारत की टी20 टीम में शामिल किया गया है और अब चर्चा इस बात की है कि जैसे ही वह इंग्लैंड दौरे पर उतरेंगे, वहां मीडिया और दर्शकों की भारी भीड़ उमड़ सकती है. एक कमेंट्री चर्चा में यहां तक कहा गया- 'ECB खुश होगा, क्योंकि इससे टिकट और बिकेंगे.' दरअसल, 15 साल के भारतीय बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी अब सिर्फ क्रिकेटर नहीं, बल्कि एक चलता-फिरता इवेंट बन चुके हैं. इंग्लैंड के पूर्व क्रिकेटर एलिजाबेथ अमोन और मार्क बुचर की बातें सुनकर साफ है- दौरा नहीं, अब 'शो' शुरू होने वाला है. मार्क बुचर ने तो सीधे टिकटिंग विभाग को ही मैसेज भेज दिया- 'ECB खुश होगा… ये लड़का स्टेडियम भरवा देगा!' मतलब क्रिकेट कम, और ‘वैभव इफेक्ट’ ज्यादा. और यह कहना भी मुश्किल नहीं कि इंग्लैंड क्रिकेट बोर्ड (England and Wales Cricket Board) अब चुपचाप कैलेंडर पर इस सीरीज को गोल कर चुका होगा- जहां क्रिकेट भी होगा और हाइप भी.     'नेट्स में भी बॉलर पूछते हैं- भाई, डालूं कहां?' लियाम लिविंगस्टोन जैसे खिलाड़ियों की बात मानें तो वैभव नेट्स में भी वही करते हैं जो मैच में करते हैं- सीधा हमला. और पैट कमिंस का हाल तो और मजेदार है- 'समझ ही नहीं आता, इसे गेंद डालूं कहां!' मतलब बॉलर का प्लान नहीं, अब वैभव का मूड तय करता है मैच. आंकड़े नहीं, यह क्रिकेट का अलार्म है – 237+ की स्ट्राइक रेट पूरे IPL टूर्नामेंट में – सबसे ज्यादा रन – सबसे ज्यादा छक्कों की बरसात और ये सब किसी अनुभवी स्टार ने नहीं… 15 साल के बच्चे ने किया है. एलिजाबेथ अमोन का रिएक्शन भी सीधा था- '237 स्ट्राइक रेट? यह क्रिकेट नहीं, तबाही है.' 'डिफेंस? वो तो शायद डिक्शनरी में देखा होगा!' उनके बचपन के कोच मनीष ओझा का खुलासा और भी दिलचस्प है-  'मैंने उसे कभी डिफेंस की प्रैक्टिस करते नहीं देखा.' यानी किताबें शायद कहती हों तकनीक, लेकिन वैभव की किताब में सिर्फ एक ही चैप्टर है- अटैक, अटैक और अटैक. इंग्लैंड में असली टेस्ट: स्विंग या शो? अब कहानी सिर्फ टैलेंट की नहीं, टेम्परामेंट की है. इंग्लैंड की स्विंग, ओवरकास्ट आसमान और सख्त विकेट या फिर वैभव का वही पुराना अंदाज? एक बात तय है- स्टेडियम में लोग मैच देखने कम, और 15 साल के उस लड़के का तूफान देखने ज्यादा आएंगे. वैभव को लेकर जो सबसे बड़ी बात निकलकर आती है, वह सिर्फ उनका रन या स्ट्राइक रेट नहीं है, बल्कि उनका इम्पैक्ट फैक्टर है. कमेंट्री में कहा गया है कि वह ऐसे बल्लेबाज हैं जो मैच के साथ-साथ पूरा माहौल बदल देते हैं. वह गेंदबाजों के लिए अनिश्चितता, दर्शकों के लिए रोमांच और आयोजकों के लिए बड़ा कमर्शियल आकर्षण हैं. इसी वजह से इंग्लैंड जैसे बड़े मंच पर उनके संभावित प्रदर्शन को सिर्फ क्रिकेटिंग टैलेंट नहीं, बल्कि 'स्टेडियम-ड्रिवन इकोनॉमी' से भी जोड़ा जा रहा है. आसान शब्दों में- वैभव अब सिर्फ खेल नहीं, बल्कि भीड़ खींचने वाला एक बड़ा फैक्टर बन चुके हैं. भारत का इंग्लैंड दौरा (टी20) • 1 जुलाई: पहला टी20, चेस्टर ले स्ट्रीट • 4 जुलाई: दूसरा टी20, मैनचेस्टर • 7 जुलाई: तीसरा टी20, नॉटिंघम • 9 जुलाई: चौथा टी20, ब्रिस्टल • 11 जुलाई: पांचवां टी20, साउथम्प्टन

टीम इंडिया में एंट्री के साथ इतिहास रच सकते हैं वैभव सूर्यवंशी, सचिन का रिकॉर्ड खतरे में!

