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राजस्थान में 2 बच्चों से अधिक वाले उम्मीदवार भी पंचायत-नगरपालिका चुनाव में हिस्सा ले सकेंगे

जयपुर राजस्थान में दो से अधिक बच्चे वाले भी अब पंचायत और नगरपालिका चुनाव लड़ सकते हैं. राजस्थान कैबिनेट का फैसला. कानून मंत्री जोगाराम पटेल ने कहा- ‘कैबिनेट ने राजस्थान पंचायतीराज संशोधन बिल और राजस्थान नगरपालिका संशोधन बिल 2026 को मंजूरी दे दी है. कैबिनेट से मंजूरी के बाद पूरी संभावना है कि यही बिल राजस्थान विधानसभा के मौजूदा सत्र में पेश किया जाएगा. इससे पहले दो से अधिक बच्चे वाले पंचायत व नगरपालिका चुनाव नहीं लड़ सकते थे. समय की जरूरत है दो बच्चों की बाध्यता को हटाना: राज्यवर्धन सिंह राठौड़ कैबिनेट बैठक के बाद पत्रकारों से बातचीत में राज्य के उद्योग मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने कहा कि राजस्थान सरकार ने आज बड़ा फैसला करते हुए पंचायत और नगरपालिका चुनाव में दो संतान का नियम हटा दिया है. अब किसी व्यक्ति के कितने भी बच्चे हैं वो पंचायत और नगरपालिका चुनाव लड़ सकता है. इससे पहले दो से अधिक संतान पर पंचायत और स्थानीय निकाय के चुनाव लड़ने पर रोक थी. राजस्थान के उद्योग मंत्री राज्यवर्धन सिंह राठौड़ ने कहा ये समय की जरूरत है, इसलिए फैसला किया. राठौड़ ने कहा आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत या बागेश्वर धाम के धीरेंद्र शास्त्री के बयान से इस फैसले का कोई संबंध नहीं है. राठौड़ ने कहा कि अगर हम उनके बयान से फैसला करते तो तीन बच्चे की भी बात कर सकते थे. 1995 में भैरोंसिंह शेखावत की अगुवाई वाली बीजेपी सरकार ने राजस्थान में पंचायत चुनाव लड़ने के लिए दो बच्चों की बाध्यता लागू की थी. अब बीजेपी की भजनलाल सरकार ने ही इसे पलट दिया है. पंचायती राज चुनाव में दो संतानों की पाबंदी हटाने के मामले पर मंत्री जोगाराम पटेल ने कहा कि पहले जनसंख्या का दबाव काफी तेज था, अलग तरह की स्थिति थी, अब पहले से हालत में सुधार हुआ, ऐसे में पहले जैसे स्थिति नहीं है. पंचायती राज चुनाव में दो संतान से अधिक संतान होने की धारा 19 के मामले में उसके स्पष्टीकरण में नगर पालिका की धारा 24 में संशोधन करके दो या अधिक संतान होने के बावजूद भी अगर जानते जनप्रतिनिधि अन्य योग्यताएं रखता है. चाहे पंचायती राज का इलेक्शन हो या नगर निगम का कोई इलेक्शन है चुनाव लड़ने के लिए योग्य माना जाएगा.

