samacharsecretary.com

एसआईआर प्रक्रिया झारखंड में शुरू, 29 जुलाई तक चलेगा मतदाता सत्यापन अभियान

रांची
 झारखंड में मतदाता सूची का विशेष पुनरीक्षण (एसआईआर) आज से गणना चरण के साथ शुरू हो जाएगा। इस चरण में बीएलओ घर-घर जाकर मतदाताओं के बीच गणना प्रपत्र (इन्यूमरेशन फार्म) वितरित करेंगे।

मतदाताओं को आंशिक रूप से भरे हुए इस प्रपत्र में पिछले एसआईआर से संंबंधित जानकारी भरकर तथा हस्ताक्षर कर बीएलओ को लौटाना होगा।

मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के. रवि कुमार ने सभी मतदाताओं से प्रपत्र मिलते ही आवश्यक जानकारी भरकर एवं हस्ताक्षर कर बीएलओ को लौटाने की अपील की है। यह कार्यक्रम 29 जुलाई तक चलेगा।

मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने कहा है कि जब बीएलओ मतदाता के घर-घर जाएं तो मतदाताओं को विगत विशेष गहन पुनरीक्षण की मतदाता सूची से उनकी मैपिंग अवश्य सुनिश्चित करा लें।

राज्य में एसआईआर कार्यक्रम में वर्ष 2003 में हुए एसआईआर की मतदाता सूची से मैपिंग की विवरणी को नागरिकता हेतु सुपीरियर दस्तावेज के रूप में माना गया है। जिन मतदाताओं की मैपिंग पूरी हो जाएगी, उन्हें एसआईआर के क्रम में सामान्यतः कोई अन्य दस्तावेज नहीं देना होगा।

उन्होंने कहा कि बीएलओ द्वारा मतदाताओं को आंशिक रूप से भरे हुए प्रपत्र की दो प्रति उपलब्ध कराई जाएगी।मतदाता एक प्रति अपने बीएलओ को देंगें और दूसरी प्रति पावती के रूप में अपने पास रखेंगे। जो भी मतदाता गणना प्रपत्र हस्ताक्षर कर लौटाएंगे, उनका नाम पांच अगस्त को प्रकाशित होनेवाली प्रारुप मतदाता सूची में होगा।

मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने कहा कि वैसे मतदाता जिनकी अभी भी विगत विशेष गहन पुनरीक्षण की मतदाता सूची से मैपिंग नहीं हुई है, वे बीएलओ को अपना विवरण बताकर मैपिंग करा लें।

नए मतदाता पंजीकरण के लिए पूरी करें यह प्रक्रिया
यदि आप नए मतदाता के रूप में पंजीकरण कराना चाहते है और एक अक्टूबर 2026 तक आपकी आयु 18 वर्ष पूरी हो रही है, तो गणना चरण या दावा एवं आपत्ति अवधि के दौरान फॉर्म-6 भरकर अपने संबंधित बीएलओ को जमा करें।

फॉर्म के साथ घोषणापत्र और आवश्यक दस्तवेज भी संलग्न करने होंगे। जन्मतिथि के आधार पर आवेदक को स्वयं का अथवा माता-पिता में से किसी एक या दोनों के दस्तावेज जमा करने होंगे। दस्तावेज के रूप में पिछले एसआईआर के दौरान तैयार मतदाता सूची का वह संबंधित पृष्ठ भी मान्य होगा, जिसमें माता-पिता का नाम दर्ज हो।

ध्यान में रखें ये महत्वपूर्ण तारीखें
    30 जून से 29 जुलाई तक बीएलओ द्वारा घर-घर भ्रमण कर मतदाताओं का सत्यापन किया जाएगा।
    29 जुलाई तक मतदान केंद्रों का युक्तिकरण (रेशनलाइजेशन) होगा।
    05 अगस्त को मतदाता सूची के प्रारूप का प्रकाशन होगा।
    पांच अगस्त से चार सितंबर तक दावे और आपत्तियां दर्ज करने की अवधि है।
    पांच अगस्त से तीन अक्टूबर तक नोटिस फेज तथा दावा व आपत्तियों के निस्तारण की अवधि है।
    सात अक्टूबर को मतदाता सूची का अंतिम प्रकाशन होगा।

गलत घोषणा पत्र भरकर देने पर कानूनी कार्रवाई
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने यह भी कहा कि गणना प्रपत्र में गलत घोषणा पत्र भरकर जमा करना लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1950 की धारा 31 के तहत कानूनी रूप से दंडनीय अपराध है।

उन्होंने कहा कि एक भी पात्र भारतीय नागरिक मतदाता सूची से नहीं छूटेंगे और एक भी अपात्र व्यक्ति मतदाता सूची में नहीं जुड़ेंगे। एसआईआर की प्रक्रिया पारदर्शी एवं सहभागी है, प्रत्येक फेज की जानकारी सभी मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों एवं मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के वेबसाइट पर उपलब्ध कराया जाता है।

74,329 बूथ लेवल एजेंट नियुक्त, सबसे अधिक भाजपा के
एसआईआर को लेकर मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों द्वारा विभिन्न मतदान केंद्रों पर कुल 74,320 बीएलए-2 नियुक्त किए गए हैं। सबसे अधिक बीएलए-2 भाजपा द्वारा नियुक्त किए गए हैं। आप ने एक भी एजेंट नियुक्त नहीं किया है। वहीं, बसपा ने महज दो एजेंट नियुक्त किए हैं।

सभी मतदान केंद्रों पर बीएलओ एवं बीएलए-2 की एसआईआर के दौरान बैठक की जानी है एवं इस बैठक के फोटो भी बीएलओ ऐप के माध्यम से ऑनलाइन अपलोड किए जाएंगे। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने सभी मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के बीएलए-2 से अपने बीएलओ के कार्यों में सहयोग करने की अपेक्षा की है।

82 प्रतिशत मतदाताओं की हो चुकी है मैपिंग
    कुल मतदाता : 2,64,63,236
    जिन मतदाताओं की हो गई मैपिंग : 2,17,20,731
    जिनकी नहीं हुई है मैपिंग : 47,42,505
    जितने प्रतिशत मतदाताओं की मैपिंग हो चुकी : 82.08 प्रतिशत

किस राजनीतिक दल ने नियुक्त किए कितने बीएलए-2?
आप : 00
बसपा : 02
भाजपा : 28,217
सीपीआईएम : 103
कांग्रेस : 19,153
आजसू पार्टी : 4,596
झामुमो : 19,269
राजद : 2,980
कुल : 74,320

शिकायत के लिए 1950 हेल्पलाइन पर करें संपर्क
निर्वाचन विभाग के अनुसार, एसआईआर से संबंधित किसी भी शिकायत या जानकारी के लिए मतदाता 1950 हेल्पलाइन पर संपर्क कर सकते हैं। इस कॉल सेंटर पर प्रतिदिन औसतन 25 से 30 शिकायतें प्राप्त हो रही है, जिनका त्वरित और प्रभावी ढंग से निस्तारण किया जा रहा है।

 

Leave a Comment

हम भारत के लोग
"हम भारत के लोग" यह वाक्यांश भारत के संविधान की प्रस्तावना का पहला वाक्य है, जो यह दर्शाता है कि संविधान भारत के लोगों द्वारा बनाया गया है और उनकी शक्ति का स्रोत है. यह वाक्यांश भारत की संप्रभुता, लोकतंत्र और लोगों की भूमिका को उजागर करता है.
Click Here
जिम्मेदार कौन
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here
Slide 3 Heading
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here