samacharsecretary.com

हरियाणा में खाद की कालाबाजारी से पहले 550 बैग से भरा ट्रक पकड़ा

यमुना नगर.

यमुनानगर में एक ओर जहां किसानों को यूरिया खाद की भारी कमी का सामना करना पड़ रहा है, वहीं दूसरी तरफ खाद माफिया की सक्रियता लगातार बढ़ती नजर आ रही है। ताजा मामले में सदर थाना क्षेत्र के अंतर्गत पुलिस ने एक ट्रक को पकड़कर बड़ी कार्रवाई की है, जिसमें सैकड़ों बैग यूरिया खाद बरामद किया गया है।

मिली जानकारी के अनुसार पुलिस को गुप्त सूचना प्राप्त हुई थी कि एक ट्रक में बड़ी मात्रा में यूरिया खाद को अवैध तरीके से कहीं सप्लाई किया जा रहा है। सूचना के आधार पर जांच अधिकारी अपनी टीम के साथ तुरंत मौके पर पहुंचे और संदिग्ध ट्रक को रोककर उसकी जांच की गई। जांच के दौरान ट्रक में करीब 550 बैग यूरिया खाद बरामद हुआ, जो किसानों की फसलों में उपयोग होने योग्य बताया जा रहा है, लेकिन यह

खाद गलू बनाने के लिए फैक्ट्रीयो में बेचा जाता है 
पुलिस ने जब ट्रक चालक से खाद से संबंधित दस्तावेज और बिल की मांग की तो वह कोई भी वैध कागजात प्रस्तुत नहीं कर सका। जिसके बाद पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए ट्रक को इंपाउंड कर लिया और उसे सदर थाना में खड़ा कर दिया गया।

खाद को अवैध रूप से प्लाई फैक्ट्रियों में बेचा जा रहा
बताया जा रहा है कि इस तरह की खाद को अवैध रूप से प्लाई फैक्ट्रियों में बेचा जा रहा है, जिससे किसानों को खाद की कमी का सामना करना पड़ रहा है। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने कृषि विभाग के अधिकारियों को भी मौके पर बुलाया और पूरे मामले की जांच उनके हवाले कर दी गई है।

ट्रक को कब्जे में लेकर आगे की जांच जारी
जांच अधिकारी ने बताया कि उन्हें सूचना मिली थी, जिस पर तुरंत कार्रवाई करते हुए एक ट्रक को पकड़ा गया है। ट्रक में करीब 550 बैग यूरिया खाद मिला है। फिलहाल खाद की जांच करवाई जा रही है कि यह तकनीकी उपयोग के लिए है या फिर खेती में इस्तेमाल होने वाला है। उन्होंने बताया कि ट्रक चालक कोई भी बिल प्रस्तुत नहीं कर पाया है, इसलिए ट्रक को कब्जे में लेकर आगे की जांच जारी है।
फिलहाल पुलिस यह पता लगाने में जुटी हुई है कि यह खाद कहां से लाई गई थी और इसे कहां सप्लाई किया जाना था। साथ ही इस पूरे नेटवर्क के पीछे किन लोगों का हाथ है, इसकी भी जांच की जा रही है। मामले में आगे और खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।

Leave a Comment

हम भारत के लोग
"हम भारत के लोग" यह वाक्यांश भारत के संविधान की प्रस्तावना का पहला वाक्य है, जो यह दर्शाता है कि संविधान भारत के लोगों द्वारा बनाया गया है और उनकी शक्ति का स्रोत है. यह वाक्यांश भारत की संप्रभुता, लोकतंत्र और लोगों की भूमिका को उजागर करता है.
Click Here
जिम्मेदार कौन
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here
Slide 3 Heading
Lorem ipsum dolor sit amet consectetur adipiscing elit dolor
Click Here