धार्मिक जगत में सनसनी! बटुकों से कुकर्म के आरोपों में बड़े नामों का जिक्र

प्रयागराज स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के मामले में मुकदमे के वादी आशुतोष ब्रह्मचारी ने बुधवार को वार पर वार किए। मीडिया कर्मियों को बताया कि बटुकों से कुकर्म में स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद के साथ कई वीआईपी लोग भी शामिल हैं, जो इसी तरह का शौक रखते हैं। इसमें उनके आश्रम का सीईओ प्रकाश उपाध्याय, बाल मुकुंदानंद, अविमुक्तेश्वरानंद का गुरुभाई अरविंद, कांग्रेस-समाजवादी पार्टी के नेता और अन्य वीआईपी शामिल हैं। उन्होंने यह भी कहा कि इन सभी के खिलाफ इतने सबूत हैं कि किसी का जेल जाने से बच पाना नामुमकिन है। आशुतोष ब्रह्मचारी ने अविमुक्तेश्वरानंद को पर्दे के पीछे से सहयोग करने में उप्र के एक उप मुख्यमंत्री का प्रेस कांफ्रेंस में खुलासा किया, हालांकि उनका नाम बताने से परहेज किया। लोनिवि के निरीक्षण भवन में हुई प्रेस कांफेंन्स में आशुतोष ब्रह्मचारी ने कई बड़े खुलासे किए। कहा कि अविमुक्तेश्वरानंद को विदेश से फंडिंग होती है। उन्हें तो गुरु को उपाधि ही नहीं मिली है। कहा कि अविमुक्तेश्वरानंद को गिरफ्तार कर तत्काल जेल में डालना चाहिए। उन्‍होंने कहा क‍ि मध्य प्रदेश के नरसिंहपुर में, विद्यामठ सहित अन्य स्थानों पर बटुकों से कुकर्म करते हैं। कुकर्म का गंभीर आरोप अविमुक्तेश्वरानंद के आश्रम के सीईओ प्रकाश उपाध्याय, गुरुभाई अरविंद, बालमुकुंदानंद पर भी लगाया। बताया कि विद्यामठ में स्विमिंग पूल है। दक्षिण भारत से लाई गई एक सखी पूर्णिमा भी अविमुक्तेश्वरानंद के साथ रहती है।

स्मार्टफोन यूज़र्स को झटका: Samsung A–F सीरीज महंगी, OnePlus 15R के दाम बढ़ने के संकेत

नई दिल्ली स्‍मार्टफोन ब्रैंड सैमसंग ने अपनी A और F सीरीज की डिवाइसेज को महंगा कर दिया है। टिप्‍सटर अभिषेक यादव ने यह जानकारी शेयर की है। बताया है कि आने वाले दिनों में OnePlus 15R के दाम भी करीब 4 हजार रुपये तक बढ़ाए जा सकते हैं। हालांकि वनप्‍लस की तरफ से आध‍िकारिक जानकारी इस बारे में नहीं आई है। बताया जा रहा है कि Samsung Galaxy A56, A36 और Galaxy F17 5G के मॉडलों की कीमत बढ़ाई गई है। बढ़े हुए दाम 25 फरवरी से लागू हो गए हैं। आइए जानते हैं कौन सा मॉडल कितना महंगा हुआ है। Smartphones A और F सीरीज की कीमतों में बढ़ोतरी टिप्‍सटर पर भरोसा किया जाए तो Galaxy A56 (8/256) की कीमत अब 44,999 रुपये हो गई है। इसमें 1 हजार रुपये की बढ़ोतरी हुई है। Galaxy A56 (12/256) के दाम अब 48,999 रुपये हो गए हैं। इसमें 2 हजार रुपये की बढ़ाेतरी हुई है। Galaxy A36 (8/256) मॉडल की कीमत 36,499 रुपये हो गई है जो पहले से 1 हजार रुपये अधिक है। Galaxy A36 (12/256) के दाम अब 40,499 रुपये हो गए हैं जो 2 हजार रुपये पहले से ज्‍यादा हैं। वहीं, Galaxy F17 5G (4/128) मॉडल के दाम अब 16,499 रुपये हैं। इन्‍हें 1 हजार रुपये बढ़ाया गया है। Galaxy F17 5G (6/128) के दाम अब 17,999 रुपये हैं। इन्‍हें 1 हजार रुपये बढ़ाया गया है। Galaxy F17 5G (8/128) के दाम अब 19,999 रुपये हो गए हैं। इन्‍हें 1,500 रुपये बढ़ाया गया है। OnePlus 15R भी होगा महंगा? टिप्‍सटर के दावों पर भरोसा किया जाए तो OnePlus 15R को भी महंगा किया जा सकता है। यह स्‍मार्टफोन वनप्‍लस की सबसे लेटेस्‍ट लॉन्‍च ड‍िवाइस है। भारत में इसे 47,999 की शुरुआती कीमत पर लॉन्च किया गया था। अब कहा जा रहा है कि कंपनी 1 मार्च के इसके दाम बढ़ा सकती है। अभिषेक यादव ने अपडेटेड MOPs शेयर किए हैं। दावा है कि वनप्‍लस 15R को 4 हजार रुपये महंगा किया जा सकता है, जिसके बाद फाेन के दाम 51999 रुपये हो जाएंगे। यह 256 जीबी मॉडल की कीमत होगी। वहीं, 512 जीबी मॉडल के दाम बढ़ाकर 56999 रुपये किए जा सकते हैं। क्‍यों बढ़ रहे स्‍मार्टफोन्‍स के दाम? स्‍मार्टफोन्‍स की कीमतें बढ़ने की प्रमुख वजह रैम और स्‍टोरेज है। इनके दाम में बढ़ोतरी हो रही है। एआई के कारण दुन‍ियाभर की कंपनियां धड़ाधड़ रैम और स्‍टोरेज के लिए ऑर्डर दे रही हैं। हाल ही में WD यानी वेस्‍टर्न डिजिटल ने बताया था कि उसके पास स्‍टोरेज के अगले 1 साल के ऑर्डर आ गए हैं। इसका असर स्‍मार्टफोन की कीमतों में भी दिखाई दे रहा है।