नईदिल्ली  भारत के आयरलैंड और इंग्लैंड दौरे के लिए टी20 स्क्वॉड का ऐलान कल यानी शनिवार, 6 जून को हो सकता है। नए कप्तान के साथ-साथ स्क्वॉड में कई आईपीएल स्टार्स को भी मौका मिल सकता है। ईएसपीएनक्रिकइन्फो की रिपोर्ट के अनुसार आईपीएल 2026 में सबसे ज्यादा 776 रन बनाकर ऑरेंज कैप जीतने वाले वैभव सूर्यवंशी की भी किस्मत चमक सकती है और उन्हें सीनियर टीम से पहली बार बुलावा आ सकता है। अगर वैभव सूर्यवंशी का चयन आयरलैंड दौरे पर होता है और उन्हें टीम इंडिया के लिए डेब्यू करने का मौका मिलता है तो वह भारत के लिए डेब्यू करने वाले सबसे युवा खिलाड़ी बन ‘क्रिकेट के भगवान’ कहे जाने वाले सचिन तेंदुलकर का रिकॉर्ड तोड़ सकते हैं। सचिन तेंदुलकर का इंटरनेशनल डेब्यू पाकिस्तान के खिलाफ 1989 में हुआ था, तब उनकी उम्र 16 साल 205 दिन थी। वहीं वैभव सूर्यवंशी आज यानी शुक्रवार, 5 जून को उनकी उम्र 15 साल 70 दिन की है। 26 जून को भारत को आयरलैंड के खिलाफ पहला टी20 खेलना है, अगर वैभव सूर्यवंशी का चयन सीनियर टीम में होता है और उन्हें डेब्यू करने का मौका मिलता है तो वह सचिन तेंदुलकर का यह रिकॉर्ड तोड़ सकते हैं। श्रेयस अय्यर के रूप में भारत को मिल सकता है नया टी20 कप्तान रिपोर्ट्स की मानें तो बीसीसीआई सूर्यकुमार यादव से कप्तानी छीनकर टी20 टीम की कमान श्रेयस अय्यर को सौंपने का मन बना चुके हैं। टीम के ऐलान के साथ नए कप्तान का भी ऐलान हो सकता है। वैसे तो अय्यर ने 2023 से भारत के लिए कोई टी20 मैच नहीं खेला है, मगर इस साल की शुरुआत में उन्हें न्यूजीलैंड के खिलाफ बतौर इंजरी रिप्लेसमेंट भारतीय स्क्वॉड में जगह मिली थी, मगर उन्हें खेलने का मौका नहीं मिला था। अय्यर की कप्तानी आईपीएल और डोमेस्टिक क्रिकेट में लाजवाब रही है। 2024 में उन्होंने कोलकाता नाइट राइडर्स को चैंपियन बनाया था, वहीं 2025 में वह पंजाब किंग्स की कप्तानी करते हुए फाइनल तक पहुंचे थे, जहां उन्हें रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के हाथों हार का सामना करना पड़ा था। अय्यर की कप्तानी के साथ-साथ उनकी बल्लेबाजी भी टी20 में लाजवाब रही है, जो उन्हें कप्तानी का दांवेदार बनाती है। श्रेयस अय्यर के पिछले दो सालों में 1000 से अधिक रन है, वहीं इस सीजन में उन्होंने अपना पहला आईपीएल शतक भी ठोका था।  

वैभव सूर्यवंशी को मिल सकता है बड़ा इनाम, टीम इंडिया में एंट्री की तैयारी पूरी

