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तपती गर्मी में भी UP में नहीं थमी बिजली सप्लाई, योगी सरकार की सख्त निगरानी से व्यवस्था दुरुस्त

लखनऊ. 
उत्तर प्रदेश में पड़ रही प्रचंड गर्मी के बीच योगी सरकार प्रदेशवासियों को निर्धारित शेड्यूल के अनुसार निर्बाध बिजली आपूर्ति देने के लिए पूरी गंभीरता और संवेदनशीलता के साथ काम कर रही है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर ऊर्जा विभाग लगातार बिजली व्यवस्था की निगरानी कर रहा है, जिससे आम लोगों को गर्मी के इस कठिन दौर में बड़ी राहत मिल रही है। इसी क्रम में अपर मुख्य सचिव (ऊर्जा) एवं उत्तर प्रदेश पावर कॉर्पोरेशन के अध्यक्ष डॉ. आशीष गोयल ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से प्रदेश की विद्युत आपूर्ति व्यवस्था की व्यापक समीक्षा की।

वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से उन्होंने प्रदेश के सभी डिस्कॉम के प्रबन्ध निदेशक से लेकर अधिशासी अभियन्ताओं से विद्युत आपूर्ति को लेकर विस्तृत जानकारी ली तथा उन्हें आवश्यक निर्देश दिये। यूपीपीसीएल अध्यक्ष ने नोएडा, लखनऊ, गाजियाबाद, बुलन्दशहर, बिजनौर, मेरठ, मुजफ्फरनगर, सहारनपुर, मुरादाबाद, रामपुर, मथुरा, फिरोजाबाद, झांसी, बरेली, उन्नाव, बनारस, अयोध्या, गोरखपुर, देवरिया और कानपुर (केस्को) के मुख्य अभियन्ताओं से विद्युत आपूर्ति के बारे में विस्तृत जानकारी प्राप्त की।

डॉ. आशीष कुमार गोयल ने बैठक में कहा कि इस समय भीषण गर्मी से लोग बेहाल हैं। ऐसे मौसम में सुचारु विद्युत आपूर्ति का अत्यधिक महत्व है। इसलिए सभी क्षेत्रों को निर्धारित शेड्यूल के अनुरूप विद्युत आपूर्ति प्राप्त हो। सभी अधिकारी एवं कार्मिक अपने-अपने क्षेत्रों में विशेष रूप से सजगता बरतें। उपकेन्द्रों एवं संवेदनशील क्षेत्रों में पेट्रोलिंग की जाए। जिन क्षेत्रों में रात्रि में अचानक लोड में अत्यधिक बढ़ोत्तरी होने के कारण ट्रांसफार्मर या लाइनों पर लोड बढ़ता है, उनको चिन्हित कर विजिलेन्स की टीम के साथ जांच अभियान चलाने के निर्देश दिये।

बैठक के दौरान यूपीपीसीएल अध्यक्ष ने ट्रांसफार्मर की क्षतिग्रस्तता, ट्रिपिंग एवं सामग्री उपलब्धता के बारे में भी पूछा। सभी मुख्य अभियन्ताओं का कहना था कि निर्धारित शेड्यूल के अनुरूप ग्रामीण एवं शहरों को क्रमशः 18 एवं 24 घंटे विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने का प्रयास किया जा रहा है। सभी सब स्टेशनों पर रात्रिकालीन ड्यूटी लगाई गयी है। वरिष्ठ अधिकारी भी देर रात्रि तक व्यवस्था की मॉनीटरिंग में लगाए गये हैं। पर्याप्त संख्या में सामग्री एवं अनुरक्षण कार्यों के लिए मैन पावर उपलब्ध है।

अध्यक्ष डॉ. गोयल ने कहा कि लाइनों, सब स्टेशनों एवं ट्रांसफार्मर की नियमित जांच होती रहे। हेल्प लाइन नंबर 1912 पर आने वाली शिकायतों का त्वरित निस्तारण हो। नए कनेक्शन के लिए झटपट पोर्टल पर प्राप्त आवेदनों का भी शीघ्र निस्तारण सुनिश्चित करें। मुख्य अभियंताओं ने बताया कि पिछले वर्षों की तुलना में ट्रिपिंग एवं आपूर्ति बहाल करने के समय में सुधार हुआ है। ऐसे स्थान जहां पर रात्रि में अचानक लोड बढ़ता है उनको चिन्हित करके विजिलेन्स के साथ चोरी रोकने के प्रयास किये जा रहे हैं। इसके कारण कई स्थानों पर लोड कम हुआ है और विद्युत फाल्ट में भी कमी आई है .

डॉ. गोयल ने निर्देशित किया कि संवेदनशील स्टेशनों पर अधिकारियों की तैनाती बढ़ाएं। रिले की सेटिंग ठीक कराएं। इसमें टेस्ट डिवीजन के कार्मिक अभियान के रूप में लगें। ट्रांसमिशन के साथ बेहतर ताल मेल रखें। निदेशक वितरण इसका रिव्यू करें। अध्यक्ष ने कहा कि गर्मी और लू के मौसम में सामान्य शटडाउन न लिया जाये। कहीं भी ट्रांसफार्मर क्षतिग्रस्त होने, तार गिरने तथा ट्रिपिंग जैसी समस्याओं का बिना विलम्ब निस्तारण सुनिश्चित किया जाये। ट्रांसमिशन एवं वितरण के अधिकारी परस्पर सामंजस्य स्थापित करके कार्य करें जिससे ट्रांसमिशन के कारण विद्युत आपूर्ति बाधित न हो।

डॉ. गोयल ने कहा कि अधिकारी अपने-अपने कार्य क्षेत्र में मौजूद रहें। अपना जनसम्पर्क अच्छा रखें। जन प्रतिनिधियों, मीडिया कर्मियों, उपभोक्ताओं तथा सामाजिक कार्यकर्ताओं का वाट्सएप ग्रुप बनाएं, जिसमें बिजली आपूर्ति सम्बन्धी आवश्यक सूचनाएं सबको मिलती रहें। अधिक विद्युत व्यवधान वाले क्षेत्रों में विशेष सजगता बरती जाए। ऐसे संवेदनशील स्थानों पर वरिष्ठ अधिकारी स्वंय जाकर समस्याओं को समझें और उनका निराकरण करायें साथ ही संचार माध्यमों से उपभोक्ता को बतायें।

यूपीपीसीएल अध्यक्ष ने कहा कि विद्युत वितरण कार्यों से जुड़े अधिकारी एवं कर्मचारी उपभोक्ताओं को विद्युत व्यवधान और आपूर्ति के बारे में सही जानकारी दें। उन्होंने कहा कि किसी की भी लापरवाही से विद्युत आपूर्ति प्रभावित होगी तो उस पर कार्रवाई होगी। बैठक को पावर कारपोरेशन के प्रबन्ध निदेशक नितीष कुमार ने भी सम्बोधित किया। उन्होंने राजस्व वसूली बढ़ाने तथा बिजनेस प्लान की प्रगति तथा आगामी कार्य योजना के बारे में विस्तृत जानकारी ली तथा इसमें तेजी लाने के निर्देश दिये।

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