प्रशांत किशोर का समस्तीपुर दौरा: नव निर्माण के संकल्प के साथ कार्य की शुरुआत

समस्तीपुर समस्तीपुर में जन सुराज के संस्थापक और रणनीतिकार प्रशांत किशोर पहुंचे। वे बिहार नवनिर्माण अभियान के तहत जिले के रोसड़ा में आयोजित कार्यक्रम में शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने पार्टी पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं के साथ बैठक कर संगठनात्मक मजबूती और आने वाली रणनीति पर चर्चा की। पत्रकारों से बात करते हुए उन्होंने कहा कि जन सुराज का यह अभियान केवल राजनीतिक कार्यक्रम नहीं है, बल्कि इसका उद्देश्य सही मायनों में जनता की आवाज बनना है। उन्होंने कहा कि वे साथियों से संवाद करने, उनकी राय सुनने और संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूत करने के लिए यहां आए हैं। शराबबंदी कानून पर किया तंज प्रशांत किशोर ने शराबबंदी कानून पर तंज कसते हुए कहा कि यदि शराबबंदी कानून से महिलाओं को इतना ही फायदा हो रहा है, तो इसे पूरे देश में लागू क्यों नहीं किया जाता। उन्होंने सवाल उठाया कि सिर्फ बिहार के लोगों को ही इसका तथाकथित फायदा क्यों मिल रहा है। एनडीए सरकार को बिहार के साथ ही पूरे देश में इसे लागू करना चाहिए, ताकि सभी लोगों को इसका लाभ मिल सके। जन सुराज के साथियों ने गांधी आश्रम, चंपारण से जो बिहार को बदलने का संकल्प लिया था, चुनाव परिणाम आने के बाद भी जन सुराज के साथी पीछे हटने वाले नहीं हैं। वे एक बार पुनः बिहार के नव निर्माण को लेकर कार्य शुरू करेंगे। उन्होंने कहा कि इससे पहले जन सुराज के साथियों को फिर से संगठित किया जाए और उन्हें पुनः प्रेरित किया जाए। इसके लिए प्रत्येक जिले में जाकर लोगों से मुलाकात की जा रही है। उनसे यह जानने का प्रयास किया जा रहा है कि किन कारणों से वे पिछड़ गए और उन्हें कैसे दूर किया जा सकता है। जन सुराज किन मुद्दों को लेकर आगे बढ़े, इस पर भी विचार किया जा रहा है। मौके पर पार्टी के वरिष्ठ नेता किशोर कुमार मुन्ना, जेपी सिंह, ललन यादव, पूर्व जिलाध्यक्ष संजय सिंह, विश्वनाथ चौधरी, सुरेंद्र गुप्ता, इंदु गुप्ता, रोहित पासवान, अभिषेक आनंद सहित अन्य मौजूद थे।

सुप्रीम कोर्ट का अहम फैसला, Rooh Afza को फ्रूट ड्रिंक माना, Hamdard को मिलेगी 4% VAT छूट

