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प्रथम अन्तरराष्ट्रीय मैक्समूलर अलंकरण संतोष चौबे को

भोपाल
वरिष्ठ कवि–कथाकार, निदेशक, विश्व रंग एवं रबीन्द्रनाथ टैगोर विश्वविद्यालय के कुलाधिपति श्री संतोष चौबे को साझा संसार, नीदरलैंड्स के 'प्रथम अन्तरराष्ट्रीय मैक्समूलर अलंकरण–2025' से सम्मानित किया गया है। श्री संतोष चौबे को वैश्विक स्तर पर हिंदी भाषा, साहित्य, संस्कृति एवं कला के उन्नयन हेतु सर्वोत्तम योगदान के लिए यह अंतरराष्ट्रीय सम्मान प्रदान किया गया।

चयन समिति में लुडविका शम्बरो (इटली), मेरियन रिडर्स, मेटा स्ट्रेफलांड (अमेरिका), रने होफ (नीदरलैंड्स) एवं पेट्रा फूरन (स्विट्जरलैंड) शामिल थे। इसके अलावा रामा तक्षक (नीदरलैंड्स), हर्षिता वाजपेयी (अमेरिका), मनीष पांडे (बेल्जियम) राजेंद्र शर्मा (भारत), शिवांगी शुक्ला (नीदरलैंड्स), विनीता तिवारी (भारत) एवं लीलाधर मंडलोई (भारत) भी चयन प्रक्रिया में शामिल रहे।  

यह अंतरराष्ट्रीय अलंकरण राजस्थान के जाट बहरोड़ गाँव में आयोजित भव्य 'राठ रंग महोत्सव' में साझा संसार फाउंडेशन, नीदरलैंड्स के अध्यक्ष श्री रामा तक्षक तथा श्री बलवीर सिंह छिल्लर अध्यक्ष राठ क्षेत्र द्वारा प्रदान किया गया। इस अवसर पर मंच पर इलेक्ट्रॉनिकी आपके लिए की कार्यकारी संपादक डॉ. विनीता चौबे, वरिष्ठ कवि श्री लीलाधर मंडलोई विशेष रूप से उपस्थित रहे।

उल्लेखनीय है कि कवि–कथाकार, उपन्यासकार, संपादक और अनुवादक श्री संतोष चौबे अपने अभिनव रचनात्मक प्रकल्पों और नवाचारों के लिए वैश्विक स्तर पर एक विशिष्ट पहचान रखते हैं। उन्होंने हिन्दी भाषा और भारतीय संस्कृति के प्रसार के उद्देश्य से अंतरराष्ट्रीय 'विश्वरंग' महोत्सव की वर्ष 2019 में भोपाल से शुरुआत की जिसके आज 65 से अधिक सदस्य देश हैं। विश्व रंग 'मॉरीशस' के बाद हाल ही में उन्होंने श्रीलंका, मुंबई और भोपाल में विश्व रंग का सातवाँ भव्य आयोजन कर हिंदी के वैश्विक विस्तार की जमीन तैयार की है। श्री संतोष चौबे को सिंगापुर में 'विश्व हिंदी शिखर सम्मान– 2024' और फ्रांस में प्रतिष्ठित अंतरराष्ट्रीय 'भारत गौरव सम्मान–2024', लंदन में "वातायन यू.के. अंतरराष्ट्रीय शिखर सम्मान 2023" और अमेरिका के प्रतिष्ठित संस्थान द्वारा 'लाईफ टाईम एचीवमेंट अवार्ड–2023 से सम्मानित किया गया है।

श्री संतोष चौबे को कविता (कहीं और सच होंगे सपने) के लिए मध्यप्रदेश साहित्य परिषद् का दुष्यंत कुमार पुरस्कार, आलोचना (कला की संगत) के लिए स्पंदन आलोचना सम्मान, अनुवाद (मास्को डायरी) के लिए मध्यप्रदेश राष्ट्रभाषा प्रचार समिति का पुरस्कार एवं उपन्यास (जलतरंग) के लिए शैलेश मटियानी तथा अन्तरराष्ट्रीय वैली ऑफ वर्ड्स पुरस्कार प्राप्त हुए हैं। समग्र साहित्यिक अवदान के लिए उन्हें राष्ट्रीय दुष्यंत अलंकरण, शिवमंगल सिंह सुमन सम्मान' एवं अखिल भारतीय ब्रह्मदत्त तिवारी स्‍मृति सम्मान–2024' से अलंकृत किया गया है।

इस अवसर पर प्रथम मैक्समूलर अंतरराष्ट्रीय अलंकरण–2025' के लिए श्री संतोष चौबे को 'विश्व रंग' फाउंडेशन, टैगोर अंतरराष्ट्रीय हिंदी केंद्र, प्रवासी भारतीय साहित्य एवं संस्कृति शोध केंद्र, टैगोर विश्व कला एवं संस्कृति केंद्र, रबीन्द्रनाथ टैगोर विश्वविद्यालय, स्कोप ग्लोबल स्किल्स विश्वविद्यालय, डॉ. सी.वी. रामन विश्वविद्यालय, बिलासपुर, खंडवा, वैशाली, आईसेक्ट विश्वविद्यालय, हजारीबाग, आईसेक्ट पब्लिकेशन, वनमाली सृजन पीठ, समस्त वनमाली सृजन केंद्रों तथा साहित्य, कला संस्कृति की सहयोगी संस्थाओं द्वारा शुभकामनाएं दी गई।

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