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बरेली हादसा: तेज रफ्तार ट्रक ने ऑटो को मारी टक्कर, महिला व बच्चा मृत, मां समेत तीन घायल

बरेली बरेली के फरीदपुर थाना क्षेत्र में नवादावन गांव के समीप गलत दिशा से आ रही कार से बचने के लिए चालक ने अपना ऑटो को बचाया, तभी पीछे से आ रहे ट्रक की टक्कर लगने से ऑटो आगे वाले ट्रक में जा घुसा। हादसे में ऑटो चालक की पत्नी और मासूम बेटे की मौत हो गई। तीन लोग गंभीर घायल हुए हैं। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। जानकारी के मुताबिक शाहजहांपुर के कटरा थाना क्षेत्र के गांव कपूर नगला निवासी जसवीर ऑटो चलाते हैं। उनकी बहन के घर ढकिया तिवारी गांव में शनिवार को बच्चे का नामकरण कार्यक्रम है। जिसमें छोछक (एक रस्म) ले जाने के लिए जसवीर अपने गांव से फरीदपुर कपड़े खरीदने आ रहे थे। ऑटो में वह उनकी मां रामसनेही, पत्नी पिंकी (24 वर्ष), बेटा राघव (एक वर्ष) सवार थे। उन्होंने रास्ते में खुदागंज से दो अन्य सवारियां बैठा लीं।   नवादावन गांव के समीप हुआ हादसा नेशनल हाईवे पर फरीदपुर थाना क्षेत्र के नवादावन गांव के समीप गलत दिशा से कार आ रही थी। जसवीर ने कार से बचने के लिए ऑटो बचाया। इसी दौरान पीछे से आए ट्रक ने ऑटो को टक्कर मार दी। जिससे ऑटो आगे चल रहे ट्रक से जा टकराया। हादसे में जसवीर की पत्नी पिंकी और बेटे राघव की मौत मौके पर ही हो गई। मां रामसनेही समेत अन्य दो सवारियां गंभीर रूप से घायल हो गईं। हादसे के बाद दोनों ट्रक व कार चालक मौके से फरार हो गए। सूचना पर पहुंची पुलिस ने घायलों को निजी एंबुलेंस से अस्पताल भिजवाया। मृतकों के शवों का पंचनामाभर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। ऑटो चालक जसवीर को मामूली चोट आई है। हादसे में पत्नी-बेटे की मौत से उसका रो-रोकर बुरा हाल है।  

राजस्थान के उपमुख्यमंत्री का तनोट दौरा: माता के दर्शन और शहीदों को श्रद्धांजलि

जैसलमेर राजस्थान के उपमुख्यमंत्री डॉ. प्रेमचंद बैरवा दो दिवसीय जैसलमेर प्रवास के दौरान धार्मिक, सैनिक और सामाजिक स्थलों का दौरा करते हुए प्रदेशवासियों के कल्याण और सीमाओं की सुरक्षा के लिए मंगलकामनाएं कीं। इस दौरान उन्होंने अपने परिवार सहित भारत-पाक सीमा पर स्थित पावन तीर्थस्थल श्री तनोटराय माता मंदिर में दर्शन-पूजन कर प्रदेश की सुख-समृद्धि, देश की सुरक्षा और लोक कल्याण की कामना की। डॉ. बैरवा ने तनोट मंदिर परिसर में उपस्थित श्रद्धालुओं और बीएसएफ जवानों को संबोधित करते हुए कहा, “यह मंदिर केवल एक धार्मिक स्थल नहीं है, बल्कि यह सीमा पर तैनात हमारे वीर जवानों की आस्था, विश्वास और प्रेरणा का स्रोत है। 1965 और 1971 के भारत-पाक युद्धों के दौरान यहां माता की कृपा से शत्रु की गोलाबारी से यह स्थल सुरक्षित रहा, जो इस स्थान की चमत्कारी महिमा को दर्शाता है।” जवानों से की मुलाकात, मिठाई खिलाकर बढ़ाया मनोबल मंदिर दर्शन के पश्चात उपमुख्यमंत्री डॉ. बैरवा ने सीमा सुरक्षा बल (BSF) के जवानों से मुलाकात की। उन्होंने जवानों को मिठाई खिलाकर उनका हौसला बढ़ाया और उनके अनुशासन, समर्पण और देशभक्ति की भावना की भूरि-भूरि प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि देश की सीमाएं आप जैसे जांबाज सपूतों की वजह से सुरक्षित हैं। आप ही राष्ट्र की असली ताकत हैं, जो हर परिस्थिति में अडिग और अटल रहते हैं। मंदिर विकास कार्यों की ली जानकारी डॉ. बैरवा ने मंदिर समिति, बीएसएफ अधिकारियों और प्रशासनिक अधिकारियों से मुलाकात कर मंदिर परिसर में चल रहे विकास कार्यों की जानकारी ली। उन्होंने मंदिर प्रबंधन की व्यवस्थाओं की सराहना करते हुए कहा कि इस तीर्थस्थल की महत्ता को देखते हुए यहां की सुविधाओं का लगातार विस्तार आवश्यक है। पाैधरोपण को लेकर दिया विशेष संदेश मीडिया से बातचीत के दौरान उपमुख्यमंत्री ने वन महोत्सव अभियान का ज़िक्र करते हुए लोगों से अपील की कि बारिश के इस मौसम में हर व्यक्ति को कम से कम 2 से 3 पौधे जरूर लगाने चाहिए। उन्होंने कहा, “पर्यावरण संकट और जलवायु परिवर्तन का सामना करने के लिए पौधरोपण सबसे प्रभावशाली उपाय है। बढ़ते तापमान और अनियमित मानसून जैसी चुनौतियों से निपटने के लिए हर नागरिक को पर्यावरण संरक्षण की जिम्मेदारी निभानी चाहिए।” चुनावों को लेकर दिए संकेत पंचायती राज व नगर निकाय चुनावों को लेकर पूछे गए सवाल पर उपमुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में फिलहाल परिसीमन की प्रक्रिया चल रही है और इस संबंध में अंतिम निर्णय मुख्यमंत्री द्वारा लिया जाएगा। उन्होंने संकेत दिए कि परिसीमन पूरा होते ही चुनाव की प्रक्रिया भी जल्द शुरू की जाएगी। उन्होंने कहा, “प्रदेश में लोकतांत्रिक प्रक्रिया समय पर पूरी होगी और जनता को सशक्त नेतृत्व मिलेगा।” वॉर म्यूजियम में वीर शहीदों को दी श्रद्धांजलि तनोट यात्रा के बाद उपमुख्यमंत्री डॉ. बैरवा अपने परिवार के साथ जैसलमेर के प्रसिद्ध वॉर म्यूजियम पहुंचे। वहां उन्होंने 1965 और 1971 के युद्धों में बलिदान देने वाले वीर शहीदों को श्रद्धासुमन अर्पित किए। उन्होंने कहा, “यह म्यूजियम मात्र एक संग्रहालय नहीं, बल्कि मातृभूमि की रक्षा में अपने प्राण अर्पित करने वाले रणबांकुरों की अमर गाथा को जीवंत रूप में प्रस्तुत करता है। यह स्थल आज की पीढ़ी को देशभक्ति, साहस और बलिदान की प्रेरणा देता है। डॉ. बैरवा ने संग्रहालय में प्रदर्शित युद्ध सामग्री, ऐतिहासिक चित्रों व दस्तावेजों का अवलोकन करते हुए सेना की वीरता की सराहना की और कहा कि यह स्थल युवाओं को राष्ट्र सेवा के प्रति प्रेरित करता है। इस अवसर पर जिला प्रशासन व सेना के वरिष्ठ अधिकारियों ने उनका स्वागत किया और म्यूजियम की विशिष्टताओं की जानकारी दी।