  नई दिल्ली सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को हमदर्द (वक्फ) लैबोरेटरीज के लोकप्रिय ड्रिंक 'रूह अफ़ज़ा' (Rooh Afza) को लेकर बड़ा और अहम फैसला सुनाया. शीर्ष अदालत ने स्पष्ट किया कि रूह अफ़ज़ा को फ्रूट ड्रिंक/प्रोसेस्ड फूड प्रोडक्ट की कैटेगरी में रखा जाएगा और इस पर 12.5% के बजाय केवल 4% वैट लगेगा. यह फैसला उत्तर प्रदेश वैल्यू एडेड टैक्स एक्ट, 2008 (यूपी वैट अधिनियम) के तहत कर निर्धारण से जुड़ा है. जस्टिस बी. वी. नागरत्ना और जस्टिस आर. महादेवन की पीठ ने कहा कि कई राज्यों में रूह अफ़ज़ा को पहले से ही रियायती दर पर टैक्स के दायरे में रखा गया है, जिससे हमदर्द की दलील मजबूत होती है. पीठ ने यह भी माना कि उत्पाद को फ्रूड ड्रिंक मानने की व्याख्या 'न तो कृत्रिम थी और न ही अव्यावहारिक, बल्कि व्यावसायिक रूप से मान्य और वास्तविक' थी. अदालत ने कहा कि रूह अफ़ज़ा को अधिनियम की अनुसूची-II की प्रविष्टि 103 के तहत फ्रूट ड्रिंक/प्रोसेस्ड फूड प्रोडक्ट के रूप में वर्गीकृत किया जा सकता है. इसलिए संबंधित आकलन वर्ष के दौरान यह उत्पाद 4 प्रतिशत की रियायती वैट दर पर कर योग्य होगा. इस फैसले के साथ ही सुप्रीम कोर्ट ने हमदर्द (वक्फ) लैबोरेटरीज की अपील स्वीकार कर ली और इलाहाबाद हाई कोर्ट के उस फैसले को रद्द कर दिया, जिसमें रूह अफ़ज़ा को नॉन-फ्रूट और कृत्रिम तत्वों से तैयार ड्रिंक मानते हुए अधिक वैट लगाने की बात कही गई थी. असेसमेंट ईयर 2007-08 और 2008-09 के लिए, हमदर्द ने रूह अफ़ज़ा की बिक्री पर 4 प्रतिशत की कम दर से वैट का भुगतान किया, यह दावा करते हुए कि यह प्रोसेस्ड या प्रिजर्व्ड फ्रूट, फ्रूट स्क्वैश, फ्रूट ड्रिंक और फ्रूट जूस की श्रेणी में आता है. कर अधिकारियों ने इससे असहमति जताई और रूह अफ़ज़ा को नॉन-फ्रूट और कृत्रिम तत्वों से तैयार ड्रिंक माना जिस पर उच्च वैट लागू होता है. प्रथम अपीलीय प्राधिकरण और कमर्शियल टैक्स ट्रिब्यूनल के समक्ष हमदर्द की अपीलें खारिज हो गईं. ट्रिब्यूनल ने माना कि आम बोलचाल और व्यावसायिक भाषा में, हमदर्द के इस उत्पाद को फ्रूट ड्रिंक के बजाय शरबत के रूप में समझा जाता है. जुलाई 2018 में, इलाहाबाद हाई कोर्ट ने हमदर्द द्वारा दायर रिव्यू पिटीशन याचिकाओं को खारिज कर दिया और ट्रिब्यूनल के निर्णय को बरकरार रखा. हमदर्द ने इलाहाबाद हाई कोर्ट के इस फैसले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी. सुप्रीम कोर्ट ने कर अधिकारियों और हाई कोर्ट के तर्क को खारिज कर दिया और हमदर्द के पक्ष में फैसला सुनाया.

