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IPL 2026 Auction: ये अनकैप्ड खिलाड़ी बदल सकते हैं टीमों की किस्मत, आर अश्विन ने बताए संभावित सितारे

नई दिल्ली  आईपीएल 2026 का मिनी ऑक्शन मंगलवार को अबू धाबी में होने वाला है। उससे पहले दिग्गज पूर्व ऑफ स्पिनर रविचंद्रन अश्विन ने कुछ ऐसे भारतीय अनकैप्ड खिलाड़ियों के बारे में भविष्यवाणी की है जो नीलामी में अपनी चमक बिखेर सकते हैं। जिन पर फ्रेंचाइजी पैसों की बारिश कर सकती हैं। अश्विन ने दो ऐसे भारतीय विकेटकीपरों के बारे में भविष्यवाणी की है। उन्हें भरोसा है कि इनमें से कम से कम एक तो उम्मीद से ज्यादा पैसे बटोर सकता है। अश्विन ने यूट्यूब पर अपने शो एश की बात में वरिष्ठ खेल पत्रकार विमल कुमार के साथ बातचीत में कार्तिक शर्मा और सलील अरोड़ा का खास तौर पर जिक्र किया, जिन पर नीलामी में फ्रेंचाइजियों की नजर रहने वाली है। इसके अलावा उन्होंने एक और अनकैप्ड खिलाड़ी तुषार रहेजा के लिए भी नीलामी में काफी संभावनाओं की बात की है।   ये पूछने पर कि आर अश्विन को क्या लगता है कि नीलामी में किस खिलाड़ी की ऊंची कीमत लगेगी, उन्होंने कहा, ‘बहुत मुश्किल है। ये कहना बहुत मुश्किल है कि ये जाएगा बहुत पैसों के लिए। लेकिन दो खिलाड़ियों के बीच में मुझे लगता है कि एक महंगा जाएगा। एक है कार्तिक शर्मा और दूसरा है सलील अरोड़ा जो पंजाब का प्लेयर है।’   अश्विन ने आगे कहा, 'सलील अरोड़ा, अभी उसने रन बनाए हैं (सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी के एक मैच में सिर्फ 45 गेंद में 125 रन ठोके थे) और उससे पहले भी बनाए हैं। वो भी विकेटकीपर बल्लेबाज है। इसलिए जो भी टीम कार्तिक शर्मा को मिस करेगा ना, वो सलील अरोड़ा के पीछे भागेगा। या जो सलील अरोड़ा को मिस करेगा, वो कार्तिक शर्मा के पीछे भागेगा। इस ऑक्शन में अनकैप्ड प्लेयर्स का वैल्यू रहेगा। एक और जो प्लेयर का वैल्यू रहेगा वो है तुषार रहेजा। तमिलनाडु का प्लेयर है।'

आचरेकर सर से मिलने के बाद मेरी जिंदगी बदल गयी: आमरे

मुंबई द्रोणाचार्य पुरस्कार विजेता महान कोच रमाकांत आचरेकर के साथ अपनी शुरुआती मुलाकात को याद करते हुए भारत के पूर्व बल्लेबाज प्रवीण आमरे ने कहा कि इससे उनकी जिंदगी बदल गयी थी। आमरे ने यहां एक कार्यक्रम में भारत के कई खिलाड़ियों के कोच रहे आचरेकर के साथ अपनी पहली मुलाकात को याद किया। उन्होंने कहा, ‘‘सब जानते हैं कि मैं अचरेकर सर का छात्र हूं लेकिन कोई नहीं जानता कि उनसे मेरी मुलाकात कैसे हुई। मैं शिवाजी पार्क के बाकी बच्चों की तरह ही क्रिकेट खेलता था। एक दिन मैंने अपने साथियों से कहा कि हमें ‘लेदर’ की गेंद से खेलना चाहिए।’’ ⁠ उन्होंने कहा, ‘‘मैं चप्पल पहनकर अचरेकर सर के पास गया और उनसे पूछा, ‘क्या आप मेरी टीम के खिलाफ एक मैच खेल सकते हैं?’ उन्होंने मुझसे कहा, ‘आपको सफेद वर्दी और जूते पहने हुए 11 खिलाड़ियों के साथ 55 रुपये और एक गेंद देनी होगी।’’ आमरे ने कहा, ‘‘मेरे किसी भी दोस्त के पास इतने पैसे नहीं थे और मैं सिर्फ अपने पिता से ही मदद मांग सकता था। मैंने उस मैच में सिर्फ 10 रन बनाए, लेकिन जब मैं अचरेकर सर को 55 रुपये देने गया, तो उन्होंने कहा, ‘अगर तुम्हें क्रिकेट खेलना है, तो मेरे पास आना।’ तब से मेरी जिंदगी बदल गई।’’ आमरे ने भारत के लिए 11 टेस्ट (425 रन) और 37 एकदिवसीय (513 रन) मैच खेले हैं।  