लेखा अनियमितता पर कार्रवाई: शासकीय सेवा से हटाया गया लेखापाल

भोपाल नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग के लेखापाल ज्ञानेन्द्र शर्मा को वित्तीय प्रक्रियाओं का उल्लंघन करने के गंभीर आरोप के कारण पद से हटा दिया गया है। विभागीय जाँच में यह तथ्य सामने आया है कि ज्ञानेन्द्र शर्मा ने लेखापाल के पद पर रहते हुए बिना सक्षम स्वीकृति और बिना अधिकृत भुगतान आदेश के डीडीओ की लॉगइन आईडी का दुरूपयोग कर भुगतान की कार्यवाही की थी। जांच में यह संपूर्ण प्रक्रिया वित्तीय नियमों के प्रतिकूल और धोखाधड़ी की श्रेणी में आती है। नगरीय प्रशासन एवं विकास आयुक्त श्री संकेत भोंडवे ने लेखापाल ज्ञानेन्द्र शर्मा को पद से हटाने संबंधी आदेश जारी किये हैं। आयुक्त ने कहा है कि लेखा संबंधी कार्यों में यदि किसी व्यक्ति द्वारा वित्तीय अनियमितता की कार्यवाही की जाती है तो विभाग द्वारा उसके खिलाफ सख्त अनुशासनात्मक और इसी प्रकार की कार्रवाई की जायेगी।  

कांग्रेस का प्रस्ताव: रमेश बैस को मिले उपराष्ट्रपति पद, मुख्यमंत्री बैज ने लिखा पीएम को पत्र

