samacharsecretary.com

कनाडा भेजे जा रहे थे 89 हथियार, अमेरिकी एजेंसियों ने पकड़ा बड़ा तस्करी नेटवर्क

नई दिल्ली

संयुक्त राज्य अमेरिका से कनाडा में 89 हथियार की तस्करी के प्रयास में एक पाकिस्तानी नागरिक सहित तीन लोगों पर अमेरिका में आरोप तय किए गए हैं। इन बरामद हथियारों में से कम से कम 17 हथियार चोरी के बताए जा रहे हैं।

दक्षिणी न्यूयॉर्क जिले के लिए संयुक्त राज्य अमेरिका के अटॉर्नी कार्यालय द्वारा जारी एक बयान के अनुसार, यह गिरफ्तारियां गुरुवार को स्टेट रूट 90 पर न्यूयॉर्क स्टेट पुलिस द्वारा की गई एक वाहन चेकिंग के दौरान हुईं। अधिकारियों ने बताया कि पूछताछ के दौरान वाहन में सवार लोगों के असंगत और गोलमोल जवाबों से पुलिस को शक हुआ, जिसके बाद वाहन की तलाशी ली गई।

अधिकारियों ने हथियारों का एक बड़ा जखीरा बरामद किया, जिसमें कार की पिछली सीट के नीचे छिपाए गए कई अतिरिक्त हथियार भी शामिल थे।

फर्जी दस्तावेज वाले आरोपियों की पहचान
आरोपियों की पहचान 22 वर्षीय कनाडाई नागरिक मलिक ब्रोमफील्ड, 25 वर्षीय पाकिस्तानी नागरिक फैजान अली और 22 वर्षीय कमाल सलमान के रूप में हुई है। तीनों को बाद में व्हाइट प्लेन्स में संघीय मजिस्ट्रेट जज के सामने पेश किया गया, जहां से उन्हें हिरासत में भेजने का आदेश दिया गया।

अधिकारियों ने यह भी आरोप लगाया कि फैजान अली के पास किसी अन्य व्यक्ति के नाम पर जारी किया गया एक एक्सपायर पाकिस्तानी राष्ट्रीय ड्राइविंग परमिट मौजूद था।

15 साल तक की हो सकती है जेल
आरोपियों पर कई गंभीर आरोप लगाए गए हैं, जिनमें अमेरिका से हथियारों की तस्करी, हथियारों का बिना लाइसेंस व्यापार, चोरी के हथियारों का अंतरराज्यीय परिवहन और आग्नेयास्त्रों को अवैध रूप से अपने पास रखना शामिल है। इसके अलावा, मलिक ब्रोमफील्ड पर एक विदेशी नागरिक द्वारा अवैध रूप से हथियार रखने का अतिरिक्त आरोप भी लगाया गया है।

अभियोजकों के अनुसार, इन आरोपों के तहत 5 से 15 साल तक की अधिकतम वैधानिक जेल की सजा का प्रावधान है, हालांकि अंतिम सजा का निर्धारण अदालत द्वारा किया जाएगा।

इन गिरफ्तारियों की आधिकारिक घोषणा अमेरिकी अटॉर्नी जे क्लेटन, एफबीआई के असिस्टेंट डायरेक्टर इन चार्ज जेम्स सी. बार्नकल जूनियर और एटीएफ (ATF) के स्पेशल एजेंट इन चार्ज ब्रायन डिगिरोलामो ने की।

क्या है पूरा मामला?
अमेरिकी अटॉर्नी क्लेटन ने कहा कि जैसा कि आरोप है, प्रतिवादियों को देश से बाहर तस्करी करने के लिए 80 से अधिक बंदूकों को ले जाते हुए पकड़ा गया है, जिनमें शॉर्ट-बैरल राइफलें और चोरी के हथियार शामिल हैं।

वहीं, बार्नकल ने कहा कि दो विदेशी नागरिकों सहित इन आरोपियों ने कथित तौर पर हथियारों को कनाडा ले जाने का प्रयास करके सार्वजनिक सुरक्षा को भारी खतरे में डाला है। डिगिरोलामो ने अवैध हथियारों की तस्करी से पैदा होने वाले खतरों के बारे में भी कड़ी चेतावनी दी।

अधिकारियों ने बताया कि इस जांच में एनवाईएसपी ट्रूप एफ कम्युनिटी स्टेबिलाइजेशन यूनिट, एफबीआई की न्यूयॉर्क हडसन वैली सेफ स्ट्रीट्स टास्क फोर्स और शराब, तंबाकू, आग्नेयास्त्र व विस्फोटक ब्यूरो का संयुक्त प्रयास शामिल था।

Leave a Comment

हम भारत के लोग
"हम भारत के लोग" यह वाक्यांश भारत के संविधान की प्रस्तावना का पहला वाक्य है, जो यह दर्शाता है कि संविधान भारत के लोगों द्वारा बनाया गया है और उनकी शक्ति का स्रोत है. यह वाक्यांश भारत की संप्रभुता, लोकतंत्र और लोगों की भूमिका को उजागर करता है.
Click Here
जिम्मेदार कौन
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here
Slide 3 Heading
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here