नई दिल्ली  15 साल के वैभव सूर्यवंशी ने हाल ही में खत्म हुए इंडियन प्रीमियर लीग में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाजों की सूची में टॉप किया. अब आयरलैंड और इंग्लैंड में होने वाली T20I सीरीज के लिए पहली बार भारत की टीम में शामिल होने जा रहे हैं. भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) के चयनकर्ता शनिवार (6 जून) को मुंबई में मिलेंगे. यहां आयरलैंड और इंग्लैंड में होने वाली दो T20 सीरीज के लिए भारत की टीम का चयन करेंगे. उम्मीद की जा रही है कि सूर्यवंशी इन दोनों टीमों का हिस्सा होंगे।  ESPNCricinfo की रिपोर्ट के अनुसार, “वैभव सूर्यवंशी को पहली बार टीम इंडिया में मौका मिलने जा रहा है. चयनकर्ता 2028 में लॉस एंजिल्स ओलंपिक और उसी साल ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड में होने वाले अगले T20 वर्ल्ड कप की तैयारी कर रहे हैं।  बिहार के बाएं हाथ के बल्लेबाज वैभव ने इस साल की शुरुआत में U19 वर्ल्ड कप में प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट का पुरस्कार जीता था. IPL 2026 में अपनी बल्लेबाजी से सभी को प्रभावित किया. उन्होंने 237.30 के स्ट्राइक रेट से बल्लेबाजी की और 16 मैचों में कुल 776 रन बनाकर टूर्नामेंट में रिकॉर्ड बनाया. राजस्थान रॉयल्स के लिए ओपनिंग करते हुए 16 मैचों में उन्होंने 72 छक्के लगाए. यह किसी भी खिलाड़ी द्वारा T20 सीरीज या टूर्नामेंट में सबसे ज्यादा हैं।  इस साल के IPL में वैभव की शानदार बल्लेबाजी को सचिन तेंदुलकर, पैट कमिंस और अन्य दिग्गज खिलाड़ियों ने खूब सराहा. अब वह इंटरनेशनल मैचों में भारतीय पुरुष क्रिकेट टीम का प्रतिनिधित्व करने वाले सबसे युवा खिलाड़ी बनने जा रहे हैं. जहां वैभव के टीम इंडिया में शामिल होने की खबर है, वहीं T20 वर्ल्ड कप 2026 विजेता टीम के कप्तान सूर्यकुमार यादव को बाहर किया जा सकता है।  सूर्या IPL 2026 में बेहद खराब फॉर्म में रहे और पिछले 18 महीनों में टीम इंडिया के लिए भी उनकी बल्लेबाजी प्रभावित नहीं कर पाई. लगभग तय है कि श्रेयस अय्यर सूर्यकुमार की जगह भारत के नए कप्तान बनेंगे. उन्होंने दिसंबर 2023 के बाद से तीन बार T20 वर्ल्ड कप जीतने वाली टीम के लिए 20 ओवर के फॉर्मेट में कोई मैच नहीं खेला है। 

IPL 2026 स्टार वैभव सूर्यवंशी की कमाई में उछाल, मैदान के बाहर भी छाए

नई दिल्ली इंड‍ियन प्रीम‍ियर लीग (IPL) 2026 में अपने बल्ले से हाहाकार मचाने वाले युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी (Vaibhav Sooryavanshi) अब मैदान के बाहर भी बड़ी कमाई की ओर बढ़ रहे हैं. महज 15 साल की उम्र में भारतीय क्रिकेट के नए पोस्टर बॉय बन चुके वैभव की ब्रांड वैल्यू में जबरदस्त उछाल आया है. मीड‍िया र‍िपोर्ट्स के अनुसार, उन्होंने अपनी एंडोर्समेंट फीस लगभग दोगुनी कर दी है और अब एक विज्ञापन डील के लिए 1.5 करोड़ से 2 करोड़ रुपये तक की चार्ज कर रहे हैं. वैभव सूर्यवंशी ने IPL 2026 में शानदार प्रदर्शन करते हुए 776 रन बनाए. इस दौरान उनका स्ट्राइक रेट 237.30 का रहा, जिसने पूरे सीजन में क्रिकेट प्रेमियों और विशेषज्ञों को प्रभावित किया. उनके इसी प्रदर्शन की बदौलत उन्हे और मोस्ट वैल्युबल (MVP) जैसे