रायपुर उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ के इस्तीफे के बाद अब नए उपराष्ट्रपति के चुनाव की तैयारी तेज हो गई है। इस बीच छत्तीसगढ़ पीसीसी चीफ दीपक बैज ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखा है। पत्र में उन्होंने छत्तीसगढ़ वरिष्ठ बीजेपी नेता और पूर्व राज्यपाल रमेश बेस को उपराष्ट्रपति बनाने की मांग की है। दीपक बैज ने अपने पत्र में लिखा कि आम चुनाव वर्ष 2000 से अब तक छत्तीसगढ़ ने 11 लोकसभा क्षेत्र में से औसतन 10 सीटें जिताकर भाजपा को संसद सदस्य के रूप में देने का काम किया है। वर्ष 2014 में केंद्र में आपकी सरकार जब बनी उस वक्त छत्तीसगढ़ की 11 लोकसभा में से भाजपा ने 10 सीटें जीती। इसी प्रकार 2019 में 9 सीटें तथा वर्ष 2024 के आम चुनाव में 10 सीटें भाजपा को जीताकर सांसद के रूप में प्रदेश की जनता ने भेजा है। किन्तु हम सभी के लिए पीड़ा का विषय है कि तीनों कार्यकाल में छत्तीसगढ़ को केवल राज्यमंत्री का प्रतिनिधत्व मिला। उन्होंने लिखा कि वर्तमान में छत्तीसगढ़ भाजपा में कई ऐसे नेता मौजूद हैं जो देश के उप राष्ट्रपति के पद को सुशोभित करने में सक्षम हैं। जिसमें पूर्व राज्यपाल रमेश बैस जैसे महत्वपूर्ण नेता शामिल है जो कि 7 बार के सांसद एवं झारखंड, त्रिपुरा, महाराष्ट्र जैसे राज्यों के राज्यपाल के रूप में सेवा दे चुके हैं। बैज ने आगे लिखा है कि वर्तमान छत्तीसगढ़ में भाजपा के 10 सांसदों को कोई महत्वपूर्ण प्रतिनिधित्व नहीं मिला है। वहीं वरीयता के आधार पर मैं समस्त छत्तीसगढ़वासियों की ओर से उप राष्ट्रपति के पद हेतु छत्तीसगढ़ को प्राथमिकता देते हुए छत्तीसगढ़ के किसी नेता को अवसर देने का निवेदन करता हूं। बता दें कि उपराष्ट्रपति जगदीश धनखड़ ने 21 जुलाई को संसद के मॉनसून सत्र के पहले दिन धनखड़ ने स्वास्थ्य कारणों का हवाला देते हुए राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू को अपना इस्तीफा सौंप दिया। उनके इस्तीफे ने देश की राजनीति में हलचल मचा दी।

भारत की लोकतांत्रिक परम्पराओं और जनविश्वास की सशक्त अभिव्यक्ति है यह उपलब्धि: CM यादव

प्रधानमंत्री मोदी ने बढ़ाया विश्व में भारत का मान-सम्मान : मुख्यमंत्री डॉ. यादव प्रधानमंत्री मोदी को मिला सबसे लंबे समय तक लगातार कार्यरत दूसरे प्रधानमंत्री बनने का गौरव भारत की लोकतांत्रिक परम्पराओं और जनविश्वास की सशक्त अभिव्यक्ति है यह उपलब्धि भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि आज हमारे देश के लिए बेहद गर्व का दिन है। हमारे यशस्वी प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने देश की सेवा में एक और ऐतिहासिक मील का पत्थर स्थापित किया है। उन्होंने भूतपूर्व प्रधानमंत्री स्व. श्रीमती इंदिरा गांधी को पीछे छोड़ते हुए देश के सबसे लंबे समय (4078 दिन) तक लगातार कार्यरत दूसरे प्रधानमंत्री बनने का गौरव हासिल कर लिया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि यह केवल एक व्यक्तिगत उपलब्धि नहीं, बल्कि भारत की महान लोकतांत्रिक परम्पराओं से ओत-प्रोत परिपक्वता, सुदीर्घ विकास यात्रा और जनविश्वास की एक सशक्त अभिव्यक्ति है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में भारत ने न केवल देश के भीतर अभूतपूर्व परिवर्तन देखे, बल्कि अंतरराष्ट्रीय मंचों पर भी बड़ी खूबी से अपनी सशक्त उपस्थिति दर्ज कराई है। मैं मध्यप्रदेश की सम्पूर्ण जनता की ओर से प्रधानमंत्री मोदी को इस उपलब्धि के लिए हृदय से बधाई देता हूं और कामना करता हूं कि वे दीर्घायु हों और इसी तरह देश का नेतृत्व करते हुए नये-नये कीर्तिमान स्थापित करते रहें। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के कुशल एवं दूरदर्शी नेतृत्व में हमारा भारत विश्वगुरु बनने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मीडिया को जारी संदेश में कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को बधाई देता हूं कि उन्होंने अंतर्राष्ट्रीय मंचों पर भारत का पक्ष न केवल सशक्त तरीके से रखा, बल्कि कई ऐतिहासिक उपलब्धियां भी हासिल की हैं। प्रधानमंत्री मोदी भारत के एकमात्र ऐसे प्रधानमंत्री हैं, जिन्हें आजादी के बाद देश के लोगों ने सर्वोच्च पद से सम्मानित करके अपने आप को गौरवान्वित किया है। देश की जनता ने प्रधानमंत्री मोदी को देश और दुनिया के सामने भारत का मान-सम्मान बढ़ाने का अवसर दिया है। आज एक और नया रिकार्ड प्रधानमंत्री मोदी के साथ जुड़ा है, वे देश के दूसरे ऐसे प्रधानमंत्री हो गए हैं जो 4078 दिन तक न केवल प्रधानमंत्री के रूप में काम कर रहे हैं, बल्कि उनके कार्यकाल में भारत ने मान-सम्मान और कई उपलब्धियां हासिल की हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि भारत, आजादी के समय विश्व की 15वीं अर्थव्यवस्था था। जब प्रधानमंत्री मोदी ने कार्यभार संभाला, तब भारत की अर्थव्यवस्था 11वें नंबर पर थी। प्रधानमंत्री मोदी ने मात्र 11 साल के अंदर ही भारत को चौथी अर्थव्यवस्था में बदल दिया है और जब तक उनकी कार्यकाल अवधि पूर्ण होगी, तब तक भारत विश्व की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन जाएगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि भारत दुनिया का ऐसा एकमात्र देश बना, जो देश के दुश्मनों को अपने यहां भी और दुश्मनों को उनके घर में घुसकर मारने में भी सक्षम हुआ है। पहले दुनिया के सिर्फ दो देश इजरायल और अमेरिका ही ऐसा काम कर पाते थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधामनंत्री मोदी के कार्यकाल में भारत ने कई क्षेत्रों में उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल की है। प्रधानमंत्री मोदी के कार्य करने का अपना तरीका है। उन्होंने देश को डिजिटल नेटवर्क से जोड़ा। भारत डिजिटल पैमेंट के मामले में दुनिया का अग्रण्य होने जा रहा है। दूसरे विकसित देशों में भी ऐसा नहीं होता है कि चाय वाले के यहां चाय पियो और डिजिटल पैमेंट कर दो। सब्जी, फल वाले सब्जी और फल खरीदो और डिजिटल पैमेंट कर दो। ऐसे कई नवाचार करते हुए गरीब वर्ग के लिए भी पूरे देश में मोदी के नेृतृत्व में एकमात्र सरकार है जो देश की 80 करोड़ से अधिक लोगों को नि:शुल्क खाद्यान्न देकर उनके खाने-पीने और रहने की चिंता दूर कर रही है। उन्होंने कहा कि आयुष्मान कार्ड के तहत 60 साल तक के गरीब व्यक्तियों का पांच लाख रूपए तक का नि:शुल्क इलाज और 70 साल की आयु वाले सभी समाज/वर्गों के व्यक्तियों को नि:शुल्क इलाज की सुविधा देकर प्रधानमंत्री मोदी ने एक नहीं अनेक प्रकार से भारत की जनता का मान-सम्मान बढ़ाया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि आज 4078 दिन पूर्ण करने पर में प्रधानमंत्री मोदी जी को बधाई देता हूं और उम्मीद करता हूं कि वे इसके बाद का रिकार्ड भी तोड़ेंगे और वर्ष 2029 में फिर एक बार देश का नेतृत्व करेंगे। आइए, हम सब मिलकर उनके दीर्घायु होने और उनके माध्यम से भारत के सुशासन की कामना करें।  