भारतीय स्टार शेफाली वर्मा बनीं आईसीसी विमेंस प्लेयर ऑफ द मंथ

नई दिल्ली  भारत की सलामी बल्लेबाज शेफाली वर्मा को नवंबर 2025 के लिए 'आईसीसी महिला प्लेयर ऑफ द मंथ' चुना गया है। शेफाली वर्मा ने बीते महीने संपन्न हुए महिला वनडे विश्व कप के फाइनल में साउथ अफ्रीका के खिलाफ यादगार पारी खेली थी। शेफाली ने थाईलैंड की थिपत्चा पुथावोंग और यूएई की ईशा ओझा को पछाड़कर अपना पहला 'प्लेयर ऑफ द मंथ' अवॉर्ड जीता है। शेफाली वर्मा को महिला वनडे विश्व कप में चोटिल प्रतिका रावल के स्थान पर टीम में शामिल किया गया था। शेफाली ने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ सेमीफाइनल मुकाबले में महज 10 रन की पारी खेली, जिसके बाद खिताबी मुकाबले में 78 गेंदों का सामना करते हुए 2 छक्कों और 7 चौकों के साथ 87 रन बनाए। यह वर्ल्ड कप फाइनल में किसी भारतीय महिला ओपनर का सबसे बड़ा स्कोर है। इस शानदार प्रदर्शन के लिए उन्हें 'प्लेयर ऑफ द मैच' चुना गया। आईसीसी की ओर से सोमवार को जारी एक बयान में शेफाली ने कहा, "मेरा पहला आईसीसी महिला क्रिकेट वर्ल्ड कप का अनुभव वैसा नहीं रहा जैसा मैंने सोचा था, लेकिन यह सफर उससे कहीं बेहतर तरीके से खत्म हुआ जैसा मैंने कभी सोचा या कल्पना की थी। मैं शुक्रगुजार हूं कि फाइनल में टीम की सफलता में योगदान दे पाई और पहली बार वर्ल्ड कप जीतने और घरेलू दर्शकों के सामने इतिहास रचने का हिस्सा बन पाई। उन्होंने कहा, "मुझे नवंबर के लिए 'महिला प्लेयर ऑफ द मंथ' चुने जाने पर बहुत गर्व है। मैं यह अवॉर्ड अपनी टीम के साथियों, कोच, परिवार और उन सभी को समर्पित करती हूं जिन्होंने अब तक यात्रा में मेरा साथ दिया है। हम एक टीम के तौर पर जीतते और हारते हैं। यह बात इस अवॉर्ड पर भी लागू होती है।" खराब फॉर्म के बाद शेफाली वर्मा ने भारतीय महिला टीम से अपनी जगह गंवा दी थी, लेकिन विश्व कप में उन्हें गोल्डन चांस मिल गया। इस मौके का भरपूर फायदा उठाते हुए शेफाली वर्मा ने आलोचकों को करारा जवाब दिया। शेफाली अब 21 दिसंबर से विशाखापत्तनम में शुरू होने वाली पांच मैचों की टी20 सीरीज में श्रीलंका के खिलाफ खेलते हुए नजर आएंगी।

