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मासिक धर्म स्वच्छता को लेकर संकोच दूर करना और व्यापक जागरूकता लाना बेहद आवश्यक: राज्यमंत्री गौर

भोपाल। पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) कृष्ण गौर ने कहा कि मासिक धर्म महिलाओं एवं बेटियों के जीवन की एक अत्यंत स्वाभाविक जैविक प्रक्रिया है, किंतु लंबे समय तक सामाजिक झिझक के कारण इस विषय पर खुलकर चर्चा न होने से अनेक किशोरियों और महिलाओं को सही समय पर स्वच्छता संबंधी आवश्यक जानकारी नहीं मिल पाती थी। स्वस्थ बेटी, जागरूक महिला और आत्मविश्वासी नारी ही समाज की वास्तविक प्रगति का आधार हैं। 

स्वच्छता से स्वास्थ्य, स्वास्थ्य से आत्मविश्वास और आत्मविश्वास से महिला सशक्तिकरण का मार्ग प्रशस्त होता है। इस संदेश को प्रत्येक जरूरतमंद बहन-बेटी तक पहुँचाना हम सभी की सामूहिक सामाजिक जिम्मेदारी है। एक सक्षम बेटी, आत्मनिर्भर नारी और सशक्त मातृत्व ही हमारे लोकतंत्र की सबसे बड़ी ताकत हैं।" पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) कृष्णा गौर भोपाल स्थित गोविंदपुरा क्षेत्र के रत्नागिरी चौराहा, आनंद नगर दशहरा मैदान में आयोजित विशाल सैनिटरी पैड वितरण समारोह को संबोधित कर रही थीं।

कृष्णा सामाजिक एवं सांस्कृतिक संस्था के तत्वावधान में आयोजित जनहितकारी कार्यक्रम में राज्यमंत्री कृष्णा गौर ने लगभग 2,000 महिलाओं को 3 महीने की अवधि के लिए उपयोगी नि:शुल्क सेनेटरी पैड का वितरण किया। उन्होंने कहा कि केवल सैनिटरी पैड उपलब्ध कराना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि इसके सुरक्षित उपयोग, उचित निस्तारण तथा आवश्यकता पड़ने पर स्वास्थ्य विशेषज्ञों से परामर्श लेने के संबंध में व्यापक जनजागरूकता बढ़ाना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने अभिभावकों से बेटियों के साथ स्वास्थ्य संबंधी विषयों पर सहज और खुलकर संवाद स्थापित करने का आह्वान किया।

राज्यमंत्री गौर ने रेखांकित किया कि मध्यप्रदेश सरकार महिलाओं और बेटियों के सम्मान, उन्नति के अवसरों एवं मूलभूत सुविधाओं के विस्तार को सर्वोच्च प्राथमिकता प्रदान कर रही है। समाज सेवा की वास्तविक परिभाषा को परिभाषित करते हुए उन्होंने कहा कि किसी जरूरतमंद तक स्वच्छता सामग्री पहुँचाना, बेटी के मन से झिझक दूर करना और उसे स्वास्थ्य के प्रति सजग बनाना ही सच्ची जनसेवा है। उन्होंने संस्था के सदस्यों एवं सहयोगियों की इस अनुकरणीय पहल की प्रशंसा करते हुए प्रदेश की बेटियों के स्वस्थ एवं उज्ज्वल भविष्य की मंगलकामना की।

 

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