खरगोन में अवैध शराब का जखीरा पकड़ा, 170 पेटी के साथ तस्करी का खुलासा

खरगोन जिले की पुलिस आपरेशन प्रहार के तहत नशे के अवैध कारोबार पर लगातार कार्रवाई कर रही है। बावजूद इसके नशे के तस्कर बाज नहीं आ रहे हैं। अब जिले की खलटाका पुलिस ने नेशनल हाइवे पर पिकअप वाहन से देशी-विदेशी शराब का अवैध परिवहन पकड़ा है। मुखबिर की सूचना पर हुई कार्रवाई में पुलिस ने पिकअप वाहन से 170 पेटियों में भरी 1980 लीटर अवैध शराब जब्त की है। पिकअप वाहन क्रमांक एमपी 11 जी 3398 में शराब का अवैध परिवहन कसरावद की ओर से सेंधवा ले जाने के लिए हो रहा था। पुलिस ने वाहन चालक को गिरफ्तार कर शराब की पेटियां और पिकअप वाहन जब्त किया है। जब्त शराब की की मत 5.07 लाख रुपए व पिकअप वाहन की कीमत 8 लाख रुपए बताई गई है। खलटाका चौकी प्रभारी मिथुन चौहान ने बताया कि मुखबिर से सूचना मिली थी कि एक व्यक्ति पिकअप वाहन से कसरावद से सेंधवा की भारी मात्रा में अवैध शराब का परिवहन कर रहा है। इस बात की सूचना उच्चाधिकारियों को दी गई। एसपी रविंद्र वर्मा के निर्देश पर बलकवाड़ा थाना प्रभारी सागर चौहान के नेतृत्व में टीम गठित की गई। इस पर भुसावल-चित्तौड़गढ़ राष्ट्रीय राजमार्ग पर ग्राम पानवा के समीप नाकेबंदी की गई। मुखबीर के बताए अनुसार पिकअप वाहन आई तो उसे घेराबंदी कर रोका गया। चेकिंग करने पर पाया कि पिकअप वाहन में शराब की पेटिंया भरी थी। वाहन चालक शराब परिवहन के संबंध में कोई वैध दस्तावेज नहीं दिखा सका। वाहन चालक ने अपना नाम विकास पिता उपेंद्रसिंह चंद्रवंशी निवासी औरंगाबाद बिहार हालमुकाम धावलबेड़ी सेंधवा होना बताया। चेकिंग करने पर वाहन में 150 पेटी बीयर और 20 पेटी देशी प्लेन मदिरा की भरी पाई गई। आरोपित विकास को गिरफ्तार कर शराब की पेटियां व पिकअप वाहन जब्त किया गया। आरोपित के विरूद्ध आबकारी एक्ट में प्रकरण दर्ज कर विवेचना में लिया गया है। चौकी प्रभारी चौहान ने बताया कि आरोपित से शराब कहां से लाई जा रही थी, कहां सप्लाय करना थी आदि नेटवर्क को लेकर पूछताछ की जाएगी।  

MP में प्रशिक्षु IPS अधिकारी को सौंपी गई बड़ी जिम्मेदारी, पुलिस व्यवस्था में प्रशासनिक बदलाव के आदेश जारी

छतरपुर  छतरपुर  जिले की पुलिस व्यवस्था में एक अहम प्रशासनिक बदलाव किया गया है। छतरपुर में सेवाएं दे रहे प्रशिक्षु आईपीएस (IPS) अधिकारी लेखराज मीणा को अब ओरछा रोड थाना प्रभारी की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इस संबंध में पुलिस अधीक्षक अगम जैन ने आदेश जारी कर दिया है। यह एक बड़ा कदम माना जा रहा है। जिले में विभिन्न गतिविधियों और कानून से जुड़े मामलों में सक्रिय भूमिका निभा रहे मीणा जानकारी के मुताबिक, प्रशिक्षु आईपीएस लेखराज मीणा अब तक जिले में विभिन्न गतिविधियों और कानून-व्यवस्था से जुड़े मामलों में सक्रिय भूमिका निभा रहे थे। उनके कार्यशैली और अनुशासन को देखते हुए उन्हें महत्वपूर्ण थाना ओरछा रोड की कमान सौंपी गई है। ओरछा रोड थाना क्षेत्र शहर का संवेदनशील और व्यस्त इलाका माना जाता है, जहां कानून-व्यवस्था बनाए रखना चुनौतीपूर्ण रहता है। ऐसे में एक युवा आईपीएस अधिकारी की तैनाती को विभाग ने सख्ती और बेहतर मॉनिटरिंग की दिशा में अहम कदम माना है। पुलिस अधीक्षक अगम जैन द्वारा आदेश जारी पुलिस अधीक्षक अगम जैन द्वारा जारी आदेश के बाद थाना स्तर पर पदभार ग्रहण करने की प्रक्रिया शुरू हो गई है। सूत्रों की मानें तो जल्द ही नए थाना प्रभारी क्षेत्र में भ्रमण कर आमजन से संवाद भी स्थापित करेंगे। युवा नेतृत्व से बढ़ी उम्मीदें.. शहर के सामाजिक संगठनों और आम नागरिकों ने उम्मीद जताई है कि नए थाना प्रभारी अपराध नियंत्रण, यातायात व्यवस्था और जनसुनवाई में तेजी लाएंगे। अब देखना होगा कि प्रशिक्षु आईपीएस लेखराज मीणा अपने कार्यकाल में ओरछा रोड थाना क्षेत्र में किस तरह की कार्यशैली और परिणाम प्रस्तुत करते हैं।

विश्व कप विजेता क्रांति गौड़ की किस्मत बदली, लग्जरी गाड़ियों का काफिला तैयार, जानें उन्हें क्या-क्या मिला