भारत दौरे का ग्रैंड फिनाले दिल्ली में, मेस्सी ने जीत लिया फुटबॉल प्रेमियों का दिल

नई दिल्ली लियोनेल मेस्सी के बहुप्रतीक्षित ‘जीओएटी इंडिया टूर’ की शुरुआत भले ही अव्यवस्थित ढंग से हुई हो लेकिन इसका समापन दिल्ली में शानदार तरीके से हुआ जहां प्रशंसक अपने चहेते खिलाड़ी की झलक पाकर खुशी से झूम उठे। प्रशंसकों ने उस शख्स का दीदार किया जो मैदान पर अक्सर ‘बेजोड़’ प्रदर्शन करता है। ⁠ कोलकाता में शनिवार को अराजक शुरुआत के बाद सबसे महत्वपूर्ण बात यह रही कि व्यापक रूप से प्रचारित और बहुप्रतीक्षित इस कार्यक्रम का अंत वैसा ही हुआ जैसा आयोजक चाहते थे कोटला (अरुण जेटली स्टेडियम) की दर्शक दीर्धा में उमड़ी हजारों की भीड़ के साथ ही मैदान के अंदर मौजूद कुछ भारतीय हस्तियां और गणमान्य व्यक्ति दुनिया के सबसे सम्मानित खिलाड़ियों में से एक की मेजबानी के उत्साह में सराबोर थे। प्रशंसक इस खिलाड़ी की अलौकिक प्रतिभा, विनम्रता और उस प्रभाव से अभिभूत थे, जो उन्होंने पिछले दो दशकों में अपने दम पर इस खेल को दिया है। स्पेनिश भाषा में संक्षिप्त संबोधन में मेस्सी ने कहा, ‘‘ग्रासियस दिल्ली! हास्ता प्रोंतो (धन्यवाद दिल्ली, जल्द मिलते हैं)’’। शहर के अधिकांश लोग स्पेनिश भाषा को नहीं समझते लेकिन इसके बावजूद उनके इन शब्दों ने दर्शकों में एक ऐसी ललक और उत्साह पैदा कर दिया जो पहले शायद ही कभी देखा गया हो। मेस्सी ने स्टेडियम पहुंचने के बाद मैदान का एक चक्कर लगाया और सात-सात खिलाड़ियों के मैच को खत्म होते देखा। स्टेडियम में ज्यादातर दर्शक अर्जेंटीना की प्रसिद्ध नीली और सफेद जर्सी ( नंबर 10) पहने हुए थे और लगातार ‘मेस्सी मेस्सी’ का नारा लगा रहे थे। मेस्सी दर्शकों की ओर हाथ हिलाते हुए मुस्कुरा रहे थे। उन्होंने कोलकाता में भी ऐसा करने की कोशिश की थी, लेकिन शनिवार को वह सॉल्ट लेक स्टेडियम में राजनेताओं और उनके सहयोगियों से घिर गये थे। दिल्ली में हालांकि ऐसी स्थिति नहीं थी। मेस्सी को इस दौरान इंटर मियामी टीम के अपने साथी लुइस सुआरेज और रोड्रिगो डी पॉल के साथ स्टैंड्स की ओर गेंद को किक करते हुए देखा गया। इस आयोजन स्थल पर लगभग 25,000 की उपस्थिति दर्ज की गई। मेस्सी ने इस दौरान मिनर्वा अकादमी फुटबॉल टीम का भी सम्मान किया। करीब 30 मिनट के इस कार्यक्रम के अंत में दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता, आईसीसी के अध्यक्ष जय शाह, डीडीसीए के अध्यक्ष रोहन जेटली और भारतीय फुटबॉल टीम के पूर्व कप्तान बाइचुंग भूटिया को मेस्सी से मिलने का सौभाग्य प्राप्त हुआ। मेस्सी इससे पहले अपने दौरे के आखिरी चरण के लिये काफी विलंब से यहां पहुंचे। मुंबई से उनकी उड़ान खराब मौसम के कारण काफी देरी से पहुंची। तीन दिवसीय भारत दौरे के दूसरे दिन मेस्सी मुंबई में थे और उन्हें सुबह 10 बजकर 45 मिनट पर दिल्ली पहुंचना था लेकिन कोहरे के कारण उनकी चार्टर्ड उड़ान में विलंब हुआ। वह दोपहर दो बजकर 30 मिनट पर दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर पहुंचने के बाद सीधे लीला पैलेस होटल चले गये। उन्होंने वहां चुनिंदा लोगों के साथ मुलाकात की।   