भोपाल कांड में चौंकाने वाला मोड़, यौन अपराधों के पीछे ड्रग रैकेट की साजिश की आशंका

भोपाल भोपाल में ड्रग्स तस्करों के गिरोह की धरपकड़ के बाद नशे के कारोबार और यौन शोषण का एक बड़ा नेटवर्क सामने आया है। यह नेटवर्क हिंदू लड़कियों के दुष्कर्म और वीडियो बनाकर उन्हें ब्लैकमेल करने वाले मुस्लिम युवाओं के गिरोह से भी जुड़ा हुआ है। माना जा रहा है कि क्लबों-पबों में नशे व लव जिहाद के माध्यम से हिंदू लड़कियों को निशाना बनाने की सुनियोजित साजिश में ऐसे सरगना शामिल हैं, जिन तक पुलिस की पहुंच नहीं हो पा रही है। इस संदर्भ में पुलिस की भूमिका पर भी सवाल उठाए जा रहे हैं।    ड्रग तस्करों के एक गिरोह की धरपकड़ के बाद भोपाल (Bhopal) के क्लबों और पबों में चल रहे नशे के कारोबार और यौन शोषण का नेटवर्क सामने आया है। इसके तार हिंदू लड़कियों (Bhopal Hindu girls Rape Case) से दुष्कर्म और वीडियो बनाकर उन्हें ब्लैकमेल करने के मुस्लिम युवाओं के गिरोह से भी जुड़ रहे हैं। माना जा रहा है कि क्लबों व पबों में नशे और लव जिहाद के माध्यम से हिंदू लड़कियों को निशाना बनाने के सुनियोजित साजिश में ऐसे सरगना शामिल हैं, जिन तक पुलिस पहुंच नहीं पा रही है। अपराध में पुलिस की भूमिका पर भी सवाल उठाए जाने लगे हैं।  राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग का सनसनीखेज आरोप राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग के सदस्य प्रियंक कानूनगो ने कुछ पुलिस अधिकारियों के साथ आरोपियों के स्वजन की तस्वीरें सार्वजनिक कीं। प्रियंक ने कहा है कि भोपाल के स्कूल-कॉलेज में पढ़ने वाली हिंदू लड़कियों को लक्षित कर उनको पार्टियों के बहाने ड्रग्स की लत लगवाना, दुष्कर्म करके वीडियो बनाना, वीडियो के माध्यम से ब्लैकमेल कर सामूहिक यौन शोषण करना और फिर इस्लाम में मतांतरण का दबाव बनाकर आजीवन के लिए सेक्स स्लेव बनाकर रखना…यह पूरा ताना-बाना एक है, पुलिस जांच की दिशा अपराध के संरक्षकों की तरफ होना चाहिए। ब्लैकमेलिंग के जरिए सामूहिक यौन शोषण करना गंभीर अपराध गुरुवार को राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग के सदस्य प्रियंक कानूनगो ने कुछ पुलिस अधिकारियों के साथ आरोपितों के स्वजन की तस्वीरें सार्वजनिक कीं। प्रियंक ने कहा कि भोपाल के स्कूल-कालेज में पढ़ने वाली हिंदू लड़कियों को लक्षित कर उन्हें पार्टियों के बहाने ड्रग्स की लत लगवाना, दुष्कर्म कर वीडियो बनाना और फिर ब्लैकमेलिंग के जरिए सामूहिक यौन शोषण करना गंभीर अपराध है। यह मामला भोपाल दुष्कर्म-ब्लैकमेलिंग कांड जुड़ा उन्होंने कहा कि पुलिस की जांच का दायरा अपराध के संरक्षकों की तरफ होना चाहिए। यह मामला दुष्कर्म-ब्लैकमेलिंग कांड से इसलिए जुड़ रहा है, क्योंकि जहांगीराबाद थाने में दर्ज एक मामले में पीड़िता ने आरोपित साद के गांजा लाने की बात कही थी। क्लब-90 में ड्रग्स पार्टी को लेकर भी जांच की जाएगी पुलिस अब इस मामले में जांच का दायरा बढ़ा सकती है। क्लब-90 में ड्रग्स पार्टी को लेकर भी जांच की जाएगी। पुलिस को ड्रग्स तस्करी के आरोपित यासीन के मोबाइल में 30 से अधिक वीडियो मिले हैं, जिनमें लड़कियों का यौन शोषण किया जा रहा है। जिन वीडियो में