छतरपुर विश्व विजेता व भारतीय महिला क्रिकेट टीम की खिलाड़ी क्रांति गौड़ की किस्मत पलट गई है। विश्वकप जीतने के बाद से उनका नाम, शोरहत तो आसमान छू ही रहा है, अब लग्जरी गाड़ियों का काफिला तैयार होने लगा है, उनके पिता को दोबारा अपनी वर्दी मिल गई है। अब टाटा कंपनी के उनके घर पर लाखों कीमत की लग्जरी कार डिलीवर की है। यह कार उन्हें कंपनी उने उपहार में दी है। मध्य प्रदेश के छतरपुर के घुवारा की रहने वाली भारतीय महिला टीम की शानदार खिलाड़ी क्रांति गौड़ का जीवन अब बदलने लगा है। वे चंद दिन में ही क्रिकेटर से स्टार बन गईं। महिला क्रिकेट विश्वकप ट्रॉफी जीतने के बाद से उनके जीवन में बदलाव आया और उनकी किस्मत पलट गई। छोटा सा गांव घुवारा पूरी दुनिया में पहचाना जाने लगा है। बीते रोज उनके गांव में टाटा मोटर्स ने चमचमाती लग्जरी कार 'टाटा शेयरा' उनके घर पहुंचाई है। यह कार कंपनी ने उन्हें उपहार में दी है। बता दें कि विश्वकप जीतने वाली टीम के प्रत्येक सदस्य को कंपनी ने यह काम गिफ्ट की है। जनवरी में महिंद्रा की थार खरीदी थी क्रांति गौड़ ने बीते महीने ही लग्जरी और शानदार कार खरीदी थी। उन्होंने परिवार संग महिंद्र शोरूम पहुंचकर कंपनी की 'थार' मॉडल की लग्जरी कार उठाई थी। इस कार के साथ उन्होंने फोटो भी शेयर किए थे। अब टाटा का उपहार उनके द्वार पहुंचा है, जिसका परिवार ने विधिवत मंत्रोच्चार के साथ पुरोहित से पूजन कराया है। देखिए कैसे बदल रही क्रांति की किस्मत — विश्व कप जीतने के बाद सीएम से मुलाकात, एक करोड़ की घोषणा — सरकार ने क्रांति को एक करोड़ रुपए का चेक सौंपा, सम्मान किया — क्रांति के पिता को फिर से पुलिस सेवा में वापस लिया गया, सम्मान लौटा — क्रांति की मेहनत से छतरपुर में सुसज्जित खेल स्टेडियम स्वीकृत हो पाया — क्रांति ने जनवरी में लग्जरी थार कार खरीदी है। — हाल ही में टाटा ने उन्हें लाखों की लग्जरी कार उपहार में दी है — क्रांति की इच्छा बीएमडब्ल्यू कार खरीदने की है  

145 साल पुराने आबूरोड रेलवे स्टेशन का होगा कायाकल्प

अजमेर. आबूरोड रेलवे स्टेशन के पुनर्विकास के लिए अमृत भारत स्टेशन योजनांतर्गत रेल मंत्रालय ने 81.51 करोड़ रुपए स्वीकृत किए हैं। वर्ष 1880 में स्थापित स्टेशन के विकास को करीब 28 हजार करोड़ की लागत से निर्माणाधीन अंबाजी-आबूरोड-तारंगा हिल नई रेललाइन परियोजना से जोड़कर भी देखा जा रहा है। परियोजना का कार्य पूर्ण होने पर स्थानीय स्टेशन से यात्री गाड़ियों का संचालन शुरू होगा। इससे यात्रियों की संख्या में वृद्ध होगी। यह विकास कार्य होंगे मंडल रेल प्रबंधक राजू भूतड़ा के अनुसार आबूरोड, अजमेर मंडल का एक महत्वपूर्ण स्टेशन है। इस स्टेशन के पुनर्विकास से यह स्टेशन नए स्वरूप में नजर आएगा और यात्रियों को और भी अधिक बेहतर सुविधाएं प्राप्त हो सकेंगी। स्वीकृत राशि में से 74.87 करोड़ निर्माण लागत, 0.75 करोड़ यूटिलिटी सर्विसेज, 0.19 करोड़ आर्टवर्क, 0.75 करोड़ डिजाइन चार्ज, 0.07 करोड़ ग्रीन बिल्डिंग सर्टिफिकेशन, 0.75 करोड़ फर्नीचर, 0.77 करोड़ कंटीन्जेंसीज और 3.36 करोड़ डिपार्टमेंटल चार्जेज खर्च शामिल हैं। अजमेर मंडल के 15 स्टेशनों का पुनर्विकास अजमेर मंडल के 15 स्टेशनों पर अमृत भारत स्टेशन योजना के अंतर्गत पुनर्विकास कार्य किए जा रहे हैं। उदयपुर स्टेशन पर पुनर्विकास का कार्य जारी है, जबकि अजमेर स्टेशन पर भी पुनर्विकास कार्य स्वीकृत किया है। आबूरोड स्टेशन 145 साल का गौरवशाली इतिहास समेटे हैं। आबूरोड रेलवे ने मीटर गेज के स्टीम इंजन से वर्तमान में विद्युतीकृत ब्रॉडगेज लाइन की राजधानी, शताब्दी और वंदे भारत जैसी गाड़ियों के संचालन तक का दौर देखा है। यह प्रमुख पर्वतीय पर्यटन स्थल माउंट आबू का प्रवेश द्वार होने से वर्षभर देश-विदेश के पर्यटक ट्रेन के माध्यम से यहां पहुंचते हैं। निकट ही अंबाजी का मंदिर भी है, जहां भी देश-विदेश से श्रद्धालु दर्शन करने के लिए आते हैं।