ऑलराउंडर की भविष्यवाणी: IPL का इम्पैक्ट प्लेयर नियम ज्यादा दिन नहीं टिकेगा

नई दिल्ली  न्यूजीलैंड के ऑलराउंडर जेम्स नीशम ने साफ शब्दों में कहा है कि आईपीएल और कुछ टी20 लीग में जारी इम्पैक्ट प्लेयर रूल को खत्म कर देना चाहिए। आईएलटी20 में दुबई कैपिटल्स के लिए खेल रहे जेम्स नीशम इस लीग के मैच में इम्पैक्ट प्लेयर के रूप में खेलने उतरे और 16 रन बना सके, जबकि पहले ओवर में 22 रन उन्होंने खर्च कर दिए। वह चाहते हैं कि खिलाड़ियों को तैयारी के लिए समय देने के लिए T20 लीग से यह नियम हटा दिया जाए।   आईपीएल में 2023 से इम्पैक्ट प्लेयर रूल लागू है, जिस पर क्रिकेट एक्सपर्ट का मिला-जुला रिऐक्शन रहा है। टीम इंडिया के पूर्व कोच राहुल द्रविड़, पूर्व कैप्टन रोहित शर्मा और विराट कोहली इम्पैक्ट प्लेयर रूल के खिलाफ नजर आए हैं। उन्होंने कहा था कि इससे ऑलराउंडर्स नहीं पनप रहे, जबकि यह खेल के संतुलन को भी बिगाड़ रहा है। अब जेम्स नीशम ने इस नियम को बकवास बताया है। नीशम का मानना है कि खिलाड़ी इस चीज के लिए तैयार ही नहीं होते हैं, क्योंकि कभी किसी को तो कभी किसी को मौका दे दिया जाता है। दुबई कैपिटल्स द्वारा आयोजित एक बातचीत में जेम्स नीशम ने बताया, “यह एक बेवकूफी भरा नियम है। यह IPL में काम नहीं करता। सच कहूं तो, मुझे नहीं पता कि यह अभी भी क्यों है। यह खिलाड़ियों को गेम के लिए ठीक से तैयारी करने से रोकता है। अगर आपको लगता है कि आप नहीं खेल रहे हैं, तो आप गेम से पहले कभी भी ठीक से ट्रेनिंग नहीं कर सकते, क्योंकि इस बात का चांस रहता है कि आपको आखिरी मिनट में प्लेइंग XI में शामिल किया जा सकता है। इसलिए, आप सच में अपने गेम को डेवलप नहीं कर सकते।” उन्होंने आगे कहा, "यह खिलाड़ियों को गेम के उन हिस्सों पर काम करने से रोकता है जिनमें वे अच्छे नहीं हैं। इसका मतलब है कि आप एक खराब फील्डर हो सकते हैं और इससे कोई फर्क नहीं पड़ता। इसलिए, मुझे लगता है कि कुल मिलाकर, यह एक बेकार नियम है। उम्मीद है, यह जल्द ही खत्म हो जाएगा। उदाहरण के लिए, अगर आप एक युवा क्रिकेटर हैं, तो आप अपनी फील्डिंग पर काम क्यों करेंगे? क्योंकि अगर आप एक खराब फील्डर हैं, तो आप बस फील्डिंग नहीं करेंगे। आप बस मैदान से बाहर चले जाएंगे। यह बेवकूफी भरा नियम है।" 100 टी20 इंटरनेशनल मैच खेलने के करीब पहुंच चुके जेम्स नीशम दुनिया की तमाम टी20 लीग्स में खेलते हैं और करीब 30 टीमों के लिए वे अलग-अलग लीग्स में खेल चुके हैं। उन्होंने इंटरनेशनल क्रिकेट को लेकर कहा, "ठीक है, अब मैं 35 साल का हो गया हूं, तो एक तरह से अपने करियर के आखिरी दौर में हूं। फरवरी में T20 वर्ल्ड कप आने वाला है, जो शायद मेरा आखिरी इंटरनेशनल असाइनमेंट होगा और उसके बाद, बस शेड्यूल मैनेज करना है, अपनी बॉडी को मैनेज करना है, आखिरी समय में ज्यादा से ज्यादा मैच खेलने की कोशिश करनी है और ज्यादा से ज्यादा टीमों के लिए योगदान देने की कोशिश करनी है।"  