पीड़िताओं की पहचान नहीं हो पा रही है, उनके संबंध में टीआइटी कालेज प्रकरण में पूछताछ की जा सकती है। बता दें कि पुलिस ने मंगलवार रात चाचा-भतीजे शाहवर अहमद और यासीन अहमद को गिरफ्तार किया था। दोनों शहर के क्लबों और पबों में एमडी ड्रग्स की सप्लाई करते थे। युवतियों को नशे का आदी बनाकर दुष्कर्म करते थे आरोपी पूछताछ में आरोपितों ने बताया कि वे युवतियों को नशे का आदी बनाकर दुष्कर्म करते थे। क्राइम ब्रांच के डीसीपी अखिल पटेल ने कहा कि आरोपितों से ड्रग्स तस्करी को लेकर पूछताछ जारी है। कुछ पीड़िताओं ने शिकायत से इनकार आगे कहा कि वीडियो में सामने आई लड़कियों की पहचान की जा रही है। कुछ पीड़िताओं ने शिकायत से इनकार किया है। हम अन्य पीड़िताओं से भी बात कर रहे हैं, ताकि पूरे गिरोह का खुलासा हो। पीड़िता ने बताया- गांजा लाता था आरोपी साद     ड्रग तस्करी का यह मामला दुष्कर्म-ब्लैकमेलिंग कांड से इसलिए जुड़ रहा है, क्योंकि जहांगीराबाद थाने में दर्ज एक मामले में पीड़िता ने आरोपी साद के गांजा लाने की बात कही थी। अब पुलिस उसको लेकर भी जांच का दायरा बढ़ा सकती है। इसके साथ ही क्लब-90 में ड्रग पार्टी को लेकर जांच की जाएगी। इस बीच, पुलिस को ड्रग तस्करी के आरोपी यासीन के मोबाइल में 30 से अधिक वीडियो मिले हैं, जिसमें ड्रग के नशे में चूर लड़कियों का यौन शोषण किया जा रहा है। जिन वीडियो में पीड़िताओं की पहचान नहीं हो पा रही है, उनको लेकर टीआईटी कॉलेज प्रकरण में पीड़िताओं से भी पूछताछ की जा सकती है। आरोपी शाहवर अहमद ने बताया कि वह राजस्थान से ड्रग लाकर भोपाल में खपा रहा था। एनडीपीएस एक्ट में केस दर्ज पुलिस ने दोनों के खिलाफ NDPS एक्ट, आर्म्स एक्ट और अन्य धाराओं में मामला दर्ज किया है। बुधवार को दोनों आरोपियों को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उन्हें 26 जुलाई तक रिमांड पर भेज दिया गया है। स्कूटी के साथ खड़े थे दोनों एडिशनल डीसीपी शैलेंद्र सिंह चौहान ने मीडिया को बताया कि पुलिस ने पहले सैफुद्दीन और आशु उर्फ शाहरुख को गिरफ्तार किया था। पूछताछ में दोनों ने बताया कि उन्होंने यह ड्रग शाहवर मछली और यासीन से खरीदी थी। दोनों आरोपी लंबे समय से ड्रग तस्करी के नेटवर्क का हिस्सा हैं। उनके तार मुंबई तक फैले हैं। स्कॉर्पियों से मार दी टक्कर यासीन ने भागने की कोशिश की और अपनी स्कॉर्पियो से दो कारों को टक्कर मार दी। उसने पुलिसकर्मियों से भी बदसलूकी की। गाड़ी पर प्रेस का स्टीकर और विधानसभा का पास यासीन की स्कॉर्पियो पर विधानसभा का पास और ‘प्रेस’ लिखा स्टिकर चिपका हुआ था। वह इसका इस्तेमाल अपनी छवि को प्रभावशाली दिखाकर लोगों को डराने में करता था। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से MP04-ZS-3785 नंबर की स्कूटी भी जब्त की है। इसका इस्तेमाल ड्रग सप्लाई में होता था। वीडियो की हो रही है जांच इसके साथ ही यासीन के मोबाइल की जांच में कई अश्लील वीडियो मिले हैं। कुछ वीडियो में वह खुद युवतियों के साथ आपत्तिजनक हरकत करता दिख रहा है। जबकि कुछ वीडियो में युवकों को निर्वस्त्र कर बेरहमी से पीटा जा रहा है। क्राइम ब्रांच ने ऐसे सभी पीड़ितों से सामने आकर शिकायत दर्ज कराने … Read more

