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एशियन कप: आर्म रेसलिंग चैम्पियनशिप के लिए टीम इंडिया की कप्तान बनीं ओनम गाम्नो

नई दिल्ली
प्रो पंजा लीग ने एशियन कप आर्म रेसलिंग चैम्पियनशिप के लिए टीम इंडिया की कप्तान के रूप में अरुणाचल प्रदेश की ओनम गाम्नो और उपकप्तान के रूप में छत्तीसगढ़ के पैरा-एथलीट श्रीमंत झा को नियुक्त किया है। श्रीमंत झा पैरा-आर्म रेसलिंग के जाने-माने खिलाड़ी हैं, जो टीम में समावेश और प्रेरणा के प्रतीक माने जा रहे हैं।

यह नियुक्ति उस समय हुई है, जब अरुणाचल प्रदेश हाल की घटनाओं के चलते देशभक्ति की भावना से सराबोर है। 27 वर्षीय कप्तान ओनम गाम्नो अरुणाचल प्रदेश के ईस्ट सियांग जिले के मेबो थाना क्षेत्र के नगोपोक गांव की रहने वाली हैं। वह देश की सबसे सफल आर्म रेसलर्स में से एक हैं। उन्होंने 2024 में मुंबई में हुए एशियन कप में एक सिल्वर और एक ब्रॉन्ज, 2025 की नेशनल आर्म रेसलिंग चैंपियनशिप में ब्रॉन्ज और 2023 की राष्ट्रीय चैंपियनशिप में दो स्वर्ण पदक जीते थे। उनकी उपलब्धियां पूर्वोत्तर के युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत हैं।

उपकप्तान श्रीमंत झा हाल ही में हंगरी पैरा आर्म रेसलिंग वर्ल्ड कप में रजत पदक जीत चुके हैं। विशेष रूप से सक्षम खिलाड़ियों के लिए वह दृढ़ संकल्प और संघर्ष की मिसाल हैं। उनकी उपस्थिति टीम के नेतृत्व में नई ऊर्जा और मजबूती का संचार करती है। कप्तान ओनम गाम्नो ने कहा, “भारत का प्रतिनिधित्व करना मेरे लिए गर्व की बात है। मेरा हर कदम देश के नाम है। मैं पूरी ताकत से खेलूंगी और तिरंगे को गौरवान्वित करूंगी।”

पीपुल्स आर्म रेसलिंग फेडरेशन ऑफ इंडिया (पीएएफआई) की अध्यक्ष और एशियन आर्म रेसलिंग फेडरेशन (एएएफ) की उपाध्यक्ष प्रीति झंगियानी ने कहा, “ओनम गाम्नो और श्रीमंत झा का चयन भारतीय आर्म रेसलिंग की ताकत, कौशल और जज़्बे का प्रतीक है। ओनम का नेतृत्व और श्रीमंत की प्रेरणादायक यात्रा हमारे मूल्यों—दृढ़ता और एकता—का प्रतिनिधित्व करती है।”

इन नियुक्तियों से न केवल टीम इंडिया की प्रतिस्पर्धात्मक उम्मीदों को बल मिला है, बल्कि यह भी स्पष्ट होता है कि आर्म रेसलिंग एक समावेशी और तेजी से बढ़ता हुआ खेल बन चुका है। पूर्वोत्तर और विशेष रूप से सक्षम समुदाय दोनों का प्रतिनिधित्व करने वाले ये खिलाड़ी खेल जगत में विविधता, अवसर और उत्कृष्टता की नई मिसाल कायम कर रहे हैं।

 

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