सिर्फ 163 पारियां और 300 छक्के! अभिषेक शर्मा ने टी20 में तोड़ा भारतीय रिकॉर्ड

नई दिल्ली  टी20 इंटरनेशनल में दुनिया के नंबर एक बल्लेबाज अभिषेक शर्मा ने छक्के जड़ने के मामले में नया रिकॉर्ड बनाया है। वह टी20 में सबसे तेजी से 300 छक्के जड़ने वाले भारतीय बल्लेबाज बन चुके हैं। दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ एक दिन पहले हुए तीसरे टी20 इंटरनेशनल मैच में शर्मा के पास सबसे तेजी से 300 छक्के जड़ने वाले भारतीय बनने के लिए 3 सिक्स की जरूरत थी। शर्मा ने चेज करते हुए महज 5वें ओवर में ही ये रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया। उन्होंने ओट्टेनिल बार्टमैन के उस ओवर की पहली ही गेंद पर छक्का जड़कर टी20 में 300 सिक्स का कारनामा कर दिया।   अभिषेक शर्मा से पहले टी20 में सबसे तेजी से 300 छक्के जड़ने का रिकॉर्ड केएल राहुल के नाम था। राहुल ने 205 टी20 पारियों में 300 छक्कों का आंकड़ा छुआ था लेकिन अभिषेक शर्मा ने सिर्फ 163 पारियों में ये कारनामा कर दिखाया है। टी20 में सबसे कम पारियों में 300 छक्के जड़ने वाले भारतीयों में सूर्यकुमार यादव दूसरे नंबर पर थे और अब वह खिसककर तीसरे नंबर पर पहुंच गए हैं। यादव ने 251वीं पारी में 300 छक्के के आंकड़े को छुआ था। अभिषेक शर्मा ने सिर्फ 163 टी20 पारियों में 300 छक्के जड़ दिए हैं टी20 में सबसे ज्यादा सिक्स का रिकॉर्ड यूनिवर्स बॉस के नाम से मशहूर क्रिस गेल के नाम है। उन्होंने 455 पारियों में 1056 छक्के जड़े हैं। वह टी20 में 1000 छक्के जड़ने वाले पहले और अब तक के इकलौते बल्लेबाज हैं। वेस्टइंडीज के ही कायरन पोलार्ड 644 टी20 पारियों में 971 छक्के जड़ चुके हैं और वह टी20 में सबसे ज्यादा छक्के जड़ने के मामले में गेल के बाद दूसरे नंबर पर हैं। टी20 में सबसे ज्यादा छक्के जड़ने वाले भारतीय की बात करें तो ये रिकॉर्ड रोहित शर्मा के नाम है। उन्होंने टी20 की 450 पारियों में 547 छक्के जड़े हैं। दूसरे नंबर पर विराट कोहली हैं जिन्होंने 397 पारियों में 435 छक्के जड़े हैं। तीसरे नंबर पर सूर्यकुमार यादव हैं जिन्होंने 319 टी20 पारियों में 395 छक्के जड़े हैं। संजू सैमसन भारतीयों में चौथे नंबर पर हैं जिन्होंने 302 पारियों में 368 छक्के जड़े हैं।  

