samacharsecretary.com

झारखंड के दलमा में वन्यजीवों की वापसी: 38 हाथियों का झुंड पुराने रास्ते से पहुंचा

जमशेदपुर.

दलमा वन्यप्राणी आश्रयणी में तीन वर्षों के लंबे अंतराल के बाद 38 हाथियों का झुंड अपने पारंपरिक एलीफेंट कोरिडोर से वापस पहुंचा है। 38 हाथियों के झुंड में पांच बच्चा शामिल है। इससे वन विभाग के अधिकारियों और कर्मियों में खासा उत्साह देखा जा रहा है। लंबे समय बाद दलमा जंगल में हाथियों की चिंघाड़ गूंजने लगी है, जो प्राकृतिक संतुलन के लिहाज से भी सकारात्मक संकेत माना जा रहा है।

हाथियों का यह यह झुंड पश्चिम बंगाल सीमा के पास स्थित काकराझोर-बुरूडीह-नरसिंहपुर-सुकलाड़ा-डालापानी-आमदा पहाड़ी मार्ग से होते हुए दलमा के अंदर जलस्रोत मंझला बांध के पास पहुंच गया। यह वही पुराना रास्ता है, जिससे होकर हाथी वर्षों से अपने प्राकृतिक आवास तक आते-जाते रहे हैं। जमशेदपुर वन प्रमंडल के डीएफओ सबा आलम अंसारी ने बताया कि बीते तीन वर्षों में हाथियों के भटकने के कारण चाकुलिया, बहरागोड़ा और घाटशिला के रिहायशी इलाकों में जान-माल का नुकसान बढ़ गया था।

हाथियों का अपने पारंपरिक मार्ग से विचलित होना ही मानव-हाथी संघर्ष की बड़ी वजह बना। उन्होंने बताया कि पिछले दो महीनों से वन विभाग की क्विक रिस्पांस टीम लगातार सक्रिय थी। रात के समय मशाल, धुआं, पटाखे और ड्रैगन टार्च का इस्तेमाल कर हाथियों को आबादी वाले क्षेत्रों से दूर रखने की कोशिश की गई। अब जब हाथियों का झुंड अपने पुराने कोरिडोर से दलमा लौट आया है, तो उम्मीद है कि भविष्य में जान-माल का नुकसान में कमी आएगी।

स्थानीय लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित होगी –
तीन साल बाद एक साथ 38 हाथियों का अपने प्राकृतिक मार्ग पर लौटना न केवल वन्यजीव संरक्षण के लिए जरूरी है, बल्कि इससे स्थानीय लोगों की सुरक्षा भी सुनिश्चित होगी। यदि प्राकृतिक मार्ग सुरक्षित और संरक्षित रहें, तो वन्यजीव अपने आप संतुलन बनाए रखते हैं।
– सबा आलम अंसारी, डीएफओ, जमशेदपुर

Leave a Comment

हम भारत के लोग
"हम भारत के लोग" यह वाक्यांश भारत के संविधान की प्रस्तावना का पहला वाक्य है, जो यह दर्शाता है कि संविधान भारत के लोगों द्वारा बनाया गया है और उनकी शक्ति का स्रोत है. यह वाक्यांश भारत की संप्रभुता, लोकतंत्र और लोगों की भूमिका को उजागर करता है.
Click Here
जिम्मेदार कौन
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here
Slide 3 Heading
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here