मुख्यमंत्री साय ने किया “रक्त-मित्र” पुस्तिका का विमोचन, रेडक्रॉस के आजीवन सदस्यों को किया सम्मानित

रायपुर,   मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा है कि रक्तदान एक पुनीत कार्य है, जो न केवल किसी जरूरतमंद को जीवनदान देता है, बल्कि मानवता के प्रति हमारी सेवा भावना का श्रेष्ठतम उदाहरण भी है। मुख्यमंत्री साय आज जशपुर जिले के ग्राम बगिया में भारतीय रेडक्रॉस सोसायटी द्वारा आयोजित कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि “रक्त-मित्र” डायरेक्ट्री एक ऐतिहासिक और सराहनीय पहल है, जिसके माध्यम से कोई भी व्यक्ति समय पर रक्तदाताओं से सीधा संपर्क स्थापित कर सकता है। यह पहल जीवनरक्षक सहायता को सहज, सुलभ और समयबद्ध बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि मुझे यह देखकर अत्यंत प्रसन्नता हो रही है कि जशपुर जिले में हर वर्ग के नागरिक स्वैच्छिक रक्तदान और स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रमों में सक्रिय भागीदारी कर रहे हैं और समाज सेवा में अपना बहुमूल्य योगदान दे रहे हैं। आज रक्तदाताओं को प्रमाण पत्र प्रदान करते हुए मैं स्वयं को गौरवान्वित महसूस कर रहा हूँ, क्योंकि जीवनदान देने वाला व्यक्ति वास्तव में ईश्वर के समकक्ष होता है। मुख्यमंत्री ने कहा कि हम सभी जानते हैं कि रक्त का हमारे जीवन में क्या महत्व है। सही समय पर उपयुक्त रक्त समूह का रक्त मिलने से किसी के प्राणों की रक्षा की जा सकती है, इसलिए रक्तदान को ‘महादान’ कहा गया है। राज्य में रेडक्रॉस सोसायटी के माध्यम से सर्वाधिक रक्तदान शिविरों का आयोजन किया जाता है, जो जनसेवा की उत्कृष्ट मिसाल है। मैं इस मंच से प्रदेशवासियों से आह्वान करता हूँ कि वे यथासंभव रक्तदान कर इस जीवनरक्षक कार्य में सहभागी बनें। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार हेतु राज्य सरकार निरंतर प्रतिबद्ध है। हाल ही में हमने एम्बुलेंस सेवाओं को हरी झंडी दिखाकर त्वरित चिकित्सा सहायता सुनिश्चित करने की दिशा में ठोस पहल की है। उन्होंने कहा कि मैं सभी नागरिकों को यह आश्वस्त करना चाहता हूँ कि हमारी सरकार प्रत्येक व्यक्ति को गुणवत्तापूर्ण, सुलभ और त्वरित स्वास्थ्य सेवाएँ प्रदान करने के लिए संकल्पित है। इस अवसर पर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कैम्प कार्यालय बगिया में आयोजित कार्यक्रम में भारतीय रेडक्रॉस सोसायटी जशपुर के आजीवन सदस्यों को प्रमाण पत्र वितरित किए और “रक्त-मित्र” पुस्तिका का विमोचन किया। इस दौरान उन्होंने नीरज शर्मा,  अजय कुमार कुशवाहा और शिव नारायण सोनी को प्रमाण पत्र प्रदान कर उनके योगदान की सराहना की। उल्लेखनीय है कि “रक्त-मित्र” डायरेक्ट्री, जिला प्रशासन एवं भारतीय रेडक्रॉस सोसायटी, जिला जशपुर की एक अभिनव पहल है, जिसके अंतर्गत 480 स्वैच्छिक रक्तदाताओं के नाम एवं मोबाइल नंबर सूचीबद्ध किए गए हैं। इस डायरेक्ट्री के माध्यम से जब भी किसी मरीज को रक्त की आवश्यकता होगी, वह सीधे सूची में दिए गए नंबरों पर संपर्क कर रक्त प्राप्त कर सकता है। इस प्रयास से रोगियों को इधर-उधर भटकने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी और उन्हें समय पर रक्त मिल सकेगा। यदि कोई व्यक्ति या समाजसेवी “रक्त-मित्र” बनना चाहता है, तो वह डायरेक्ट्री में दिए गए QR कोड को स्कैन कर गूगल फॉर्म भर सकता है। साथ ही, कलेक्टर एवं अध्यक्ष, भारतीय रेडक्रॉस जिला मुख्यालय, जशपुर (कलेक्ट्रेट परिसर, कक्ष क्रमांक 122) में संपर्क कर भी “रक्त-मित्र” के रूप में पंजीयन कर सकता है। इस गरिमामय कार्यक्रम में सरगुजा विकास प्राधिकरण की उपाध्यक्ष एवं पत्थलगाँव विधायक श्रीमती गोमती साय, जशपुर विधायक श्रीमती रायमुनी भगत, जिला पंचायत अध्यक्ष सालिक साय, जिला पंचायत उपाध्यक्ष शौर्य प्रताप सिंह जूदेव, नगर पालिका अध्यक्ष अरविंद भगत, उपाध्यक्ष यश प्रताप सिंह जूदेव, कलेक्टर रोहित व्यास, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह, डिप्टी कलेक्टर हरिओम द्विवेदी, डिप्टी कलेक्टर प्रशांत कुशवाहा, रेडक्रॉस सोसायटी के रूपेश प्राणी ग्राही, अनेक जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में आम नागरिक उपस्थित थे।  