नई गेंद ने बिगाड़ा खेल, भारतीय गेंदबाजों को लेकर मार्करम का बड़ा बयान

नई दिल्ली  दक्षिण अफ्रीका के कप्तान एडेन मार्करम ने तीसरे टी20 मैच में मिली हार के बाद कहा कि भारत के नई गेंद के गेंदबाजों ने उनके लिये दिक्कतें खड़ी की और उनके बल्लेबाज तेजी से रन नहीं बना सके। भारत के अर्शदीप सिंह और हर्षित राणा ने पहले चार ओवर के भीतर दक्षिण अफ्रीका के तीन विकेट उस समय निकाल दिये जब स्कोर बोर्ड पर सात रन ही टंगे थे। इन झटकों से मार्करम की टीम उबर नहीं सकी और 117 रन बनाने के बाद सात विकेट से हार गई। मार्करम ने मैच के बाद कहा, ‘उन्होंने सही जगहों पर गेंद डाली। अर्शदीप ने उम्दा गेंदबाजी की। उनके नयी गेंद के दोनों गेंदबाजों ने बहुत अच्छा प्रदर्शन किया।’ उन्होंने कहा, ‘आपको अनुकूल हालात मिल सकते हैं लेकिन आखिर में गेंदबाजों को सही जगहों पर गेंद डालनी होगी और उन्होने वही किया। उन्हें इसका श्रेय दिया जाना चाहिये। पहली गेंद से ही उन्होंने हमारे लिये मुश्किलें खड़ी की।’ मार्करम ने स्वीकार किया कि हालात चुनौतीपूर्ण थे लेकिन यह भी कहा कि टीम को इसके अनुकूल ढलना होगा। उन्होंने कहा, ‘हालात कठिन थे लेकिन हमें इसके अनुरूप ढलना होगा। मौसम ठंडा था जिसका असर पड़ा लेकिन इससे कोई समस्या नहीं होनी चाहिये। कम स्कोर वाले मैच भी रोमांचक हो सकते हैं।’  

बुमराह बचेंगे बाहर? BCCI ने दिया बड़ा संकेत, आख़िरी 2 T20 मैचों पर क्या कहा?