प्रतिष्ठित पुरस्कार भी मिले. राजस्थान रॉयल्स के लिए खेलने वाले वैभव फिलहाल 1.10 करोड़ रुपये के सालाना IPL कॉन्ट्रैक्ट पर हैं. हालांकि IPL नियमों के चलते उनकी सैलरी में तत्काल बदलाव नहीं होगा और इसके लिए उन्हें अभी इंतजार करना पड़ सकता है. लेकिन ब्रांड मार्केट में उनकी कीमत तेजी से बढ़ चुकी है. मीड‍िया र‍िपोर्ट्स के मुताबिक, IPL 2026 शुरू होने से पहले वैभव ने कुछ प्रमुख कंपनियों के साथ लगभग 1 करोड़ रुपये प्रति डील के हिसाब से करार किए थे. इनमें कॉम्पलैन और रेड बुल जैसे बड़े नाम शामिल हैं. अब उनके शानदार सीजन के बाद कई अन्य कंपनियां भी उन्हें अपने ब्रांड से जोड़ने की कोशिश कर रही हैं. कौन संभाल रहा है वैभव की ब्रांड्स डील बताया जा रहा है कि वैभव की ब्रांड एंडोर्समेंट डील्स फिलहाल उनके माता-पिता संभाल रहे हैं. वहीं उनकी IPL फ्रेंचाइजी राजस्थान रॉयल्स भी इस प्रोसेस में उनके परिवार की मदद कर रही है. क्रिकेट और विज्ञापन जगत के जानकारों का मानना है कि आने वाले समय में उनकी ब्रांड वैल्यू और तेजी से बढ़ सकती है. वैभव अभी अपने क्रिकेट करियर की शुरुआती सीढ़ियां चढ़ रहे हैं, लेकिन IPL 2026 में उनके प्रदर्शन ने उन्हें भारतीय क्रिकेट का अगला बड़ा सितारा बना दिया है. कई पूर्व क्रिकेटर और विशेषज्ञ उनकी तुलना सच‍िन तेंदुलकर, व‍िराट कोहली, सुनील गावस्कर जैसे दिग्गजों से करने लगे हैं. हालांकि क्रिकेट विशेषज्ञों का मानना है कि प्रतिभा के बावजूद वैभव के सामने अभी लंबा सफर है और उनके करियर को सही दिशा में आगे बढ़ाना सबसे बड़ी चुनौती होगी.

IPL 2026 में 72 छक्के मारने वाले वैभव सूर्यवंशी पर IIM इंदौर की खास स्टडी, सफलता का राज खोजेगा संस्थान

 इंदौर  इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट (IIM) इंदौर क्रिकेटर वैभव सूर्यवंशी (15) को केस स्टडी में शामिल करने जा रहा है। ‘वैभव मॉडल’ पर देश की पहली मल्टी-डिसिप्लिनरी स्टडी होगी। जिसमें खेल-मनोविज्ञान-प्रबंधन के एक्सपर्ट मिलकर छोटी उम्र में बड़ी सफलता का फॉर्मूला खोजेंगे। राजस्थान रॉयल्स के ओपनर वैभव एक सीजन में सर्वाधिक (72) छक्के मारकर क्रिस गेल (59) का 14 साल पुराना रिकॉर्ड तोड़ चुके हैं। उनकी हैरतंगेज बैटिंग की दुनिया कायल है। ऐसे में आईआईएम इंदौर अब उनके ‘सक्सेस फॉर्मूले’ को डिकोड करने पर काम शुरू कर रहा है। IIM डायरेक्टर हिमांशु रॉय ने कहा- यह स्टडी वैभव की उपलब्धियों का विश्लेषण करने के साथ उन सामाजिक, मनोवैज्ञानिक, पारिवारिक व संस्थागत कारकों को भी गहराई से समझेगी जो कम उम्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली प्रतिभाओं को आकार देते हैं। वैभव की क्रिकेट जर्नी अद्भुत प्रो. राय ने कहा कि IIM का मानना है कि वैभव की क्रिकेट जर्नी अद्भुत है। इसके पीछे व्यक्तिगत क्षमता के अलावा कड़ी मेहनत, परिवार का त्याग, समर्पण, मेंटर का योगदान भी अहम है। उन्होंने कहा कि प्रतिभा उपहार हो सकती है, पर उसे स्थायी उत्कृष्टता में बदलने के लिए सही मूल्य, संतुलित सोच, मजबूत समर्थन तंत्र व दूरदर्शी नेतृत्व जरूरी है। मैनेजमेंट फैकल्टी डॉ. आरती चोपड़ा कहती हैं कि वैभव पर स्टडी भविष्य के प्रबंधकों व नीति-निर्माताओं के लिए अत्यंत मूल्यवान है। 