मुख्यमंत्री साय ने किया “रक्त-मित्र” पुस्तिका का विमोचन, रेडक्रॉस के आजीवन सदस्यों को किया सम्मानित

रायपुर,   मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा है कि रक्तदान एक पुनीत कार्य है, जो न केवल किसी जरूरतमंद को जीवनदान देता है, बल्कि मानवता के प्रति हमारी सेवा भावना का श्रेष्ठतम उदाहरण भी है। मुख्यमंत्री साय आज जशपुर जिले के ग्राम बगिया में भारतीय रेडक्रॉस सोसायटी द्वारा आयोजित कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि “रक्त-मित्र” डायरेक्ट्री एक ऐतिहासिक और सराहनीय पहल है, जिसके माध्यम से कोई भी व्यक्ति समय पर रक्तदाताओं से सीधा संपर्क स्थापित कर सकता है। यह पहल जीवनरक्षक सहायता को सहज, सुलभ और समयबद्ध बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि मुझे यह देखकर अत्यंत प्रसन्नता हो रही है कि जशपुर जिले में हर वर्ग के नागरिक स्वैच्छिक रक्तदान और स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रमों में सक्रिय भागीदारी कर रहे हैं और समाज सेवा में अपना बहुमूल्य योगदान दे रहे हैं। आज रक्तदाताओं को प्रमाण पत्र प्रदान करते हुए मैं स्वयं को गौरवान्वित महसूस कर रहा हूँ, क्योंकि जीवनदान देने वाला व्यक्ति वास्तव में ईश्वर के समकक्ष होता है। मुख्यमंत्री ने कहा कि हम सभी जानते हैं कि रक्त का हमारे जीवन में क्या महत्व है। सही समय पर उपयुक्त रक्त समूह का रक्त मिलने से किसी के प्राणों की रक्षा की जा सकती है, इसलिए रक्तदान को ‘महादान’ कहा गया है। राज्य में रेडक्रॉस सोसायटी के माध्यम से सर्वाधिक रक्तदान शिविरों का आयोजन किया जाता है, जो जनसेवा की उत्कृष्ट मिसाल है। मैं इस मंच से प्रदेशवासियों से आह्वान करता हूँ कि वे यथासंभव रक्तदान कर इस जीवनरक्षक कार्य में सहभागी बनें। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार हेतु राज्य सरकार निरंतर प्रतिबद्ध है। हाल ही में हमने एम्बुलेंस सेवाओं को हरी झंडी दिखाकर त्वरित चिकित्सा सहायता सुनिश्चित करने की दिशा में ठोस पहल की है। उन्होंने कहा कि मैं सभी नागरिकों को यह आश्वस्त करना चाहता हूँ कि हमारी सरकार प्रत्येक व्यक्ति को गुणवत्तापूर्ण, सुलभ और त्वरित स्वास्थ्य सेवाएँ प्रदान करने के लिए संकल्पित है। इस अवसर पर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कैम्प कार्यालय बगिया में आयोजित कार्यक्रम में भारतीय रेडक्रॉस सोसायटी जशपुर के आजीवन सदस्यों को प्रमाण पत्र वितरित किए और “रक्त-मित्र” पुस्तिका का विमोचन किया। इस दौरान उन्होंने नीरज शर्मा,  अजय कुमार कुशवाहा और शिव नारायण सोनी को प्रमाण पत्र प्रदान कर उनके योगदान की सराहना की। उल्लेखनीय है कि “रक्त-मित्र” डायरेक्ट्री, जिला प्रशासन एवं भारतीय रेडक्रॉस सोसायटी, जिला जशपुर की एक अभिनव पहल है, जिसके अंतर्गत 480 स्वैच्छिक रक्तदाताओं के नाम एवं मोबाइल नंबर सूचीबद्ध किए गए हैं। इस डायरेक्ट्री के माध्यम से जब भी किसी मरीज को रक्त की आवश्यकता होगी, वह सीधे सूची में दिए गए नंबरों पर संपर्क कर रक्त प्राप्त कर सकता है। इस प्रयास से रोगियों को इधर-उधर भटकने की आवश्यकता नहीं पड़ेगी और उन्हें समय पर रक्त मिल सकेगा। यदि कोई व्यक्ति या समाजसेवी “रक्त-मित्र” बनना चाहता है, तो वह डायरेक्ट्री में दिए गए QR कोड को स्कैन कर गूगल फॉर्म भर सकता है। साथ ही, कलेक्टर एवं अध्यक्ष, भारतीय रेडक्रॉस जिला मुख्यालय, जशपुर (कलेक्ट्रेट परिसर, कक्ष क्रमांक 122) में संपर्क कर भी “रक्त-मित्र” के रूप में पंजीयन कर सकता है। इस गरिमामय कार्यक्रम में सरगुजा विकास प्राधिकरण की उपाध्यक्ष एवं पत्थलगाँव विधायक श्रीमती गोमती साय, जशपुर विधायक श्रीमती रायमुनी भगत, जिला पंचायत अध्यक्ष सालिक साय, जिला पंचायत उपाध्यक्ष शौर्य प्रताप सिंह जूदेव, नगर पालिका अध्यक्ष अरविंद भगत, उपाध्यक्ष यश प्रताप सिंह जूदेव, कलेक्टर रोहित व्यास, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह, डिप्टी कलेक्टर हरिओम द्विवेदी, डिप्टी कलेक्टर प्रशांत कुशवाहा, रेडक्रॉस सोसायटी के रूपेश प्राणी ग्राही, अनेक जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में आम नागरिक उपस्थित थे।  