नई दिल्ली  टीम इंडिया के मुख्य तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह रविवार 14 दिसंबर को धर्मशाला में साउथ अफ्रीका के खिलाफ खेले गए तीसरे टी20 मैच में नहीं खेले। इसके पीछे का कारण ये था कि वे निजी कारणों से धर्मशाला से सीधे घर चले गए थे। इसी वजह से वे सिलेक्शन के लिए उपलब्ध नहीं थे। अब सवाल ये है कि क्या वे सीरीज के बाकी बचे दो मैचों में उपलपब्ध होंगे? इसका जवाब अभी किसी के पास नहीं है, क्योंकि भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड यानी बीसीसीआई ने एक बयान में कहा कि वह बाकी सीरीज के लिए उनकी उपलब्धता के बारे में 'सही समय पर' पर अपडेट दिया जाएगा।   साउथ अफ्रीका के खिलाफ पांच मैचों की टी20 सीरीज के तीसरे मुकाबले में टॉस के बाद सूर्यकुमार यादव ने बताया था कि जसप्रीत बुमराह निजी कारणों के चलते टीम से बाहर हो गए हैं। वहीं, कुछ देर बाद बीसीसीआई ने जानकारी देते हुए बताया था, "जसप्रीत बुमराह निजी कारणों से घर लौट गए हैं और गेम के लिए उपलब्ध नहीं रहेंगे। बाकी मैचों के लिए उनके स्क्वॉड में शामिल होने के बारे में अपडेट सही समय पर दिया जाएगा।" इससे साफ है कि शायद आगे के मैचों में भी उनकी उपलब्धता पर संदेह होगा। पांच मैचों की टी20 सीरीज का चौथा मुकाबला लखनऊ में 17 दिसंबर को है, जबकि 19 दिसंबर को आखिरी मुकाबला अहमदाबाद में है। थोड़ा सा वक्त और चाहिए होगा तो वे लखनऊ के मैच को मिस कर सकते हैं और अपने होम ग्राउंड पर आखिरी मैच खेल सकते हैं। हालांकि, आधिकारिक तौर पर अभी तक बीसीसीआई या जसप्रीत बुमराह ने कुछ नहीं कहा है। दो बदलाव हुए थे टीम में धर्मशाला टी20 मैच के लिए दो बदलाव भारतीय टीम को करने पड़े। जसप्रीत बुमराह के अलावा अक्षर पटेल को भी प्लेइंग इलेवन से बाहर किया गया था, क्योंकि वे ठीक नहीं थे। उनकी जगह हर्षित राणा और कुलदीप यादव को प्लेइंग इलेवन में शामिल किया गया था। बुमराह की जगह आए हर्षित राणा ने कमाल की गेंदबाजी की, जबकि कुलदीप यादव ने भी टीम इंडिया को दो विकेट दिलाए। हर्षित ने पहले ही ओवर में सफलता हासिल की थी और दो विकेट कुल उनको मिले।  

हार्दिक पंड्या का ऐतिहासिक शतक, T20 में 1000 रन और 100 विकेट पूरे कर रचा इतिहास

मुंबई  भारत-साउथ अफ्रीका के बीच तीसरा टी20 मैच धर्मशाला में खेला गया. इस मुकाबले में स्टार ऑलराउंडर हार्दिक पंड्या ने टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में एक और ऐतिहासिक उपलब्धि अपने नाम कर ली है. हार्दिक अब पुरुष टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में 1000 से ज्यादा रन बनाने और 100 से ज्यादा विकेट लेने वाले दुनिया के पहले तेज गेंदबाज बन गए हैं. यह रिकॉर्ड उन्हें न सिर्फ भारत बल्कि विश्व क्रिकेट में एक खास मुकाम दिलाता है. अब तक यह कारनामा सिर्फ स्पिन ऑलराउंडरों ने ही हासिल किया था. बांग्लादेश के शाकिब अल हसन, अफगानिस्तान के मोहम्मद नबी और जिम्बाब्वे के सिकंदर रजा पहले ही टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में 1000+ रन और 100+ विकेट का डबल पूरा कर चुके हैं. हार्दिक पंड्या इन तीनों के बाद यह उपलब्धि हासिल करने वाले चौथे खिलाड़ी हैं, लेकिन तेज गेंदबाजों में वह इस सूची में अकेले हैं. 100 टी20 विकेट लेने वाले तीसरे भारतीय इसके साथ ही हार्दिक पंड्या भारत के लिए 100 टी20 अंतरराष्ट्रीय विकेट लेने वाले तीसरे पुरुष गेंदबाज भी बन गए हैं. उनसे पहले यह उपलब्धि सिर्फ अर्शदीप सिंह और जसप्रीत बुमराह ने हासिल की थी. अर्शदीप सिंह के नाम 112 विकेट हैं, जबकि जसप्रीत बुमराह ने 101 विकेट पूरे किए हैं. हार्दिक पंड्या की यह उपलब्धि उनकी ऑलराउंड क्षमता को दर्शाती है. वह निचले क्रम में तेज रन बनाने की काबिलियत रखते हैं और जरूरत पड़ने पर टीम के लिए अहम विकेट भी निकालते हैं.  100 छक्के भी पूरे किए इस सीरीज के पहले मैच में हार्दिक पंड्या ने टी20 में अपने 100 छक्के भी पूरे किए थे. वो रोहित-कोहली के क्लब में शामिल हुए थे. भारत के लिए टी20 में सबसे ज्यादा छक्के लगाने का रिकॉर्ड रोहित शर्मा के पास है. उन्होंने 205 छक्के लगाए हैं. वहीं, दूसरे नंबर पर सूर्या आते हैं जिन्होंने 155 छक्के लगाए हैं. विराट कोहली 124 छक्के लगा चुके हैं. अब इस लिस्ट में अगला नंबर हार्दिक का है. जिनके नाम 100 से ज्यादा छक्के हैं. केएल राहुल के 99 छक्के हैं.