5’7 हाइट और 55 किलो वजन के वैभव अपनी जबर्दस्त बैट स्पीड और टाइमिंग के दम पर गेंद को बाउंड्री पार भेजते हैं। 0.3 सेकंड में डिसीजन बचपन के कोच मनीष ओझा द्वारा तराशे गए वैभव की तकनीक और बैट स्पीड पर अब राजस्थान रॉयल्स के जुबिन भरूचा काम कर रहे हैं। कोच विक्रम राठौर भी इनके बैलेंस के कायल हैं। महज 0.3 सेकंड के डिसीजन टाइम के कारण गेंदबाजों को सेट होने का मौका नहीं मिलता। राहुल द्रविड़ ने जब इन्हें संभलकर खेलने को कहा, तो इनका बेबाक जवाब था- सर, गेंदबाज मुझे देखे। आउट होने के डर से मुक्त इनका शेप प्रेशर में भी नहीं बिगड़ता। रॉय बोले- कॉरपोरेट जगत को टैलेंट का नया मॉडल मिलेगा IIM डायरेक्टर हिमांशु रॉय ने कहा कि स्टडी में ‘डार्क साइड’ पर भी फोकस होगा। कम उम्र में प्रसिद्धि, करोड़ों के ऑफर व सोशल मीडिया का दबाव टैलेंट को विचलित कर देता है। कई बच्चे मानसिक थकान और अपेक्षाओं के बोझ के कारण पूरी क्षमता तक नहीं पहुंच पाते। उन्होंने कहा कि कोशिश ऐसे सहयोगी तंत्र का ब्लूप्रिंट बनाने की है, जो प्रतिभा को हालिया उपलब्धियों तक सीमित न रखे। इससे कॉरपोरेट जगत को भी ‘टैलेंट मैनेजमेंट’ का नया मॉडल मिलेगा। उन्होंने कहा कि इस उम्र में जिस आत्मविश्वास, कौशल व परिपक्वता के साथ वैभव खेल रहे हैं, वह असाधारण प्रतिभा ही कर सकती है। ऐसे में समझना जरूरी है कि ऐसे टैलेंट को लंबे वक्त तक कैसे संभालें और वह औरों को कैसे प्रेरित करे। सूर्यवंशी ने बनाया एक सीजन में 72 छक्कों का रिकॉर्ड वैभव ने सीजन में सबसे ज्यादा 237.30 के स्ट्राइक रेट से भी रन बनाए और 'सुपर स्ट्राइकर ऑफ द सीजन' का अवार्ड अपने नाम किया। आईपीएल के इतिहास में इतने स्ट्राइक रेट से किसी भी खिलाड़ी ने 700 या उससे ज्यादा रन नहीं बनाए। वहीं, सूर्यवंशी ने इस सीजन में रिकॉर्ड 72 छक्के लगाए। वह एक IPL सीजन में सबसे ज्यादा छक्के लगाने वाले खिलाड़ी बने। इससे पहले ये रिकॉर्ड क्रिस गेल के नाम था, जिन्होंने 59 छक्के लगाए थे। इस सीजन में जोरदार प्रदर्शन करने वाले सूर्यवंशी को 'इमर्जिंग प्लेयर ऑफ द सीजन' भी चुना गया है। IPL 2026 में वैभव ने ऑरेंज कैप समेत 5 अवॉर्ड जीते वैभव ने 16 पारियों में 48.50 के औसत और 237.30 के स्ट्राइक रेट से 776 रन बनाए। इसमें एक शतक और पांच अर्धशतक शामिल रहे। वे इस सीजन के सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज भी रहे। उन्हें ऑरेंज कैप मिली।