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बिहार,मोतिहारी पुलिस की सख्त कार्रवाई, अपराधियों में मचा हड़कंप

 मोतिहारी

बिहार के मोतिहारी में अपराधियों के हौसले पस्त करने के लिए पुलिस ने अब तक का सबसे बड़ा और आक्रामक रुख अख्तियार किया है। जिला पुलिस ने एक साथ 150 से अधिक चिन्हित फरार अपराधियों के खिलाफ 'कुर्की-जब्ती' की बड़ी कार्रवाई शुरू कर दी है। मोतिहारी पुलिस ने स्पष्ट संदेश दे दिया है कि या तो अपराधी कानून के सामने सरेंडर करें, वरना उनके सिर से छत का साया छिनना तय है। इस बड़ी कार्रवाई के बाद पूरे जिले के अपराधियों और उनके सिंडिकेट में हड़कंप मचा हुआ है।

दरवाजे-खिड़की तक उखाड़ ले गई पुलिस
मिली जानकारी के अनुसार, पुलिस की भारी भरकम टीम कोर्ट के आदेश के बाद उन अपराधियों के घरों पर पहुंची, जिन्होंने तय समय सीमा के भीतर आत्मसमर्पण नहीं किया था। पुलिस का गुस्सा और सख्ती इस कदर दिखी कि उन्होंने न केवल घर का सामान जब्त किया, बल्कि खिड़की, दरवाजे और यहाँ तक कि चौखट पर भी हथौड़े चलाकर उन्हें उखाड़ फेंका। कोटवा, तुरकौलिया, रघुनाथपुर और कल्याणपुर समेत करीब 25 थानों की पुलिस ने एक साथ इस अभियान को अंजाम दिया। पुलिस ने कई फरार अपराधियों के घरों पर 'अंतिम नोटिस' भी चस्पा किया है, जिसमें साफ लिखा है कि अगर अब भी सरेंडर नहीं किया, तो पूरे घर को जमींदोज कर दिया जाएगा।

इन गंभीर अपराधों में शामिल हैं अपराधी
जिन 150 अपराधियों के खिलाफ यह एक्शन लिया जा रहा है, वे कोई मामूली चोर-उच्चके नहीं हैं। इनमें हत्या, रंगदारी, शराब तस्करी, जमीन पर अवैध कब्जा, हथियारों की तस्करी और पोक्सो (POCSO) एक्ट जैसे गंभीर मामलों के आरोपी शामिल हैं। पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर बनी विशेष टीम ने इन अपराधियों की सूची तैयार की थी जो लंबे समय से पुलिस की पकड़ से बाहर थे और समाज के लिए खतरा बने हुए थे।

सासाराम में बड़ा हादसा
एक तरफ जहाँ पुलिस अपराधियों पर नकेल कस रही है, वहीं दूसरी तरफ बिहार की सड़कों पर रफ्तार का कहर जारी है। सासाराम में तिलक समारोह से लौट रही बस और ट्रक की भीषण टक्कर में रामेश्वर मिश्रा नामक व्यक्ति की मौत हो गई, जबकि चालक और खलासी समेत तीन लोग गंभीर रूप से घायल हैं। वहीं छपरा के दिघवारा में भी एक स्कॉर्पियो ने ऑटो को कुचल दिया, जिसमें झौवां बसंत गांव के तीन लोगों की मौत हो गई।

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