भारत ने स्क्वॉश वर्ल्ड कप 2025 जीता, हॉन्ग कॉन्ग को हराकर अनाहत सिंह ने चमकाया नाम

नई दिल्ली भारतीय स्क्वॉश टीम ने इतिहास रचते हुए स्क्वॉश वर्ल्ड कप 2025 का खिताब अपने नाम कर लिया है. चेन्नई के एक्सप्रेस एवेन्यू मॉल में रविवार को खेले गए फाइनल मुकाबले में भारत ने हॉन्ग कॉन्ग को हराकर पहली बार यह ट्रॉफी जीती. 17 वर्षीय अनाहत सिंह ने निर्णायक जीत दर्ज कर भारत की ऐतिहासिक सफलता पर अंतिम मुहर लगाई. पहली बार भारत बना चैम्पियन यह भारत का पहला स्क्वॉश वर्ल्ड कप खिताब है. इससे पहले भारत का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन 2023 संस्करण में कांस्य पदक रहा था. दूसरी वरीयता प्राप्त भारतीय टीम ने पूरे टूर्नामेंट में एक भी मैच नहीं गंवाया, जो उसकी शानदार लय और दबदबे को दर्शाता है. ऐसे रहा भारतीय टीम का प्रदर्शन ग्रुप चरण में भारत ने स्विट्जरलैंड और ब्राज़ील को 4-0 से हराया. इसके बाद क्वार्टर फाइनल में साउथ अफ्रीका और सेमीफाइनल में दो बार की चैंपियन मिस्र को 3-0 से मात देकर भारत ने फाइनल में जगह बनाई.  फाइनल मुकाबले में अनुभवी खिलाड़ी जोशना चिनप्पा ने भारत को शानदार शुरुआत दिलाई. महिला सिंगल्स में उन्होंने वर्ल्ड नंबर 37 ली का यी को 3-1 से हराया. इसके बाद पुरुष सिंगल्स में भारत के शीर्ष रैंक खिलाड़ी अभय सिंह ने एलेक्स लाउ को 3-0 से शिकस्त देकर भारत को 2-0 की बढ़त दिला दी. अनाहत सिंह का दिखा जलवा खिताबी मुकाबले में 17 वर्षीय अनाहत सिंह ने दबाव में बेहतरीन खेल दिखाया. उन्होंने वर्ल्ड नंबर 31 टोमाटो हो को 3-0 से हराकर भारत के लिए ऐतिहासिक जीत पक्की कर दी. इसके बाद पुरुष सिंगल्स का आखिरी मैच खेलने की जरूरत ही नहीं पड़ी. इस जीत के साथ भारत ऑस्ट्रेलिया, इंग्लैंड और मिस्र के बाद स्क्वॉश वर्ल्ड कप जीतने वाला चौथा देश बन गया. यह टूर्नामेंट लगातार तीसरी बार चेन्नई में आयोजित हुआ. स्क्वॉश अब 2028 लॉस एंजेलिस ओलंपिक में अपना डेब्यू करने जा रहा है.