‘गद्दार था भोपाल नवाब’, मंत्री ने नाम बदलने की उठाई मांग

 भोपाल  मध्य प्रदेश के लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा राज्य मंत्री नरेंद्र शिवाजी पटेल ने भोपाल नवाब  को गद्दार बताते हुए उसके नाम से पहचानी जाने वाली सभी जगहों के नाम बदलने की बात कही। भोपाल के गांधी चिकित्सा महाविद्यालय से संबद्ध हमीदिया अस्पताल में अत्याधुनिक सीटी स्कैन एवं एमआरआई मशीन के लोकार्पण कार्यक्रम के दौरान मंत्री ने यह बात मीडियो से कही। मंत्री नरेंद्र शिवाजी पटेल ने बताया कि भोपाल नवाब ने भारत वर्ष में विलय होने की सहमति नहीं दी थी। 15 अगस्त 1947 को देश आजाद होने के बाद में भोपाल रियासत में तिरंगा झंडा नहीं फहराया था। भोपाल नवाब ने भारत के लोगों पर गोली चलवाई थी। उसने 6 से ज्यादा लोगों की हत्या करवाई थी। ऐसा नवाब देशभक्त नहीं हो सकता गद्दार था। उसके नाम से कोई भी इमारत हो अस्पताल हो सबके नाम बदलने की आवश्यकता है। गौरतलब है कि जिस हमीदिया अस्पताल में मंत्री पहुंचे थे, उसका नाम भोपाल के नवाब हमीदुल्लाह खान के नाम पर रखा गया है। भोपाल में हमीदिया स्कूल भी नवाब के नाम पर ही रखा गया था। मंत्री नरेंद्र शिवाजी पटेल के पहले भाजपा विधायक रामेश्वर शर्मा ने भी कहा था कि भोपाल में जो भी संपत्ति है, वो सभी राजा भोज की है। राजा भोज ने ही शहर में तालाब का निर्माण कराया था। कांग्रेस विधायक आरिफ मसूद ने उठाई थी आपत्ति भोपाल में परिषद की बैठक में नवाब हमीदुल्लाह खान को गद्दार कहे जाने पर कांग्रेस विधायक आरिफ मसूद ने आपत्ति जताई थी। उन्होंने कहा था कि नगर निगम अध्यक्ष को भोपाल के इतिहास के बारे में कोई जानकारी नहीं है। ऐसी बातें हमारी विरासत का अपमान है।

हमीदिया अस्पताल, स्कूल और कॉलेज के नाम बदलने का प्रस्ताव नगर निगम परिषद से पारित

भोपाल  राजधानी भोपाल में  नगर निगम परिषद की बैठक आयोजित की गई थी। जिसमें हमीदिया अस्पताल, कॉलेज और स्कूल के नाम बदलने का प्रस्ताव पास हो गया है। वहीं, ओल्ड अशोका गार्डन का नाम 'राम बाग' करने का प्रस्ताव पारित हो गया है हमीदिया अस्पताल का नाम बदलने का प्रस्ताव पास नगर निगम परिषद की बैठक में हमीदिया अस्पताल, कॉलेज और स्कूल के नाम बदलने के नाम बदलने का प्रस्ताव जैसे ही पास हुआ। उसके बाद सदन में पाकिस्तान मुर्दाबाद और हिंदूस्तान जिंदाबाद के नारे लगने लगे। इसी दौरान कांग्रेसी और भाजपाई आमने-सामने आ गए। राम बाग के नाम से जाना जाएगा ओल्ड अशोका गार्डन नगर निगम की बैठक में ओल्ड अशोका गार्डन का नाम बदलकर राम बाग करने का प्रस्ताव पारित हुआ है। वहीं 80 फीट रोड स्थित विवेकानंद चौराहे का नाम विवेकानंद चौक का प्रस्ताव पारित हुआ है। भोपाल के दूसरे नंबर पर आने स्वच्छता मित्रों को मिलेगा सम्मान महापौर मालती राय ने बताया कि भोपाल देश में दूसरे नंबर पर आया है। नगर निगम के द्वारा 8 हजार स्वच्छता मित्रों को भोज और सम्मान किया जाएगा। 1 हजार कर्मचारियों को परमानेंट किया जाएगा। रक्षाबंधन से पहले वेतन दे दिया जाएगा।