उप मुख्यमंत्री ने केमिस्ट के पद पर चयनितों को सौंपे नियुक्ति पत्र

रायपुर. उप मुख्यमंत्री ने केमिस्ट के पद पर चयनितों को सौंपे नियुक्ति पत्र उप मुख्यमंत्री  अरुण साव ने लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग में केमिस्ट के पद पर चयनित युवाओं को नियुक्ति पत्र प्रदान किए। उन्होंने आज नवा रायपुर में छत्तीसगढ़ विधानसभा परिसर स्थित अपने कार्यालय में आयोजित कार्यक्रम में 10 चयनितों को नियुक्ति पत्र सौंपा। लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के सचिव  मोहम्मद कैसर अब्दुलहक और प्रमुख अभियंता  ओंकेश चंद्रवंशी भी इस दौरान मौजूद थे। उप मुख्यमंत्री ने केमिस्ट के पद पर चयनितों को सौंपे नियुक्ति पत्र उप मुख्यमंत्री तथा लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी मंत्री  अरुण साव ने नव नियुक्त केमिस्टों को संबोधित करते हुए कहा कि केमिस्टों की संख्या बढ़ने से विभागीय जल परीक्षण प्रयोगशालाएं और अधिक सुदृढ़ होंगी तथा मैदानी स्तर पर जल की गुणवत्ता की जांच में सहूलियत होगी। उन्होंने कहा कि प्रदेशवासियों को शुद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण पेयजल उपलब्ध कराना शासन की प्राथमिकता और प्रतिबद्धता है। इन नियुक्तियों से विभाग में तकनीकी रूप से दक्ष मानव संसाधन की संख्या बढ़ी है।  साव ने कहा कि पारदर्शी और निष्पक्ष भर्ती प्रक्रिया से प्रदेश के युवाओं में विश्वास और उत्साह बढ़ा है। युवाओं को उनकी मेहनत और प्रतिभा का उचित प्रतिफल मिल रहा है। उन्होंने उम्मीद जताई कि नवनियुक्त सभी केमिस्ट पूर्ण निष्ठा, अनुशासन और सेवा-भाव के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करेंगे तथा विभागीय लक्ष्यों की प्राप्ति में सक्रिय भूमिका निभाएंगे। उप मुख्यमंत्री  साव ने कहा कि जल गुणवत्ता की निगरानी में किसी प्रकार की शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। प्रयोगशालाओं की कार्यप्रणाली को आधुनिक एवं परिणाममुखी बनाया जाएगा। लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के प्रमुख अभियंता  ओंकेश चंद्रवंशी ने बताया कि विभाग द्वारा स्वीकृत केमिस्ट के 12 पदों पर व्यापम के माध्यम से चयन प्रक्रिया संपन्न की गई थी। दस्तावेज परीक्षण में 11 अभ्यर्थी पात्र पाए गए, जबकि एक अभ्यर्थी अनुपस्थित रहा। चयनित 11 अभ्यर्थियों में 2 महिला एवं 9 पुरुष अभ्यर्थी शामिल हैं।